Poetry
Between Silence and Song
- Author Name:
Shailika Sinha
-
Book Type:

- Description:
If you long for stillness in a world that won't slow down, or a voice that feels like your own - soft, steady, known - Between Silence and Song will meet you where you are. With warmth in every word, and strength in every silence, this collection holds space for your breath, your ache, your becoming.
Between Silence and Song
Shailika Sinha
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Bharat Gatha
- Author Name:
Raj Khanna
-
Book Type:

- Description:
ध्रुव तारा इस आसमान पर समाधि लगाए है श्रवण अपनी वेहंगी में मात-पिता उठाए है सिंहासन आसीन पादुका प्रेरणा स्रोत है भरत राम से लौट आने का कर रहे अनुरोध हैं मुरली से मन हरने वाला, सुनाता है भगवद् गीता दांडी के पथ चलने वाला, बन जाता है राष्ट्र-पिता देवाशीष से धन्य है, नीर यहाँ की नदियों का रिश्ता है नबियों का, संस्कृतियों से सदियों का पंचायतों का आसन है, प्रांतों का शासन है अशोक स्तंभ से सुसज्जित, संसद का सिंहासन है जन जननी को समर्पित, राष्ट्रीय गान और गीत हैं हिमाद्रि की अनुगूँज में, गोदावरी का संगीत है राष्ट्रीय समर स्मारक में सेना के वो नायक हैं जिन के बलिदान भारत निर्माण निर्णायक हैं
Bharat Gatha
Raj Khanna
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Beyond Thoughts: An Exploration Of Who We Are Beyond Our Minds
- Author Name:
Joseph Nguyen
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Book Type:

- Description:
‘Beyond Thoughts’ is a poetry collection that explores the root cause of anxiety, depression, guilt, shame, negative thinking, and emotional suffering to help you heal. This book will take you on a beautiful journey of self-discovery, self- love, happiness, hope, and deep healing to help you find inner peace in a simple, yet profound way. Here’s what you’ll discover: How to let go of negative thinking, anxiety, guilt, and shame How to hold space for yourself and all emotions so that you are less affected by them How to heal from the past and let go of the fear of the future How to end the vicious cycle of self-judgment How to love yourself and others unconditionally How to find yourself and discover who you truly are How to let go of self-limiting beliefs How to find happiness and peace in the present moment no matter what you are going through How to trust yourself and develop strength, confidence, and courage in yourself again How to become conscious of the subconscious, so that it stops controlling you and you can finally be liberated How to not only be okay in the unknown, but to thrive in it to create an abundant life filled with love and joy There is something within you that is greater than everything you’ve ever been through. There is a deep part of you that knows this, which is what drew you here. Beyond everything you think is your true essence that has been patiently waiting to be discovered. Welcome home.
Beyond Thoughts: An Exploration Of Who We Are Beyond Our Minds
Joseph Nguyen
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Badal Badal Pyas
- Author Name:
Manish Badal
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Book Type:

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मात्र दो पंक्तियों में जीवन का सार लिख देना दोहा है । प्रिय मनीष, परमात्मा की कृपा से आप इस कला में सिद्ध हैं, आपके दोहे सरस, सरल, सार्थक और उपयोगी होते हैं। - आशुतोष राना, फ़िल्म अभिनेता ‘बादल-बादल प्यास' के इन दोहों में जीवन अपनी व्यापकता के साथ अनेक रंगों में प्रस्तुत हुआ है। परंपरा और आधुनिकता का अद्भुत समन्वय इन्हें आत्मीय बनाता है। - हरेराम समीप, वरिष्ठ साहित्यकार लेखक के इस ग्रंथ के साथ संवेदना की शक्ति तो है ही, उस पर सोने पर सुहागा यह कि उनका छंद पर विशेषाधिकार है। ये इस ग्रंथ की दो सशक्त भुजाएँ हैं। -डॉ विकास दवे, निदेशक, साहित्य अकादमी, मध्यप्रदेश शासन इन दोहों में एक कबीर साँस लेता है, एक रहीम दिल की तरह धड़कता है। उनका रौशन ज़ेहन युगीन परिस्थितियों के चप्पे-चप्पे पर निगाह रखता है। -यश मालवीय, सुप्रसिद्ध गीतकार 'बादल-बादल प्यास' में भिन्न-भिन्न रसों और रंगों के दोहे हैं जो आम पाठकों की जुबान पर चढ़ेंगे, लोग उन्हें गुनगुनाएंगे, उनको कोट करेंगे। - यशपाल शर्मा, फ़िल्म अभिनेता मुझे पूरा विश्वास है कि 'बादल - बादल प्यास' न केवल 'बादल-बादल बूँद' बनकर आप पाठकों के अतृप्त मन की प्यास बुझाने में सफल होगी बल्कि आपके बुक शेल्फ़ की शोभा भी बढ़ाएगी। - राजीव वर्मा, वरिष्ठ रंगकर्मी एवं फ़िल्म अभिनेता जिस उद्देश्य से मनीष यह पुस्तक लेकर आ रहे हैं, वह उद्देश्य अवश्य पूर्ण होगा, पाठकगण इसे सराहेंगे, पाठकों का दोहों के प्रति लगाव बढ़ेगा। - आलोक संजर, पूर्व सांसद एवं विचार प्रवाहक
Badal Badal Pyas
Manish Badal
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Bal Ramayan
- Author Name:
Pani Pankaj Pandey
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Book Type:

- Description:
रामायण केवल धर्मग्रंथ ही नही अपितु जीवन ग्रंथ है। प्रेम, पराक्रम, नीति, धर्म, मर्यादा और मानव मूल्यों का जो आदर्श रामायण में स्थापित है वह अन्यत्र कहीं भी दुर्लभ है। उन्ही शाश्वत आदर्शों, गुणों और संस्कारों का सरल, सरस, संक्षिप्त काव्य रूप है - बाल रामायण । संपूर्ण रामायण का यह अनुपम काव्य रूपांतरण सभी वर्ग के पाठकों, विशेषकर बच्चों और युवाओं के लिए, एक अनुपम उपहार है। यह एकमात्र उपलब्ध कृति है जिसमें संपूर्ण रामायण को उसके भाव और संस्कारों को अक्षुण्ण रखते हुए इतने सरल रूप में प्रस्तुत किया गया है। कि पाठकगण समय की अल्पता में भी, अर्थ और भाव के लिए अधिक प्रयास किए बिना ही जीवनोपयोगी मानव मूल्यों और सफलता के सूत्रों को सरलता से ग्रहण कर सकेंगे। माता-पिता अपने बच्चों को इस बाल रामायण की प्रति भेंट कर उनके अंदर संस्कारों का बीज रोपित करते हुए रामायण के आदर्शों से अवश्य परिचित कराएंगे और लेखक के इस प्रयास में सहभागी बनेंगे, इसी कामना के साथ यह बाल रामायण आप सभी को निवेदित है।
Bal Ramayan
Pani Pankaj Pandey
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Aur Fir Deewangi
- Author Name:
Kanhaiyalal Tamrakar
-
Book Type:

- Description:
कन्हैया की सूफ़ी ग़ज़लें ग़ज़लगोई में जहां एक तरफ़ शिल्प है, वहीं इस विधा के समृद्ध इतिहास के न्यायोचित निर्वहन की भी चुनौतियां हैं। लेकिन इसमें अभिव्यक्ति की सुविधाएं भी हैं, उदाहरणार्थ, पूरी ग़ज़ल की ज़मीन एक ही विचार पर टिकी हो यह संभव है किन्तु अनिवार्य नहीं। फुटकर अशआर और ग़ज़ल के चंद अशआर भी पुख़्ता ख़्यालबंदी कर सकते हैं । कन्हैया की ग़ज़लें घर, मैत्री, प्रेम, बुज़ुर्गों की नेकनीयत, सूफ़ीपन और विस्तार का अवलोकन जहां-तहां करती हैं। इसमें प्रेम उर्दू के शब्दों की तरह इधर-उधर करीने और खूबसूरती से छिड़का गया है, लेकिन यारबाशी, गुज़रे ज़माने, नसीहत भी रह-रहकर अशआर में नमूदार होते रहते हैं। इन ग़ज़लों में भाषा, शिल्प और कथन को लेकर कोई ज़िद नहीं है, ये सहज हैं और सरल, मानो कोई बटोही जीवन के रहस्य और अनुभव गुनगुनाते हुए सहसा ही लोगों से साझा करता जा रहा हो। संग्रह में सूफ़ीपन की मिठास है। -निशांत कौशिक युवा कवि नश्वर तन को तजकर निर-आकार हो गये ‘कन्हैया’ वजूद मिट गया दिल मानता नहीं
Aur Fir Deewangi
Kanhaiyalal Tamrakar
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Brahmahuti: Mera Prem Swikar Karo
- Author Name:
Amit Joshi
-
Book Type:

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मधुवन में भाँति भाँति के फूल खिले रंग रूप में एक नहीं चाल ढाल से अलग थलग एक धरा से जुड़े मगर एक साथ ये पले बढ़े फिर जग क्यूँ मेरे तेरे में जिया करे जाति, धरम में अलग अलग बोली, करम में अलग अलग ये मुझसे, वो तुझसे ये ज़्यादा ज़्यादा, वो थोड़ा कम ये तेज़ बड़ा, वो मध्यम ये धनवान बड़ा, वो निर्धन अपने पराये से ऊपर उठकर तुम हर जीवन को खुशहाल करो अपनत्व का भाव जगा कर तुम हर जीवन में, समान अधिकार भरो मेरा प्रेम स्वीकार करो मेरा प्रेम स्वीकार करो
Brahmahuti: Mera Prem Swikar Karo
Amit Joshi
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Boond-Boond Mein Pyaas: Gazal-Sangrah
- Author Name:
Abhishek Jain 'Abodh'
-
Book Type:

- Description:
ज़रा मुश्किल नहीं आई, पसीना छूट जाता है। भरोसा मत करो इतना, यकीनन टूट जाता है ।। निभाई खूब थी यारी, सदा व्यापार में मैंने । उधारी में दिया पैसा, जमाना लूट जाता है ।। बड़ा माहिर खिलाड़ी था, सफाई हाथ में उसके । नहीं जब वक्त अच्छा हो, सिपाही कूट जाता है । बड़े ही प्यार से पाला, हृदय के चंद टुकड़ों को । ज़रा से पर निकल आए, घरौंदा छूट जाता है ।। उछाला मत करो कीचड़ किसी के पाक दामन पर । बिना आवाज़ के अक्सर यहाँ दिल टूट जाता है ।। बड़ा सीधा, बड़ा भोला, बड़ा नादान था ये मन । जला हो दूध से कोई पिया ना घूँट जाता है ।।
Boond-Boond Mein Pyaas: Gazal-Sangrah
Abhishek Jain 'Abodh'
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Banwaas
- Author Name:
Shakeel Azmi
-
Book Type:

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जंगल हमारा आबाई वतन है। हज़ारों बरस पहले जब ज़मीन पर इन्सानी ख़ून और बारूद की लकीरें नहीं खींची गई थीं, जब न मुल्क थे न शह्र थे, न रियासतें थीं, तब स़िर्फ ज़मीन थी, जंगल थे और हम थे। जंगल हमारी रगों में ख़ून के साथ बह रहे हैं वो हमें पुकारते हैं, अपनी तख़रीब की फ़रियाद करते हैं, लेकिन हम ये आवाज़ अनसुनी कर देते हैं। शकील आज़मी ने ये आवाज़ सुनी है और अपने लफ़्ज़ों में इस आवाज़ की तस्वीर भी बनाई है और तस्वीर को गुफ़्तगू का हुनर भी अता किया है। -जावेद अ़ख्तर
Banwaas
Shakeel Azmi
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Blessed With A Broken Heart: A Collection of Poems
- Author Name:
Sanaya Y Irani
-
Book Type:

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There’s Hope in Silent Moments, There’s Peace in Not Knowing, There’s Moving on and Revenge, There’s Maturity in Growing. There’s Failure in Doubt, There’s Opportunity in Fear, There’s Wisdom Around the Corner, There’s Truth That’s Crystal Clear. There’s Tons to See in Life, And Maybe None for Free at All, But There’s No Way You Can Fly, If You’re Too Afraid To Fall.
Blessed With A Broken Heart: A Collection of Poems
Sanaya Y Irani
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Bheegi Bheegi Do Aankhein: Gazal Sangrah
- Author Name:
Devesh Kumar 'Dev'
-
Book Type:

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हम पर ख़ूब लुटाते, अपना प्यार हमारे बाबूजी। पल-पल करते ख़ुशियों की, बौछार हमारे बाबूजी॥ हमने जो फ़रमाइश कर ली, केवल एक खिलौने की। घर में लाकर रख देते, बाज़ार हमारे बाबूजी॥ दुख तकलीफ़ें आना भी, चाहें तो कैसे आ पातीं। बीच खड़े थे बनकर इक, दीवार हमारे बाबूजी॥ राह निकल जाते, तो झुक जाता था, हर सर इज़्ज़त से। बस्ती में इतने थे, इज़्ज़तदार हमारे बाबूजी॥ मर जाना मंज़ूर उन्हें था, झुक जाना मंज़ूर नहीं। माँ कहती है ऐसे थे, ख़ुद्दार हमारे बाबूजी॥ अम्मा जब बीमार पड़ी, तो सेवा करते नहीं थके। हालाँकि सेहत से थे, लाचार हमारे बाबूजी॥ बेटी जब डोली में बैठी, साहस उनका टूट गया । जीवन में रोये थे बस, इक बार हमारे बाबूजी॥ कोई मुश्किल कोई अड़चन, उनसे जीत नहीं पाई । मौत तुझी से मान गये थे, हार हमारे बाबूजी॥ जब तुम थे होली होली थी, दीवाली दीवाली थी। अब जाते हैं सूने हर, त्यौहार हमारे बाबूजी॥ तुम कैसे हो उस दुनिया में, जन्नत जिसको कहते हैं। भेजो कोई चिट्ठी, कोई तार हमारे बाबूजी॥ बरसों बीत गये हैं लेकिन अब भी ऐसा लगता है। उस कमरे में बैठे हैं, तैयार हमारे बाबूजी॥
Bheegi Bheegi Do Aankhein: Gazal Sangrah
Devesh Kumar 'Dev'
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Charag
- Author Name:
Waseem Barelvi
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Book Type:

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वसीम बरेलवी की रचनायें खास व आम दोनों ही तरह के लोगों की ज़बान पर रहते हैं I इनकी इन्हीं रचनाओं का संकलन है चराग I आसान और आम फ़हम ज़बान का इस्तेमाल कर वसीम की शायरी सभी का दिल जीत लेती है I चराग में वसीम बरेलवी अपना जुड़ाव इस युग, माहौल और मिट्टी से भरपूर दर्शाते हैं I वह सिर्फ़ काल्पनिक दुनिया की बातें नहीं करते बल्कि अपने आस-पास से पूरी तरह बाख़बर रहते हैं और जदीद मौजूआत, अर्थात समकालीन समस्याओं और घटनाओं पर पूरी नज़र रखते हुए इन्हें अपनी शायरी का हिस्सा बनाते हैं I
Charag
Waseem Barelvi
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Duniya Jise Kehte Hain
- Author Name:
Nida Fazli
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Book Type:

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निदा फ़ाज़ली उन दिनों से हिन्दी पाठकों के प्रिय हैं, जिन दिनों हिन्दी के पाठक मीर, ग़ालिब, इकबाल फ़िराक़, आदि के अलावा शायद ही किसी नये उर्दू शायर को जानते हों। आठवें दशक के आरम्भ में ही उनके अनेक शेर हिन्दी की लाखों की संख्या में छपने वाली पत्रिकाओं धर्मयुग, सारिका आदि के माध्यम से हिन्दी पाठकों के बीच लोकप्रिय हो चुके थे और अधिकांश हिन्दी पाठक उन्हें हिन्दी का ही कवि समझते थे। 'दुनिया जिसे कहते हैं', में उनकी प्रसिद्ध और प्रतिनिधि ग़ज़लों और नज़्मों को शामिल किया गया है। बहुत-सी रचनाएँ हिन्दी के पाठकों को पहली बार पढ़ने को मिलेंगी। प्रयास किया गया है कि उनकी श्रेष्ठ रचनाओं का एक प्रामाणिक संकलन देवनागरी में सामने आए।
Duniya Jise Kehte Hain
Nida Fazli
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Ek Hi Chehra Tha Ghar Mein
- Author Name:
Khushbir Singh Shaad
-
Book Type:

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कहने को एक आईना टूट बिखर गया लेकिन मिरे वजूद को किरचों से भर गया मैं जाने किस ख़याल के तनहा सफ़र में था अपने आहूत करीब से होकर गुज़र गया इक आशना से दर्द ने चौंका दिया मुझे मैं तो समझ रहा था मिरा ज़ख्म भर गया शायद कि इन्तजार इसी पल का था उसे कश्ती के डूबते ही वो दरिया उतर गया मुद्दत से उसकी छाँव में बैठा नहीं कोई इस सायादार पेड़ इसी ग़म में मर गया खुशबीर सिंह 'शाद' का कलाम उर्दू के अदबी हलकों में दिलचस्पी से पढ़ा जा रहा है। एक ज़माना था जब मुशायरों में कुबूले-आम मेयार की सनद हुआ करता था लेकिन अगर किसी का क़लाम समाईन को भी मुतासिर करें और क़ारीन को भी मुतवज्जा करने में कामयाब हो तो उसका इस्हाक़ मुसल्लम हो जाता है। - गोपीचंद नारंग.
Ek Hi Chehra Tha Ghar Mein
Khushbir Singh Shaad
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Do Kadam Aur Sahi
- Author Name:
Rahat Indori
-
Book Type:

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रोज़ तारों को नुमाइश में खलल पड़ता है चाँद पागल है, अँधेरे में निकल पड़ता है उसकी याद आई है साँसों ज़रा आहिस्ता चलो धड़कनो से भी इबादत में खलल पड़ता है राहत इंदौरी ने उर्दू शायरी को अवाम में मक़बूल बनाया है, वो अदब के रुख-ओ-रफ़्तार से वाक़िफ़ हैं. - अली सरदार जाफ़री राहत इंदौरी के पास लफ़्ज़ों से तस्वीरकशी कर देने का अनोखा हुनर हैं, में उसके इस हुनर का फैन हूँ. - एम. एफ. हुसैन रा से राम है, रा से राहत है, राम वही है जो राहत दे, जो आहात करता है वो रावण होता है. राहत साहब की शायरी में राहत है, में उनके अंदाज़ को सलाम करता हूँ. - मुरारी बापू डॉ. राहत इंदौरी के कलाम बरजस्तगी, मआनी आफ़रीनी और दौर-ए-हाज़िर का अक्स है. उनका वजूद उर्दू शेर-ओ-सुखन और उर्दू ज़बान के लिए बड़ा क़ीमती तोह्फ़ा है. - दिलीप कुमार राहत इंदौरी के पास अपने युग की साडी कड़वाहटों और दुखों को खुलकर बयां कर देने की बेपनाह ताक़त है, वो बेजान शब्दों को भी छूते हैं तो उनमें धड़कन पैदा हो जाती है. - प्रो. अज़ीज़ इंदौरी
Do Kadam Aur Sahi
Rahat Indori
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Ek Sau Solah Chand ki Ratein
- Author Name:
Vijay Bhadauria
-
Book Type:

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जिस तरह किसी इंसान की मातृभाषा का भेद उसके अचानक बोल पड़ने की क्रिया में छुपा होता है इसी तरह एक शायर या कवि की अंतरात्मा उसकी लेखन शैली और उसकी शब्दावली में प्रकट होती है। विजय भदौरिया अपनी ग़ज़ल की शब्दावली में आशिक भी हैं, संत भी हैं, कलंदर भी हैं, ये किरदार किसी भी इंसान में इंसानियत के बग़ैर न तो पैदा होते हैं न परवान चढ़ते हैं। यही किरदार विजय भदौरिया के अंदर के शायर की ताक़त हैं जो उन्हें ग़ज़ल कहने पर मजबूर करते हैं।
Ek Sau Solah Chand ki Ratein
Vijay Bhadauria
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Ek Ek Boond Samundar
- Author Name:
Murlidhar 'Talib'
-
Book Type:

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ये वो शायरी है जो आँखों या कानों से सीधे दिल में उतर जाती है। ये जिंदगी के वो रंग हैं जिनका हमारी बीनाई से सीधा तअल्लुक़ है। ये जिंदगी और ज़मीन के रंग हैं ये सब कहानियां, ये सारे दुख दर्द, ये सारा घटनाक्रम हमारे आस पास का है। ये हमारे अंदर बाहर की दुनिया के सच्चे शेड्स हैं। यहां पल पल बनते बिगड़ते, टूटते बिखरते रिश्तों की शिकायतें भी हैं... मायूसी के अंधेरों में उम्मीद की एक किरण भी है। विचार से जज़्बे और जज़्बे से अभिव्यक्ति तक के इस पूरे सफ़र में मुरलीधर तालिब पूरी तरह कामयाब हैं।
Ek Ek Boond Samundar
Murlidhar 'Talib'
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Furkat Ke Raat Din
- Author Name:
Amit Shrivastav
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Book Type:

- Description:
अल्फ़ाज़ की कारीगरी नहीं ये किसी ख़्वाब की ता’बीर है दिल कैनवास, जज़्बात रंग और मेरी शायरी तस्वीर है
Furkat Ke Raat Din
Amit Shrivastav
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Do Misron Mein
- Author Name:
Manish Badal
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Book Type:

- Description:
मनीष ने जिस तरह एक आम आदमी के मनोविज्ञान को समझते हुए शे’र कहे हैं, वो अद्भुत हैं। वास्तव में उनके शे’र “साहित्य समाज का दर्पण है” को चरितार्थ करते हैं। -पद्मश्री सुरेंद्र शर्मा बादल के पास दिमाग़ात्मक दिल है और दिलात्मक दिमाग़, जो सतत रचनात्मक सम्भावनाओं के द्वारों पर खड़ा रहता है। मनीष बादल को अभी बहुत आगे जाना है, मैं हमेशा उनकी अगवानी में खड़ा मिलूंगा। -पद्मश्री अशोक चक्रधर मुझे ऐसा महसूस होता है कि मनीष ने अपने शे’रों के माध्यम से बता दिया है कि वो हर एक मुद्दे को दिलो-दिमाग़ से महसूस करके ही शे’र कहते हैं। सहज-सरल तरीके से अपनी बात को कह लेना उनकी ख़ासियत में रच-बस गया है। -अंजुम रहबर मुझे पूरा विश्वास है कि मनीष की ये ग़ज़लें बादलों की तरह आकाश में धीमे-धीमे उड़ते हुए ग़ज़ल चाहने वालों तक पहुंचेंगी। इन ग़ज़लों का स्वागत होगा। -तेजेन्द्र शर्मा मनीष बादल की ग़ज़लों की दुनिया बड़ी है। उनके विषयों का वैविध्य है और कथ्य के अनुरूप शिल्प भी उनके पास है। वह संभावनाओं से भरे रचनाकार हैं। -प्रो. वशिष्ठ अनूप
Do Misron Mein
Manish Badal
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Ek Samandar Mere Andar
- Author Name:
Sanjeev Kumar Joshi
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Book Type:

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डॉ. संजीव कुमार जोशी 'निश्छल' का यह पहला कविता संग्रह है, जो कई अर्थों में अनूठा है। उनके शब्दों में कहें, तो यह साहित्य, संगीत और कला का शानदार सम्मिश्रण है। आज़ादी के अमृत महोत्सव में एक से बढ़कर एक 75 नायाब कविताओं से सजी इस पुस्तक में कवि ने महिलाओं की समस्याओं, समसामयिक विषयों, दर्शन और जीवन में समय-समय पर उत्पन्न होने वाले मनोभावों को काव्यात्मक शैली में बहुत ही सलीके से ढाला है। वैज्ञानिक होने के नाते कवि ने अपनी रचनाओं की प्रस्तुति में नवाचार किया है। उन्होंने अल्पज्ञात चित्रकार श्री संजय अहलूवालिया और अल्प विख्यात, लेकिन मंझे हुए रंगकर्मी और स्वरसाधक धर्मेन्द्र मीना (रंगमच नाम-राहुल आमठ ) की कला को संजोकर पुस्तक के माध्यम से प्रस्तुत किया है। हर कविता के साथ उसके भावों को चित्रित करती जहाँ अहलूवालिया जी की अमूर्त कला है, वहीँ कुछ कविताओं को राहुल आमठ ने स्वर दिया है। पाठक अपने मोबाइल पर क्यूआर कोड स्कैन करके इसका आनंद ले सकते है। यही बात इस कविता संग्रह को ख़ास बनाती है।
Ek Samandar Mere Andar
Sanjeev Kumar Joshi
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The Poetry category on Rachnaye brings together voices that compress emotion, thought, rhythm, and language into their most powerful form. This shelf spans classical poetry, modern verse, experimental forms, regional traditions, and contemporary poetic movements across India and the world.
What readers will discover here:
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Classical Indian poetry: bhakti, sufi, riti, courtly verse
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Modern and contemporary poetry addressing love, politics, caste, identity, migration, gender, and urban life
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Regional poetry traditions in Hindi, Marathi, Bengali, Tamil, Malayalam, Urdu, Kannada, Odia, Punjabi, Assamese, and more
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Ghazals, nazms, dohas, abhangs, vachanas, free verse, and prose poetry
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Poetry anthologies, collected works, and debut collections
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Translations of major Indian poets across languages
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Poetry used in university syllabi and literary study
What types of poetry books are available on Rachnaye?
You’ll find classical poetry, modern verse, regional poetry, ghazals, free verse, poetry anthologies, and translated works across Indian languages.
Are poetry books available in Indian languages?
Yes. Hindi, Marathi, Bengali, Tamil, Malayalam, Urdu, Kannada, Odia, Punjabi, Assamese, and English poetry collections are available.
Are modern and contemporary poets included?
Absolutely. The category features both established poets and contemporary voices addressing current social and personal themes.
Do you offer translated poetry?
Yes. Many poetry books include translations that allow readers to explore poetic traditions across languages.
Is poetry suitable for new readers?
Yes. Poetry’s short forms make it accessible. Readers can begin with anthologies or modern, conversational verse.
Are these books used for academic study?
Many titles are part of school and university literature syllabi, especially in Indian languages.