About Vinod Anand
विनोद आनंद का जन्म 7 नवंबर 1971 को राजस्थान के जोधपुर में हुआ। एम.ए. (पत्रकारिता) तक शिक्षा प्राप्त करने के बाद उन्होंने पत्रकारिता, सामाजिक सरोकारों, संस्थागत कार्यों और जनसेवा के विभिन्न क्षेत्रों में सक्रिय भूमिका निभाई। विनोद आनंद का सार्वजनिक जीवन केवल पदों और दायित्वों तक सीमित नहीं रहा। समाज के वंचित, जरूरतमंद और उपेक्षित वर्गों के प्रति उनकी प्रतिबद्धता उनके सामाजिक कार्यों की निरंतर प्रेरणा रही है। वर्ष 1998 में इंडियन पैरामेडिकल रिसर्च इंस्टिट्यूट के चेयरमैन के रूप में उन्होंने युवाओं के प्रशिक्षण तथा रोजगारोन्मुखी विकास की दिशा में कार्य किया। उनके प्रयासों का उद्देश्य युवाओं को व्यावहारिक प्रशिक्षण के माध्यम से आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ाना रहा। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे ‘नवल उजाला’ समाचार-पत्र के प्रधान संपादक रहे। सामाजिक एवं संस्थागत क्षेत्र में उन्होंने महर्षि नवल प्रकाश मेमोरियल ट्रस्ट, बीकानेर के पूर्व अध्यक्ष तथा Emanual Manpower Development Private Limited के निदेशक के रूप में भी दायित्व निभाए। राजस्थान सरकार से संबंधित विभिन्न समितियों में भी उन्होंने दायित्व निभाए। इनमें बीस सूत्री क्रियान्वित समिति, समाज कल्याण प्रवेश प्रबंधन समिति, जन अभाव अभियोग सतर्कता समिति तथा राशन आवंटन सलाहकार समिति की सदस्यता प्रमुख है। इन दायित्वों के माध्यम से उन्हें प्रशासनिक व्यवस्था, सामाजिक समस्याओं और जनसरोकारों को निकट से समझने का अवसर मिला।विनोद आनंद ने सिंगापुर, मलेशिया, इंग्लैंड, नेपाल और थाईलैंड की सामाजिक एवं व्यावसायिक यात्राएँ की हैं। इन यात्राओं ने उन्हें विभिन्न देशों के सामाजिक परिवेश, जीवन-शैली और कार्य-संस्कृति को निकट से देखने-समझने का अवसर प्रदान किया। पत्रकारिता, सामाजिक सक्रियता और सार्वजनिक जीवन से प्राप्त अनुभवों ने उनके व्यक्तित्व को व्यापक दृष्टि प्रदान की है। उनके जीवन में संघर्ष, सामाजिक सरोकार, परिवार, संबंध और बदलती परिस्थितियाँ निरंतर साथ-साथ चलती रही हैं। इन्हीं अनुभवों की सच्ची, आत्मीय और संवेदनशील अभिव्यक्ति उनकी लेखकीय यात्रा का आधार बनती है।