About Obaidullah Aleem
उबैदुल्लाह अलीम अविभाजित हिन्दुस्तान की भोपाल रियासत में 11 जनवरी 1939 को पैदा हुए। शुरूआती तालीम भोपाल ही में हासिल की। उनके वालिद सियालकोटी, कश्मीरी थे और वालिदा का तअल्लुक़ भोपाल से ही था। उन्होंने 1967 में कराची यूनीवर्सिटी से उर्दू अदब में एम.ए. किया। फिर वो पाकिस्तान टेलीविज़न में बहैसियत प्रोड्यूसर मुलाज़िम हो गए। अलीम ग़ज़ल में मीर तक़ी ‘मीर’ की परम्परा का अनुसरण करते थे लेकिन समसामयिकता और आधुनिकता के भी क़ायल थे। उबैदुल्लाह अलीम का पहला मज्मूआ-ए-कलाम ‘चाँद चेहरा सितारा आँखें’ 1974 में प्रकाशित हुआ जिसे असाधारण रूप से सराहना मिली और उनके कलाम की शोहरत दुनिया भर में होने लगी। दूसरा मज्मूआ-ए-कलाम ‘वीरान सराय का दिया’ 1986 में सामने आया। अलीम की ग़ज़लों के साथ-साथ उनकी नज़्में भी बहुत मक़बूल हुईं। ये बेमिसाल शायर 18 मई 1998 को इस दुनिया से कूच कर गया।