Guna
(1)
Author:
Guruprasad KaginelePublisher:
Chanda PustakaLanguage:
KannadaCategory:
Contemporary-fiction₹
150
₹ 127.5 (15% off)
Unavailable
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
ಸಾಂಸಾರಿಕತೆ, ಪ್ರೀತಿ, ಜಗಳ, ಶೋಷಣೆ, ಅಳು, ನಗು ಎಲ್ಲವೂ ಹಾಸುಹೊಕ್ಕಾಗಿರುವ ಸಂಬಂಧಗಳಲ್ಲಿ ಎಲ್ಲವೂ ಝರಿಯಂತೆ ಹರಿಯುತ್ತದೆ. ಗಂಡು ಹೆಣ್ಣು ಕೂಡಿ ಸಂಸಾರ ಮಾಡಿದರೂ ಶೋಷಣೆ ಕೇವಲ ಲಿಂಗಕ್ಕೆ ಸಂಬಂಧಿಸಿದ್ದಲ್ಲ. ಸಂಸಾರದಲ್ಲಿ ಗಂಡಿಗೆ ಇಂಥ ಪಾತ್ರ, ಹೆಣ್ಣಿಗೆ ಇಂಥ ಪಾತ್ರ ಎಂದು ನಿರ್ದಿಷ್ಟವಾಗಿ ಹೇಳುವ ಕಾಲ ಮುಗಿದಿದೆ . ಹಾಗಾದಾಗ, ಪ್ರೀತಿಯಷ್ಟೇ ಶೋಷಣೆಯೂ ಅಸ್ಪಷ್ಟವಾಗಿ ಜಿವಮಾನವಿಡೀ ನಡೆದಿರಬಹುದು. ಇದನ್ನು ಕೂದಲು ಸೀಳಿ ನೋಡುವುದೋ ಅಥವಾ ‘ಡೀಲ್ ವಿಥ್ ಇಟ್’ ಎಂದು ಬದುಕನ್ನು ಮ್ಯಾನೇಜ್ ಮಾಡುವುದೋ, ಎಲ್ಲದಕ್ಕೂ ಉತ್ತರ ಕುಟುಂಬವೆಂಬ ವ್ಯವಸ್ಥೆ ಮಾತ್ರವೆ? ಈ ಹುಡುಕಾಟ ಕಾದಂಬರಿಯಾಗಿದೆ.
Read moreAbout the Book
ಸಾಂಸಾರಿಕತೆ, ಪ್ರೀತಿ, ಜಗಳ, ಶೋಷಣೆ, ಅಳು, ನಗು ಎಲ್ಲವೂ ಹಾಸುಹೊಕ್ಕಾಗಿರುವ ಸಂಬಂಧಗಳಲ್ಲಿ ಎಲ್ಲವೂ ಝರಿಯಂತೆ ಹರಿಯುತ್ತದೆ. ಗಂಡು ಹೆಣ್ಣು ಕೂಡಿ ಸಂಸಾರ ಮಾಡಿದರೂ ಶೋಷಣೆ ಕೇವಲ ಲಿಂಗಕ್ಕೆ ಸಂಬಂಧಿಸಿದ್ದಲ್ಲ. ಸಂಸಾರದಲ್ಲಿ ಗಂಡಿಗೆ ಇಂಥ ಪಾತ್ರ, ಹೆಣ್ಣಿಗೆ ಇಂಥ ಪಾತ್ರ ಎಂದು ನಿರ್ದಿಷ್ಟವಾಗಿ ಹೇಳುವ ಕಾಲ ಮುಗಿದಿದೆ . ಹಾಗಾದಾಗ, ಪ್ರೀತಿಯಷ್ಟೇ ಶೋಷಣೆಯೂ ಅಸ್ಪಷ್ಟವಾಗಿ ಜಿವಮಾನವಿಡೀ ನಡೆದಿರಬಹುದು. ಇದನ್ನು ಕೂದಲು ಸೀಳಿ ನೋಡುವುದೋ ಅಥವಾ ‘ಡೀಲ್ ವಿಥ್ ಇಟ್’ ಎಂದು ಬದುಕನ್ನು ಮ್ಯಾನೇಜ್ ಮಾಡುವುದೋ, ಎಲ್ಲದಕ್ಕೂ ಉತ್ತರ ಕುಟುಂಬವೆಂಬ ವ್ಯವಸ್ಥೆ ಮಾತ್ರವೆ? ಈ ಹುಡುಕಾಟ ಕಾದಂಬರಿಯಾಗಿದೆ.
Book Details
-
ISBNchandapustguna
-
Pages312
-
Avg Reading Time10 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
Daatu
- Author Name:
S.L. Bhyrappa +2
- Rating:
- Book Type:

- Description: Daatu is a powerful novel that explores the rigid boundaries of caste and community in rural India, and what it takes to cross them. Set in Karnataka, the story unfolds around deeply entrenched social structures where identity is dictated by birth, and every step outside those boundaries comes at a cost. At its core, Daatu is about transgression — the act of “crossing over.” Whether it is caste, relationships, or social norms, the novel examines what happens when individuals challenge the invisible lines that define their lives. The narrative is layered with realism, capturing village life with honesty and nuance. It reflects how traditions, power, and fear shape human behaviour, while also revealing moments of resistance, dignity, and change. Recognised as a significant work in Indian literature, Daatu offers readers not just a story, but a lens into the complexities of caste, morality, and social transformation.
Parva - Malayalam
- Author Name:
S.L. Bhyrappa
- Rating:
- Book Type:

- Description: Parva is a novel written by S. L. Bhyrappa in the Kannada language. It is a retelling of the Sanskrit epic Mahabharata, narrated through the personal reflections of the principal characters. The novel is widely acclaimed as a modern classic. Parva is among Bhyrappa's most widely debated and popular works and is considered by many to be his greatest.
Main Bhi Padhne Jaoongi
- Author Name:
Jyoti Parihar
- Book Type:

- Description: मैं भी पढ़ने जाऊँगी" ज्योति परिहार द्वारा लिखी गई एक बाल-साहित्यिक पुस्तक है, जिसे राधाकृष्ण प्रकाशन ने 2011 में प्रकाशित किया था। यह पुस्तक बच्चों के लिए है और इसकी कुल 28 पृष्ठ हैं।
Imperfect Maa
- Author Name:
Ankita Jain
- Book Type:

- Description: एक माँ के रूप में ख़ुद को और अपने बच्चे को बेहतर समझने का अवसर देती है यह किताब । पैरेंट्स बनने से पहले मन में अनगिनत संशय, उत्सुकताएँ और भय होते हैं और पैरेंट्स बन जाने के बाद तो हर क्षण कुछ-न-कुछ बदलता रहता है- पल-प्रतिपल नयी चुनौतियाँ सामने आती हैं और सलाह की ज़रूरत महसूस होती है। पहले हम यह सलाह दादी-ताई से लेते थे, आज इंटरनेट से लेते हैं । पर हम सब जानते हैं कि ऐसी सलाहें अक्सर उतनी मददगार नहीं होतीं, कई बार तो उलझन और बढ़ा देती हैं। यह किताब किसी भी तरह के निर्देश देने का दावा नहीं करती। इसके विपरीत, यह स्वीकार करती है कि हर माँ, हर बच्चा और हर परिस्थिति अलग होती है। इसलिए यह केवल अपने अनुभवों को साझा करती है - ताकि आप पढ़ते हुए कभी अपने अनुभवों से जुड़ सकें, और कभी उनसे अलग होकर अपनी स्थितियों को नये नज़रिये से समझ सकें ।
Rang Zindagi Ke
- Author Name:
Mukesh Dubey
- Book Type:

- Description: Book
Jhuthiyapa
- Author Name:
Sachin Tyagi
- Book Type:

- Description: झूठ बोल कर बर्बाद होना आसान है, सच बोल कर कामयाब होना मुश्किल है। ये बात मयूर को तब समझ आयी जब उसके घरवालों ने , गर्लफ्रेंड ने , दोस्तों ने यहाँ तक सबने उसका साथ छोड़ दिया। क्योंकि झूठ का साथ हर कोई नहीं देता, सब साथ देते है सच का। जैसे मुजरिम का वकील भी पहले उससे सारी सच्चाई पूछता है तब साथ देता है। आज से दस साल पहले जहां मयूर के पास चलने के लिये तीन रास्ते थे। पच्चीस का होते ही वह तीन रास्ते भी बंद हो गये। जहाँ पहला रास्ता था जहां उसके घरवाले चलाना चाहते थे। दूजा वह जहां उसके दोस्त चल रहे थे। तीज़ा वह जहां वो खुद चलना चाहता था।
Imartiya
- Author Name:
Nagarjun
- Book Type:

- Description: प्रगतिशील कवि-कथाकार नागार्जुन का यह उपन्यास माई इमरतीदास उर्फ इमरतिया नामक एक युवा अवधूतिन के बहाने भारतीय समाज में व्याप्त धार्मिक जड़वाद और पाखण्ड को अत्यन्त गहराई से उघाड़ता है। पूर्वोत्तर भारतीय सीमा के निकट एक गाँव से जुड़े जिस मठ को नागार्जुन ने इस कथा का केन्द्र बनाया है, उसी से अनपढ़ और धर्मभीरु ग्रामीण जन के शोषण के तमाम सूत्र आकर जुड़ते हैं। बड़े भूमिपति हों या धनपति, प्रशासक हों या स्मगलर, अफीम चरस के शौकीन हों या औरत के—वह मठ सभी का स्वर्ग है। सभी उससे जुड़े हैं, सभी उससे समृद्ध हो रहे हैं, इसीलिए उसकी समृद्धि चाहते हैं। लेकिन ‘लाल झंडावालों’ के इशारे पर घटी एक घटना ने उस स्वर्ग के समूचे नरक को उजागर कर दिया और उसका सारा तिलिस्म टूटने लगा। इसके बावजूद इमरतिया इसी नरक की ‘देवी’ है। एक ऐसी मानवी, जो दानवों के साथ रहते हुए भी अपनी तमाम मानवीय संवेदनाओं को बचाए हुए है और अन्ततः मस्तराम जैसे युवा अवधूत की प्रेम-प्रतीक्षा में तीर्थाटन को निकल जाती है।
Koi Ek Syeda
- Author Name:
Neha Dixit
- Book Type:

- Description: ‘कोई एक सईदा’ किताब में नेहा दीक्षित ने एक साधारण और बेनाम भारतीय महिला की कहानी असाधारण ढंग से लिखी है। बाबरी मस्जिद ध्वंस के चलते हुए दंगों के बाद सईदा अपने छोटे बच्चों और पति के साथ बनारस को छोड़कर दिल्ली आ जाती है। एक ग़रीब विस्थापित मज़दूर के रूप में वह दिल्ली में अनेक कामों को आज़माती है—जींस के धागों की तुरपाई से लेकर नमकीन बनाने तक, बादामों से गिरी निकालने से लेकर चाय की छलनी बनाने तक—पचास से ज़्यादा काम, ताकि उसकी घरेलू ज़रूरतें पूरी होती रहें। ऐसे काम जिनमें एक दिन की छुट्टी लेने का मतलब है काम से हाथ धो बैठना। एक दशक के शोध और लगभग नौ सौ लोगों से साक्षात्कारों के बाद तैयार हुई इस किताब में हमें अनेक तरह के लोग मिलते हैं—चाँदनी चौक का एक रिक्शेवाला जिसकी ज़िन्दगी एक आतंकी हमले की भेंट चढ़ जाती है, एक डॉक्टर जिसे लिंग निर्धारण टेस्ट के लिए गिरफ़्तार किया जाता है, एक गोरक्षक जिसकी बहन सईदा के बेटे के साथ भाग जाती है और पुलिसवाले जिन्हें मुस्लिम युवकों को पीटने में बहुत ज़्यादा मज़ा आता है। दिल्ली में हुए 2020 के दंगों के साथ सईदा की ज़िन्दगी का जैसे एक चक्र पूरा हो जाता है। उसे फिर उखड़ना पड़ता है। लेकिन वह अब इसकी अभ्यस्त हो गई है। उसे पता है कि एक ग़रीब, एक मुस्लिम और एक औरत होने के नाते उसे क्या झेलना है। गहन अन्तर्दृष्टि से युक्त यह किताब उस कठोर, कड़वे यथार्थ की अक्कासी करती है जो भारत के अभिजात तबक़े की आँखों से बहुत दूर रहता है। यह उन लाखों लोगों की कहानी है जिनकी कहानी कभी नहीं कही जाती। यह ‘नये भारत’ के शहरी जीवन का ऐसा चित्र है जो किसी भी संवेदनशील मन को चीरकर रख देता है।
Chhako Ki Vapasi
- Author Name:
Badiuzzaman
- Book Type:

-
Description:
मुस्लिम-समाज की संरचना, गठन, जातीय स्मृतियों, आस्था और विश्वास के कुल योग—उसकी समूची आन्तरिकता को सघन कलात्मक रचाव से प्रस्तुत करनेवाले उपन्यासों में से यदि किन्हीं दो या तीन अग्रणी रचनाओं का चुनाव किया जाएगा तो ‘छाको की वापसी’ को उस सूची में रखना ही होगा, इसके बिना वह पूरी नहीं होगी।
छाको एक धुरी है, जिस पर घूम रही है एक भरी-पूरी दुनिया। एक समूची क़ौम की ज़ेहनियत और ज़िन्दगी। बीच में जो विभाजन की रेखा दिखाई देती है, वह हिन्दुस्तान और पाकिस्तान के बीच से होती हुई दोनों देशों के शासकवर्ग और जनता के वर्ग-हितों की भी सुस्पष्ट पहचान कराती है, और अन्तत: मनुष्य के अस्तित्व के प्रश्न में बदल जाती है।
मिट्टी की गन्ध जिस तरह से पूरी कृति में समाई हुई है, उसके आगे देश-प्रेम की भारी-भरकम शब्दावली वाली कितनी ही परिभाषाएँ बेकार हैं। सरहदों और सीमाओं में बँधी नागरिकता का एक प्रति-विमर्श रचते हुए यह उपन्यास ज़िन्दगी और ज़मीन के कहीं गहरे, लगभग शाश्वत रिश्ते की ओर इशारा करता है। यही वह रिश्ता है जो आख़िरकार मानव-सभ्यता के विकास का बीज बनता है।
‘एक चूहे की मौत’ जैसे अत्यन्त लोकप्रिय उपन्यास के लेखक का यह उपन्यास नागरिकता और देश की मौजूदा बहसों के सन्दर्भ में और भी प्रासंगिक हो जाता है।
Dukhiyare
- Author Name:
Anis Ashfaq
- Book Type:

- Description: वे ख़ुशियाँ, वे खिलखिलाहटें, वे रौनक़ें जिनसे लखनऊ कभी आबाद होता था, मुरझाती हुई धीरे-धीरे उदासियों में बदल गईं। कुछ हवेलियाँ बिक गईं, कुछ नीलाम और कुर्क हो गईं। खानदान जिनकी उपमा सितारों से दी जाती थी, वक़्त और अपनी लापरवाहियों से पिटते-पिटते सड़कों पर आ गए, सड़कों पर भी जगह न रही, तो पब्लिक मैदानों में जा टिके...कर्बलाओं, इमामबाड़ों और मस्जिदों में सिर छुपाते घूमने लगे। ये कहानी इसी दुखियारे वक़्त की है। एक भाई हैं जो छोटे भाइयों के मुक़ाबले अपनी माँ के बहुत लाडले हैं लेकिन उनके दिमाग़ में ख़लल है, बेचैनी कहीं टिकने नहीं देती...वक़्तन-फ़-वक़्तन कुछ औल-फौल बोलने लगते हैं, अपने ख़्वाबों की हवेलियों के नक्शे खींचने लगते हैं और कभी भी किधर भी निकल जाते हैं, छोटे भाई उनको ढूँढ़ते रहते हैं, जब मिलते हैं तो घर भी ले आते हैं, लेकिन बड़े फिर किसी दिन कोई पर्चा छोड़कर ग़ायब हो जाते हैं... शुरू से आख़िर तक यही सिलसिला चलता रहता है, खो जाने और मिल जाने का, और इस लामहदूद–से लगने वाले सफ़र में पुराने लखनऊ का इतिहास और भूगोल हमारी आँखों के सामने से गुज़रता जाता है, उस दुख को दर्ज करता हुआ जिन्हें वक़्त अपने उतरते दिनों की झोली में डालकर कभी न लौटने के लिए चला जाता है...
Ye Dag Dag Ujala…
- Author Name:
Prakash Kant
- Book Type:

- Description: Novel
Berige Neeru - Award Winning Novel
- Author Name:
Rajam Krishnan +1
- Rating:
- Book Type:

- Description: discriptation awaited
Anthu
- Author Name:
Prakash Nayak
- Rating:
- Book Type:

- Description: ‘ಅಂತು’ ಎಂಬ ಶಬ್ದದ ಎಲ್ಲ ಸಾಧ್ಯತೆಗಳನ್ನೂ ಅರ್ಥಪೂರ್ಣವಾಗಿ ಧ್ವನಿಸುವ ಈ ಕಾದಂಬರಿಯು, ತನ್ನ ವಸ್ತು ಮತ್ತು ಕಥನತಂತ್ರ ಎರಡೂ ದೃಷ್ಟಿಗಳಿಂದ ಕನ್ನಡ ಕಾದಂಬರಿಲೋಕಕ್ಕೆ ಒಂದು ವಿಶಿಷ್ಟ, ಮೌಲಿಕ ಸೇರ್ಪಡೆ. ಸದ್ಯದ ಅತ್ಯಾಧುನಿಕವಾದ ಕಾಪೆರ್Çರೇಟ್ ಜಗತ್ತಿನ ರೋಚಕ ವಿದ್ಯಮಾನಗಳನ್ನು ಲವಲವಿಕೆಯಿಂದ ನಿರೂಪಿಸುತ್ತಲೇ, ಅವುಗಳನ್ನೂ ಮೀರಿದ ನಿತ್ಯಸತ್ಯಗಳನ್ನು ಸ್ಪರ್ಶಿಸಿಬಿಡುವ ಮಹತ್ವಾಕಾಂಕ್ಷೆ ಇಲ್ಲಿ ಕಂಡುಬರುತ್ತದೆ. ಒಂದು ಕುತೂಹಲಕಾರೀ ಪ್ರಾಜೆಕ್ಟಿನ ಪೂರ್ವಾಪರಗಳನ್ನು ಪತ್ತೇದಾರೀ ಶೈಲಿಯಲ್ಲಿ ಶೋಧಿಸುವಂತೆ ಆರಂಭವಾಗುವ ಈ ಬರಹವು ಕ್ರಮೇಣ ಹುಟ್ಟು-ಸಾವು-ಪುನರ್ಜನ್ಮಗಳಂಥ ಗಂಭೀರ ಪ್ರಶ್ನೆಗಳಿಗೆ ಎದುರಾಗಿ ತಾತ್ವಿಕ ಎತ್ತರಗಳಿಗೆ ಬೆಳೆಯುವ ಪರಿ ಗಮನಾರ್ಹವಾಗಿದೆ. ಕನ್ನಡನಾಡಿನಿಂದ ಬಹುದೂರದ ಅಮೆರಿಕಾದಲ್ಲಿ, ತೀರಾ ಭಿನ್ನವಾದ ಪಾತ್ರ-ಭಾಷೆ-ಔದ್ಯಮಿಕ ಪರಿಸರದಲ್ಲಿ ಸೃಷ್ಟಿಯಾಗುವ ಅನುಭವವನ್ನು ಕನ್ನಡ ಭಾಷೆಯಲ್ಲಿ ಒಳಗೊಳ್ಳುವ ಈ ಸೃಜನಶೀಲ ಪ್ರಯೋಗವು ಕನ್ನಡ ಸಾಹಿತ್ಯವು ಹಿಗ್ಗುತ್ತಿರುವ ಬಗೆಯನ್ನೂ ಕಾಣಿಸುತ್ತ ಆಸಕ್ತಿ ಹುಟ್ಟಿಸುತ್ತದೆ. ತನ್ನ ಸ್ಮೃತಿಗಳಲ್ಲಿ ಜತನದಿಂದ ಕಾಪಿಟ್ಟುಕೊಂಡಿರುವ ಸ್ಥಳೀಯ ತಿಳಿವಳಿಕೆಯನ್ನು ಆಧುನಿಕ ಲೋಕಕ್ಕೆ ಮುಖಾಮುಖಿಯಾಗಿಸಿ ಕಥನ ಪ್ರಕ್ರಿಯೆಯನ್ನು ಸತ್ಯದ ಶೋಧವಾಗಿ ವಿಸ್ತರಿಸುವ ಪ್ರಯತ್ನದಲ್ಲಿ ಪ್ರಕಾಶ್ ನಾಯಕರು ಸಾಕಷ್ಟು ಯಶಸ್ವಿಯಾಗಿದ್ದಾರೆ. ‘ಅಂತು’ ನಿಸ್ಸಂದೇಹವಾಗಿ ಈ ದಶಕದ ಮುಖ್ಯ ಕನ್ನಡ ಕಾದಂಬರಿಗಳ ಸಾಲಿನಲ್ಲಿ ನಿಲ್ಲುವಂಥದ್ದು.
Aaivanho
- Author Name:
Sir Valter Scot
- Book Type:

- Description: जब एशबी के मैदान में आइवनहो बेहोश होकर गिर पड़ा था और सारी दुनिया उसका परित्याग कर चुकी थी तब रेबेका ने ही अपने पिता को राज़ी किया कि आइवनहो को अपने निवास-स्थान पर ले जाए। रेबेका ने ख़ुद अपने हाथ से उसके घावों पर पट्टियाँ बाँधीं। घर पहुँचने के बाद भी आइवनहो काफ़ी ख़ून निकल जाने के कारण देर तक बेहोश रहा। रेबेका ने कहा कि घाव गहरे नहीं हैं और अगर बुख़ार नहीं आया तो यार्क की यात्रा नुक़सानदेह नहीं होगी। आइज़क ज़्यादा-से-ज़्यादा वहीं अच्छा होने के लिए छोड़ जाना चाहता था, लेकिन रेबेका ने उसको अपने साथ ले जाने के लिए दो तर्क दिए। एक तो वह अपने बहुमूल्य मरहम की शीशी को किसी दूसरे चिकित्सक को नहीं दे सकती। दूसरे, घायल नाइट आइवनहो का विल्फ्रेड सिंह-हृदय रिचर्ड का घनिष्ठ मित्र है और चूँकि आइज़क ने उसके भाई जॉन को विद्रोहपूर्ण कार्यों के लिए काफ़ी पैसा दिया है, इसलिए उसको रिचर्ड के लौटने पर ऐसे शक्तिशाली संरक्षकों की ज़रूरत पड़ेगी। काले नाइट ने कहा, "एक कुलीन महिला का सम्मान ख़तरे में है।" भले रिसालेदार ने कहा, "बेचारे वफ़ादार मसखरे वाम्बा का बाल भी बाँका हुआ तो मैं ईंट-से-ईंट बजा दूँगा !" काले नाइट ने लाक्सले से कहा, "यह अच्छा हो कि सेड्रिक इस हमले का नेतृत्व करे।" लेकिन सेड्रिक ने युद्ध-कौशल में अनभिज्ञता प्रकट करते हुए कहा कि वह अगली पंक्ति में ज़रूर रहेगा, पर नेतृत्व करना उसके वश का नहीं है। लाक्सले ने तीरन्दाज़ों का दिग्दर्शन करने का काम अपने ऊपर लिया। फिर काले नाइट को इस सेना का सूत्र सँभालना पड़ा और पहला हमला शुरू हो गया। सर वाल्टर स्कार्ट का प्रसिद्ध ऐतिहासिक उपन्यास है ‘आइवानहो’।
Firki Wali
- Author Name:
Ram Badan Ray
- Book Type:

- Description: Hindi Novel
Deepavirada Daariyalli
- Author Name:
Sushanth Kotiyan
- Rating:
- Book Type:

- Description: ದೀಪವಿರದ ದಾರಿಯಲ್ಲಿ-ಈ ಕಾದಂಬರಿಯನ್ನು ಲೇಖಕ ಸುಶಾಂತ ಕೊಟ್ಯಾನ್ ಅವರು ರಚಿಸಿದ್ದಾರೆ. ಸಾಹಿತಿ ಡಾ. ಪುರುಷೋತ್ತಮ ಬಿಳಿಮಲೆ, ಕೃತಿಗೆ ಮುನ್ನುಡಿ ಬರೆದು ‘ಸಲಿಂಗರತಿಯಂಥ ವಸ್ತುವನ್ನು ಆಯ್ದುಕೊಂಡ ಕಾದಂಬರಿಯು ಓದುಗರನ್ನು ಬೌದ್ಧಿಕವಾಗಿ ಬೆಳೆಸುತ್ತದೆ. ಪ್ರಸ್ತುತ ಕಾದಂಬರಿಯ ನಾಯಕನಾದ ಸುಕೇಶನೂ ಒಬ್ಬ ಸ್ತ್ರೀ ವೇಷಧಾರಿ. ಇಡೀ ಕಾದಂಬರಿಯನ್ನು ಅವನ ಸುತ್ತಲೇ ಕಟ್ಟಿ ಬೆಳೆಸಲಾಗಿದೆ. ಹಾಗೆ ಕಟ್ಟುವಾಗ, ಸುಕೇಶನೊಳಗಿನ ಹೆಣ್ತನದ ಸೂಕ್ಷ್ಮಗಳಿಗೆ ಗೌರವ ತಂದುಕೊಡಲಾಗಿದೆ ಮತ್ತು ಅವನನ್ನು ಲೈಂಗಿಕವಾಗಿ ಶೋಷಿಸುವವರನ್ನು ಬಯಲುಗೊಳಿಸಲಾಗಿದೆ. ಇವುಗಳ ನಡುವೆ ಐಉಃಖಿಕಿ ನ ಹಲವು ಸಂಕೀರ್ಣ ಮುಖಗಳು ಕಾದಂಬರಿಯಲ್ಲಿ ಅನಾವರಣಗೊಳ್ಳುತ್ತಾ ಓದುಗರನ್ನು ಶೈಕ್ಷಣಿಕವಾಗಿಯೂ ಬೆಳೆಸುತ್ತದೆ. ‘ದೀಪವಿರದ ಕತ್ತಲ ದಾರಿಯಲ್ಲಿ ಒಂಟಿಯಾಗಿ ನಿಂತಿದ್ದನು ಸುಕೇಶ. ಅವನು ಇಷ್ಟರವರೆಗೆ ಬಯಸಿದ ಬದುಕವನಿಗೆ ದೊರೆಯಲೇ ಇಲ್ಲ. ಅಷ್ಟೊತ್ತಿಗೆ ಮೂಡಣದಲ್ಲಿ ಮೇಲೇರಿದ್ದ ರವಿ ತನ್ನ ಹೊಂಗಿರಣದ ಹೊಂಬೆಳಕನ್ನು ಭುವಿಯೆಡೆಗೆ ಚೆಲ್ಲಿದ್ದನು. ಟ್ಯಾಕ್ಸಿ ನಿಧಾನವಾಗಿ ಮುಂದಕ್ಕೆ ಚಲಿಸಿತ್ತು. ಸುಕೇಶ ಅಂಧಕಾರದ ಬದುಕಿನಲ್ಲಿ ಬೆಳಕಿಗಾಗಿ ಅರಸುತ್ತಿದ್ದನು. ಅಂತ್ಯವಿಲ್ಲದ ಕತೆಯ ಆರಂಭ ಅವನ ಬದುಕಿನಲ್ಲಿ ಇದೀಗ ಆಗಿತ್ತು. ಹೀಗೆ ಈ ಕಾದಂಬರಿಯು ಲೈಂಗಿಕತೆಯ ವಿಭಿನ್ನ ಮಜಲುಗಳನ್ನು ಧೈರ್ಯವಾಗಿ ಶೋಧಿಸುತ್ತದೆ. ರವೀಂದ್ರ, ಆಕಾಶ್ ಮತ್ತು ಸುಕೇಶರ ನಡುವಣ ತ್ರಿಕೋನ ಸಂಬಂಧಗಳ ಜೊತೆಗೆ ಗಂಡಸರ ಹಿಂದೆ ಹೋಗುವ ರಘುಪತಿಯ ಸಮಸ್ಯೆಗಳೂ ಬಿಚ್ಚಿಕೊಳ್ಳುತ್ತವೆ. ಗೇ ಸೆಕ್ಸ್ ವೀಡಿಯೋ ನೋಡುವ ಅವನನ್ನು ಬಿಟ್ಟು, ಅವನ ಹೆಂಡತಿ ಗುಜರಾತಿಯೊಬ್ಬನ ಸ್ನೇಹ ಮಾಡುತ್ತಾಳೆ. ಈ ಎಲ್ಲಾ ಘಟನೆಗಳನ್ನು ಸಮಾಜವು ತನ್ನ ಮೂಗಿನ ನೇರಕ್ಕೆ ವ್ಯಾಖ್ಯಾನಿಸಿಕೊಳ್ಳುತ್ತಾ ಹೋಗುತ್ತದೆ. ಇಂಥ ಸಂಕೀರ್ಣ ಸ್ಥಿತಿಯನ್ನು ಕಾದಂಬರಿ ತಣ್ಣಗೆ ಕಟ್ಟಿಕೊಡುತ್ತದೆ. ಈ ಕಾದಂಬರಿಯ ವಸ್ತು ಮತ್ತು ಪಾತ್ರಗಳು ಕನ್ನಡಕ್ಕೆ ತೀರಾ ಹೊಸದು. ಕಾನೂನಿನ ತೊಡಕುಗಳು, ಸಂಪ್ರದಾಯಸ್ಥರ ಆಕ್ರಮಣ, ಮಡಿವಂತಿಕೆ, ನಿಷೇಧ, ಭಯ ಇತ್ಯಾದಿ ಕಾರಣಗಳಿಂದಾಗಿ ಏಕಾಏಕಿ ಸಾಹಿತ್ಯವು ಮುಖ್ಯಧಾರೆಗೆ ಬರಲೇ ಇಲ್ಲ. ಸುಶಾಂತ್ ಕೋಟ್ಯಾನ್ ತುಂಬ ಧೈರ್ಯವಹಿಸಿ ಈ ಕಾದಂಬರಿಯನ್ನು ಬರೆದು ನಮ್ಮ ಅರಿವಿನ ಗಡಿರೇಖೆಗಳನ್ನು ವಿಸ್ತರಿಸಿದ್ದಾರೆ’ ಎಂದು ಪ್ರಶಂಸಿಸಿದ್ದಾರೆ.
Khonta Aa Chidai
- Author Name:
Mayanand Mishra
- Book Type:

- Description: Maithili Novel
Kuthanv
- Author Name:
Abdul Bismillah
- Book Type:

- Description: ‘कुठाँव’ में स्त्री और पुरुष का, प्रेम और वासना का, हिन्दू और मुसलमान का और ऊँची-नीची जातियों का एक भीषण परिदृश्य रचा गया है। अब्दुल बिस्मिल्लाह समाज और विशेष रूप से मुस्लिम समाज की आन्तरिक विडम्बनाओं और विसंगतियों को बख़ूबी चित्रित करते रहे हैं। इस उपन्यास में मेहतर समाज की मुसलमान औरत इद्दन और उसकी बेटी सितारा है जो ऊँची जाति के, पैसेवाले मुस्लिम मर्दों से लोहा लेती हैं। स्त्री और पुरुष के और भी आमने-सामने के कई समीकरण यहाँ रचे गए हैं और यौन को एक हथियार की तरह इस्तेमाल करके अपनी सामाजिक और मर्दाना प्रतिष्ठा को द्विगुणित करने के कुप्रयासों का भी निर्दयतापूर्वक भंडाफोड़ किया गया है। यह प्रश्न कि सदियों से ताक़त के क़िस्म-क़िस्म के चौखटों में जकड़ी, लड़ती-भिड़ती और जीतती-हारती औरतों के लिए आख़िर मुक्ति की राह कहाँ है? इस सन्दर्भ में उपन्यास सपनों की अनन्त उड़ानों पर विराम लेता है। हम जान पाते हैं कि ये सपने ही हैं जो उन्हें अन्तत: मुक्ति की मंज़िल तक ले जाएँगे। तब न कोई अपनी दैहिक ताक़त से उन्हें परास्त कर पाएगा, न सामाजिक ताक़त से।
Nandit Narak Mein
- Author Name:
Humayun Ahmed
- Book Type:

- Description: Bangla novel by Humayun Ahmed Translated in Hindi by Ramlochan Thakur
Metamorphosis
- Author Name:
Franz Kafka
- Book Type:

- Description: Metamorphosis is a classic novel by Franz Kafka, first published in 1915. It tells the strange and tragic story of Gregor Samsa, a traveling salesman who wakes up one morning to find himself transformed into a giant insect (often described as a bug, beetle, or cockroach). Gregor struggles with his new inhuman form, while his family—father, mother, and sister Grete—react with fear, shame, and frustration. Once the family's main provider, he becomes a burden, leading to neglect, isolation, and rejection. Over time, Gregor’s health declines, symbolizing themes of alienation, identity, family duty, and existential despair. This psychological and philosophical fiction remains one of the most influential works in world literature. Readers interested in classic literature, surreal stories, absurdist fiction, and thought-provoking themes will find Kafka’s novella haunting and unforgettable. Franz Kafka novel | Classic literature | Psychological fiction | Dark fiction books | Short classic novel | Philosophical fiction | Dystopian themes | Dark philosophy books
Customer Reviews
Be the first to write a review...
5 out of 5
Book