Kuch Meter Par Zindagi
Author:
Mohit SharmaPublisher:
FlyDreams PublicationsLanguage:
HindiCategory:
Short-story-collections0 Ratings
Price: ₹ 119.2
₹
149
Available
ज़िन्दगी दो चीज़ों की मोहताज होती है - एक रोटी का कौर और दूसरा सही दौर। जहां रोटी की अहमियत रोज़ महसूस होती है, वहीं दौर को समय की सुई इतना भगाती है कि बैठकर उसको महसूस करने या उसकी अहमियत समझने का वक़्त ही नहीं मिलता।इसी तरह हम अक्सर खुद से पूछते हैं कि कोई बात, कोई याद, कहीं हुआ एक वाकया या घटना मामूली सा तो था पर मुझे क्यों याद है। ऐसा क्या खास था इसमें? कुछ भी नहीं!यह शायद आपके दिमाग का आपसे बदला लेने का तरीका है कि मन को सुकून देने वाली ज़िन्दगी की अहम बातों को याद नहीं रखोगे, तो फिर भुगतो! या शायद उसकी नम्र अर्जी है कि साहब जी/मैडम जी, बहुत भाग लिए ज़िन्दगी में, कभी तो ठहरकर अपनी संजोई यादों को निहारो!इन कहानियों में ऐसे बारीक लम्हों को पिरोने की कोशिश की है। मुझे नहीं पता कि आपकी ज़िन्दगी में कौनसा दौर चल रहा है पर मैं उम्मीद करता हूं कि इन कहानियों को पढ़ने के बाद आप ऐसे लम्हों की डोर पकड़े, हर दौर में अपने दिल को दिलासा देंगे - मोहित शर्मा
ISBN: 9788194642923
Pages: 147
Avg Reading Time: 5 hrs
Age: 11-18
Country of Origin: India
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- Description: मोनिका तभी कलम चलाती हैं, जब कोई घटना या पात्र उन्हें बेचैनी की सीमा तक परेशान कर देता है। उनके लिए कहानी महज शब्दों की नुमाइश या आतिशबाजी नहीं, बल्कि सामाजिक सरोकारों का यथार्थ साक्षात्कार होती है। स्त्री-पुरुष के आपसी अंतर्संबंधों की बारीकियाँ एवं विक्षिप्तता, उनका निपट अकेलापन, उससे पनपनेवाली मानसिक विकृतियाँ, उन्हें इस स्थिति तक पहुँचाने वाला सामाजिक तथा व्यवस्था का ढाँचा, धार्मिक असहिष्णुता, कट्टरवादी भूमिका, मूलतत्त्ववाद तथा उनके आनुषंगिक खतरनाक विघटनकारी तत्त्व, धर्म और श्रद्धा का स्वरूप, प्रत्यक्ष जिंदगी जीने के लिए उनकी प्रासंगिकता एवं उपादेयता, कला और कलाकार की प्रतिबद्धता आदि अन्यान्य जीवन मूल्यों की कशमकश का सूक्ष्म, बेबाक, वस्तुनिष्ठ तथा निष्पक्ष चित्रण उनकी कहानियों में पाया जाता है। मोनिका की कहानियाँ पाठकों के दिमाग को झकझोरती हैं और उन्हें अंतर्मुख भी बना देती हैं। उनकी कहानियाँ समाधान पेश करने के बजाय प्रश्न उपस्थित करती हैं तथा इनसान की मजबूरी, असहायता एवं निर्णयहीनता की वजह से तबाही के कगार की सीमा तक पहुँचे हालातों से पाठकों को रूबरू कराती हैं। किसी भी समस्या की ओर तटस्थता से देखते हुए उसके विभिन्न पहलुओं को परत-दर-परत उजागर करती हैं। मोनिका की कहानियाँ इसी मायने में किसी भी अन्य भाषा की समसामयिक कहानियों से अलग हटकर अपनी विशिष्ट पहचान बनाती हैं।
KETI-KOTI
- Author Name:
Pushpita Awasthi
- Book Type:

- Description: Collection Of Short stories
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