Path Ke Sathi
(0)
Author:
Mahadevi VermaPublisher:
Rajkamal Prakashan SamuhLanguage:
HindiCategory:
Contemporary-fiction₹
199
₹ 159.2 (20% off)
Available
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महादेवी जी ने अपने कुछ समकालीनों के संस्मरण रूपी व्यक्ति-चित्र इस तरह प्रस्तुत किए हैं जिनमें उनके साथियों के आन्तरिक व्यक्तिबोध को गहराई से पहचाना और समादृत किया गया है। यही कारण है कि महादेवी जी के स्मृति विधान ने जो आकृतियाँ प्रस्तुत की हैं वे जीवन्त मनुष्य की तरह पाठकों के साथ अब तक बनी रही हैं और आगे भी बनी रहेंगी।
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महादेवी जी ने अपने कुछ समकालीनों के संस्मरण रूपी व्यक्ति-चित्र इस तरह प्रस्तुत किए हैं जिनमें उनके साथियों के आन्तरिक व्यक्तिबोध को गहराई से पहचाना और समादृत किया गया है। यही कारण है कि महादेवी जी के स्मृति विधान ने जो आकृतियाँ प्रस्तुत की हैं वे जीवन्त मनुष्य की तरह पाठकों के साथ अब तक बनी रही हैं और आगे भी बनी रहेंगी।
Book Details
-
ISBN9788180313028
-
Pages90
-
Avg Reading Time3 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
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