Neend Kis Chidiya ka Naam Hai?
(0)
Author:
Rajesh Joshi, Bhargav KulkarniPublisher:
Ektara TrustLanguage:
HindiCategory:
Short-story-collections₹
160
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Acclaimed poet Rajesh Joshi’s poems make for a thought-provoking read. With the magic of his words, he turns things like a broom, a telephone, discounts, and keys into subjects worth engaging. His simple writing style serves his perspective very well and helps convey his thoughts to the reader. Each of his poems will surprise you. A talented artist, Bhargav Kulkarni’s artworks are equally engaging interpretations of the poems. Created with water colours, you would find these illustrations very thought-provoking. Age group 9-12 years Age group 9-12 years
Read moreAbout the Book
Acclaimed poet Rajesh Joshi’s poems make for a thought-provoking read. With the magic of his words, he turns things like a broom, a telephone, discounts, and keys into subjects worth engaging. His simple writing style serves his perspective very well and helps convey his thoughts to the reader. Each of his poems will surprise you.
A talented artist, Bhargav Kulkarni’s artworks are equally engaging interpretations of the poems. Created with water colours, you would find these illustrations very thought-provoking.
Age group 9-12 years
Age group 9-12 years
Book Details
-
ISBN9788194599234
-
Pages36
-
Avg Reading Time1 hrs
-
Age11-18 yrs
-
Country of OriginIN
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भी कहना मुनासिब नहीं। डायरियों में एक व्यवस्था होती है। सुविधा के लिए ज़्यादा से ज़्यादा इन्हें
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केन्द्रित जो टिप्पणियाँ हैं या कविता की किताबों पर समीक्षात्मक टिप्पणियाँ, सब कुल मिलाकर
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अपनी काहिली और सुविधा के लिए ईजाद किया। इसलिए इसे आलोचना या समीक्षा जैसा काम तो
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