Ghazal Usne Chhedi 6
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urduGhazal is one of the most prominent forms of urdupoetry that have survived the passage of time. Despite almost eight hundred years of its existence, ghazal hasn’t lost its sheen. Instead, it still resonates in the hearts of poetry enthusiasts with the same fervor. Ghazal in its journey from Amir Khusro to what it is today has seen many ups and downs. Farhat Ehsas is one of the most prominent contemporary urdupoets, and he has tried to capture this journey of Ghazal with the help of ‘Ghazal usne chhedi’ series. With the help of these books one can enjoy the beautiful journey of ghazal. These books are in Devanagri script and meanings are also attached with the difficult words to make it convenient for readers.
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urduGhazal is one of the most prominent forms of urdupoetry that have survived the passage of time. Despite almost eight hundred years of its existence, ghazal hasn’t lost its sheen. Instead, it still resonates in the hearts of poetry enthusiasts with the same fervor. Ghazal in its journey from Amir Khusro to what it is today has seen many ups and downs. Farhat Ehsas is one of the most prominent contemporary urdupoets, and he has tried to capture this journey of Ghazal with the help of ‘Ghazal usne chhedi’ series. With the help of these books one can enjoy the beautiful journey of ghazal. These books are in Devanagri script and meanings are also attached with the difficult words to make it convenient for readers.
Book Details
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ISBN9788193960998
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Pages254
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Avg Reading Time8 hrs
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Age18+ yrs
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Country of OriginIndia
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“अपने सत्कर्मों से मानव/जीवन काल बढ़ा सकता है/धर्म आचरण से आत्मा को/वह उदात्त बना सकता है।”
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‘मृत्युंजयी’ पढ़कर आप एक ऐसे फूल की कल्पना कर सकते है जो कभी जुही भी हो जाता है तो कभी कमल, कभी मौलश्री, कभी अमलतास तो कभी शेफालिका। ‘मृत्युंजयी’ पढ़ने और उसकी संवेदना के आन्तरिक सतह का स्पर्श करने के पश्चात आपको सहज अनुभव होगा कि महाकवि भागवत झा ‘आज़ाद’ अपने शब्दों से जीवन की परिधि का विस्तार करते हैं। उनकी कविता मानव मन में उच्चतर जीवन मूल्यों के प्रति उत्कंठा और आस्था जगाती है और इस तरह मानवीय नश्वरता के विरुद्ध शाश्वरता का जयगान करती है।
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