Poorva Sandhya
Author:
Dinesh KapoorPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
HindiCategory:
Contemporary-fiction0 Ratings
Price: ₹ 320
₹
400
Available
अमित बोला, ‘‘कुछ खास नहीं। अभी तक तो रजाई में ही था। अब सोच रहा था, क्या करूँ!’’
विधू ने पूछा, ‘‘कॉलेज नहीं आना?’’
अमित बोला, ‘‘मन नहीं कर रहा।’’
विधू ने पूछा, ‘‘क्यों?’’
अमित बोला, ‘‘यूँ ही।’’
विधू ने पूछा, ‘‘मन क्या कर रहा है?’’
अमित बोला, ‘‘कुछ नहीं। पता नहीं क्या करने को मन कर रहा है! लगता है, आई नीड एन आऊटिंग बैडली।’’
विधू ने कहा, ‘‘दैन व्हाई डोंट यू गो?’’
अमित बोला, ‘‘आई थिंक, आई विल...।’’ फिर सहसा बोला, ‘‘तुम्हारी क्लासिस कब तक हैं?’’
विधू ने कहा, ‘‘क्लासिस का क्या है, खत्म हो जाएँगी।’’
अमित ने जिद की, ‘‘बताओ न!’’
विधू ने कहा, ‘‘एक बजे तक।’’
अमित बोला, ‘‘अभी 11.30 बजे हैं। डेढ़ घंटा है।’’ फिर कुछ सोचकर बोला, ‘‘क्लासिज के बाद चलो चलते हैं।’’
विधू ने पूछा, ‘‘कहाँ?’’
अमित बोला, ‘‘पता नहीं। आई रियली डोंट नो। लैट अस सी। अभी तैयार होने में एक-डेढ़ घंटा लगेगा, फिर देखते हैं। लेकिन मैं कॉलेज नहीं आऊँगा।’’
इसी उपन्यास से
वर्तमान सामाजिक परिस्थितियों तथा आज के परिवेश पर दृष्टि डालना पठनीय उपन्यास, जो पुरानी पीढ़ी और नई पीढ़ी के बीच एक तादात्म्य स्थापित करने की पहल करेगा। "
ISBN: 9789382901488
Pages: 176
Avg Reading Time: 6 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
Recommended For You
Do Behnein
- Author Name:
Rabindranath Thakur
- Book Type:

- Description: रवीन्द्रनाथ ठाकुर के उपन्यास आधुनिक जीवन-स्थितियों का आभ्यन्तर प्रस्तुत करते हुए स्त्री के भीतर स्त्री की अनवरत खोज की आश्चर्यजनक चेष्टाओं का दिग्दर्शन कराते हैं। उनके काव्य की अनन्त उन्मुक्ति में विस्तार पाती स्त्री उनके उपन्यासों में ऊबड़-खाबड़ धरती पर उतरती है, लेकिन अपने मज्जागत आदर्श को हृदय से अवश्य चिपटाए रहती है। यहीं कहीं उसके आस-पास पुरुष विद्यमान रहता है, अपनी समस्त प्रवृत्तियों के अंकुशाघात से घायल—कभी स्त्री के सहारे, कभी स्वयं उपन्यासकार के सहारे, और कभी अपने ही बुने जाल की गाँठें खोलने को सन्नद्ध। ‘दो बहनें’ ऐसा ही उपन्यास है।
Parva
- Author Name:
S.L. Bhyrappa
- Rating:
- Book Type:

- Description: The novel narrates the story of the Hindu epic Mahabharata, primarily using monologue as a literary technique. Several principal characters from the original Mahabharata reminisce about their entire lives. Both the setting and the context for the reminiscence are the onset of the Kurukshetra War. Parva is acknowledged as S.L. Bhyrappa's greatest work. Non-Kannadigas who have read it in its Hindi and Marathi translations consider it one of the masterpieces of modern Indian literature. It transforms an ancient legend into a modern novel. In this process, it has gained rational credibility and a human perspective. The main incident, the Bharata war, symbolic of the birth pangs of a new world order, depicts a heroic but vain effort to arrest the disintegration and continue the prevailing order. It is viewed from the standpoints of the partisan participants and judged with reference to the objective understanding of Krishna. Narration, dialogue, monologue, and commentary are all employed for its presentation. Shot through with irony, pity, and objective understanding, the novel ends with the true tragic vision of faith in life and hope for mankind. Parva has been translated into several major Indian languages: Bengali, Hindi, Marathi, Tamil, and Telugu, apart from English. The novel narrates the story of the Hindu epic Mahabharata, primarily using monologue as a literary technique. Several principal characters from the original Mahabharata reminisce about their entire lives. Both the setting and the context for the reminiscence are the onset of the Kurukshetra War.
Dhuan
- Author Name:
Amrit Rai
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Kamini Kay Kantare Vol-I
- Author Name:
Mahesh Katare
- Book Type:

- Description: कामिनी काय कांतारे’ अर्थात कामिनी काया के जंगल में! राजा भर्तृहरि, गृहस्थ भर्तृहरि, प्रेमी भर्तृहरि, कवि भर्तृहरि, वैयाकरण भर्तृहरि, योगी भर्तृहरि! बहुमखी प्रतिभा के धनी विविध रूप-गुणों से संपन्न भर्तृहरि के जीवन पर आधारित यह उपन्यास कामिनी कंचन के बीच से ही नहीं गुजरता, कामिनी काया के जंगल से भी गुजरता है और कथा, इतिहास, मिथक के बल पर एक महान क्लासिक रचना वरिष्ठ कथाकार-उपन्यासकार महेश कटारे की कलम से पूर्णता को प्राप्त करती है। यह उपन्यास न मात्र बेहद पठनीय और रोचकता के लिहाज से महत्त्वपूर्ण है, ज्ञान को दीप्त करने वाली विशिष्ट कृति है। भारतीय परंपरा की थाती। उपन्यासकार के शब्दों में, ''भरथरी गाने वालों की कथा में बीवी की बेवफाई से दुखी राजा भरथरी जोगी बनकर महल, हवेली, राजपाट छोड़कर निकल गए। गुरु गोरखनाथ के कहने पर वह अपनी उसी पत्नी रानी पिंगला से भीख माँगने द्वार पर पहुँचे तो राजा को जोगी के भेष में देख रानी पछाड़ खाकर गिर पड़ी। 'भरथरी’ सुनती स्त्रियों की भीड़ राजा के घर से निकलते ही आँसू बहाने लगती और रानी के पछाड़ खा गिरने पर तो अनेक की 'कीक’ फूट जाती। इस भर्तृहरि से मेरा बचपन का परिचय था। बाद में सरसरी दृष्टि से शतकत्रय भी पढ़े थे तो उस रात मैंने मित्रों को दो-तीन श्लोक सुना डाले। उन्होंने प्रस्ताव रखा कि भर्तृहरि बहुत बड़ा कवि है। हमारे यहाँ ऐसे लोगों पर बहुत कम काम हुआ है, सो मैं एक उपन्यास लिखूँ।...’’ और अब यह उपन्यास दो खण्डों में आपके सामने है। हिंदी की एक अनमोल कृति के रूप में!...
Durdamya - Kannada
- Author Name:
Gangadhar Gadgil +1
- Book Type:

- Description: A truly wonderful book . It explains the life of one of our greatest leader Lokmanya Bal Gangadhar Tilak . A truly inspiring book
Tapas
- Author Name:
Varun Kumar Pandey
- Book Type:

- Description: तापस' केवल एक उपन्यास नहीं है; यह व्यक्ति के अंतःकरण के समूल परिवर्तन की एक यात्रा है। यह सामाजिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विकास के गहरे संगम की खोज करता है, यह दरशाते हुए कि कैसे ये तत्त्व आपस में मिलकर युवाओं के बीच एक गहरे उद्देश्य और जुड़ाव की भावना को बढ़ावा दे सकते हैं। यह उपन्यास वर्तमान समय की पृष्ठभूमि पर आधारित है, जहाँ परंपरा नवाचार से मिलती है और प्राचीन ज्ञान समकालीन चुनौतियों का सामना करता है। कहानी रवि और सीमा पर केंद्रित है, जो युवा और अत्यधिक सफल व्यवसायी हैं। उनकी यात्रा के माध्यम से पाठकों को यह देखने का अवसर मिलता है कि कैसे सांस्कृतिक विरासत, आध्यात्मिक खोज और सामाजिक सहभागिता व्यक्तियों को अपने जीवन और समुदायों को बदलने की शक्ति दे सकती हैं। रवि के अनुभव एक सार्वभौमिक पहचान और संतोष की खोज को दरशाते हैं, जो इस विश्वास पर आधारित हैं कि सच्ची वृद्धि तब होती है, जब किसी की व्यक्तिगत आकांक्षाएँ बड़े हितों के साथ मेल खाती हैं। यह उपन्यास आपस में जुड़े उत्थान के सार को पकड़ने का प्रयास करता है, यह दिखाते हुए कि व्यक्तिगत विकास को उन सांस्कृतिक और आध्यात्मिक आयामों से अलग नहीं किया जा सकता, जो हमारे जीवन को आकार देते हैं।
Santya Kulee
- Author Name:
Adv. Santosh Malvikar
- Book Type:

- Description: मातृभूमीविषयीचं प्रेम, गैरवर्तन करणाऱ्यांविषयी चीड, सामाजिक न्यायासाठी अन्यायाविरुद्ध लढण्याची हिंमत, विचारांची स्पष्टता आणि ध्येयासाठी कष्ट आणि संघर्ष करण्याची तयारी असेल, तर अगदी सर्वसामान्य ग्रामीण कुटुंबातून आलेला तरुणही नवख्या शहरी जीवनात स्वत:चं वेगळं स्थान निर्माण करू शकतो. इतकंच नाही, तर हीणकस वृत्तीच्या तथाकथीत उच्चभ्रू मान्यवरांच्या नाकावर टिच्चून तो आपल्या आयुष्यात अत्यंत उंच भरारी घेऊ शकतो. याचाच प्रत्यय देणारी ही आत्मकथा आहे. ती सुरू होते विमानतळावरील हमालीच्या कामापासून. हमाल हा समाजातला सर्वात दुर्लक्षित घटक. पण तो जर चौकस आणि डोळसपणे भोवतालच्या घटनांकडे पाहू लागला आणि जागरूक नागरिक म्हणून रिॲक्ट होऊ लागला तर अनेकांसाठी पळता भुई थोडी होते. गोवा विमानतळावर ‘संत्या कुली'ने हा चमत्कार घडवला होता. त्याची ही त्यानेच सांगितलेली गोष्ट आहे. पत्रकारितेचं शिक्षण घेण्यासाठी लागणारे पैसे जमा करता यावेत आणि मुख्य म्हणजे सेलिब्रिटींना प्रत्यक्ष बघता यावं म्हणून संतोष मळवीकर यांनी हमालीच्या कामापासून आपल्या जीवनप्रवासाची सुरूवात केली होती. तो प्रवास आता भवतालच्या गैरकारभाराविरुद्ध आवाज उठवणारा सामाजिक कार्यकर्ता ते प्रथितयश वकील इथपर्यंत पोचला आहे. मुख्य म्हणजे हा साराच प्रवास अत्यंत रोमहर्षक आणि संघर्षशील घटनांनी भरलेला आहे. त्यातील ऐन उमेदीच्या काळात ‘कुली' म्हणून जगताना पुकारलेला व्यवस्थेविरुद्धचा संघर्ष या पुस्तकात आला आहे. साधा कुली म्हणून जगतानाही एखादा व्यक्ती किती नेक काम करू शकतो याची ही संघर्षकथा अनेकांसाठी प्रेरक ठरेल आणि त्याचा पुढचा प्रवास जाणून घेण्याची उत्सूकताही वाढवेल. Santya Kulee | Adv. Santosh Malvikar संत्या कुली | ॲड. संतोष मळवीकर
Delightful Novella (Volume-3)
- Author Name:
Dr.Sanjay Rout
- Book Type:

- Description: Delightful Novella (Volume-3) is the first book in a series of four novellas that follows the adventures of a young woman named Delightful. She's an aspiring writer who's trying to find her way in the world, and she has some big decisions to make about what kind of life she wants to live.Delightful is also a very interesting character because she has autism--which means that she has difficulty communicating with others and understanding social cues. This makes her vulnerable when it comes to making friends and finding love, but it also means that she can be very observant about people's behavior and learn things about others that they may not even realize they're doing!
Swarg Dadda! Pani, Pani
- Author Name:
Vidya Sagar Nautiyal
- Book Type:

- Description: Novel
Maaya : A Tryst With Self
- Author Name:
Minal Arora
- Book Type:

- Description: Maaya – A tryst with self, is the story Maaya, who, through her love for a man, Rahul, took on an incredible journey within, where she understood and experienced love in its purest, truest form. When Maaya first met Rahul, he touched a part of her soul that she had suppressed long ago in order to become the perfect girl for the love of her life, Kunal, whom she was engaged to. As Rahul and Maaya realised their feelings for each other, they also realised the futility of it all. A few days of togetherness was all they enjoyed before they accepted that they weren’t meant to be. Maaya gracefully let go of him to marry Kunal and have her happily ever after. Little did she expect that he would show up again in her life, at a point where she had separated from Kunal after six years of marriage, and her pursuit for his love would lead her to see love in a light she had never seen it in before. She never knew her inner journey was awaiting to be unleashed. She goes through ecstasy, joy, grief, failure, misery and sadness due to the love she longs to have in her life. On the road she travels to re-unite with her twin-soul, unexpectedly leads her to becoming a spiritual healer, the experience of which, opened her up to an infinite horizon where she not only found love, but found herself. Maaya is the essence of human experience through a woman, beyond time, which began with her loving someone so intensely that she dissolved in whom she loved and then finding herself through what followed. The book carries deep revelations about soul mate and twin-soul relationships including how they have been a source to spiritual upliftment for both the twins and how they can prove instrumental in transcending the limitations of each other. Time and again these lovers meet and part, giving each other an experience so intense that it leaves each in a state where they have no choice but to look within for the void they experience while the other isn’t around. The book carries deeper experiential understanding of what the need for love might bring one to experience. It is a tryst with self-facilitated through the twin. Maaya is a journey deep within, all the way to the sub-conscious and exploring long lost memories from past lives and beyond. In her desperation to be loved by Rahul, Maaya travels into her several past lives, encounters herself as love, as sadness, as betrayal, as grief, as loss, as failure and yet realizes that all these were mere experiences transient in nature and they only led her to loving herself and believing in herself even more in this moment. Minal Arora, as a past life therapist and mentor has held the hand of many in their journey within, to explore the explored dimensions of their being, to understand how the soul operates out of human consciousness and how relationships, both good and bad, play a vital role in learning our lessons. All relationships are important, but this book is focused on how the relationship with a twin-soul can allow one to be revealed deep secrets or mysteries of the universe to live a more powerful
Shyam Swapn
- Author Name:
Thakur Jagmohan Singh
- Book Type:

- Description: यह एक विचित्र संयोग ही कहा जाएगा कि जिस अंचल में रहकर बीसवीं शताब्दी के उत्तरार्द्ध में गजानन माधव मुक्तिबोध जैसे आधुनिक चिन्तक-कवि ने अपने समय के खुरदुरे और अदम्य यथार्थ के लिए फंतासी की विधि का आविष्कार किया, उसी अंचल के ठाकुर जगमोहन सिंह ने उन्नीसवीं शताब्दी के अन्त के कुछ बरसों पहले एक पूरा उपन्यास ही फंतासी के रूप में लिखा। हिन्दी में यथार्थ के चित्रण की जो इकहरी परम्परा बाद में लगभग केन्द्रीय बन गई उसमें इस उत्तराधिकार का कोई बोध या स्मृति, दुर्भाग्य से, शेष नहीं है। उपन्यास की गल्पता को हिन्दी में इतनी जल्दी साध लिया गया था और उसे अपनी जातीय परम्परा के अनुकूल भी कर लिया गया था, यह जानना आज के स्मृतिवंचित दौर में रोमांचक है। इस अनोखे गद्य में मध्यकालीन कविता ‘स्वच्छन्द’ है : उस पर सचाई का व्यर्थ का बोझ नहीं है, बल्कि सपने की सहज प्रवाहमयता है। वह खिलता, स्पन्दित, कविसमयों में विन्यस्त ऐसा गद्य है कि विशेषत: आज तो सर्वथा अनन्य लगता है। ‘श्यामास्वप्न’ का पुनर्प्रकाशन सचमुच एक साहित्यिक घटना है। शायद इसका एक और साक्ष्य कि कैसे कई मायनों में उत्तर-आधुनिक हमारे यहाँ प्राक्-आधुनिक है। —अशोक वाजपेयी
Arsalan aur Bahzad
- Author Name:
Khalid Javed
- Book Type:

- Description: ख़ालिद जावेद का नाम समकालीन उर्दू उपन्यास की पहचान भी है और शान भी। ‘अरसलान और बहज़ाद’ जादुई कहानियों के इस रचयिता का तीसरा उपन्यास है। जिसमें यथार्थ तल में है और सतह पर ऐसी ना-मुमकिन और अमूर्त घटनाएँ कि पढ़ने वाला हैरतज़दा रह जाए। प्रेम, करुणा, अपमान, क्रोध और महरूमी को इस दास्तान में जिस आवर्धक लेंस से देखा गया है, वह जीवन के प्रति हमें कभी बेज़ार करता है तो कभी उसकी निरर्थकता को हम पर और रोशन करता है। अगर आप ख़ालिद जावेद की लेखनी से परिचित हैं तो इसमें आपको महीन और गहरे ख़यालात की विस्तृत दुनिया से शनासाई होगी और अगर आप उन्हें इसी उपन्यास से पहली दफ़ा जान रहे हैं तो आप उनकी पिछली कृतियों के अध्ययन के लिए ख़ुद को विवश पाएँगे। ख़ालिद जावेद अपने पिछले दो उपन्यासों, ‘मौत की किताब’ और ‘नेमतख़ाना’ से हिन्दी पाठकों तक पहुँच कर पहले भी, कथ्य और क्राफ्ट की नई लहरों से परिचित करवा चुके हैं। ‘अरसलान और बहज़ाद’ इसी सिलसिले में एक ज़बरदस्त इज़ाफ़ा है, जिसे मौजूदा उर्दू फ़िक्शन के एक बड़े कारनामे के तौर पर तस्लीम किया जा चुका है।
Aadha Gaon
- Author Name:
Rahi Masoom Raza
- Book Type:

- Description: आधा गाँव, यानी गंगौली। ज़िला ग़ाज़ीपुर (उत्तर प्रदेश)। काल-परिप्रेक्ष्य–1947, स्वाधीनता के समय होनेवाला देश-विभाजन। गंगौली मुस्लिम-बहुल गाँव है और यह उपन्यास है–इस गाँव के मुसलमानों का बेपर्द जीवन-यथार्थ। पूरी तरह सच, बेबाक और धारदार। पाकिस्तान बनते समय मुसलमानों की विविध मन:स्थितियों, हिन्दुओं के साथ उनके सहज आत्मीय संबंधों तथा द्वंद्वमूलक अनुभवों का अविस्मरणीय शब्दांकन। सांप्रदायिकता के ख़िलाफ़ एक ऐसा सृजनात्मक प्रहार, जो दुनिया में कहीं भी राष्ट्रीयता ही के हक़ में जाता है। लेखकीय चिंता सार्वजनीन है कि गंगौली में अगर गंगौलीवाले कम तथा सुन्नी और शिया और हिन्दू ज़्यादा दिखाई देने लगें, तो गंगौली का क्या होगा?...दूसरे शब्दों में, गंगौली को यदि भारत मान लिया जाए तो भारत का क्या होगा? भारतीय कौन होंगे?...अपनी वस्तुगत चिंताओं, गतिशील रचनाशिल्प, आंचलिक भाषा-सौंदर्य और सांस्कृतिक परिवेश के चित्रण की दृष्टि से अत्यधिक महत्त्वपूर्ण उपन्यास–हिन्दी कथा-साहित्य की बहुचर्चित और निर्विवाद उपलब्धि। इस कृति की सबसे बड़ी ख़ासियत है–संयमहीनता। इसके सभी पात्र बिना लगाम के हैं और उनकी अभिव्यक्ति सहज, सटीक और दो टूक है, गालियों की हद तक।
Parth Tumhen Jina Hoga
- Author Name:
Jyoti Jain
- Rating:
- Book Type:

- Description: Book
Daari
- Author Name:
Kusuma Ayrahalli
- Rating:
- Book Type:

- Description: "ದಾರಿ" ಇದು ಕುಸುಮಾ ಆಯರಹಳ್ಳಿ ಬರೆದ ಕಾದಂಬರಿಯ ಶೀರ್ಷಿಕೆ. ಈ ಪುಸ್ತಕದಲ್ಲಿ, ಹಳ್ಳಿಯಿಂದ ನಗರಕ್ಕೆ ಹೋಗಿ ಬದುಕುತ್ತಿದ್ದ ವ್ಯಕ್ತಿಯೊಬ್ಬ, ತನ್ನ ಹಳ್ಳಿಗೆ ಮತ್ತೆ ಮರಳಿ, ಆ ಹಳ್ಳಿಗಾಗಿ ದುಡಿಯುವ, ಹಳ್ಳಿಗರಿಗಾಗಿ ತುಡಿಯುವ ಕಥೆ ಇದು. ಕಥಾ ನಾಯಕನ ಔದ್ಯೋಗಿಕ ಜೀವನದಲ್ಲಾದ ಸಣ್ಣ ಪಲ್ಲಟ ತನ್ನ ಹಳ್ಳಿಯನ್ನು ಆತನಿಗೆ ಮತ್ತೆ ನೆನಪಿಸುತ್ತದೆ. ತನ್ನದೇ ಆದ ಆದರ್ಶಗಳ ಜತೆ ಬದುಕುತ್ತಿರುವ ಕಥಾ ನಾಯಕನಿಗೆ ತಾನು ಹುಟ್ಟಿ ಬೆಳೆದ ಹಳ್ಳಿಯಲ್ಲಿ ಎಲ್ಲವೂ ಸರಿಯಿಲ್ಲ ಎಂದೆನಿಸಲು ಆರಂಭವಾಗುತ್ತದೆ. ಸರಿಯಿಲ್ಲದ್ದನ್ನು ಸರಿಪಡಿಸುವ ನಿರ್ಧಾರ ಮಾಡುತ್ತಾನೆ. ಅಲ್ಲಿಂದಲೇ ಈ "ದಾರಿ"ಯ ಆರಂಭ.
Madar
- Author Name:
Subhash Chandra Yadav
- Book Type:

- Description: A Maithili Novel
Ujla Andhera
- Author Name:
Kailash Wankhede
- Book Type:

-
Description:
उजला अँधेरा उपन्यास को पढ़ना एक ऐसे सच के सामने होना है जिससे पूरी व्यवस्था मुँह चुराती रही है। सामाजिक-व्यवस्था का वह सच जिसने आज़ाद भारत के उस सपने को निरर्थक कर दिया जो इस देश के नागरिकों को समता, स्वतंत्रता और उजाले का आश्वासन देता था।
वह सच है जाति जो हर तरह की सामाजिक-आर्थिक प्रगति को ठेंगा दिखाती हुई हमारे समाज में आज भी जहाँ की तहाँ बनी हुई है। तीन पीढ़ियों के दुःख-दर्द और बदलाव के संघर्षों से रचा हुआ यह पूरा उपन्यास अपने आप में एक तीखा सवाल है जिसे जाति के यथार्थ से आँख मिलाते हुए पूछा गया है। यह उपन्यास पूछता है कि भारत के लोग आज भी एक समान नागरिकता बोध और व्यवहार के अभ्यस्त क्यों नहीं हो पाए हैं; कि आज़ादी के इतने वर्षों बाद भी समाज के एक बड़े हिस्से को अपने जन्म, विवाह एवं मृत्यु संस्कारों और उत्सवों को अपने ढंग से मनाने का अधिकार क्यों नहीं मिला; कि यह कैसी व्यवस्था है जिसमें सार्वजनिक सड़क को भी कुछ लोग अपनी निजी सम्पत्ति समझते हैं और चाहते हैं कि कौन उस पर चलेगा, कौन नहीं ये भी वे तय करें? और सबसे बड़ा यह सवाल कि एक लोकतान्त्रिक राष्ट्र की सरकारें भी क्यों जाति की इस लक्ष्मण रेखा को नहीं लाँघ पातीं? ऐसे तमाम सवालों से उपन्यास के पात्र टकराते हैं। बदलाव की बेचैनी हो या बराबरी के सपने, वे यहाँ एक सुलगती हुई आँच में धीरे-धीरे पकते हैं और सघन सामूहिकता के साथ दर्ज होते हैं। हमारे समय और समाज को समझने के लिए एक ज़रूरी उपन्यास.
Imartiya
- Author Name:
Nagarjun
- Book Type:

- Description: प्रगतिशील कवि-कथाकार नागार्जुन का यह उपन्यास माई इमरतीदास उर्फ इमरतिया नामक एक युवा अवधूतिन के बहाने भारतीय समाज में व्याप्त धार्मिक जड़वाद और पाखण्ड को अत्यन्त गहराई से उघाड़ता है। पूर्वोत्तर भारतीय सीमा के निकट एक गाँव से जुड़े जिस मठ को नागार्जुन ने इस कथा का केन्द्र बनाया है, उसी से अनपढ़ और धर्मभीरु ग्रामीण जन के शोषण के तमाम सूत्र आकर जुड़ते हैं। बड़े भूमिपति हों या धनपति, प्रशासक हों या स्मगलर, अफीम चरस के शौकीन हों या औरत के—वह मठ सभी का स्वर्ग है। सभी उससे जुड़े हैं, सभी उससे समृद्ध हो रहे हैं, इसीलिए उसकी समृद्धि चाहते हैं। लेकिन ‘लाल झंडावालों’ के इशारे पर घटी एक घटना ने उस स्वर्ग के समूचे नरक को उजागर कर दिया और उसका सारा तिलिस्म टूटने लगा। इसके बावजूद इमरतिया इसी नरक की ‘देवी’ है। एक ऐसी मानवी, जो दानवों के साथ रहते हुए भी अपनी तमाम मानवीय संवेदनाओं को बचाए हुए है और अन्ततः मस्तराम जैसे युवा अवधूत की प्रेम-प्रतीक्षा में तीर्थाटन को निकल जाती है।
agedashtu nakshatra
- Author Name:
Sumangala
- Book Type:

- Description: ಅಗೆದಷ್ಟೂ ನಕ್ಷತ್ರ' ಭೂಮಿಯ ಜೊತೆಗಿನ ಮನುಷ್ಯನ ಅನುಬಂಧವನ್ನು ಕುರಿತು ಆತ್ಮದ ಭಾಷೆಯಲ್ಲಿ ಮಾತನಾಡುವ ಅಪರೂಪದ ಕಾದಂಬರಿ. ಪತ್ನಿ ತೀರಿದ ಬಳಿಕ ಪ್ರೊಫೆಸರ್ಗೆ ಆತ್ಮೀಯರಾದ ಜಲಜ ಮೇಡಂ, ಮನೆಕೆಲಸದ ಸೀತಮ್ಮ, ಮದುವೆಯೇ ಆಗದೆ ಕುಟುಂಬದ ಸರ್ವಸದಸ್ಯರ ಸಂಸಾರದ ಸೇವೆಯಲ್ಲೇ ಸಾರ್ಥಕ್ಯ ಕಂಡ ಪದ್ದಜ್ಜಿ, ಮದುವೆಯಾಗಿ ಎರಡು ತಿಂಗಳಾದರೂ ಗಂಡನ ಸುಖ ಕಾಣದೆ ವಿಧವೆಯಾದ ರಾಜಿ ಹೀಗೆ ಸಂಬಂಧಗಳ ಆಕರ್ಷಣೆ– ವಿಕರ್ಷಣೆಯನ್ನು ಶೋಧಿಸುತ್ತಾ ಕಾದಂಬರಿ ಮುಂದುವರಿಯುತ್ತದೆ. ಕಾದಂಬರಿಯ ನಿಜವಾದ ಉತ್ಖನನ ಆರಂಭವಾಗುವುದು ಮಂಡ್ಯ ಜಿಲ್ಲೆಯಲ್ಲಿ ಆತ್ಮಹತ್ಯೆ ಮಾಡಿಕೊಂಡ ಐವರು ರೈತ ಪಾತ್ರಗಳ ಪ್ರವೇಶದೊಂದಿಗೆ. ನಾಗರಿಕತೆ ಹುಟ್ಟುವುದಕ್ಕೂ ಮುನ್ನವೇ ಈ ಭೂಮಿ ಮನುಷ್ಯನ ಅನುಬಂಧ ಹುಟ್ಟಿದೆ. 4000 ವರ್ಷಗಳ ಹಿಂದಿನ ನಾಗರಿಕತೆಯನ್ನು ಶೋಧಿಸಲು ಉತ್ಖನನ ನಡೆದ ಧೊಲಾವೀರಾ, ಲೋಥೆಲ್ ಮತ್ತು ರೈತರು ಆತ್ಮಹತ್ಯೆ ಮಾಡಿಕೊಂಡ ಮಂಡ್ಯದ ಬಳಿಯ ಹಳ್ಳಿಗಳಲ್ಲಿ ಓಡಾಡಿರುವ ಲೇಖಕಿ, ಕಂಡುಕೊಂಡ ಭೂತಾಯಿಯ ಕಟು ಸತ್ಯಗಳ ಕುರಿತು ಈ ಕೃತಿಯಲ್ಲಿ ವಿವರಗಳನ್ನು ನೀಡಿದ್ದಾರೆ.
Shwet Yodha
- Author Name:
Jyoti Jain
- Book Type:

- Description: Description Awaited
Customer Reviews
0 out of 5
Book
Be the first to write a review...