Hindi Aalochana Ki Paaribhashik Shabdavali
(0)
Author:
AmarnathPublisher:
Rajkamal Prakashan SamuhLanguage:
HindiCategory:
Academics-and-references₹
1395
1116 (20% off)
Unavailable
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
आधुनिक हिन्दी आलोचना की आयु भले ही सौ-सवा सौ वर्ष हो किन्तु उसने इतनी तेज़ी से डग भरे कि इस अल्प अवधि में ही दुनिया की किसी भी दूसरी समृद्ध भाषा से होड़ लेने में सक्षम है।</p> <p>आज हिन्दी आलोचना में जो पारिभाषिक शब्द प्रचलित हैं, उनके मुख्यतः तीन स्रोत हैं। उनमें सबसे प्रमुख स्रोत हमारा संस्कृत काव्यशास्त्र है, जिसकी समृद्धि तद्युगीन विश्वसाहित्य में अतुलनीय है। हिन्दी आलोचना की समृद्धि के पीछे उसकी अपनी यही विरासत है। दूसरा स्रोत यूरोप का साहित्यशास्त्र है, जिससे हमारे लगभग साढ़े तीन सौ वर्ष से सम्बन्ध हैं। पिछले कुछ दशकों में उदारीकरण और भूमंडलीकरण के चलते यूरोप से अनेक नए पारिभाषिक शब्द हिन्दी में आए हैं, जिन्हें हिन्दी ने पूरी उदारता से ग्रहण किया है। इसी के साथ हिन्दी आलोचना ने अनेक शब्द स्वयं भी विकसित किए हैं।</p> <p>इस समृद्धि के बावजूद हिन्दी आलोचना में प्रचलित बहुतेरे पारिभाषिक शब्दों की अवधारणा को रेखांकित करनेवाली पुस्तक की कमी लगातार महसूस की जा रही थी। समकालीन हिन्दी आलोचना की इस अनिवार्य आवश्यकता को पूरी करनेवाली यह अकेली पुस्तक है—हिन्दी साहित्य के सुधी अध्येताओं के लिए अनिवार्यतः संग्रहणीय।
Read moreAbout the Book
आधुनिक हिन्दी आलोचना की आयु भले ही सौ-सवा सौ वर्ष हो किन्तु उसने इतनी तेज़ी से डग भरे कि इस अल्प अवधि में ही दुनिया की किसी भी दूसरी समृद्ध भाषा से होड़ लेने में सक्षम है।</p>
<p>आज हिन्दी आलोचना में जो पारिभाषिक शब्द प्रचलित हैं, उनके मुख्यतः तीन स्रोत हैं। उनमें सबसे प्रमुख स्रोत हमारा संस्कृत काव्यशास्त्र है, जिसकी समृद्धि तद्युगीन विश्वसाहित्य में अतुलनीय है। हिन्दी आलोचना की समृद्धि के पीछे उसकी अपनी यही विरासत है। दूसरा स्रोत यूरोप का साहित्यशास्त्र है, जिससे हमारे लगभग साढ़े तीन सौ वर्ष से सम्बन्ध हैं। पिछले कुछ दशकों में उदारीकरण और भूमंडलीकरण के चलते यूरोप से अनेक नए पारिभाषिक शब्द हिन्दी में आए हैं, जिन्हें हिन्दी ने पूरी उदारता से ग्रहण किया है। इसी के साथ हिन्दी आलोचना ने अनेक शब्द स्वयं भी विकसित किए हैं।</p>
<p>इस समृद्धि के बावजूद हिन्दी आलोचना में प्रचलित बहुतेरे पारिभाषिक शब्दों की अवधारणा को रेखांकित करनेवाली पुस्तक की कमी लगातार महसूस की जा रही थी। समकालीन हिन्दी आलोचना की इस अनिवार्य आवश्यकता को पूरी करनेवाली यह अकेली पुस्तक है—हिन्दी साहित्य के सुधी अध्येताओं के लिए अनिवार्यतः संग्रहणीय।
Book Details
-
ISBN9788126716524
-
Pages400
-
Avg Reading Time13 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
Desh-Dharm ke Rakshak : Guru Gobind Singh
- Author Name:
Jasvinder Kaur Bindra
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Jharkhand Vastunishtha
- Author Name:
Gopi Krishna Kunwar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Sukhi Evan Deerghayu Jeevan Ke 90 Secrets
- Author Name:
Dr. B.M. Hegde
- Book Type:

- Description: मार्च 2009 में हार्वर्ड मेडिकल कॉलेज का उनके लगभग आधे से अधिक वरिष्ठ शिक्षकों का फार्मास्युटिकल्स इंडस्ट्री का स्थायी कर्मचारी होने का खुलासा उस सत्य को स्पष्ट करता है, जिसे मैं इस पुस्तक में प्रकट करने का प्रयास कर रहा हूँ। चिकित्सकीय पाठ्य पुस्तकें आमतौर पर दवा कंपनियों द्वारा मेडिकल कॉलेजों में अपने लेखकों के संपर्कों द्वारा वित्त-पोषित होती हैं। मेरे शिक्षा काल की बीती यादें और इसके सुख व दु:ख मेरी इस पुस्तक रचना का प्रथम कारण रहा। आशा करता हूँ कि यह प्रयास चिकित्सकों की सोच को रोगी शय्या पर आने के लिए प्रेरित करेगा, जो स्वास्थ्य सेवा का मर्म है। इससे मानवता अधिक खुशहाल होगी। मेरा सपना है कि मैं डॉक्टरों को दवा और प्रौद्योगिकी विक्रेता नहीं, बल्कि उनके उपचारक के नियत स्थान पर देखूँ। काश, यह पुस्तक डॉक्टरों की मदद करे और वे रोगियों को दिलचस्प मामले की तरह नहीं, बल्कि परेशान मनुष्यों के रूप में देखने लगें! मैं उस दिन की प्रतीक्षा में हूँ, जब स्वास्थ्य सेवा प्रतिपादन में दुनियाभर के अनेकानेक प्राचीन ज्ञान को सम्मिलित कर इन्हें मानक वैज्ञानिक पद्धति से परखने के बाद प्रमाणीकरण करके अधिक मानवीय, रोगी-मित्रवत तथा सस्ता बनाया जा सके। हमें इतना विनम्र अवश्य होना चाहिए कि हम अपनी कमजोरियों को स्वीकार करें और दूसरों की अच्छाइयों को बिना किसी भय या पक्षपात के स्वीकार कर सकें। आखिरकार, डॉक्टर यहाँ समाज को स्वस्थ करने के लिए हैं, न कि बीमार को जोड़-तोड़ प्रदान करने के लिए।
Janiye Upanishadon Ko
- Author Name:
Ramkishore Vajpayee
- Book Type:

- Description: स्वाध्याय-यात्रा का विराम-बिंदु तब तक लक्षित नहीं होता, जब तक मेधा विश्रांति में पर्यवसित होने को विकल न हो। विश्रांति में पर्यावसान से ही विद्या के आस्वादन की पीठिका सजती है। श्री रामकिशोर वाजपेयी की स्वाध्याय-यात्रा का यही परिदृश्य है। अध्यापन, वित्तीय संस्थान में सेवा, टे्रड यूनियन की गतिविधियाँ, सामाजिक सरोकार तथा राजनीति विज्ञान के शिखर विचारकों के चिंतन और बीसवीं सदी की राजनैतिक उथल-पुथल के विपुल साहित्य के अनुशीलन तथा लेखन में प्रवृत्त होकर श्री वाजपेयी अगाध जिज्ञासा के नए प्रस्थान खोजते रहे। विगत शती के साठ से अस्सी के दशकों के बीच सतीर्थ श्री वाजपेयी आधुनिक शंकर स्वामी करपात्रीजी महाराज और स्वामी महेशानंद गिरि के सान्निध्य में ब्रह्मविद्या विषयक जिज्ञासाओं का स्थिर समाधान खोज रहे थे तथा अपने विद्वत् शोध-पत्रों एवं व्याख्यानों में उसे अभिव्यक्त कर रहे थे। वैदिक सृष्टि-विज्ञान और श्रीमद्भगवद्गीता जैसे गूढ़ विषयों पर उन्हें प्रामाणिक साहित्य के स्वाध्याय का सुअवसर सुलभ हुआ। प्रस्तुत पुस्तक में उपनिषद् विषयक सही और संक्षिप्त परिचय इसी अभिप्रेत से उनके द्वारा संकलित है कि ब्रह्मविद्या की आलोक-गुहा में ऋषियों के अनुभूत सत्यों की विविधता एवं उनके आत्मप्रकाश की प्रखरता से प्रवेशार्थी भ्रमित न हो जाएँ; ऐसे में यह कृति आश्वस्ति है और पाथेय भी। —डॉ. शिवकुमार दीक्षित ललित निबंधकार
Kuchh Suni Kuchh Ansuni Kahaniyan
- Author Name:
Surya Sinha
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Madhya Pradesh Uchch Madhyamik Shikshak Chayan Pariksha Itihas (MP High School Teacher Recruitment History) 15 Practice Sets
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
CTET Central Teacher Eligibility Test Paper -1 (Class 1 - 5 )
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Persian Hindi Dictionary : Vols. 2
- Author Name:
Chandrashekhar
- Book Type:

- Description: फ़ारसी भाषा, हिन्दी की ही तरह, भारतीय आर्य भाषा उपकुल का एक भाग है। ईरान एवं भारत, दोनों कृषि–प्रधान देश रहे हैं। दोनों की संस्कृतियों में अनेक समानताएँ आज भी विद्यमान हैं। मुग़ल–पूर्व, मुग़ल और मुग़लोत्तर शासन के दौरान हिन्दुस्तान में फ़ारसी भाषा का प्रसार एवं प्रचार अपनी चरम सीमा पर था। कबीरदास, सूरदास, मलिक मुहम्मद जायसी जैसे हिन्दी के कालजयी महान कवियों ने फ़ारसी भाषा के अनेक शब्दों को अपनी भावाभिव्यक्ति का साधन बनाया और उनका रचनात्मक प्रयोग किया। इस प्रकार कहा जा सकता है कि फ़ारसी ने हिन्दी साहित्य की रचनाधर्मिता पर भी अपनी अमिट छाप छोड़ी है। फ़ारसी के अनेक शब्द ऐसे भी हैं, जिनका चलन आज ईरान में लगभग समाप्त हो चला है, लेकिन हिन्दी में वे अब भी जीवित हैं और साहित्य में ही नहीं, आम बोलचाल की भाषा में प्रयोग किए जा रहे हैं। फ़ारसी के अनेक मुहावरे अनूदित होकर हिन्दी की निधि बन चुके हैं। प्रस्तुत ‘फ़ारसी–हिन्दी शब्दकोश’ हज़ारों वर्षों में फैले भारत–ईरान के सांस्कृतिक सम्बन्धों को रेखांकित करनेवाला प्रथम शब्दकोश है। विभिन्न विषयों एवं अलग–अलग परिप्रेक्ष्यों से सम्बन्धित लगभग 25,000 शब्द–प्रविष्टियों से सम्पन्न यह शब्दकोश, जिसमें पुरातन और नवीन दोनों प्रकार की अर्थ–परम्पराओं का समावेश है, प्राचीन और अर्वाचीन शब्दों का सुन्दर मिश्रण है। आशा है, यह शब्दकोश विभिन्न प्रकार के अध्ययनकर्ताओं तथा सामान्य पाठकों के लिए समान रूप से उपयोगी सिद्ध होगा।
Railway RPF / RPSF SI Recruitment Exam 2024-2025 (RPF & RPSF Sub Inspector Study Guide Include 2 Practice Sets and 2023 Solved Papers) in Hindi
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: यह पुस्तक रेलवे सुरक्षा बल / रेलवे सुरक्षा विशेष बल RPF/RPSF सब-इंस्पेक्टर (पुरुष/महिला) भर्ती परीक्षा CBT (कंप्यूटर आधारित टेस्ट) RPF/RPSF Sub-Inspector Bharti Pareeksha (CBT) को विशेष रूप से उन उम्मीदवारों के लिए बनाया गया है, जो रेलवे मंत्रालय द्वारा आयोजित RPF/RPSF सब-इंस्पेक्टर की तैयारी कर रहे हैं। पुस्तक के मुख्य विषय: • सामान्य ज्ञान • अंकगणित • तर्कशक्ति योग्यता अन्य विशेषताएँ : 2 प्रैक्टिस सेट्स एवं सॉल्व्ड पेपर 2023 सहित। वस्तुनिष्ठ एवं महत्वपूर्ण प्रश्नों का संस्करण। नवीनतम सिलेबस एवं पैटर्न पर आधारित। सभी विषय का संक्षिप्त अवलोकन।
CUET (PG) Common University Entrance Test (Postgraduate)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Kuchh Yun Hua Us Raat "कुछ यूँ हुआ उस रात"
- Author Name:
Pragati Gupta
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Lahore (Hindi Translation)
- Author Name:
Manreet Sodhi Someshwar
- Book Type:

- Description: 1947 में भारत के स्वतंत्रता प्राप्त करने और उसके बाद के महीनों में स्थापित 'द पार्टीशन ट्रायलॉजी' उन घटनाओं, आवश्यकताओं और निर्णयों की खोज है, जो भारत की स्वतंत्रता, उसके सहवर्ती विभाजन और साथ-साथ रियासतों के परिग्रहण का कारण बने। एक साहित्यिक-राजनीतिक थ्रिलर, जो उस समय के उन्माद को दिखाता है। यह शृंखला दिल्ली, लाहौर, हैदराबाद और कश्मीर में स्थापित है। एक विस्तृत कैनवास को समाविष्ट करते हुए जवाहरलाल नेहरू, वल्लभभाई पटेल और डिकी माउंटबेटन ट्रायलॉजी में उन शहरों के आम लोगों के साथ जगह साझा करते हैं, जो विभाजन और राज्यों के पुनर्गठन से प्रभावित हुए थे। राजनीतिक सूत्र की प्रामाणिकता सुनिश्चित करते गहन शोध द्वारा समर्थित यह ट्रायलॉजी पाठकों को अपूर्व राजनीतिक उथल-पुथल और मंथन की दुनिया में वापस ले जाएगी।
Bharat Ka Rashtriya Pashu Aur Rajyon Ke Rajya Pashu
- Author Name:
Parashuram Shukla
- Book Type:

- Description: ‘भारत का राष्ट्रीय पशु और राज्यों के राज्य पशु’ एक उपयोगी पुस्तक है। इसका उद्देश्य है पाठकों को अपने पर्यावरण के प्रति सचेत व सहृदय बनाना। किसी पशु को राष्ट्रीय पशु या राज्य पशु घोषित करने से भले ही वन्यजीवों पर कोई प्रत्यक्ष प्रभाव पड़े न पड़े लेकिन देश के नागरिकों में प्रकृति, पर्यावरण तथा जीव-जन्तुओं के प्रति सजगता और संवेदनशीलता का विस्तार तो होता ही है। हमारे देश की विडम्बना यह है कि इन पशुओं के बारे में मुकम्मिल जानकारी भी व्यापक स्तर पर उपलब्ध नहीं है। बाघ हमारा राष्ट्रीय पशु है। इस पर अनेक आलेख और पुस्तकें प्रकाशित हैं। इस तथ्य से लोग अवगत भी हैं, पर कितनों को पता है कि 9 जुलाई, 1969 के पहले तक हमारा राष्ट्रीय पशु सिंह था? इसी तरह दिल्ली को छोड़कर सभी राज्यों ने किसी न किसी वन्यजीव को अपना राज्य-पशु घोषित कर रखा है, इसकी जानकारी भी बहुत कम लोगों को है। राष्ट्रीय पशु सहित राज्य पशुओं की कुल संख्या 21 है। सामान्यतया एक वन्यजीव को एक राज्य ने अपना राज्य पशु घोषित किया है, किन्तु कुछ वन्यजीव ऐसे भी हैं, जिन्हें दो-दो राज्यों ने अपना राज्य पशु घोषित कर रखा है। गौर, मिथुन, बारहसिंगा और कस्तूरी मृग ऐसे ही वन्यजीव हैं। हाथी एक ऐसा वन्यजीव है जिसे चार राज्यों ने अपना राज्य पशु घोषित कर रखा है। समाजशास्त्री और पर्यावरणविद् डॉ. परशुराम शुक्ल ने इस पुस्तक में इन पशुओं के बारे में विस्तार से जानकारियाँ दी हैं जो रोचक और ज्ञानवर्द्धक हैं। हिन्दी में अपने विषय पर यह अकेली पुस्तक है।
Prerak Vachan Dadi Janki Ke
- Author Name:
Neville Hodgkinson
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Karysthal Par Yaun Utpeedan, Karan Aur Nivaran
- Author Name:
Shaharyar Amjad Khan
- Book Type:

- Description: Book
NCERT Summary (Class 6 to 12)
- Author Name:
Dr. Manish Rannjan
- Book Type:

- Description: Useful for UPSC, UPPSC, BPSC, JPSC, MPPSC One Liner for UPSC/IAS Preparation, State Civil Services & other Competitive Exams
Bihar Police Sipahi Constable Male and Female Entrance Exam
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Bihar Police Sipahi Constable Male and Female Entrance Exam 2025 | Police Exam Cracker Guide with Latest Solved Papers यह पुस्तक बिहार पुलिस सिपाही कांस्टेबल (पुरुष और महिला) प्रवेश परीक्षा 2025 के लिए एक संपूर्ण मार्गदर्शिका है, जो आपको परीक्षा की तैयारी में मदद करने के लिए तैयार की गई है। इसमें विभिन्न प्रकार के विषयों और महत्वपूर्ण प्रश्नों का समावेश किया गया है, जो पिछले वर्षों में परीक्षा में पूछे गए थे, साथ ही उनके हल भी दिए गए हैं। Complete Coverage : पुस्तक में बिहार पुलिस सिपाही कांस्टेबल परीक्षा के सभी विषयों का विस्तार से विवरण दिया गया है, जैसे सामान्य ज्ञान, गणित, तर्कशक्ति, हिंदी और अन्य संबंधित विषय। Solved Papers : पिछले वर्षों के सुलझे हुए प्रश्न पत्र आपको वास्तविक परीक्षा के स्वरूप को समझने में मदद करेंगे और परीक्षा की कठिनाई का अंदाजा देंगे। Practice Sets : प्रत्येक अध्याय के अंत में अभ्यास प्रश्न और उत्तर दिए गए हैं, जिससे आप अपनी तैयारी को परख सकते हैं और खुद को परीक्षा के लिए तैयार कर सकते हैं।
Sanskrit Vangmai Kosh : Paribhasha Khand - Purvardh Aur Uttrarth Vols. 1-2
- Author Name:
Sridhar Bhaskar Varnekar
- Book Type:

- Description: The capability of reading and other personal skills get improved on reading this book Sanskrit Vangmai Kosh: Paribhasha Khand – Purvardh Aur Uttrarth Vols. 1-2 by Sridhar Bhaskar Varnekar. This book is available in Hindi with high-quality printing. Books from the Collection of Collected Works Category surely give you the best reading experience.
Mahabharata Quiz Book
- Author Name:
Rajendra Pratap Singh
- Book Type:

- Description: Mahabharata has been called the Pancham Veda. The epic describes the story of Aryavrata or India's entire history. It has been inspiring the life of the people of our country by the depiction of ideal male and female characters in it. Although the number of people who know a little about the Mahabharata runs into millions, yet a lot about it remains unknown. To read, understand and absorb a voluminous epic like Mahabharata is tedious and time consuming. Mahabharata is like an ocean, the deeper you go the more you discover. It is an immeasurable treasure trove of knowledge. There is well researched information about nearly 200 characters. 'What was the name', 'Interesting information', 'How they got their names', 'An ocean of relationships', 'Boons and curses', 'Fate', 'Numbers' are some of the prominent chapters which make up the total of fourteen chapters making this book a virtual dictionary about the Mahabharata. This book is not only important for the common man but also for writers, scholars, editors, researchers, teachers and students.
SSC CHSL COMBINED HIGHER SECONDARY LEVEL (10 + 2) TIER-I, ONLINE RECRUITMENT EXAMINATION, 2020 GENERAL INTELLIGENCE 46 CHAPTERWISE SOLVED PAPERS
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: SSC CHSL (10+2) Combined Higher Secondary Level TIER-I GENERAL INTELLIGENCE Online Recruitment Examination-2020 Based on the Latest Syllabus 46 Chapterwise Solved Papers (2017–19) Quick Revision
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book