Sri Guruji : Ek Swayamsewak
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Author:
Narendra ModiPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
HindiCategory:
Academics-and-references₹
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राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना सन 1925 में डॉ. केशवराव बलिराम हेडगेवार ने की थी, लेकिन इसे वैचारिक आधार द्रितीय सरसंघचालक माधवराव सदाशिवराव गोलवलकर ‘श्रीगुरुजी’ ने प्रदान किया था। संघ-स्थापना के मात्र पंद्रह साल बाद ही डॉ. हेडगेवार ने अपने अवसान से पहले श्रीगुरुजी को संघ का द्रितीय सरसंघचालक नियुक्त कर दिया था। द्रितीय विश्वयुद्ध, भारत छोड़ो आंदोलन, आजाद हिंद फौज और नेताजी का देश की आजादी में योगदान, भारत विभाजन, देश की आजादी, कश्मीर विलय, गांधी हत्या, देश का पहला आम चुनाव, चीन से भारत की हार, पाकिस्तान के साथ 1965 व 1971 की लड़ाई—भारत का इतिहास बदलने और बनाने वाली इन घटनाओं के महत्त्वपूर्ण काल में न केवल श्रीगुरुजी संघ के प्रमुख थे, बल्कि अपनी सक्रियता और विचारधारा से उन्होंने इन सबको प्रभावित भी किया था। श्रीगुरुजी के प्रति एक संघनिष्ठ स्वयंसेवक नरेंद्र मोदी की शब्दांजलि है यह पुस्तक
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राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना सन 1925 में डॉ. केशवराव बलिराम हेडगेवार ने की थी, लेकिन इसे वैचारिक आधार द्रितीय सरसंघचालक माधवराव सदाशिवराव गोलवलकर ‘श्रीगुरुजी’ ने प्रदान किया था। संघ-स्थापना के मात्र पंद्रह साल बाद ही डॉ. हेडगेवार ने अपने अवसान से पहले श्रीगुरुजी को संघ का द्रितीय सरसंघचालक नियुक्त कर दिया था। द्रितीय विश्वयुद्ध, भारत छोड़ो आंदोलन, आजाद हिंद फौज और नेताजी का देश की आजादी में योगदान, भारत विभाजन, देश की आजादी, कश्मीर विलय, गांधी हत्या, देश का पहला आम चुनाव, चीन से भारत की हार, पाकिस्तान के साथ 1965 व 1971 की लड़ाई—भारत का इतिहास बदलने और बनाने वाली इन घटनाओं के महत्त्वपूर्ण काल में न केवल श्रीगुरुजी संघ के प्रमुख थे, बल्कि अपनी सक्रियता और विचारधारा से उन्होंने इन सबको प्रभावित भी किया था।
श्रीगुरुजी के प्रति एक संघनिष्ठ स्वयंसेवक नरेंद्र मोदी की शब्दांजलि है यह पुस्तक
Book Details
-
ISBN9789355620477
-
Pages56
-
Avg Reading Time2 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
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