Rasoi Ki Khidki Mein
Author:
Sunita JainPublisher:
Antika Prakashan Pvt. Ltd.Language:
HindiCategory:
Poetry0 Ratings
Price: ₹ 164
₹
200
Available
Poems by Sunita jain
ISBN: 9789380044354
Pages: 104
Avg Reading Time: 3 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
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और हम सदियाँ बिताकर आ गए थे जैसे लम्हों में—वाक्य ऐसे लगते हैं जैसे किसी शेर का पूरा मिसरा हों। भूख से नहीं मरता कोई—जैसा यांत्रिक, संवेदनहीन अहम्मन्य वाक्य जैसे किसी ग़ैरज़िम्मेदार तानाशाह का प्रतीक बन जाता है। अपने समय और समाज की गहरी चिन्ता और एहसास के बावजूद इस संग्रह की मुख्य थीम प्रेम है। वे कहते हैं—वक़्त ने जगह को ऐसे घेर रखा है/जैसे मेरी बाँहों ने तुम्हें।
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