SHIKSHA JAGAT KI KAHANIYAN
(0)
₹
400
₹ 320 (20% off)
Available
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
Awating description for this book
Read moreAbout the Book
Awating description for this book
Book Details
-
ISBN9788173150418
-
Pages160
-
Avg Reading Time5 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
Share Market ke Success Mantra
- Author Name:
Saurabh Mukherjea
- Book Type:

- Description: मैंकैसे स्टॉक मार्केट में निवेश करूँ? किन कंपनियों में मुझे निवेश करना चाहिए? मुझे शेयर कब खरीदने चाहिए? कब उन्हें बेचना चाहिए? कैसे मैं महसूस कर पाऊँगा कि स्टॉक के दाम चढ़ेंगे या गिरेंगे? जीवन के जैसा ही, स्टॉक मार्केट का भी हाल है, सफलता के लिए कोई शॉर्ट-कट नहीं है। स्टॉक मार्केट से नियमित फायदा कमाने के लिए वर्षों का अनुभव और दिमाग की एक खास बनावट जरूरी होती है। देश के टॉप विश्लेषकों में शुमार सौरभ मुखर्जी ने सात निवेशकों से बात की, जो पिछले दो दशक से लंबे निवेश पर फायदा कमाने की कला में सिद्धहस्त हो चुके हैं। उन्होंने इन विशेषज्ञों की यात्रा का इतिहास खँगाला, जिसमें पता चला कि ये शौकिया निवेशक के तौर पर आगे बढ़े और आगे चलकर पेशेवर मैनेजर के रूप में विशाल रकम को सँभालने का हुनर दिखाया। सौरभ ने उनके दिमाग को पढ़ने और समझने का प्रयास किया और उस खास फिलॉसफी को भाँपा, जिसकी मदद से उन्होंने अपनी निवेश रणनीति को ताकत प्रदान की और उन्होंने अपने ज्ञान का इस्तेमाल इस पुस्तक को लिखने में किया, जो देश में निवेश की राह बताती है।
ACHARYA VINOBA BHAVE
- Author Name:
Sumit Kumar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
My Life
- Author Name:
Dr. A.P.J. Abdul Kalam
- Book Type:

- Description: "डॉ.ए.पी.जे. अब्दुल कलाम आजाद भारत की सबसे प्रेरक हस्तियों में से एक हैं। एक वैज्ञानिक, विचारक, शिक्षक, लेखक और भारत के प्रथम नागरिक के रूप में उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय सफलता हासिल की। इसके साथ ही एक विकसित भारत के सपने को साकार करने के संकल्प, लोगों के साथ संवाद के सीधे और सरल तरीके के साथ ही देशवासियों के प्रति अगाध प्रेम ने उन्हें कोटि-कोटि भारतीयों का चहेता बना दिया था। ‘माय लाइफ’ में डॉ. कलाम ने अपने जीवन की कहानी लिखी है, जिसकी शुरुआत रामेश्वरम में उनके बड़े होने से होती है, फिर भारतीय अंतरिक्ष और मिसाइल कार्यक्रमों के लिए उनका काम करना, भारत के 11वें राष्ट्रपति के रूप में उनका कार्यकाल, और उसके बाद के उनके जीवन की चर्चा है। एक अद्भुत जीवन का शानदार परिचय करानेवाली यह आत्मकथा कठिन परिश्रम, कर्मठता, साहस और नई सोच के महत्त्व को बतानेवाली कहानियों से भरी है। सुंदर वर्णन और सरल लेखन के कारण ‘माय लाइफ’ निश्चित ही सभी आयु के पाठकों को प्रेरित करेगी। "
Arithmetic For Teachers & Students
- Author Name:
Baalaraman Srinivasan
- Book Type:

- Description: The basic four Arithmetic processes i.e. Addition, Subtraction, Multiplication, and Division are taught to us in schools in just four methods i.e. one method for each process. But this book deals with 60+ different methods, covering the entire range of Arithmetic. With an open and unbiased mind, one may find every new method is easier and faster than the conventional method which he already knows. Some of the new methods may change the reader’s attitude towards mathematics to such an extent that one may find this most beautiful subject, very interesting and adorable. If any student or parent had an aversion towards this subject, it will definitely change. This book is a practical handbook to improve and enhance acumen for Mathematics amongst students, teachers and parents.
Patanjali Yog Sutra
- Author Name:
B.K.S. Iyengar
- Book Type:

- Description: "व्यवहारिक ज्ञान से संपन्न पतंजलि का ‘योगसूत्र’ उन लोगों के लिए मार्गदर्शक पुस्तक का कार्य करता है, जो शाश्वत सत्य की खोज में जुटे हैं। खोज करनेवाला साधक इसका अनुसरण और अभ्यास कर वास्तविक महात्मा बन सकता है। योगसूत्र एक दर्शन है, जो खोज करनेवालों को (आत्मा) पुरुष का रूप प्रत्यक्ष तौर पर दिखा देता है। जिस प्रकार एक दर्पण किसी के रूप को दिखाता है, उसी प्रकार योगसूत्रों के अनुसार पतंजलि की बताई योग-साधना करने से व्यक्ति को अपने अंदर एक महान् ऋषि जैसे गुण दिखाई पड़ते हैं। योग एक विषय के रूप में किसी महासागर जितना विशाल है। व्यक्ति इसमें जितनी गहराई तक उतरता है, उसे गूढ़ रहस्यों का उतना ही ज्ञान होता जाता है, जो किसी के व्यक्तिगत ज्ञान से परे (अकल्पित ज्ञान) होता है। यह किसी भी व्यक्ति के मस्तिष्क की बुद्धि को और आध्यात्मिक हृदय के ज्ञान को धारदार बनाता है। इसका अभ्यास करनेवाले अपने अंदर सृजनात्मकता का विकास कर पाते हैं। आप अपने दैनिक जीवन के हर क्षेत्र में सफलता प्राप्त करने के लिए दृढ विश्वास के साथ योग का अभ्यास करें और सच्चे योगी तथा सच्चा मनुष्य बनने का सुफल प्राप्त करें। जीवन को सार्थक दिशा देनेवाले सूत्रों का संकलन, जो आपके लिए स्वास्थ्य और सफलता के द्वार खोलेंगे।"
1000 Vishwa Prashnottari
- Author Name:
Anish Bhasin
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Vishwambharnath Sharma Kaushik ki Lokpriya Kahaniyan
- Author Name:
Vishwambharnath Sharma 'Kaushik'
- Book Type:

- Description: कथा सम्राट् प्रेमचंद के समकालीन कथाकार विश्वंभरनाथ शर्मा ‘कौशिक’ की सवा सौवीं जयंती पर साहित्य अकादेमी ने राष्ट्रीय संगोष्ठी कर उन्हें याद किया तो अच्छा लगा, क्योंकि सन् 1991 में जब उनकी जन्मशती पड़ी तो देश में कहीं भी कोई आयोजन नहीं हुआ—न तो हरियाणा में, जहाँ वे जनमे, न ही उत्तर प्रदेश में, जहाँ आखिरी साँस ली, जबकि वे बहुआयामी व्यक्तित्व के सर्जक-संपादक रहे। चाहे कहानी हो, उपन्यास, हास्य-व्यंग्य लेखन या ‘हिंदी मनोरंजन’ पत्रिका का संपादन, कौशिकजी हर जगह छाप छोड़ते रहे। चाहे स्त्री की पीड़ा का चित्रण हो, संयुक्त परिवार की समस्या, हिंदू-मुसलिम मामला या विश्वयुद्ध, कौशिकजी की कलम हर जगह बेमिसाल रही। उनकी कृतियों में विधागत वैविध्य तो है ही, उन्होंने प्रयोग भी खूब किए, जबकि उनके समय के समकालीन लेखक प्रयोग करने से बचते रहे। सामाजिक सरोकारों और मानव के सूक्ष्म मनोभावों को कथारस में भिगोकर लिखनेवाले कथाकारों में विश्वंभरनाथ शर्मा ‘कौशिक’ का स्थान सर्वोपरि है। उन्होंने हिंदी कहानी को स्थापित करने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई। उस काल में हिंदी लेखन का प्रचलन कम था। लोग प्रायः उर्दू या अंग्रेजी में लिखते थे। उन्होंने तब हिंदी में लिखकर प्रशंसनीय काम किया। उनसे पहले जयशंकर प्रसाद और जी.पी. श्रीवास्तव हिंदी में लिख रहे। गुलेरी और प्रेमचंद उनके बाद आए। प्रेमचंद की तरह विश्वंभरनाथ शर्मा ‘कौशिक’ ने भी तीन सौ से अधिक कहानियाँ लिखी हैं। उन्हीं में से चुनी हुई उनकी लोकप्रिय कहानियाँ इस संग्रह में प्रस्तुत हैं।
Panch Parmeshwar
- Author Name:
Premchand
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Book of Happiness
- Author Name:
Jagdish Gupta
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
KHAIRAGARH MEIN KAT CHAY AUR DABAL PAAN
- Author Name:
Sanjeev Buxy
- Book Type:

- Description: Memories
Who Were The Shudras?
- Author Name:
DR. B.R. Ambedkar
- Rating:
- Book Type:

- Description: "Who Were the Shudras?—Is a book about the history of the Shudra (lowest) varna of the Indian caste system written in 1946 by Dr. Bhimrao Ambedkar. The book is dedicated to Jyotirao Phule and intends to break the myth about Shudras being an untouchable caste in India. Ambedkar cites the Indian scriptures like The Vedas and Mahabharata among others to argue that Shudras were in fact Aryan kings who fell to a substandard caste after a long-drawn conflict with the Brahmans. Ambedkar also discusses the Aryan race theory and does not agree on the Indo-Aryan migration that has often been considered canon in the history of the race. The book is a debunking of myths and ideologies and hopes to achieve a sense of tolerance for a misunderstood and ill-treated caste in India."
Gautam Buddha
- Author Name:
Arun Kumar Tiwari
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Anyatra
- Author Name:
Ashok Vajpeyi
- Book Type:

- Description: अपने समय के कुछ मूर्धन्य लेखकों, चित्रकारों और संगीतकारों के साथ बातचीत करने का अवसर मिलना हर तरह से सौभाग्य कहा जाएगा। ऐसी बातचीत में अकसर किसी व्यक्ति की जिन्दगी, दृष्टि, उलझनों और उत्सुकताओं के अनेक अनजाने पहलुओं से साक्षात् हो पाता है। इनमें से अधिकांश साक्षात्कार ‘आलोचना’ (त्रैमासिक) और ‘पूर्वग्रह’ में प्रकाशित हुए थे। उनका शुरू से ही आग्रह अनौपचारिक आलोचना को भी जगह देने का था और ये उसी का हिस्सा थे। तब जानबूझकर बातचीत का स्वाद बनाए रखने के लिए उसे लगभग जस का तस दे दिया जाता था। इतने बरसों बाद अब शायद इसलिए कहीं-कहीं अटपटापन लगे, पर उस समय के स्वाद का भी पता चले, इसलिए उस सामग्री में नोक-पलक सुधारने की कोशिश नहीं के बराबर की गई है। कई बार बातचीत मैंने अकेले नहीं की है। उसमें नामवर सिंह, विजयदेव नारायण साही, रमेशचन्द्र शाह, राहुल बारपुते, भगवत रावत, गीता कपूर, मंगलेश डबराल, उदय प्रकाश, सुदीप बनर्जी, सत्येन कुमार, ज्योत्स्ना मिलन, मदन सोनी, उदयन वाजपेयी भी शामिल थे। जो परिसंवाद शामिल किया गया है उसमें कुँवर नारायण, नेमिचन्द्र जैन, रघुवीर सहाय, कमलेश, जगदीश स्वामीनाथन, विजय मोहन सिंह भी शामिल थे। इन सभी के प्रति कृतज्ञता। उनकी शिरकत से कई बातचीतें अनेक दृष्टियों का समवाय भी बन पाई हैं। जिनसे बातचीत की गई थी उनमें से जैनेन्द्र कुमार, आचार्य हजारीप्रसाद द्विवेदी, शमशेर बहादुर सिंह, रघुवीर सहाय, निर्मल वर्मा, पण्डित कुमार गन्धर्व और चेस्लाव मीलोष अब इस संसार में नहीं हैं। पहली बातचीत 1976 की है और आखि़री 2006 की। अगर बातचीत को एक निजी विश्लेषण और आकलन मानें तो यह लगभग 30 वर्षों में फैला ऐसा दस्तावेज़ है जो उसे एकत्र करता है।—भूमिका से
Badhiya Stree
- Author Name:
Germaine Greeyar
- Book Type:

-
Description:
बधिया स्त्री यानी वह स्त्री जिसकी यौनिकता का दमन कर दिया गया है।
‘द फीमेल यूनॅक’ शीर्षक से वर्ष 1970 में प्रकािशत और एक ही साल के भीतर विश्व-भर में तीखी चर्चाओं और प्रतिक्रियाओं का विषय बनी यह पुस्तक आज स्त्रीविमर्श की सर्वािधक पढ़ी जानेवाली कृतियों में से एक है। नारीवाद की दूसरी लहर की अत्यन्त प्रभावशाली कृति के रूप में विख्यात ‘द फीमेल यूनॅक’ ने स्त्री की स्वतंत्रता से जुड़े उन प्रश्नों को उठाया, जिनका ताल्लुक़ स्त्री-देह और परिवार आदि संस्थाओं में उसकी भूिमका से है।
तीक्ष्ण हास्यबोध और अकाट्य तर्कों के साथ जर्मेन ग्रीयर ने इस पुस्तक में स्त्री के सम्मान, उदात्त मनोवेगों की अभिव्यक्ति और एक व्यक्ति के रूप में उसके स्वतंत्र विकास की ज़रूरत को रेखांकित किया। दौड़ने, चिल्लाने, ज़ोर से बोलने, घुटने फैलाकर बैठने, सीखने और सिखाने की आज़ादी को अनिवार्य बताते हुए वे कहती हैं कि ‘औरत को अपनी यौनिकता को व्यक्त करने का अधिकार’ हो; कि उसकी यौनेच्छा मात्र प्रतिक्रियात्मक न हो। उनके मुतािबक़ यह सिर्फ़ पुरुषों के प्रस्तावों को स्वीकार या अस्वीकार करने का प्रश्न नहीं है, इसका अर्थ यह है कि वह स्वयं एक स्वायत्त इकाई की तरह अपनी इच्छा को व्यक्त कर सके।
दुिनया की अनेक भाषाओं में अनूिदत इस किताब ने आलोचना भी कम नहीं झेली, लेिकन आज भी यह उतनी ही प्रासंगिक है जितनी बीसवीं सदी के आख़िरी दशकों में थी। तमाम क्षेत्रों में अपनी दावेदारी सिद्ध करने के बावजूद, अभी भी यह नहीं कहा जा सकता कि स्त्री अपनी देह की मालिक ख़ुद है।
भारत के सन्दर्भ में इस पुस्तक के तर्क और भी ज़्यादा सटीक कहे जा सकते हैं।
Giriraj Kishore ki Lokpriya Kahaniyan
- Author Name:
Giriraj Kishore
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Gopbandhu Das : Aadhunik Odisha Ke Nirmata
- Author Name:
Suman Bajpai
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Dhyan Yog Se Jeevan Prabandhan | Yogic Management Meditation Guided Inspired By Ancient Indian Wisdom Book in Hindi
- Author Name:
Dr. Vikrant Singh Tomar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Jharkhand B.Ed. Combined Entrance Exam Study Guide 2024 | 2200+ MCQs Latest Solved Papers and 3 Practice Sets (Hindi)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
JEEVAN KA AADHAR NADIYAN
- Author Name:
Anil Anuj
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Main Rajendra Prasad Bol Raha Hoon
- Author Name:
Ed. Rajasvi
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book