Chetna Ki Yatra Mein 'Hua Yun Ke…'
(0)
₹
250
₹ 200 (20% off)
Available
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
Awating description for this book
Read moreAbout the Book
Awating description for this book
Book Details
-
ISBN9788119758821
-
Pages128
-
Avg Reading Time4 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
Garbhawati Ki Dekhbhal
- Author Name:
Smt. Parvesh Handa
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
Bhautiki Ki Rochak Baaten
- Author Name:
Sheo Gopal Misra
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
1947 Ke Baad Ka Bharat
- Author Name:
Gopa Sabharwal
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
Amrit Vani "अमृत वाणी" | Compilation of Philosophical Spiritual Through Ramkrishna Paramhansa | Book in Hindi
- Author Name:
Ramkrishna Paramhansa
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
Stree-Adhikaron Ka Auchitya-Sadhan
- Author Name:
Meri Volsatanakrafta
- Book Type:

- Description:
मेरी की यह सर्वप्रमुख कृति 1792 में प्रकाशित हुई। प्रकाशित होने के साथ ही इसकी ख्याति इंग्लैंड के बाहर पूरे यूरोप में और अमेरिका तक में फैल गई। मेरी ने इस कृति में प्रबोधनकाल की तर्कणा और बुर्जुआ क्रान्ति के ‘स्वतंत्रता-समानता-भ्रातृत्व’ के सिद्धान्तों को स्त्री-समुदाय के ऊपर भी समान रूप से लागू करते हुए स्पष्ट शब्दों में यह स्थापना दी कि कोई भी समतावादी सामाजिक दर्शन तब तक वास्तविक अर्थों में समतावादी नहीं हो सकता, जब तक कि वह स्त्रियों को समान अधिकार और अवसर देने की तथा उनकी हिफ़ाज़त करने की हिमायत नहीं करता। इस स्मारकीय कृति में मेरी वोल्सटनक्राफ़्ट ने ‘शिक्षा की कपटपूर्ण और कृत्रिम प्रणाली’ की निर्भीक-विध्वंसक आलोचना प्रस्तुत करते हुए यह तर्क दिया है कि यह मध्यवर्ग की स्त्रियों को ‘नारीत्व’ (फ़ेमिनिनिटी) के मिथ्याभासी दमघोंटू आदर्शों के दायरे में जीने के लिए तैयार करती है। शैशवावस्था से ही उन्हें यह शिक्षा दी जाती है कि ‘सौन्दर्य स्त्रियों का राजदंड होता है, कि दिमाग़ शरीर के हिसाब से अपने को ढालता है (यानी शारीरिक भिन्नता के चलते स्त्रियों का दिमाग़ भी अ़लग क़िस्म का होता है), और अपने स्वर्णजड़ित पिंजरे में चक्कर काटते हुए वे अपनी जेल को पसन्द करना सीख जाती हैं।’
मेरी वोल्सटनक्राफ़्ट ने अपने समाज के उग्र पुरुष-वर्चस्ववादी, रूढ़िवादी परिवेश में स्त्रियों को ‘तर्कपरक प्राणी’ के रूप में सम्बोधित करने का साहस किया और ऐसे व्यापकतर मानवीय आदर्शों का आकांक्षी बनने के लिए उनका आह्वान किया जिनमें अनुभूति के साथ तर्कणा और स्वतंत्रता के अधिकार का संश्लेषण हो।
1000 Computer Internet Prashnottari
- Author Name:
Vinoy Bhushan
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
BPSC TRE 4.0 Bihar Shikshak Bahali Class 11 To 12 History (Itihas) Higher Secondary School Teacher | 20 Practice Sets with Latest Solved Papers | Based on NCERT & SCERT Syllabus - Book in Hindi
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh, IAS (AIR-49)
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
Neta Nirman Udyog
- Author Name:
Hari Joshi
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
Everest ki Beti
- Author Name:
Arunima Sinha
- Book Type:

- Description:
"राष्ट्रीय स्तर की वॉलीबॉल खिलाड़ी अरुणिमा सिन्हा के आगे उज्ज्वल भविष्य था। तभी एक दिन चलती ट्रेन में लुटेरों का मुकाबला करने पर लुटेरों ने उन्हें धकेलकर नीचे गिरा दिया। इस भयानक हादसे से इस चौबीस वर्षीय लड़की को अपना बायाँ पैर गँवाना पड़ा, लेकिन उसने हार नहीं मानी। एक वर्ष बाद उन्होंने पर्वतारोहण का प्रशिक्षण लिया और माउंट एवरेस्ट पर पहुँचनेवाली पहली विकलांग महिला बनीं। आशा, साहस और पुनरुत्थान की अविस्मरणीय कहानी। ‘पद्मश्री’ और ‘तेनजिंग नोर्गे अवॉर्ड’ से सम्मानित अरुणिमा की कहानी हर छात्र को पढ़नी चाहिए।
Om Phat Phattak
- Author Name:
Ashok Anjum
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
Skill Development In India
- Author Name:
Dr. B. Ramaswamy +2
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
Mahan Krantiveer Rasbehari Bose
- Author Name:
Swatantra Kumar
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
Aflatoon Novel
- Author Name:
Gyanesh Sahu
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
Epic Counselling
- Author Name:
Dr. Sri Bhagavad Gita Narahari
- Book Type:

- Description:
Epic Counselling is a self-mentoring manual. It is written by a practising Psychologist. The content in the eighteen chapters is the simplified essence of ethics in a relatable conversation suited to this millennium. Suffering people going through complex circumstances may fear judgement from others. They may be clueless to find, confide their current status to an expert or seek professional help. Early intervention through epic counselling may break the chain of a serious problem. There are eighteen case studies presented in a story form to guide and counsel on varied issues of utmost importance. We are affected by our environments like one big family, regardless of the distance. The intention of the book is to emphasise on the Global wellbeing inspired from the ancient holy Scripture of Indian Origin, ‘The Srimad Bhagavad Gita’.
SAAT BAUNE AUR RAJKUMARI
- Author Name:
Rashmi Bala
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
Amar Bal Kahaniyan
- Author Name:
Shriramvriksha Benipuri
- Book Type:

- Description:
"अमर बाल कहानियाँ “देवी बलिदान माँग रही है, जो सिर देना चाहे वह आगे बढ़े! बढ़ो!! बढ़ो!!” एक सिख बढ़ता है! यह कौन? अरे-यह तो वह आदमी है, जिसे कल तक हम छोटी जाति का होने के कारण अपने से छोटा समझ रहे थे। वह आगे बढ़ा, तंबू के भीतर गया। तलवार का ‘छप’ सा शब्द हुआ, फिर खून की धारा तंबू के भीतर से निकलकर बाहर की जमीन को सींचने लगी। “हाँ-हाँ, देवी बलिदान माँग रही है, दूसरा कौन है,—वह आगे बढ़े—बढ़ो! बढ़ो!!” एक दूसरा बढ़ा, उसी की तरह का मामूली आदमी। फिर तंबू में ‘छप-छप’ शब्द, फिर खून की लाल धारा। फिर गुरु की ललकार—तीसरा बढ़ा, चौथा बढ़ा, पाँचवाँ बढ़ा, छठा बढ़ा, सातवाँ बढ़ा—तंबू से निकली खून की धारा मोटी होती जा रही है—सामने की जमीन लाल-लाल हो रही है। “बस अब नहीं—देवी खुश हो गई। बोलो—सत्य श्री अकाल। वाहे गुरुजी का खालसा, वाह गुरुजी की फतह!” और यह क्या, वे सातों शहीद वीर भी तंबू से बाहर खड़े मुसकरा रहे हैं। क्या ये जी उठे? हाँ, जी उठे! आओ, सभी अमृत पीओ। शहादत का अमृत पीओ, सिंह बनो, सिंह। आज से सभी सिंह कहलाएँगे! सिंह-सिंह के सामने कोई आदमी क्या खाकर टिक सकता है। —इसी संकलन से प्रसिद्ध लेखक श्रीरामवृक्ष बेनीपुरी की प्रभावशाली बाल रचनाओं का संकलन, जो बालमन को गुदगुदाए व हँसाए बिना न रहेगा। "
The Hidden Hindu Book 3 "द हिडन हिंदू-3" - अक्षत गुप्ता 3rd Book of Hidden Hindu Triology (Hindi Version) - Akshat Gupta
- Author Name:
Akshat Gupta
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
Sagar Ki Rochak Baaten
- Author Name:
S.G. Mishra +1
- Book Type:

- Description:
"जब ईश्वर ने पृथ्वी बनाई तो उसके दो-तिहाई हिस्से को जल देकर भर दिया । हो सकता है, इसमें उसका कुछ उद्देश्य रहा हो; किंतु हम पृथ्वीवासियों के लिए यह बड़े फायदे की बात है । इतना अधिक जल धरती के बाकी सूखे टुकड़े को वातानुकूलित रखता है और हम पृथ्वी पर रहनेवाले जीवित प्राणी सूर्य की गरमी से नष्ट होने से बचे रहते हैं । इसके अलावा इतने बड़े जलाशय की आवश्यकता प्रकृति को स्वयं के आसवन उपकरण-सूर्य की सहायता से पीने योग्य पानी उपलब्ध कराने के लिए थी । औसतन एक घन किलोमीटर समुद्री जल में लगभग चार करोड़ दस लाख टन नमक होता है । यह अनुमान लगाया गया है कि संपूर्ण जलमंडल में इतना नमक है, जो पूरे संसार को 150 मीटर मोटी नमक की परत से ढक सकता है । नमक के अलावा समुद्र में दूसरे खनिज भी होते हैं । एक घनमील समुद्र के पानी में पंद्रह करोड़ टन से ज्यादा खनिज होते हैं । उनमें से एक अत्यंत महत्वपूर्ण खनिज है 'आयोडीन' । दूसरा है ' ब्रोमीन ' । संसार- भर की ब्रोमीन का 9/10 हिस्सा समुद्र में ही होता है । ब्रोमीन का उपयोग फोटोग्राफी की प्लेटों और अनेक दवाओं में होता है । इसके अतिरिक्त सागर ओषधियों का भी भंडार है । सागर की ऐसी ही रोचक तथा वैज्ञानिक जानकारी के लिए प्रस्तुत है-' सागर की रोचक बातें '|
Hu Tu Tu
- Author Name:
Gulzar
- Book Type:

- Description:
साहित्य में मंज़रनामा एक मुकम्मिल फ़ॉर्म है। यह एक ऐसी विधा है जिसे पाठक बिना किसी रुकावट के रचना का मूल आस्वाद लेते हुए पढ़ सकें। लेकिन मंज़रनामा का अन्दाज़े-बयान अमूमन मूल रचना से अलग हो जाता है या यूँ कहें कि वह मूल रचना का इन्टरप्रेटेशन हो जाता है। मंज़रनामा पेश करने का एक उद्देश्य तो यह है कि पाठक इस फ़ॉर्म से रू-ब-रू हो सकें और दूसरा यह कि टी.वी. और सिनेमा में दिलचस्पी रखनेवाले लोग यह देख-जान सकें कि किसी कृति को किस तरह मंज़रनामे की शक्ल दी जाती है। टी.वी. की आमद से मंज़रनामों की ज़रूरत में बहुत इज़ाफ़ा हो गया है। कथाकार, शायर, गीतकार, पटकथाकार गुलज़ार ने लीक से हटकर शरत्चन्द्र की-सी संवेदनात्मक मार्मिकता, सहानुभूति और करुणा से ओत-प्रोत कई उम्दा फ़िल्मों का निर्देशन किया जिनमें ‘मेरे अपने’, ‘अचानक’, ‘परिचय’, ‘आँधी’, ‘मौसम’, ‘ख़ुशबू’, ‘मीरा’, ‘किनारा’, ‘नमकीन’, ‘लेकिन’, ‘लिबास’, और ‘माचिस’ जैसी फ़िल्में शामिल हैं। ‘हू तू तू’ इसी नाम से मशहूर एक फ़िल्म का मंज़रनामा है जिसमें गुलज़ार ने संजीदगी से इस बात को रेखांकित किया है कि आज़ादी के पचास सालों में देश की रहनुमाई करनेवाले नेताओं पर कैसे ताक़त का नशा चढ़ा है और नई पीढ़ी किस प्रकार प्रभुत्वशाली वर्ग के भ्रष्टाचार और पक्षपात का शिकार हो रही है। इस नई जेनरेशन में जो बालिग हैं वो ‘भाऊ’ की तरह लड़ रहे हैं तथा जो नाबालिग हैं वो आदि और पन्ना की तरह जानें गँवा रहे हैं। लेकिन यह कृति पूरी तरह फ़िल्मी नहीं है। फ़िल्म में जो अंश हटा दिए गए थे, वे इस कृति में महफ़ूज़ हैं। निश्चय ही यह कृति पाठकों को एक औपन्यासिक रचना का आस्वाद प्रदान करेगी।
Antyodaya
- Author Name:
Prabhat Jha
- Book Type:

- Description:
Awating description for this book
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book