BPSC TRE 3.0 Bihar Primary School Teacher Recruitment Class 1 to 5 General Studies - 2024 (English)
Publisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
EnglishCategory:
Other0 Ratings
Price: ₹ 476
₹
595
Available
Awating description for this book
ISBN: 9789354888144
Pages: 512
Avg Reading Time: 17 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
Recommended For You
HINDI SANYUKTA AKSHAR GYAN
- Author Name:
Mahesh
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Marching Ahead
- Author Name:
Ram Naik
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Madhya Pradesh Uchch Madhyamik Shikshak Patrata Pariksha Sanskrit Bhasha Practice MCQs (MPTET Higher Secondary Teacher Sanskrit Practice Sets)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
BPSC TRE 3.0 Bihar Teacher Recruitment Class 1-12 "Samanya Adhyayan" General Studies Part-2 | Complete Study Guide (Hindi)
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh, IAS (AIR-49)
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Sanskritik Utthan Ka Marg
- Author Name:
Ram Sahay
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
NTA CUET UG 2024 Exam | Mathematics | 2000+ NCERT Based Topic-wise MCQs | Useful for DU JNU Jamia Milia BHU AMU CHS and All Other Central University
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Drishya Aur Dhwaniyan : Khand 2
- Author Name:
Sitanshu Yashashchandra
- Book Type:

- Description: गुजराती आदि भारतीय भाषाएँ एक विस्तृत सेमिओटिक नेटवर्क अर्थात् संकेतन-अनुबन्ध-व्यवस्था का अन्य-समतुल्य हिस्सा हैं। मूल बात ये है कि विशेष को मिटाए बिना सामान्य अथवा साधारण की रचना करने की, और तुल्य-मूल्य संकेतकों से बुनी हुई एक संकेतन-व्यवस्था रचने की जो भारतीय क्षमता है, उसका जतन होता रहे। राष्ट्रीय या अन्तरराष्ट्रीय राज्यसत्ता, उपभोक्तावाद को बढ़ावा देनेवाली, सम्मोहक वाग्मिता के छल पर टिकी हुई धनसत्ता एवं आत्ममुग्ध, असहिष्णु विविध विचारसरणियाँ/आइडियोलॉजीज़ की तंत्रात्मक सत्ता, आदि परिबलों से शासित होने से भारतीय क्षमता को बचाते हुए, उस का संवर्धन होता रहे। गुजराती में से मेरे लेखों के हिन्दी अनुवाद करने का काम सरल तो था नहीं। गुजराती साहित्य की अपनी निरीक्षण परम्परा तथा सृजनात्मक लेखन की धारा बड़ी लम्बी है और उसी में से मेरी साहित्य तत्त्व-मीमांसा एवं कृतिनिष्ठ तथा तुलनात्मक आलोचना की परिभाषा निपजी है। उसी में मेरी सोच प्रतिष्ठित (एम्बेडेड) है। भारतीय साहित्य के गुजराती विवर्तों को ऐतिहासिक परिप्रेक्ष्य में जाने बिना मेरे लेखन का सही अनुवाद करना सम्भव नहीं है, मैं जानता हूँ। इसीलिए इन लेखों का हिन्दी अनुवाद टिकाऊ स्नेह और बड़े कौशल्य से जिन्होंने किया है, उन अनुवादक सहृदयों का मैं गहरा ऋणी हूँ। ये पुस्तक पढ़नेवाले हिन्दीभाषी सहृदय पाठकों का सविनय धन्यवाद, जिनकी दृष्टि का जल मिलने से ही तो यह पन्ने पल्लवित होंगे। —सितांशु यशश्चन्द्र (प्रस्तावना से) 'हमारी परम्परा में गद्य को कवियों का निकष माना गया है। रज़ा पुस्तक माला के अन्तर्गत हम इधर सक्रिय भारतीय कवियों के गद्य के अनुवाद की एक सीरीज़ प्रस्तुत कर रहे हैं। इस सीरीज़ में बाङ्ला के मूर्धन्य कवि शंख घोष के गद्य का संचयन दो खण्डों में प्रकाशित हो चुका है। अब गुजराती कवि सितांशु यशश्चन्द्र के गद्य का हिन्दी अनुवाद दो जि़ल्दों में पेश है। पाठक पाएँगे कि सितांशु के कवि-चिन्तन का वितान गद्य में कितना व्यापक है—उसमें परम्परा, आधुनिकता, साहित्य के कई पक्षों से लेकर कुछ स्थानीयताओं पर कुशाग्रता और ताज़ेपन से सोचा गया है। हमें भरोसा है कि यह गद्य हिन्दी की अपनी आलोचना में कुछ नया जोड़ेगा।" —अशोक वाजपेयी
Meri Udaan
- Author Name:
Renu Saini
- Book Type:

- Description: अपूर्व साहस, पराक्रम, दृढ़ता और नेतृत्व क्षमता का परिचय देकर समाज में निर्भयता का भाव जाग्रत् करने में अग्रणी विभूति हैं वरिष्ठ आई.पी.एस. अधिकारी श्री रॉबिन हिबू, जिन्होंने अत्यंत संघर्षों एवं अभावों से जूझकर स्वयं को मजबूत बनाया। उन्हें हर कदम पर आवाँ की अग्नि मिलती रही और वे उस आवाँ में तपकर कुंदन बनते रहे । शिक्षा को उन्होंने अपने जीवन का प्रमुख हथियार बनाया और इसी के बल पर उत्तर- पूर्वी राज्यों की दशा एवं दिशा सुधारने का बीड़ा उठाया। वे आज किसी परिचय के मोहताज नहीं हैं। जहाँ आई.पी.एस. बनकर वे नित नए प्रयोगों से पुलिस की छवि सुधारने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं, वहीं उनके द्वारा गठित संस्था ' हेल्पिंग हैंड्स' उत्तर-पूर्व में बसे लोगों के लिए एक किश्ती बन गई है। एक ऐसी किश्ती, जिसमें सवार होकर उत्तर-पूर्व के युवा न केवल अपने सपनों को साकार कर सकते हैं, अपितु अपने लक्ष्य को प्राप्त कर समाज का एक प्रभावी अंग बनकर नए सुधार कर सकते हैं। अपनी कर्मशीलता से औरों को अद्भुत प्रेरणा देनेवाले, उनका आत्मविश्वास जाग्रत् कर समाज की मुख्यधारा में लाने का महती कार्य करनेवाले वरिष्ठ पुलिस अधिकारी श्री रॉबिन हिबू की पठनीय एवं प्रेरक जीवनी ।
Double Helix
- Author Name:
James W. Douglass
- Book Type:

- Description: डी.एन.ए. मूलभूत आनुवंशिक पदार्थ है और बहुत थोड़े से लोगों को साठ साल पहले यह भान हुआ कि डी.एन.ए. ही जीवन की कुंजी है। जेम्स डी. वॉट्सन उन्हीं में से एक थे जिन्होंने अपने सहयोगी फ्रांसिस क्रिक के साथ जीवन के इस अनूठे रहस्य की संरचना को खोजा और इसके साथ ही बीसवीं सदी के विज्ञान को नए पंख लगा दिए। इस खोज को बीसवीं सदी की दो सबसे महत्त्वपूर्ण वैज्ञानिक घटनाओं में से एक माना जाता है। इस खोज ने डी.एन.ए. पर शोध का जो तूफ़ान चलाया था, वह आज तक थमा नहीं है। बात फिर चाहे जीन्स के पशुओं में परिस्थापन की हो या फिर फ़सलों की प्रकृति बदलने की, आप जीन्स या डी.एन.ए. से बच नहीं सकते। लेकिन यह शोध अपने साथ जो विवाद लाया था, वह भी आज तक ज़िन्दा है। क्रिक और वॉट्सन को कुछ रसायन विज्ञान का ज्ञान था, लेकिन दोनों में से किसी ने भी अपने शोध के परिणाम तक पहुँचने के लिए कभी प्रयोगशाला-परीक्षण नहीं किए थे। इसके विपरीत उन्होंने दूसरों द्वारा किए गए शोध को आधार बनाकर सिर्फ़ मॉडल बनाए—और बात बन गई। इस क्रम में केवेंडिश की प्रयोगशाला में रोज़ालिंड फ़्रैकलिन द्वारा लिए गए एक्स-रे चित्रों की विशेष भूमिका थी। वॉट्सन ने वह मशहूर चित्र 51 बिना रोज़ालिंड फ़्रैकलिन की जानकारी के रोज़ालिंड के सहयोगी मॉरिस विल्किन्स की मदद से देख लिया था। वह चित्र स्पष्ट रूप से डी.एन.ए. की प्रकृति को दिखा रहा था। इसके बाद वॉट्सन ज़ोर-शोर से मॉडल बनाने में लग गए। लेकिन अपने शोध में उन्होंने रोज़ालिंड के उस चित्र की भूमिका को कभी नहीं स्वीकारा, न ही अपनी खोज के श्रेय में रोज़ालिंड को कोई हिस्सा दिया। बल्कि इस पुस्तक में भी उन्होंने रोज़ी के रूप में उनका नकारात्मक चित्रण किया। बाद के वर्षों में रोज़ालिंड के सहयोगियों और तमाम स्त्रीवादियों द्वारा वॉट्सन के चित्रण की भर्त्सना भी की गई। यह पुस्तक बीसवीं सदी के विज्ञान साहित्य की सर्वश्रेष्ठ पुस्तकों में गिनी जाती है। इसकी सीधी-सपाट भाषा प्रयोगशालाओं और वैज्ञानिकों के बीच के बौद्धिक सम्बन्धों की परम्परागत तसवीर को पूरी तरह खंडित करती है और दर्शाती है कि वैज्ञानिक भी मनुष्य हैं—ईर्ष्या, अभिलाषाओं और कुंठाओं से भरे मनुष्य। भारत में यह पुस्तक पहली बार 2003 में हिन्दी में प्रकाशित हुई और अपने विशेष महत्त्व के कारण आज भी पाठकों की प्रिय बनी हुई है।
Who Were The Shudras?
- Author Name:
DR. B.R. Ambedkar
- Rating:
- Book Type:

- Description: "Who Were the Shudras?—Is a book about the history of the Shudra (lowest) varna of the Indian caste system written in 1946 by Dr. Bhimrao Ambedkar. The book is dedicated to Jyotirao Phule and intends to break the myth about Shudras being an untouchable caste in India. Ambedkar cites the Indian scriptures like The Vedas and Mahabharata among others to argue that Shudras were in fact Aryan kings who fell to a substandard caste after a long-drawn conflict with the Brahmans. Ambedkar also discusses the Aryan race theory and does not agree on the Indo-Aryan migration that has often been considered canon in the history of the race. The book is a debunking of myths and ideologies and hopes to achieve a sense of tolerance for a misunderstood and ill-treated caste in India."
Ravindra Nath Tagore Ki Lokpriya Kahaniyan
- Author Name:
Rabindranath Thakur
- Book Type:

- Description: "रवींद्रनाथ टैगोर की श्रेष्ठ कहानियाँ पुलिस ने आकर जोरों से तहकीकात करनी शुरू कर दी। आस-पास के लगभग सभी लोगों के मन में यह बात घर कर गई थी कि चंदा ने ही जिठानी की हत्या की है। सभी गाँववालों के बयानों से ऐसा ही सिद्ध हुआ। पुलिस की ओर से चंदा से जब पूछा गया तो उसने कहा, ‘‘हाँ, मैंने ही खून किया है।’’ ‘‘क्यों खून किया?’’ ‘‘मुझसे वह डाह रखती थी।’’ ‘‘कोई झगड़ा हुआ था?’’ ‘‘नहीं।’’ ‘‘वह तुम्हें पहले मारने आई थी?’’ ‘‘नहीं।’’ ‘‘तुम पर किसी किस्म का अत्याचार किया था?’’ ‘‘नहीं।’’ इस प्रकार का उत्तर सुनकर सब देखते रह गए। छदामी एकदम घबरा गया। बोला, ‘‘यह ठीक नहीं कह रही है। पहले बड़ी बहू...’’ -इसी पुस्तक से नोबेल पुस्कार विजेता, विश्व-प्रसिद्ध साहित्यकार गुरुदेव रवींद्रनाथ टैगोर की कहानियों से चुनी नई श्रेष्ठ कहानियों का संग्रह। आशा है, पाठक इन कहानियों के माध्यम से गुरुदेव के कहानीकार रूप का दिग्दर्शन कर सकेंगे। "
Adarsh Jeevan Ki Prerak Kahaniyan
- Author Name:
J.P. Vaswani
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
POSITIVE THINKING (ENG-PB)
- Author Name:
Napoleon Hill
- Book Type:

- Description: Personality Development is not possible without positive thinking. This attitude only has the capacity to open the doors of success for you. This book inspires you to abandon negativity (pessimism) and to think with an open mind. With its aid, you can transform your life. It has a collection of keys to your success – P.M.A (Positive Mental Attitude). By following the practical principles prescribed so lucidly and clearly in this book you can achieve P.MA materialize your dreams. So come, brace yourself for flying high and getting inspired by your indomitable will and determination, touch newer peaks of success in life. A must read book for those who want to succeed in life.
Sahitya Sangam : Bharat-Vietanam
- Author Name:
Geetesh Sharma
- Book Type:

REET Grade-III Adhyapak Level 1 & 2, Shekshanik Manovigyan Evam Suchna Takniki
- Author Name:
Kunwar Kanak Singh Rao
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
That Night: चार सहेलियाँ, बीस साल: एक डरावना रहस्य (Hindi Translation)
- Author Name:
Nidhi Upadhyay
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
28 SHARE MARKET MONEY MAKING SECRETS (PB)
- Author Name:
Sudha Shrimali
- Rating:
- Book Type:

- Description: There are numerous books available in the market on the subject of share market, however, in this book, the author has attempted to elucidate the complicated aspects of financial domain in a clear and simple language. The modus operandi of share market, commodity market, mutual funds and idiomatic language used in the market have all been explained with illustrations. She presents her suggestions for selection of a good broker. Explanations on the factors impacting the market, references to historical crashes of the market, asset allocation and discussions on popular methods of investment for the benefit of readers are the special features of the book. This book would work as a great guide not only for beginner investors but also for students of degree courses, academic certifications and professional examinations.
Alochna Ki Paridhi
- Author Name:
Gajendra Pathak
- Book Type:

- Description: श्री गजेन्द्र पाठक हिंदी आलोचना में एक सार्थक और जीवंत उपस्थिति हैं। उन्होंने हिंदी नवजागरण पर प्रमुखता से काम करने के साथ-साथ आलोचना को अपने विमर्शात्मक लेखन से समृद्ध किया है। उनकी आलोचना का सबसे महत्वपूर्ण पक्ष यही है कि वे कृति, व्यक्ति और विवेच्य विषय पर विचार करते हुए उसको अनेक संदर्भों के साथ देखते हैं और उसे वर्तमान परिप्रेक्ष्य में घटित कर उसके फलाफल का परीक्षण करते हैं। इससे उनकी आलोचना पाठक को अनेक स्तरों पर समृद्ध तो करती ही है, एक प्रबुद्ध नागरिक के रूप में भी उसे तैयार करती है। कृति के निहितार्थ के परीक्षण के साथ आज के आलोचक का यह बड़ा दायित्व है जिसे श्री पाठक बहुत मनोयोग से निभा रहे हैं। यह आलोचना अपनी संवादात्मकता में हमें साथ-साथ ले चलती है और विवेच्य विषय के साथ-साथ अनेक संदर्भों से परिचित कराती है। इसे पढ़ते हुए भान ही नहीं रहता कि हम कोई आलोचना पढ़ रहे हैं। श्री पाठक की आलोचना इसीलिए सर्जनात्मक आलोचना लगती है... इन सभी विशेषताओं को देखना हो, तो यह आलोचना पुस्तक ‘आलोचना की परिधि’ ध्यान आकृष्ट करती है। पुस्तक में बीस आलोचनात्मक निबंध हैं जो किसी एक विधा पर केन्द्रित नहीं हैं। इसमें कविता, उपन्यास, आत्मकथा और आलोचना की अनेक पुस्तकों पर विचार किया गया है, तो अनेक रचनाकार अपनी समस्त सर्जनात्मक उपादेयता में प्रकट भी होते है... इस रूप में उनकी आलोचना अपनी एक नागरिक जवाबदेही पूरी करती हुई हमें एक सचेत और आलोचनात्मक विवेक से सम्पन्न करती है। --ज्योतिष जोशी
Political Mysteries
- Author Name:
K R Malkani
- Book Type:

- Description: No Description Available for this Book
Mahashweta
- Author Name:
Smt. Sudha Murty
- Book Type:

- Description: "श्रीमती सुधा मूर्ति कन्नड साहित्य की सुधी लेखिका हैं। प्रस्तुत उपन्यास 'महाश्वेता' मानवीय संवेदना और सामाजिक संबंधन की एक अनूठी और सफल कृति है। अनुपमा और आनंद के दांपत्य-सूत्र में बँधने के बाद अनेक संघननशील घटनाएँ घटित होती हैं। विवाह के तुरत बाद आनंद मेडिकल की ऊँची पढ़ाई के लिए इंग्लैंड चला जाता है। इसी बीच अनुपमा को श्वेत कुष्ठ हो जाता है । अभिशप्त दांपत्य के दंश दोनों ओर चुभने लगते हैं। आनंद और अनुपमा के अलग- अलग चिंतन-अनुचितन के माध्यम से मानवीय अंतश्चिंतन और कठोरतम व्यथा- यात्रा का विश्वसनीय कथासूत्रण इस उपन्यास में किया गया है। शिल्प और स्थापत्य की दृष्टि से यह उपन्यास 'सचल-सवाक्वत्' सिद्ध हुआ है। इस उपन्यास को पढ़कर एक युवक श्वेत कुष्ठग्रस्त एक कन्या से विवाह का प्रस्ताव किया और उस विवाह में सम्मिलित होने के लिए लेखिका को सादर आमंत्रित किया। इस उपन्यास की शिखर-सफलता और विनियोग-शक्ति का इससे बड़ा लोक- प्रमाणपत्र और क्या हो सकता है!
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book