Prakritik Jeevan Shaili Dwara Rogon Se Bachav
(0)
Author:
Acharya Mohan GuptaPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
HindiCategory:
Lifestyle-and-wellness₹
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क्या आप बीमारियों से परेशान हैं? क्या आप रोजाना की दवाइयों से और गैर जरूरी ऑपरेशनों से तंग आ चुके हैं? यदि आप अपनी लगभग सभी बीमारियों, जैसे कि शुगर, हाई ब्लड प्रेशर, दमा, साइनस, अस्थमा, जोड़ों के दर्द, कमर दर्द, रसौली, पथरी, थायरायड, पी.सी.ओ.डी., हृदय रोग, गैस, तेजाब, बलगम, कब्ज, माइग्रेन इत्यादि से आजीवन छुटकारा पाना चाहते हैं, तो यह पुस्तक आपके लिए ही लिखी गई है।
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क्या आप बीमारियों से परेशान हैं? क्या आप रोजाना की दवाइयों से और गैर जरूरी ऑपरेशनों से तंग आ चुके हैं?
यदि आप अपनी लगभग सभी बीमारियों, जैसे कि शुगर, हाई ब्लड प्रेशर, दमा, साइनस, अस्थमा, जोड़ों के दर्द, कमर दर्द, रसौली, पथरी, थायरायड, पी.सी.ओ.डी., हृदय रोग, गैस, तेजाब, बलगम, कब्ज, माइग्रेन इत्यादि से आजीवन छुटकारा पाना चाहते हैं, तो यह पुस्तक आपके लिए ही लिखी गई है।
Book Details
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ISBN9789355214300
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Pages215
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Avg Reading Time7 hrs
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Age18+ yrs
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Country of OriginIndia
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- Description: प्रख्यात डॉक्टर, लेखक और स्तम्भकार डॉ. यतीश अग्रवाल की यह कृति हर दिन सामने आनेवाली स्वास्थ्य उलझनों का सरल समाधान प्रस्तुत करती है। पुस्तक के प्रथम खंड में छोटी–छोटी सावधानियों और शरीर की देखरेख के बारे में अनेक उपयोगी जानकारियाँ हैं; जैसे—बालों की साज–सँभाल, अच्छी नींद के नुस्खे, लो ब्लड प्रेशर का इलाज, यहाँ तक कि जूते लेते समय किन–किन बातों पर ध्यान देने की ज़रूरत है आदि। सलाहों जिन पर अमल क़तई मुश्किल नहीं और उपयोगी इतनी कि जीवन का सुख कई गुना हो जाए। दूसरा खंड परख पर केन्द्रित है जिसमें लेबोरेटरी टेस्ट, बायोप्सी, एक्स-रे, रंगीन एक्स–रे, अल्ट्रासाउंड, सी.टी. स्केन, एम.आर.आई. जैसे सभी प्रमुख जाँच-परीक्षणों पर व्यावहारिक जानकारियाँ हैं। तीसरे खंड में दवाएँ और हम में डॉक्टर के परचे के संकेत, दवाओं के साथ सावधानियाँ और उनके पार्श्व-प्रभाव पर छोटी-छोटी बेशक़ीमती जानकारियाँ हैं। चौथे खंड में जब ज़रूरत हो ऑपरेशन की में ऑपरेशन के फ़ैसले, उससे सम्बन्धित तैयारियों और अस्पताल से छुट्टी लेते समय डॉक्टर से पूछे जानेवाले ज़रूरी सवालों के बारे में बताया गया है। सरल बोलचाल की भाषा में पूरी प्रमाणिकता के साथ रची गई यह ‘रोग-निरोग’ हर घर और हर पुस्तकायल के लिए एक ज़रूरी पुस्तक है।
HIV AIDS : Satabdi Ka Sabase Bada Dhokha
- Author Name:
Kamlesh Jain
- Book Type:

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Description:
अमेरिकी सत्ता, सूचनातंत्र और बौद्धिक समुदाय के अथक प्रयत्न के कारण आज एड्स सारी दुनिया में चिन्ता और चर्चा का मुख्य विषय बन गया है। भारत में एड्स के बारे में लोगों को जानकारी बहुत कम है, लेकिन अफ़वाह की तरह उसका प्रसार और प्रभाव बहुत अधिक है। ऐसी स्थिति में कमलेश जैन ने सहज, सुबोध और जानदार भाषा में ‘एचआईवी/एड्स : शताब्दी का सबसे बड़ा धोखा’ नामक पुस्तक लिखकर एड्स के बारे में प्रचारित अनेक मिथकों का राज-रहस्य खोला है और उसके झूठ-सच से विशेषज्ञों को ही नहीं, सामान्य जनों को भी परिचित कराया है।
यह सतर्क सामाजिक संवेदनशीलता और गहरी मानवीय ज़िम्मेदारी से लिखी गई पुस्तक है। कमलेश जैन की पुस्तक यह साबित करती है कि विज्ञान के क्षेत्र में विचारधारा किस प्रकार काम करती है और यह भी कि विज्ञान को किस तरह जनविरोधी तथा जनता का पक्षधर बनाया जा सकता है। यह समझना मुश्किल नहीं है कि एड्स के बारे में विभिन्न देशों की सरकारों, ग़ैरसरकारी संगठनों और सूचना साम्राज्य के तंत्रजालों द्वारा जो झूठा सच रोज़-रोज़, बार-बार, लगातार प्रचारित किया जा रहा है; उसके विरुद्ध कुछ सुनना, समझना और स्वीकार करना आसान नहीं है। लेकिन जो एड्स सम्बन्धी जानलेवा झूठ से बचना चाहते हैं और अपने जीवन तथा अपने समाज के जीवन में आस्था रखते हैं, वे इस पुस्तक को ज़रूर पढ़ेंगे और इसके संजीवन सच को स्वीकार करेंगे।
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