Bauddha Dharma Ki Kahaniyan
(0)
Author:
Ed. Mozej MichaelPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
HindiCategory:
Academics-and-references₹
150
₹ 120 (20% off)
Available
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
Awating description for this book
Read moreAbout the Book
Awating description for this book
Book Details
-
ISBN9789350481370
-
Pages144
-
Avg Reading Time5 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
Batla House (Hindi Translation)
- Author Name:
Karnal Singh
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
SSC Stenographers (Grade C & D) Computer Based Examination (CBE)-2022 10 Practice Sets & Solved Papers 2011-2021
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Super Cracker Series NTA CUET (UG) Samajshastra (CUET Sociology in Hindi 2022)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Maa
- Author Name:
Jagram Singh
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Lok Sanskriti Ki Rooprekha
- Author Name:
Krishnadev Upadhyaya
- Book Type:

-
Description:
लोक-साहित्य लोक-संस्कृति की एक महत्त्वपूर्ण इकाई है। यह इसका अविच्छिन्न अंग अथवा अवयव है। जब से लोक-साहित्य का भारतीय विश्वविद्यालयों में अध्ययन तथा अध्यापन के लिए प्रवेश हुआ है, तब से इस विषय को लेकर अनेक महत्त्वपूर्ण ग्रन्थों की रचना हुई है। प्रस्तुत ग्रन्थ को छह खंडों तथा 18 अध्यायों में विभक्त किया गया है।
प्रथम अध्याय में लोक-संस्कृति शब्द के जन्म की कथा, इसका अर्थ, इसकी परिभाषा, सभ्यता और संस्कृति में अन्तर, लोक-साहित्य तथा लोक-संस्कृति में अन्तर, हिन्दी में फोक लोर का समानार्थक शब्द लोक-संस्कृति तथा लोक-संस्कृति के विराट स्वरूप की मीमांसा की गई है। दि्वतीय अध्याय में लोक-संस्कृति के अध्ययन का इतिहास प्रस्तुत किया गया है। यूरोप के विभिन्न देशों जैसे—जर्मनी, फ़्रांस, इंग्लैंड, स्वीडेन तथा फ़िनलैंड आदि में लोक-साहित्य का अध्ययन किन विद्वानों द्वारा किया गया, इसकी संक्षिप्त चर्चा की गई है।
दि्वतीय खंड पूर्णतया लोक-विश्वासों से सम्बन्धित है। अतः आकाश-लोक और भू-लोक में जितनी भी वस्तुएँ उपलब्ध हैं और उनके सम्बन्ध में जो भी लोक-विश्वास समाज में प्रचलित है, उनका सांगोपांग विवेचन इस खंड में प्रस्तुत किया गया है।
तीसरे खंड में सामाजिक संस्थाओं का वर्णन किया है जिसमें दो अध्याय हैं—(1) वर्ण और आश्रम तथा (2) संस्कार। वर्ण के अन्तर्गत ब्राह्मण, क्षत्रिय, वैश्य एवं शूद्रों के कर्तव्य, अधिकार तथा समाज में इनके स्थान का प्रतिपादन किया गया है। चौथे खंड में आश्रम वाले प्रकरण में चारों आश्रमों की चर्चा की गई है। जातिप्रथा से होनेवाले लाभ तथा हानियों की चर्चा के पश्चात् संयुक्त परिवार के सदस्यों के कर्तव्यों का परिचय दिया गया है।
पंचम खंड में ललित कलाओं का विवरण प्रस्तुत किया गया है। इन कलाओं के अन्तर्गत संगीतकला, नृत्यकला, नाट्यकला, वास्तुकला, चित्रकला, मूर्तिकला आती हैं। संगीत लोकगीतों का प्राण है। इसके बिना लोकगीत निष्प्राण, निर्जीव तथा नीरस है।
षष्ठ तथा अन्तिम खंड में लोक-साहित्य का समास रूप में विवेचन प्रस्तुत किया गया है। लोक-साहित्य का पाँच श्रेणियों में विभाजन करके, प्रत्येक वर्ग की विशिष्टता दिखलाई गई है।
Odissi Dance: Therapeutics Aesthetics Metaphysics
- Author Name:
Dr.Reela Hota
- Book Type:

- Description: This book is a groundbreaking exploration of Odissi, one of India's oldest classical dance forms, dating back to at least the second century BCE. This book presents an entirely new perspective, emphasising the dance's therapeutic, spiritual and metaphysical dimensions. It explains how Odissi embodies all forms of yoga and spiritual principles, serving as a pathway to healing and ultimate liberation (moksha). A unique aspect of this book is its cross-cultural approach, drawing parallels between Odissi and other global art forms that follow metaphysical principles. Through scientific studies and research, the author substantiates how these art forms act as powerful tools for inner transformation. Rather than focusing solely on external performance, the book highlights the internal impact of Odissi on the dancer's psyche, energy and consciousness. Recognised by the Ministry of Culture, this pioneering work is essential for dance students, scholars, yoga practitioners, and anyone interested in the deep connection between art, spirituality and well-being.
Safaltam Vyaktiyon ki Sarvashreshth Aadatein
- Author Name:
Sati Achath
- Book Type:

- Description: ‘सफलतम व्यक्तियों की सर्वश्रेष्ठ आदतें’ एक प्रेरक और दिलचस्प पुस्तक है। इसमें विश्वविख्यात पे्ररक वक्ता व कार्टूनिस्ट सती अचथ ने अब्राहम लिंकन, थियोडोर रूजवेल्ट, बिल क्लिंटन, बराक ओबामा, थॉमस एडिसन, एंड्रयू कारनेगी, हेनरी फोर्ड, डॉ. मार्टिन लूथर किंग, महात्मा गांधी, नेल्सन मंडेला, स्टीव जॉब्स, बिल गेट्स, वॉरेन बफेट, स्टीवन स्पीलबर्ग, जिम कैरी, मार्क जुकरबर्ग (फेसबुक), सर्गेई ब्रिन और लैरी पेज (गूगल), जैक डोर्सी (ट्विटर), तथा जेफ बेजोस (अमेजन डॉट कॉम) समेत 130 सर्वाधिक सफल लोगों में जीतनेवाले गुणों के विषय में बताया है। प्रत्येक अध्याय में दी गई पठनीय सामग्री ऐसे चरणबद्ध ब्लूप्रिंट के समान है, जो आपको इन महान् गुणों को सीखने में मदद करेगी, जिनसे आप अपनी क्षमता का पूर्ण इस्तेमाल कर अपने जीवन का कायापलट कर सकेंगे। सफल लोगों के गुणों को आत्मसात् कर स्वयं सफल और उन्नत होने का व्यावहारिक ज्ञान देती सेल्फ हेल्प की अत्यंत लोकप्रिय पुस्तक।
FCI Non-Executive (Junior Engineer, Steno Evam Assistant Grade-III) Bharti Pareeksha Phase-I
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
IIT-JEE Main + Advanced Rasayan (Chemistry) for JEE Main + JEE Advanced and NEET (Other Engineering Entrance Examinations)
- Author Name:
Dr. K.G. Ojha
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Janane ki Batein : (Vol. 11)
- Author Name:
Deviprasad Chattopadhyay
- Book Type:

- Description: Janane ki Batein : Vol. 11
Punarjanma
- Author Name:
Dr. Walter Semkiw
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Sahare Ka Suryasta
- Author Name:
Dr. Vindhyeshwari
- Book Type:

- Description: सुमित्राजी भी घबरा गईं। कैलाश बाबू के पीछे-पीछे वे भी बहू के कमरे की तरफ चल पड़ीं। कैलाश बाबू कमरे में पहुँचकर पोते को देखते हैं। पोता एकटक सबको देख रहा है। चुपचाप पड़ा-पड़ा हाथ-पैर चला रहा है। फिर पोते के हाथ-पैर टटोलते हुए कैलाश बाबू बोले, 'यह तो बिल्कुल नॉर्मल है। ठीक-ठाक तो है।' 'नहीं पापाजी, यही तो इसकी बीमारी है। पहले मैं भी यही समझती थी। इसी नासमझी के चलते पहली बार 'सीरियस' हालत में डॉक्टर के पास ले गई थी। डॉक्टर ने ही यह बताया कि निमोनिया है। बच्चा इसमें गुमसुम रहेगा। पता भी नहीं चलेगा। इसमें सुई और सीरप काम नहीं करता है। इसमें इलेक्ट्रिक से भाप देनी पड़ती है। तभी यह ठीक होता है, पापाजी।' 'अरे तो चलो, पहले यहीं दिखा लेते हैं। यहाँ भी एक अच्छे डॉक्टर हैं। सब ठीक हो जाएगा।' —इसी पुस्तक से ग्रामीण जीवन की विसंगतियों, विद्रूपताओं और संघर्ष का सच उजागर करतीं मन को उद्वेलित करनेवाली रोचक कहानियों का संकलन।
KVS PRT Primary Teacher Written Examination 2023 15 Practice Sets includes Latest Solved Paper
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
NCERT Objective Bharat Ka Itihas, Kala Evam Sanskriti (History of India, Art & Culture) for UPSC, State PSCs and Other Competitive Exams
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh, IAS (AIR-49)
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Azad Hind Fauz
- Author Name:
Dinkar Kumar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Sampoorna Sawasthya ke Liye Yoga
- Author Name:
Dr. Vinod Verma
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Bharat Vibhajan Aur Pakistan Ke Shadyantra
- Author Name:
Balbir Dutt
- Book Type:

- Description: This book doesn’t have any desciption.
Hello China : Desh Purana Nayi Pehchan
- Author Name:
Anil Azad Pandey
- Book Type:

-
Description:
सांस्कृतिक, ऐतिहासिक और विकास के वर्तमान राजनीतिक-सामाजिक परिदृश्य को देखें तो चीन उतना ही दिलचस्प देश है जितना भारत रहा है। लेकिन कई कारणों से हम चीन के बारे में बहुत ज़्यादा नहीं जानते। तक़रीबन इतना ही कि उसकी जनसंख्या हमसे ज़्यादा है, और अब यह कि ‘मेड इन चाइना’ सस्ता तो बहुत है, पर भरोसेमन्द बिलकुल नहीं।’ लेकिन चीन में इसके अलावा ऐसा बहुत कुछ है जिसे जानना न सिर्फ़ इन दोनों देशों के बेहतर रिश्तों के लिए ज़रूरी है, बल्कि ऐसे भी अनेक पहलू हैं जिन्हें जानकर हम अपने देश में भी कुछ बेहतर नागरिक होने की कोशिश कर सकते हैं; मसलन—नागरिक अनुशासन, स्वच्छता को लेकर सार्वजानिक सहमति और इसके लिए लगातार किया जानेवाला उद्यम।
निजी अनुभवों और अध्ययन के आधार पर लिखी गई यह पुस्तक हमें चीन के इतिहास, वहाँ के रीती-रिवाजों, पारिवारिक संरचना, विवाह-परम्परा, खान-पान की शैलियों के साथ-साथ चीन की वर्तमान आर्थिक संरचना, व्यापारिक-व्यावसायिक स्थितियों और विश्व में चीन की राजनीतिक भूमिका से भी परिचित कराती है।
स्वाभाविक है कि पुस्तक की रचना भारत-चीन सम्बन्धों की बेहतरी को ध्यान में रखकर की गई है जिसके लिए इसमें समय-समय पर प्रकाशित कुछ आलेखों को भी शामिल किया गया है और उन ऐतिहासिक व्यक्तित्वों का भी उल्लेख किया गया है, जिनका योगदान दोनों देशों के रिश्तों को बेहतर बनाने में रहा है।
Murti-Bhanjan
- Author Name:
Kshama Kaul
- Book Type:

- Description: अपने इस नवीनतम उपन्यास की अंतिम रूप से संशोधित पांडुलिपि को मुझे क्षमा कौल ने कई किश्तों में सुनाया। एक महत्त्वपूर्ण मूर्तिशिल्पी स्त्री के जीवन-संघर्षों, सृजन की प्रक्रियाओं, उसके सपनों, उपलब्धियों, उसकी निश्छलताओं तथा उसके प्रेम, शोषण, जीवन दर्शन, बीहड़ यात्राओं, हताशाओं, टूटन एवं उसके हृदयविदारक अंत और निष्कर्ष पर यह एक विलक्षण उपन्यास बन पड़ा है। कश्मीर की इस मूर्तिशिल्पी के जीवन में कैसे जिहादी आतंक भयंकर उथल-पुथल मचाता है और चित्त में प्रवेश कर बिना गोली इत्यादि के नष्ट कर डालता है। व्यक्ति, समाज और परिवेश के गहन मनोविज्ञान की पृष्ठभूमि में सभी चरित्र इतने जटिल हैं कि उनकी जटिलताओं की तमाम तहें और उनकी आनुषंगिक कथाएँ व अंतर्कथाएँ उपन्यासकार ने कैसे एक कुशल सूत्रधार की तरह समायोजित की हैं कि मैं आश्चर्यचकित रह गया। अंत तक आते-आते मार्मिकता से इतना विह्वल हुआ कि बिलख-बिलख उठा। मुझे विश्वास है कि ‘मूर्ति-भंजन’ अपने संपूर्ण ताने-बाने में कश्मीर की अंतरंग कथा कहता हुआ और जिनोसाइड के अछूते आयामों पर प्रकाश डालता हुआ विशेष कृति के रूप में प्रतिष्ठा पाएगा और एक अनूठा उपन्यास सिद्ध होगा। —अग्निशेखर जम्मू
Grihdah
- Author Name:
Sarat Chandra Chattopadhyay
- Book Type:

- Description: महिम का परम मित्र था सुरेश। एक साथ एम.ए. पास करने के बाद सुरेश जाकर मेडिकल-कॉलेज में दाखिल हुआ; लेकिन महिम अपने पुराने सिटी-कॉलेज में ही रह गया। सुरेश ने रूठे हुए सा कहा, महिम, मैं बार-बार कह रहा हूँ--बी.ए., एम.ए. पास करने से कोई लाभ न होगा। अब भी समय है, तुम्हें भी मेडिकल-कॉलेज में भरती हो जाना चाहिए। महिम ने हँसते हुए कहा, 'हो तो जाना चाहिए; लेकिन खर्च के बारे में भी तो सोचना चाहिए! खर्च भी ऐसा क्या है कि तुम नहीं दे सकते ? फिर तुम्हारी छात्रवृत्ति भी तो है। महिम हँसकर चुप रह गया।
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book