Zimmedari Ki Shakti
Author:
Suresh Mohan SemwalPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
HindiCategory:
Other0 Ratings
Price: ₹ 200
₹
250
Available
"यदि हम सभी अपनी सोचने की दिशा तथा अपनी आदतों में परिवर्तन करें तो हमारी जिंदगी की दशा और दिशा, दोनों में परिवर्तन हो सकता है। किसी ने सच ही कहा है, ‘ईश्वर चुनता है कि हम किन परिस्थितियों से गुजरेंगे, परंतु हम चुनते हैं कि हम इन परिस्थितियों से कैसे गुजरेंगे।’
जिस तरह एक अँधेरे कमरे में अँधेरा भगाने के लिए प्रकाश लाना आवश्यक है, उसी प्रकार जिंदगी से उदासी, दु:ख, जलन, क्रोध, तनाव आदि को दूर करने के लिए हमें अपना मानसिक स्विच ऑन करना होगा, जिससे हम अपनी सोच एवं आदतों में परिवर्तन करके अपने जीवन को सुखमय बना सकें; और हम व हमारा परिवार ईश्वर की बनाई इस खूबसूरत सृष्टि का भरपूर आनंद ले सकें।
अब सवाल यह है कि सोच में परिवर्तन कैसे लाया जाए? उसका एक तरीका, जो समझ में आता है, वह है—अपनी वर्तमान गतिविधियों, आदतों एवं सोच के प्रति जागरूकता पैदा करना; और इसी जागरूकता को पैदा करने की पहल इस पुस्तक में की गई है। इसे पढ़ें और आनंद के साथ वह सब हासिल करें, जो आप करना चाहते हैं।
"
ISBN: 9789350485774
Pages: 128
Avg Reading Time: 4 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
Recommended For You
Lopa Agastya
- Author Name:
Rita Shukla
- Book Type:

- Description: ऐश्वर्य से भरा जीवन त्याग कर वल्कलधारिणी बननेवाली ब्रह्मवादिनी लोपा को उनके संकल्प से कोई भी नहीं डिगा पाया। वे स्वयंवरा बनीं। इस औपन्यासिक कृतिमें आर्यावर्त की सनातन संस्कृति का, वैदिक वाङ्मय के उस विराट् स्वरूप का विशेष आकर्षणहै, जिसके अभाव में राष्ट्रबोध की अवधारणा का कोई मोल नहीं! भारत की नारीशक्तिसकारात्मक ऊर्जा से परिपूर्ण मृत्यु के रव में अमृतत्व का संधान करती उत्कर्ष की नईऊँचाइयों को छूने के प्रयास में संलग्न है। शताब्दियाँ व्यतीतहो जाएँगी, लोकधर्म का मूल सत्य अपरिवर्तित ही रहेगा। राम की राजनीति—आंतरिक निर्णयोंकी गोपनीयता, प्रजा के कल्याण हेतु राजकोष के अधिकतम अंश का प्रावधान, न्यूनतम निजीव्यय, सत्यवादी सभासदों, अमात्यों, अंगरक्षकों की पहचान, प्रजा पर कोई भी कर नहीं,कृषि और व्यवसाय के दैनंदिन उत्कर्ष का संकल्प, भौतिक संपदा के स्थान पर दैवी संपदाको सबसे अधिक मूल्यवान समझना... लोपामुद्रा और अगस्त्यकी यह कथा हमारी संतति को असंशयी, दृढ़निश्चयी बना सके, यही इसका श्रेय और प्रेय है।
Jharkhand Panchayati Raj Handbook
- Author Name:
Rashmi Katyayan
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Sangh Aur Swaraj
- Author Name:
Ratan Sharda
- Book Type:

- Description: पिछले कुछ समय से राजनीतिक मजबूरियों के कारण वामपंथी और तथाकथित धर्मनिरपेक्ष दल स्वतंत्रता संग्राम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की भूमिका के विषय में दुष्प्रचार कर रहे हैं और जनसेवा में इसके बेहतरीन रिकॉर्ड पर कीचड़ उछाल रहे हैं। यह पुस्तक हमें बताती है कि संघ अपने जन्म से ही स्वराज के प्रति समर्पित था। डॉ. हेडगेवार का जीवन और वह शपथ, जो स्वयंसेवक लेते थे, स्वतंत्रता संग्राम के प्रति समर्पण को स्पष्ट रूप से दिखाते हैं। इस स्वतंत्रता को स्वराज में बदलने के लिए भारत को अनुशासित और साहस रखनेवाले युवाओं की आवश्यकता थी, जो राष्ट्र के प्रति समर्पित हों। ब्रिटिश दस्तावेज स्पष्ट रूप से दिखाते हैं कि वे स्वतंत्रता संग्राम में संघ की बढ़ती ताकत को लेकर सतर्क थे। स्वतंत्रता का आंदोलन 15 अगस्त, 1947 को ‘ट्रिस्ट विद डेस्टिनी’ (भाग्य के साथ मुलाकात) से समाप्त नहीं हुआ, बल्कि शुरू हुआ अंतहीन अँधेरी रातों का भयावह सिलसिला, जब सुरक्षाबलों के अतिरिक्त सबसे संगठित बल के रूप में संघ के कार्यकर्ताओं ने तबाह हुई लाखों लोगों की जिंदगी से जो कुछ बचा सकते थे, उसके लिए अपने प्राणों को खतरे में डाला। यह फैसला भारत के लोगों और इतिहास को करना है कि साहस की ऐसी काररवाई देशभक्ति थी या सांप्रदायिक। लेखक अन्य तथ्यों पर प्रकाश डालते हैं, जिनके कारण हमें स्वतंत्रता मिली और यह रेखांकित करते हैं कि स्वाधीनता किसी एक आंदोलन या काररवाई का परिणाम नहीं थी, बल्कि एक लहर के साथ धीरे-धीरे बढ़ी, जिसका निर्माण भारत के महान् आध्यात्मिक गुरुओं के कारण शुरू हुए सांस्कृतिक पुनर्जागरण से हुआ था।
Sapanon Bhare Din
- Author Name:
Ramdarash Mishra
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Main Nastik Kyon Hoon? (Hindi Translation of Why I Am An Atheist?)
- Author Name:
Bhagat Singh
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Retirement Planning For Youth
- Author Name:
Kshitij Patukale
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Gandhi : Ek Satya
- Author Name:
Rajendra Mohan Bhatnagar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Bheegi Ret
- Author Name:
Ravi Sharma
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Tribal Phiolosphy
- Author Name:
Santosh Kiro
- Book Type:

- Description: The world of tribes in India is still undiscovered and it often appears mysterious to the common man. Their peculiar belief system, worship of myriad spirits, animals, plants, hills, rivers and mountains compound the mystery. Even today, their world view, lifestyle, ritual and value system remain beyond the grasp of the mainstream society. Tribes are often dismissed as just animists, without a philosophy. Scholars so far have been dwelling mostly on the anthropological aspects of the tribes. This book is the first systematic effort to deal with the tribes from the point of view of philosophy. The work goes beyond what appears about the tribes on the surface level, and delves into their world of cosmology, metaphysics, aesthetics, epistemology and eschatology, man-animal-nature relations, gods, spirits, body and soul. Though the book is a work of philosophy, it chooses to avoid dry and cumbersome _ philosophical process; but in the final analysis succeeds to bring forth the philosophy of the tribal community in a manner appealing even to the general readers. A large number of legends and folktales have been interpreted philosophically in order to give sensible meaning to them vis-a-vis Vedic philosophy and Christian philosophy; and it is therefore that the book promises to be an exotic journey into the world of the tribes.
Samaj Aur Rajya Bharatiya Vichar
- Author Name:
Surendranath Meetal
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
The India Way: Parivartansheel Vishwa Mein Bharat Ki Ranneeti (Hindi Version of The India Way)
- Author Name:
S. Jaishankar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Nyayapalika : Dasha evam Disha
- Author Name:
Justice Rajendra Prasad
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Supercop Ajit Doval
- Author Name:
Mahesh Dutt Sharma
- Book Type:

- Description: साहस, शौर्य, नेतृत्व, कर्मठता, वीरता, निर्भयता-किसी एक व्यक्ति में इन सबका समुच्चय होना कठिन होता है, लगभग दुर्लभ। परंतु भारत में शौर्य के प्रतीक हैं हमारे राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार श्री अजीत डोभाल। वह भारतीय पुलिस सेवा के सबसे सम्मानित अधिकारियों में से एक हैं। 'परम वीर चक्र' के बाद दूसरा सर्वोच्च वीरता पुरस्कार ' कीर्ति चक्र' पानेवाले पहले पुलिस अधिकारी हैं। उन्होंने अनेक कठिन और खतरों से भरे हुए ऑपरेशंस का सफल संचालन व नेतृत्व कर भारतवर्ष की अखंडता को अक्षुण्ण रखने में अप्रतिम योगदान दिया है। उन्होंने मिजोरम विद्रोह में एक फील्ड ऑपरेटिव के रूप में नाम कमाया, जहाँ उन्होंने विद्रोही नेता लालडेंगा को काबू किया। सन् 1989 में उन्होंने अमृतसर में स्वर्ण मंदिर से आतंकवादियों को निकालने के लिए ' ऑपरेशन ब्लैक थंडर' में पंजाब पुलिस एवं राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड के साथ एक आई.बी. टीम का नेतृत्व किया। भारत में इसलामी आतंकवाद के खिलाफ महत्त्वपूर्ण अभियानों को उन्होंने दिशा दी और सन् 1993 में मुंबई बम धमाकों के बाद अंडरवर्ल्ड गैंगस्टर दाऊद इब्राहिम को पकड़ने के लिए बनाई गई टीम का नेतृत्व भी किया। 1999 में एयर इंडिया की फ्लाइट को अपहत करके कंधार लेकर गए आतंकियों से यात्रियों की रिहाई के लिए हुई वार्त्ता के भी वह हिस्सा रहे। सर्जिकल स्ट्राइक, डोकलाम विवाद, अनुच्छेद 370 हटने के बाद कश्मीर में हालात पर नियंत्रण, म्याँमार में सैन्य ऑपरेशन इत्यादि जैसे दर्जनों साहसिक अभियान उनके नाम हैं। राष्ट्र की सुरक्षा और सम्मान को सर्वोपरि माननेवाले, दृढ़ एवं कठोर निर्णय लेने में किंचित् न झिझकने वाले, अजीत डोभालजी की यह प्रेरक जीवनी उनके समर्पित राष्ट्र- जीवन की एक झलक मात्र है।
The Life and Times of Steve Jobs
- Author Name:
Mahesh Sharma
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
KARMA YOGA
- Author Name:
Swami Vivekanand
- Rating:
- Book Type:

- Description: This Book Doesn't have Description
Tum Kab Aaoge Shyava
- Author Name:
Suryakant Bali
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Hindi Bhasha Aur Sahitya ka VastunishthA Itihas
- Author Name:
Hemant Kukreti +1
- Book Type:

- Description: भा और साहित्य के सवाल विषयनिष्ठ होते हैं। उनके किसी पक्ष पर सर्वसम्मत निष्कर्ष देना अत्यंत कठिन है। रचनाकारों के इतिवृत्त से जुडे़ जन्म एवं पुण्य तिथि, जन्म स्थान इत्यादि स्थूल तथ्य हों या उनके कृतित्व से जुडे़ गंभीर प्रश्न हों—उनके सीधे-सपष्ट और प्रत्यक्ष उत्तर भी कई बार विद्वानों, साहित्य-अध्येताओं और पाठकों को संतुष्ट नहीं कर पाते हैं। इसका प्रमुख कारण यह है कि साहित्य जैसी कलाओं में व्यक्तिगत अभिरुचियों की गुंजाइश सबसे ज्यादा होती है। इन सब जोखिमों के बाद भी हम हिंदी साहित्य के वस्तुनिष्ठ इतिहास के साथ साहित्य-मर्मज्ञों और हिंदी विषय लेकर आजीविका अर्जित करने की इच्छा रखनेवाले विपुल युवा समाज के सम्मुख उपस्थित हैं। प्रस्तुत पुस्तक में वस्तुनिष्ठ विवेचन होते हुए भी प्रत्येक युग का साहित्य परिवेश, प्रमुख रचनाकारों का योगदान, युगीन साहित्यिक विशेषताएँ, आलोचकों, साहित्येतिहासकारों एवं रचनाकारों के चर्चित मत, परिभाषाओं और हिंदी साहित्य की अंतर्वर्ती ऐतिहासिक निरंतरता विश्लेषित कर प्रश्नोत्तर शैली में प्रस्तुत किया गया है। इससे विषय को समझने में सुगमता रहती है। विद्यार्थी-शोधार्थी ही नहीं, हर आयुवर्ग के पाठकों के लिए एक उपयोगी पुस्तक।
Trading Banknifty Options: Art of Doing Nothing & Still Making Money Book in English
- Author Name:
Pramod Kumar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Malyalam Ki Lokpriya Kahaniyan
- Author Name:
S. Tankmani Amma
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Shriramkrishna Paramhans
- Author Name:
Deokinandan Gautam
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book