VADYA-YANTRON KO JANEN
Author:
KamleshPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
HindiCategory:
Other0 Ratings
Price: ₹ 80
₹
100
Available
Awating description for this book
ISBN: 9789390825547
Pages: 16
Avg Reading Time: 1 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
Recommended For You
Pedon Ki Chhaon Mein
- Author Name:
Daya Kishan Sharma ‘Nisheeth’
- Book Type:

- Description: पुस्तक से- पता नहीं क्यों तू मुझे समझता रहा हर बार इनसान महामानव या कोई दैवीय फरिश्ता बाँध बैठा तू आशाए मुझसे हर रोज उसी के अनुरूप तभी तो मुझसे टूटा तेरा विश्वास हर बार जबकि में इस धरती के एक तुच्छ प्राणी से अधिक कुछ भी नहीं था
Vichardhara Aur Sahitya
- Author Name:
Amrit Rai
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
The Art of Intraday Trading "द आर्ट ऑफ़ इंट्राडे ट्रेडिंग '
- Author Name:
Indrajit Shantharaj
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Captain Vijyant Thapar
- Author Name:
Rishi Raj
- Book Type:

- Description: Captain Vijyant Thapar (Known by Robin) was born on December 26, 1976 in the Nangal town of Punjab. Rank—Captain Unit—2 Rajputana Rifles Regiment War—Kargil War (Operation Vijay – 1999) Award—Vir Chakra (Posthumously) You should not only read and know about this great heroic story of our brave soldiers, but also share it with your friends, parents and siblings, so that we never lose sight of what these heroes did for our nation. Captain Vijyant Thapar is a true inspiration for all of us as he sacrificed his life for our country. He displayed unflinching confidence, valour and bravery in the Kargil war. Our country will always be grateful to its hero.
Madhya Pradesh Uchch Madhyamik Shikshak Patrata Pareeksha Rasayan Vigyan Practice MCQs (MPTET Higher Secondary Teacher Chemistry Practice Sets Hindi)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
The Invisible Man
- Author Name:
H. G. Wells
- Book Type:

- Description: The Invisible Man is a science fiction novel by H. G. Wells. Originally serialized in Pearson's Weekly in 1897, it was published as a novel the same year. The invisible man to whom the title refers is Griffin, a scientist who has devoted himself to research into optics and who invents a way to change a body's refractive index to that of air so that it neither absorbs nor reflects light. He carries out this procedure on himself and renders himself invisible, but he fails in his attempt to reverse it. Griffin, a practitioner of random and irresponsible violence, has become an iconic character in horror fiction.
Sansad Mein Nitin Gadkari
- Author Name:
Rakesh Shukla
- Book Type:

- Description: मैं पहली बार 2014 में नागपुर से लोकसभा सांसद चुना गया। इससे पूर्व मैं महाराष्ट्र विधान परिषद् में 1989 से लगातार 20 वर्ष तक सदस्य रहा हूँ। वर्ष 1995 से 1999 तक मैंने महाराष्ट्र सरकार में लोक निर्माण मंत्री का कार्यभार भी सँभाला। विधायिका और प्रशासन में काम करने का लंबा अवसर मिला। लोकसभा सदस्य के नाते एवं केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग, पोत परिवहन मंत्री के रूप में मैंने संसदीय कार्य में अपना योगदान देने का भरपूर प्रयास किया है। इस अल्पकाल में कई महत्त्वपूर्ण विधेयक मेरे द्वारा संसद् में प्रस्तुत किए गए। कुछ पारित भी हुए हैं। दोनों सदनों में प्रश्नोत्तरकाल में भी मैंने विभिन्न राजनीतिक दलों के सदस्यों द्वारा उठाई गई समस्याओं का समाधान करने का प्रयास किया है। अभी बहुत कुछ करना बाकी है। कुछ महत्त्वपूर्ण विधेयक अभी भी संसद् में विचाराधीन हैं। मुझे विश्वास है कि उन्हें जल्द पारित किया जाएगा, ताकि मेरे मंत्रालयों से संबंधित परियोजनाओं को गति प्रदान की जा सके। यह पुस्तक संसद् में किए गए प्रयासों का एक संकलन है। मैं समझता हूँ कि इस संकलन से मुझे संसदीय कार्यों में और भी महत्त्वपूर्णयोगदान करने की प्रेरणा मिलेगी। इस प्रयास के लिए संपादक एवं प्रकाशक को मेरी शुभेच्छा।
Vibhajit Bharat "विभाजित भारत" Book In Hindi - Ram Madhav
- Author Name:
Ram Madhav
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Garbhawati Ki Dekhbhal
- Author Name:
Smt. Parvesh Handa
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Sources of Our Cultural Heritage
- Author Name:
Suresh Soni
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Israel (Hindi Translation of Israel: A Concise History of A Nation Reborn)
- Author Name:
Daniel Gordis
- Book Type:

- Description: इजराइल के लिए प्रारंभिक वर्ष बेहद कठिन थे। एक बिल्कुल नया देश, जिसके पास कोई वित्तीय भंडार नहीं था और बुनियादी ढाँचा भी न के बराबर था, उसको अचानक से अपनी आबादी से कहीं अधिक आप्रवासियों को समायोजित करना पड़ा। पर जल्दी ही हर क्षेत्र में इजराइल ने विकास के आश्चर्यचकित कर देनेवाले काम किए। एक ऐसा देश, जिसे 1950 के दशक में खाने की राशनिंग करनी पड़ी थी, सन् 2000 तक, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पुरस्कार जीतनेवाली दर्जनों वाइनों का उत्पादन कर रहा था। एक ऐसा देश, जिसके पास कई दशकों तक मात्र एक टेलीविजन स्टेशन था, वहाँ अब अनगिनत चैनल प्रसारित हो रहे थे और वह ऑस्कर के लिए प्रतिस्पर्धा करनेवाली फिल्मों का निर्माण कर रहा था। एक ऐसा देश, जिसमें नरसंहार से बचे कई लोग रह रहे थे, जो धैर्य और सहनशीलता के प्रतीक थे; वह अब एक सैन्यशक्ति बन गया था। लंबे समय तक सीखने को पवित्र कार्य माननेवाले लोग असाधारण परिणामों के साथ उस परंपरा को अपने नवजात देश में लाए, नोबेल पुरस्कार जीता और कई क्षेत्रों में अनुसंधान के लिए अंतरराष्ट्रीय मानक स्थापित किए प्रखर राष्ट्रवाद का अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत करनेवाले देश की यशोगाथा, जिसके नागरिकों ने अद्भुत जिजीविषा और अदम्य इच्छाशक्ति दिखाकर अपने राष्ट्र को विश्व का सिरमौर बना दिया।
To Hazirin Hua Yun
- Author Name:
Ankit Chaddha
- Book Type:

-
Description:
अंकित चड्ढा दास्तानगोई के आसमान का सबसे दरख़्शाँ सितारा था जिसको वक़्त ने बड़ी बेरहमी से हम सब से जुदा कर दिया। अंकित ने छह साल मेरे साथ काम किया मगर उन 6 सालों में उसने 20 सालों का सफ़र तय किया। उसमें बला की ख़ुद-एत्तेमादी, बला की कशिश, बला की संजीदगी और बला की शोख़ी थी। दास्तानगोई शुरू करने के साल भर के अन्दर उसने जान लिया था कि उसे यही काम करना है और उसने नौकरी-वौकरी को ताक पर रखकर कबीर पे अपनी ख़ुद साख़्ता ‘ढाई आखर की दास्तान’ बना कर अपनी आमद का डंका बजा दिया था। फिर वो एक के बाद एक नए तजुर्बे, नए साँचे, नए रंग, नए क़हक़हे बिखेरता चला गया। दास्तान-ए-एलिस में उसने बच्चों को जिस तरह रिझाया वो कोई बहुत ग़ैरमामूली तौर पर सच्चा और बिरला इंसान ही कर सकता था। ये उसका जौहर था की जिसने एक बार उसको देखा वो उसका गिरवीदा हो गया। वो सिर्फ़ दास्तानें नहीं सुनाता था लोगों के दिलों में जाकर बैठ जाता था और वो आज भी उन हज़ारों लोगों के दिलों में बैठा हुआ है जिन्हें उससे दास्तान सुनने का शर्फ़ हासिल हुआ। इस किताब में उसकी लिखी और तदवीन की हुई ढेरों दास्तानें हैं। कहीं शगुफ़्तगी है, कहीं तंज़ है, कहीं हंसी की फुहार है, कहीं दिल-गिरफ़्तगी है, मगर उसके यहाँ हुज़्न में भी हुस्न है, तल्ख़ी में भी प्यार है। कहीं कबीर है, कहीं खुसरो हैं, कहीं गांधी है, कहीं चींटियाँ हैं, कहीं खानाबदोश हैं। ये किताब अंकित की यादगार है। उसका नेमुल-बदल है। दिलफ़रेब, हसीन, ख़ूबसूरत, चुलबुला अंकित आज नहीं है मगर उसकी छोड़ी ये कहानियाँ हमें हमेशा उसकी याद दिलाते रहेंगी अंकित ज़िंदाबाद, पाइँदाबाद।
—महमूद फ़ारूक़ी
Autobiography of An IAS "एक IAS की आत्मकथा" Inspirational Story of An IAS on The Path of Truth, Honesty and Justice by Pramod Kumar Agrawal, IAS (Retd.) in Hindi
- Author Name:
Pramod Kumar Agrawal
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Panch Pandav
- Author Name:
Ramesh Soni
- Book Type:

- Description: प्रस्तुत पुस्तक पाँच पांडवों के व्यक्तित्व तथा उनके जीवन पर आधारित है। महाभारत के अनुसार पाँचों पांडव राजा पांडु के पुत्र थे। सबसे बड़े पुत्र धर्मराज युधिष्ठिर, भीमसेन तथा अर्जुन पांडु की पहली पत्नी रानी वुंक्तती से उत्पन्न हुए तथा नकुल और सहदेव राजा पांडु की दूसरी रानी माद्री के पुत्र थे। पाँचों पांडवों का लालन-पान रानी वुंक्तती ने ही किया था। बचपन से ही पाँचों पांडव शूरवीर, बलशाली, नीतिवान, बुद्धिमान तथा विवेकी थे। महाभारत में पाँचों पांडवों के जीवन से जुड़ी अनेक कथाएँ प्रचलित हैं, जिनके माध्यम से इनके व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला गया है।
Patrakarita Ke Yug Nirmata
- Author Name:
Arjun Tiwari +2
- Book Type:

- Description: वाजपेयीजी ने हिंदी पत्रकारिता कला के निखार के लिए इसके विभिन्न पक्षों पर भरपूर लेखन किया। कलकत्ता से प्रकाशित ‘हिंदी बंगवासी’ (1905) से पत्रकारिता प्रारंभ करने वाले वाजपेयीजी ने मासिक पत्र ‘नृसिंह’ (1907) का संपादन किया। ‘भारतमित्र’ के प्रधान संपादक बनने के पूर्व वाजपेयीजी ने कुछ समय तक ‘सनातन धर्म’ पत्रिका का भी संपादन किया। 1920 में उन्होंने ‘स्वतंत्र’ साप्ताहिक का प्रकाशन किया। हिंदी पत्रकारिता को उच्चता और समृद्धि देने वाले तीन मराठी भाषी यशस्वी संपादकों में माधवराव सप्रे, बाबूराव विष्णु पराड़कर एवं लक्ष्मण नारायण गर्दे का नाम इतिहास में स्वर्णाक्षरों में अंकित है, जिन्होंने राष्ट्रभाषा हिंदी के प्रति अगाध श्रद्धा और लगन का परिचय अपने श्रेष्ठ संपादकीय कौशल एवं पत्रकारी लेखन से दिया। गर्देजी आजीवन आर्थिक कठिनाइयों से जूझते रहे, किंतु उन्होंने कभी समझौते नहीं किए। अपनी ‘कलम’ की स्वतंत्रता की रक्षा पूरी धर्म-निष्ठा से की। श्रेष्ठ व्यंग्यकार और स्वनामधन्य संपादक अशोकजी ने अपनी लेखन और संपादन क्षमता, पत्रकारिता के प्रति अटूट समर्पण और निष्ठा की बदौलत ‘स्वतंत्र भारत’ को लोकप्रिय एवं प्रतिष्ठित अखबार बना दिया था। अशोकजी की ही अनुशंसा पर दैनिक ‘स्वतंत्र भारत’ के दूसरे संपादक योगींद्रपति त्रिपाठी ने अपनी अप्रतिम कर्मनिष्ठा से इसे उत्तर प्रदेश का विश्वसनीय और लोकप्रिय अखबार बनाया। त्रिपाठीजी लगातार 18 बरसों तक इसके संपादक रहे। त्रिपाठीजी विद्वत्ता और सादगी की प्रतिमूर्ति थे। वे उच्चकोटि के सुलझे हुए पत्रकार थे।
Love In Metro
- Author Name:
Arun Anand
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Major Shaitan Singh, PVC: The Man In Half Light | A Complete Biography
- Author Name:
Jai Samota
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
ACHARYA VINOBA BHAVE
- Author Name:
Sumit Kumar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Ireland Ki Lokkathayen | Interesting Stories, History & Random Facts About Ireland Book in Hindi
- Author Name:
Abhishek Tripathi
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Vedant: Bhavishya Ka Dharma
- Author Name:
Swami Vivekanand
- Book Type:

- Description: उनतालीस वर्ष की अल्पायु में स्वामी विवेकानंद जो काम कर गए, वे आनेवाली अनेक शताब्दियों तक पीढ़ियों का मार्गदर्शन करते रहेंगे।वे केवल संत ही नहीं थे, एक महान् देशभक्त, ओजस्वी वक्ता, प्रखर विचारक, रचनाधर्मी लेखक और करुणा से ओतप्रोत मानवताप्रेमी भी थे। अमेरिका से लौटकर उन्होंने देशवासियों का आह्वान करते हुए कहा था, “नया भारत निकल पड़े मोची की दुकान से, भड़भूजे के भाड़ से, कारखाने से, हाट से, बाजार से; निकल पड़े झाड़ियों, जंगलों, पहाड़ों, पर्वतों से ।'' और जनता ने स्वामीजी की पुकार का उत्तर दिया। वह गर्व के साथ निकल पड़ी। गांधीजी को आजादी की लड़ाई में जो जन-समर्थन मिला, वह विवेकानंद के आह्वान का ही फल था। इस प्रकार वे भारतीय स्वतंत्रता-संग्राम के भी प्रमुख प्रेरणास्नोत बने । प्रस्तुत पुस्तक 'वेदांत भविष्य का धर्म' में स्वामीजी ने भारतीय अध्यात्म के दो आधारभूत ग्रंथों 'रामायण' और “महाभारत' के माध्यम से भारत के समाज का आध्यात्मिक, सामाजिक और मानसिक दृश्य खींचा है, जो भारतीय जनमानस के भावों का दिग्दर्शन कराता है।
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book