Maati Ki Moorten
(0)
₹
400
320 (20% off)
Available
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
"माटी की मूरतें—श्रीरामवृक्ष बेनीपुरी जब कभी आप गाँव की ओर निकले होंगे, आपने देखा होगा, किसी बड़ या पीपल के पेड़ के नीचे, चबूतरे पर कुछ मूरतें रखी हैं—माटी की मूरतें! ये मूरतें—न इनमें कोई खूबसूरती है, न रंगीनी। किंतु इन कुरूप, बदशक्ल मूरतों में भी एक चीज है, शायद उस ओर हमारा ध्यान नहीं गया, वह है जिंदगी! ये माटी की ब नी हैं, माटी पर धरी हैं; इसीलिए जिंदगी के नजदीक हैं, जिंदगी से सराबोर हैं। ये देखती हैं, सुनती हैं, खुश होती हैं; शाप देती हैं, आशीर्वाद देती हैं। खुश हुईं—संतान मिली, अच्छी फसल मिली, यात्रा में सुख मिला, मुकदमे में जीत मिली। इनकी नाराजगी—बीमार पड़ गए, महामारी फैली, फसल पर ओले गिरे, घर में आग लग गई। ये मूरतें जिंदगी के नजदीक ही नहीं, जिंदगी में समाई हुई हैं। इसलिए जिंदगी के हर पुजारी का सिर इनके नजदीक आप-ही-आप झुक जाता है। ये कहानियाँ नहीं, जीवनियाँ हैं! ये चलते-फिरते आदमियों के शब्दचित्र हैं। सुप्रसिद्ध लेखक श्रीरामवृक्ष बेनीपुरी कहते हैं—‘मानता हूँ, कला ने उन पर पच्चीकारी की है; किंतु मैंने ऐसा नहीं होने दिया कि रंग-रंग में मूल रेखाएँ ही गायब हो जाएँ। मैं उसे अच्छा रसोइया नहीं समझता, जो इतना मसाला रख दे कि सब्जी का मूल स्वाद ही नष्ट हो जाए।’ जिंदगी के विविध रंगों को रेखांकित करतीं बेनीपुरीजी की सशक्त लेखनी से निकली रोचक, मार्मिक व संवेदनशील रेखाचित्र। "
Read moreAbout the Book
"माटी की मूरतें—श्रीरामवृक्ष बेनीपुरी
जब कभी आप गाँव की ओर निकले होंगे, आपने देखा होगा, किसी बड़ या पीपल के पेड़ के नीचे, चबूतरे पर कुछ मूरतें रखी हैं—माटी की मूरतें!
ये मूरतें—न इनमें कोई खूबसूरती है, न रंगीनी। किंतु इन कुरूप, बदशक्ल मूरतों में भी एक चीज है, शायद उस ओर हमारा ध्यान नहीं गया, वह है जिंदगी! ये माटी की ब नी हैं, माटी पर धरी हैं; इसीलिए जिंदगी के नजदीक हैं, जिंदगी से सराबोर हैं। ये देखती हैं, सुनती हैं, खुश होती हैं; शाप देती हैं, आशीर्वाद देती हैं। खुश हुईं—संतान मिली, अच्छी फसल मिली, यात्रा में सुख मिला, मुकदमे में जीत मिली। इनकी नाराजगी—बीमार पड़ गए, महामारी फैली, फसल पर ओले गिरे, घर में आग लग गई।
ये मूरतें जिंदगी के नजदीक ही नहीं, जिंदगी में समाई हुई हैं। इसलिए जिंदगी के हर पुजारी का सिर इनके नजदीक आप-ही-आप झुक जाता है।
ये कहानियाँ नहीं, जीवनियाँ हैं! ये चलते-फिरते आदमियों के शब्दचित्र हैं। सुप्रसिद्ध लेखक श्रीरामवृक्ष बेनीपुरी कहते हैं—‘मानता हूँ, कला ने उन पर पच्चीकारी की है; किंतु मैंने ऐसा नहीं होने दिया कि रंग-रंग में मूल रेखाएँ ही गायब हो जाएँ। मैं उसे अच्छा रसोइया नहीं समझता, जो इतना मसाला रख दे कि सब्जी का मूल स्वाद ही नष्ट हो जाए।’
जिंदगी के विविध रंगों को रेखांकित करतीं बेनीपुरीजी की सशक्त लेखनी से निकली रोचक, मार्मिक व संवेदनशील रेखाचित्र।
"
Book Details
-
ISBN9789380183268
-
Pages128
-
Avg Reading Time4 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
20 Greatest Explorers of the World
- Author Name:
Kalyani Mookherji
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Devrishi Narayan aur Narad Samvad
- Author Name:
Dr. Kislay Panday
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
KAHAT KABIR
- Author Name:
Suresh Patel
- Book Type:

- Description: Based on Kabir ke Dohe
Shabda-Sandhaan: Comprehensive Study of Hindi Grammar
- Author Name:
Kamlesh Kamal
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
BPSC BIHAR SHIKSHAK BAHALI CLASS 9 TO 10 HINDI 20 PRACTICE SETS
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh, IAS (AIR-49)
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
NTA CUET UG 2024 Exam | Physics | 2000+ NCERT Based Topic-wise MCQs | Useful for DU JNU Jamia Milia BHU AMU CHS and All Other Central University
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
JKS : The Logistics Man of India Hardcover
- Author Name:
Arun Arora
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Andhera Bharat
- Author Name:
Ramji Yadav
- Book Type:

- Description: Non Fiction
Bhagwan Parshuram | Hindi Translation of The Legend of Parshu-Raam
- Author Name:
Dr. Vineet Aggarwal
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Kuchh Ansuni Fauzi Kahaniyan
- Author Name:
Rachna Bisht Rawat
- Book Type:

- Description: एक रिटायर्ड जनरल को मरे हुए लोगों की आवाजें डराती हैं। खून जमा देनेवाले सियाचिन में मोर्चे पर तैनात दो शत्रु देशों के सैनिकों के बीच एक अजीब संबंध जुड़ जाता है। अरुणाचल के जंगलों में एक युवा लेफ्टिनेंट तीन सैनिकों के सामने दम तोड़ रहा होता है, जिनमें से एक का भाग्य हमेशा के लिए बदल जाता है। कश्मीर में अपनी पहचान छुपाकर काम कर रहे एक मेजर और उसके जवानों के सीने में कौन सा राज दफन है? पूर्णतया पुरुषों वाले 13 पैरा के गढ़ में आगरा आ रही एक ट्रेन कैसा आश्चर्य लेकर आनेवाली है? कौन हैं वे अदृश्य लोग जिनसे लैंसडाउन मिलिट्री हॉस्पिटल में ब्रेन सर्जरी का इंतजार कर रही नन्ही लड़की बातें करती है? द ब्रेव, 1965 और कारगिल जैसी पुस्तकों को लिखनेवाली लोकप्रिय लेखिका एक ऐसी पुस्तक लेकर आई हैं जो उन कहानियों के जरिए आपको जैतूनी हरे रंग की सेना की छावनियों की दुनिया में ले जाएँगी, जो आपको जितनी खुशी देंगी, उतना ही सोचने पर मजबूर भी करेंगी।
Desh Ke Is Daur Mein
- Author Name:
Vishwanath Tripathi
- Book Type:

- Description: परसाई जी पर आपकी किताब मिल गई और पढ़ ली गई। अपने देश व समाज से,मानवता से आप जिस गहराई तक जुड़े हैं, उस पर अचम्भा होता है। आपके लेखन से ताक़तमिलती है। बहुत-सी चीज़ें साफ़ होती हैं। परसाई जी का मैं प्रशंसक हूँ आज से नहीं, बहुत पहले से।हिन्दी में आज तक ऐसा हास्य-व्यंग्यकार नहीं हुआ। आपने बहुत बड़ा काम किया है। परसाई जी की जीवनी और कृतित्व दोनों को मिलाकर एक पुस्तक लिखी जानी चाहिए। —अमरकान्त परसाई पर विश्वनाथ त्रिपाठी ने पहली बार गम्भीरता से विचार किया है। यह अभी तक की एक अनुपम और अद्वितीय पुस्तक है, जिसमें परसाई के रचना-संसार को समझने और उद्घाटित करने का प्रयास किया गया है। —ज्ञानरंजन परसाई का लेखन डॉ. विश्वनाथ त्रिपाठी के चिन्तन के क़रीब पड़ता है। वे अपने चिन्तन को परसाई की रचना से पुष्ट और समृद्ध करते हैं। परसाई जी के निबन्धों की उन्होंने बहुत तरह से, बहुतकोणों से जाँच-पड़ताल की है— वर्तमानता की दृष्टि से, मनोविकारों की दृष्टि से, कला की दृष्टि सेऔर रूप की दृष्टि से। —बलीसिंह
SHARE MARKET MEIN 10,000 KI INVESTMENT SE 100 CRORE KAISE KAMAEN
- Author Name:
Shyam Sundar Goyal
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Police Vyavastha Par Vyangya
- Author Name:
Giriraj Sharan
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
BPSC TRE 3.0 Bihar Teacher Recruitment Class 6-8 "Ganit & Vigyan" Maths & Science | 15 Practice Sets (Hindi)
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh, IAS (AIR-49)
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Six Glorious Epochs of Indian History
- Author Name:
Vinayak Damodar Savarkar
- Book Type:

- Description: "Six Glorious Epochs of Indian History is a learning experience which covers the period of Muslim invasions in India and brave retaliation by the natives. No less was the struggle of Indian manes against British rule and for freedom and liberation of the mother country. The author’s tribute to the martyrs and his letters to dear ones from Andamans, miscellaneous statements and writings are also included in this book. The first four epochs are covered in only hundred plus pages while the last two epochs span almost four hundred plus pages, signifying the importance that the author gave to this period. So far we have been given the picture of British rule, the history and politics in India by foreign and leftist writers, but in this book Veer Savarkar makes us look at the country’s history and politics from the Bharatiya perspective. Not only does he analyse the mistakes committed by Hindus since the time of Alexander’s invasion till the British rule, he tries to enlighten our minds with the prevalent situation in his time. All that he himself learnt from history, he tries to correct through this book of his.
Best Management Quotes
- Author Name:
Suresh Mohan Semwal
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Gulli-Danda
- Author Name:
Premchand
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Khidkiyan "खिड़कियाँ" Book in Hindi | Pankaj Sharma
- Author Name:
Pankaj Sharma
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
BSSTET Bihar Special School Teacher Eligibility Test Paper-2 Class 6-8 |Mathematics and Science 15 Practice Sets Book in Hindi
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Jagdish Chandra Basu
- Author Name:
Dileep Kulkarni
- Book Type:

- Description: "जगदीश चंद्र बसु—दिलीप कुलकर्णी 30 नवंबर, 1858 को बंगाल में जनमे 23 नवंबर, 1937 डॉ. (सर) जगदीश च्रंद बसु भारत के प्रसिद्ध वैज्ञानिक थे जिन्हें भौतिकी, जीवविज्ञान, वनस्पतिविज्ञान तथा पुरातत्त्व का गहरा ज्ञान था। ये पहले वैज्ञानिक थे जिन्होंने रेडियो और सूक्ष्म तरंगों की प्रकशिकी पर कार्य किया। साथ ही ये भारत के पहले वैज्ञानिक शोधकर्ता थे। इन्हें रेडियो विज्ञान का पिता माना जाता है। ये विज्ञानकथाएँ भी लिखते थे और इन्हें बंगाली विज्ञानकथा-साहित्य का पिता भी माना जाता है। इन्होंने बेतार के संकेत भेजने में असाधारण प्रगति की और सबसे पहले रेडियो संदेशों को पकड़ने के लिए अर्धचालकों का प्रयोग करना शुरू किया। लेकिन अपनी खोजों से व्यावसायिक लाभ उठाने की जगह इन्होंने इन्हें सार्वजनिक रुप से प्रकाशित कर दिया ताकि अन्य शोधकर्त्ता इनपर आगे काम कर सकें। इसके बाद इन्होंने वनस्पति जीवविद्या में अनेक खोजें की। इन्होंने एक यंत्र क्रेस्कोग्राफ का अविष्कार किया और इससे विभिन्न उत्तेजकों के प्रति पौधों की प्रतिक्रिया का अध्ययन किया। इस तरह से इन्होंने सिद्ध किया कि वनस्पतियों और पशुओं के ऊतकों में काफी समानता है। ये पेटेंट प्रक्रिया के बहुत विरुद्ध थे और मित्रों के कहने पर इन्होंने एक पेटेंट के लिए आवेदन किया। "
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book