Hattrick of Rising Hindutva : Verdict 2024
Author:
Harsh KumarPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
EnglishCategory:
Other0 Ratings
Price: ₹ 280
₹
350
Available
Awating description for this book
ISBN: 9789355625502
Pages: 168
Avg Reading Time: 6 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
Recommended For You
Madhya Pradesh Uchch Madhyamik Shikshak Patrata Pariksha Arthashastra Practice MCQs (MPTET Higher Secondary Teacher Economics Practice Sets in Hindi)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Dictionary of Mathematics (Tricks of Mathematics, Advanced Mathematics Formulas & Mathematics Quiz) Facts of Mathematics Book
- Author Name:
Dr. Rajesh Kumar Thakur
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Cancerman To Ironman: A Police Officer’s Journey of Arresting Illness | An Inspiring Journey To Defeat Cancer With Strong Will Power And Courage
- Author Name:
Nidhin Valsan
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Bharat Ka Rashtriya Vriksh Aur Rajyo Ke Rajya Vriksh
- Author Name:
Parashuram Shukla
- Book Type:

-
Description:
‘भारत का राष्ट्रीय वृक्ष और राज्यों के राज्य वृक्ष’ एक अनूठी पुस्तक है। इसका उद्देश्य है पाठकों को अपने पर्यावरण के प्रति सचेत व सहृदय बनाना।
इस पुस्तक में भारत के राष्ट्रीय वृक्ष सहित 25 राज्यों और 2 केन्द्रशासित प्रदेशों के राज्य वृक्षों का परिचय दिया गया है। छत्तीसगढ़, दिल्ली, गुजरात और मध्य प्रदेश ऐसे राज्य हैं, जिन्होंने अभी तक अपने राज्य वृक्ष घोषित नहीं किए हैं। इसके साथ ही चंडीगढ़, दादर नगर हवेली, दमन एवं दीव और पांडिचेरी के भी राज्य वृक्ष नहीं हैं। केन्द्रशासित प्रदेशों में केवल लक्षद्वीप और अंडमान-निकोबार ने अपने राज्य वृक्ष घोषित किए हैं।
भारत का राष्ट्रीय वृक्ष बरगद है। यह ओड़िसा का राज्य वृक्ष भी है। लगभग ऐसी ही स्थिति पीपल और हुलुंग की है। पीपल को बिहार और हरियाणा दोनों ने अपना राज्य वृक्ष घोषित किया है। हुलुंग विश्व-भर में होलांग के नाम से प्रसिद्ध है। हुलुंग को अरुणाचल प्रदेश और असम दोनों ने अपना राज्य वृक्ष माना है।
प्रत्येक वृक्ष के परिचय में वृक्ष का हिन्दी नाम, अंग्रेज़ी नाम और वैज्ञानिक नाम दिया गया है।
पुस्तक का उद्देश्य वृक्षों से सम्बन्धित भ्रामक धारणाओं का खंडन करते हुए वैज्ञानिक जानकारियाँ प्रदान करना और इनके महत्त्व एवं उपयोग से परिचित कराना है।
समाजशास्त्री और पर्यावरणविद् डॉ. परशुराम शुक्ल ने उक्त उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए इस पुस्तक में वृक्षों के बारे में विस्तार से जानकारियाँ दी हैं। ये रोचक और ज्ञानवर्द्धक हैं। हिन्दी में अपने विषय पर यह अकेली पुस्तक है।
Bharat Ki Rajvyavastha "भारत की राजव्यवस्था" for Union and State Public Service Commissions UPSC Examinations Book in Hindi
- Author Name:
Dr. Virendra Prasad (Ias)
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Apratim Bharat
- Author Name:
Shri Bhagwat Pariwar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
PLEDGE FOR AN INTEGRATED INDIA
- Author Name:
Ed. Devesh Khandelwal
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
28 SHARE MARKET MONEY MAKING SECRETS (PB)
- Author Name:
Sudha Shrimali
- Rating:
- Book Type:

- Description: There are numerous books available in the market on the subject of share market, however, in this book, the author has attempted to elucidate the complicated aspects of financial domain in a clear and simple language. The modus operandi of share market, commodity market, mutual funds and idiomatic language used in the market have all been explained with illustrations. She presents her suggestions for selection of a good broker. Explanations on the factors impacting the market, references to historical crashes of the market, asset allocation and discussions on popular methods of investment for the benefit of readers are the special features of the book. This book would work as a great guide not only for beginner investors but also for students of degree courses, academic certifications and professional examinations.
Pratham Purush
- Author Name:
Virendra Mullick
- Book Type:

- Description: अग्नि पीढ़ीक स्तम्भ कवि वीरेन्द्र मल्लिक अपन काव्यालोचना पोथी 'प्रथम पुरुष' मे गंभीर अध्येताक रूप मे सोझाँ अबैत छथि। बहुधंधी मल्लिकजी कवि, आलोचक, संपादक आ रंगकर्मी रहलाह अछि। ई पोथी हुनकर आलोचकक रूप केँ आर बेसी देखार करैत अछि। पोथी अद्भुत अछि। ओकर कालखंड प्राय: आठ सय बर्खक। मिथिला मे एहि अवधि मे रचल अनेकानेक प्रकारक काव्यक चर्च ओ एहि पोथी मे करैत छथि। मिथिलाक वैष्णव काव्य धारा केँ एक टा पुरातत्वशास्त्री जकाँ उत्खनित करैत ओ मैथिली साहित्यक इतिहास मे एक टा सार्थक हस्तक्षेप करैत छथि। मैथिलीक रामकाव्य, खास क' दुनू रामायणक विषय मे दू टा उपयोगी लेख छै जे मैथिली रामायण सभ केँ व्यापक रामकथाक परम्परा मे अवस्थित करैत ओकर विश्लेषण करैत अछि। सुभद्रा हरणक बिम्बविधानक चर्चा करैत एक टा आलेख एहि हेरायल जाइत पोथीक सौष्ठवक वर्णन करैत ओकरा समकालीन चेतना मे अनैत अछि। मैथिलीक महत्त्वपूर्ण कवि जीवकांतक कविता पर लिखल लेख हुनक काव्य केँ बुझबा मे, ओकर तह मे पहुँचÓ मे मदति करत। पोथीक पहिल आलेख एक टा सैद्धांतिक लेख अछि जकरा पढ़ला सँ कविता बूझ' मे तँ मदति भेटबे करतै, संगहि पछिला एक सय पचीस बरखक मैथिली कविताक आलोचनात्मक इतिहास सेहो। समकालीन कविता पर लिखल लेख एहि प्रकल्प केँ आर गँहीर करैत अछि। पोथी पढ़निहार लोकनि मल्लिकजीक अध्ययनक विस्तृत फलक-वेद सँ ल'क' लेनिन आ साहित्य आलोचनाक मनीषी सब धरि, हुनकर फडि़च्छ आलोचकीय दृष्टि आ हुनकर जनपक्षधरता सँ जनमल स्निग्धता सँ ओतबे प्रभावित हेताह जतेक हम भेलहुँ अछि, से आशा अछि। मैथिली कविताक मादे एक टा तथ्यगत, इतिहास सम्मत आ फडि़च्छ पोथी जँ पढ़' चाही, तँ ई पोथी पढ़ी। —विद्यानंद झा
Senapati Tatya Tope
- Author Name:
Ranjana Chitale
- Book Type:

- Description: "जिन दिनों श्रीमती रंजना चितले वीर तात्या टोपे के संदर्भ तलाश रही थीं, तब यह प्रश्न मेरे मन में बार-बार आया कि इन्होंने शोधात्मक लेखन के लिए तात्या टोपे को ही क्यों चुना? जब मैंने रंजनाजी के परिवार के बारे में जाना तो मुझे पता चला कि इनके परिवार का तात्या टोपे और तात्या टोपे की जीवनधारा से पीढि़यों का नाता है। रंजनाजी के पूर्वज तेलंगाना के मूल निवासी थे। अन्य लोगों के साथ इनके पूर्वजों को भी छत्रपति शिवाजी महाराज ने हिंदू पदपादशाही के सशक्तीकरण के काम में लगाया था। उन्हें सात पीढ़ी पहले पाँच गाँव की जागीर देकर पीलूखेड़ी में बसाया गया था। पारिवारिक वृत्तांत के अनुसार 1857 की क्रांति के अमर नायक नाना साहब पेशवा ने अपने जीवन की अंतिम साँस इसी स्थान पर ली थी। वहाँ उनकी समाधि बनी है। इसी परिवार ने अंतिम समय में उनकी देखभाल की थी। सिपाही बहादुर सरकार के क्रांतिकारी आंदोलन में इस परिवार ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया था और 1857 की क्रांति के सेनानियों को पीलूखेड़ी के शास्त्री परिवार से रोटियाँ बनकर जाती थीं। इसी शास्त्री परिवार में जन्मी हैं रंजना, जो विवाह के बाद चितले हो गईं। मुझे लगता है, ऐसी ही प्रज्ञा स्मृति से रंजनाजी वीर तात्या टोपे के व्यक्तित्व अन्वेषण में लग गईं। इस पुस्तक में उन्होंने वे तथ्य जुटाए हैं, जो तात्या टोपे से संबंधित अन्य विवरणों में या तो मिलते नहीं या सर्वदा उपेक्षित रहे। —डॉ. सुरेश मिश्र इतिहासकार एवं लेखक "
Karishmai Kalam
- Author Name:
P.M. Nayar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
BPSC Bihar Shikshak Bahali "Primary Teacher Recruitment" Uchch Prathamik Higher Primary School Class 6 To 8 Samanya Adhyayan "General Knowledge"- Book in Hindi
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh, IAS (AIR-49)
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Mandala Tear Out Sheet Colouring Book for Adults
- Author Name:
Namaskar Kids
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Sach Keejiye Sapne
- Author Name:
P.K. Arya
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Jas Dekha Tas Lekha
- Author Name:
Yogendra
- Book Type:

- Description: MemoriesEducational System
Meri Nazar Se Duniya Ki Sair "मेरी नजर से दुनिया की सैर" | Travelogue Book in Hindi
- Author Name:
Himanshu Joshi
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Yeh Ram Kaun Hai?
- Author Name:
Neerja Madhav
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
JPSC Mukhya Pareeksha Bhartiya Samvidhan, Rajvyavastha, Lok Prashasan Evam Sushasan "Indian Constitution, Polity, Public Administration & Governance" Mains Exam - 2024 | Dr. Manish Rannjan (IAS)
- Author Name:
Dr. Manish Rannjan
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Shesh Kitna Tamas "शेष कितना तमस" Book in Hindi | Dr. Virendra Prasad
- Author Name:
Dr. Virendra Prasad
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
MARY KOM KI JEEVANGATHA
- Author Name:
Anita Gaur
- Book Type:

- Description: "विश्वप्रसिद्ध बॉक्सर मैरी कॉम ने इतिहास रचते हुए इंचियोन एशियाड में महिला बॉक्सिंग का स्वर्ण पदक भारत को दिलाया और इस जीत के साथ ही मैरी कॉम एशियन गेम्स में भारत के लिए स्वर्ण पदक जीतनेवाली पहली महिला बॉक्सर बन गईं। आज भारत में महिला बॉक्सिंग का दूसरा नाम है मैरी कॉम। बॉक्सिंग उनकी जिंदगी बन चुकी है, जिसे वे एक जुनून की तरह जी रही हैं। वे सुपर मॉम के अपने पारिवारिक किरदार के साथ बॉक्सिंग में भी देश का नाम रोशन कर रही हैं। सचमुच मैरी कॉम का जीवन संघर्ष करके अपना पथ स्वयं प्रशस्त करने की प्रेरणा देता है। मणिपुर के छोटे से गाँव में, विपन्न परिवार में जबरदस्त विरोध के बावजूद कड़ी मेहनत, सच्ची लगन और अदम्य इच्छाशक्ति का परिचय देकर मैरी कॉम ने बॉक्सिंग की राष्ट्रीयअंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में विजय प्राप्त कर भारत का मान बढ़ाया है। एक जाँबाज खिलाड़ी की प्रेरणाप्रद जीवनगाथा, जो न जाने कितनी अनजानी अपरिचित प्रतिभाओं को अपना लक्ष्य प्राप्त करने का द्वार खोलेगी।"
Customer Reviews
0 out of 5
Book
Be the first to write a review...