1000 Ganit Prashnottari
Author:
Dilip M. SalwiPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
HindiCategory:
Other0 Ratings
Price: ₹ 400
₹
500
Unavailable
विज्ञान के इतिहास मे कॉपरनिकस को जिंदा जला दिए जाने की घटना चर्चा में रही है; मगर इससे एक हजार वर्ष पहले पाँचवीं सदी में सिकंदरिया की गणितज्ञा हाइपेशिया के साथ भी इसी तरह का सलूक किया गया था, ऐसा थोड़े ही लोग जानते हैं ।
गणित के क्षेत्र में ढेरों महान् खोजें हुई हैं; मगर स्वयं गणित लोकजीवन के सामान्य चिंतन से बाहर होता चला गया है । यही वजह है कि गणित एक नीरस विषय लगने लगा है और उसमें आम लोगों की दिलचस्पी घटने लगी है; जबकि जीवन का कोई क्षेत्र ऐसा नहीं बचा है जहाँ अंकों से किसी-न-किसी का वास्ता न पड़ता हो ।
गणित की आकाशगंगा में भी एक- से-एक देदीप्यमान नक्षत्र हैं; यथा- आर्यभट्ट, ब्रह्मगुप्त, महावीराचार्य, भास्कराचार्य, यूक्लिड, आर्किमिडीज, रेने डेकार्ट, डेविड हिल्बर्ट, गॉस, लाइबनिट्ज, रामानुजन आदि । यह कड़ी यहीं खत्म नहीं होती बल्कि सतत जारी है ।
सामान्यजन को गणित के विषय में तथ्यपरक जानकारी देना इस्र पुस्तक का उद्देश्य है ।
ISBN: 9788177212747
Pages: 192
Avg Reading Time: 6 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
Recommended For You
Bhuvneshwar Samagra
- Author Name:
Bhuvneshwar
- Book Type:

- Description: भुवनेश्वर प्रेमचन्द की खोज हैं। इसके दो प्रमाण हैं—(1) उनकी अब तक प्राप्त 12 कहानियों में से 9 और अब तक प्राप्त 17 नाटकों में से 9 प्रेमचन्द द्वारा संस्थापित ‘हंस’ पत्रिका में ही प्रकाशित हुए। और (2) भुवनेश्वर की पहली और एकमात्र प्रकाशित किताब ‘कारवाँ’ की पहली समीक्षा ख़ुद प्रेमचन्द ने लिखी। लेकिन भुवनेश्वर मात्र एक कहानीकार–एकांकीकार ही नहीं, एक उत्कृष्ट कवि, सूक्तिकार और मारक टिप्पणीकार भी हैं। अपने सम्पूर्ण लेखन में वे कहीं भी दबी ज़बान से नहीं बोलते। उनकी अंग्रेज़ी की 10 कविताओं में सत्यकथन की अघोर हिंसा का जो हाहाकार है वह हिन्दी कविता के तत्कालीन (छायावादी) वातावरण के बिलकुल विपरीत और अत्याधुनिक है। भुवनेश्वर ने ‘डाकमुंशी’ और ‘एक रात’ जैसी कहानियाँ लिखकर प्रेमचन्द के चरित्रवाद और घटनात्मक कथानकवाद का एक ‘तोड़’ प्रस्तुत किया। उनकी ‘भेड़िये’ कहानी आज की गलाकाट प्रतियोगिताओं की एक प्रतीकात्मक पूर्व–झाँकी है, जहाँ अपना अस्तित्व बचाए रखने के लिए दूसरों की बलि चढ़ाने में ज़रा भी हिचक नहीं। उनके प्रसिद्ध नाटक ‘ताँबे के कीड़े’ में संवादों के होते हुए भी संवादात्मकता का पूरी तरह लोप है। भुवनेश्वर के सम्पूर्ण लेखन में सन्नाटे का एक ‘अनहद’ है जो कहीं से भी आध्यात्मिक नहीं। भुवनेश्वर हिन्दी के एक ऐसे उपेक्षित और भुलाए गए लेखक हैं, जो अपनी पैदाइश के आज सौ वर्षों बाद अब ज़्यादा प्रासंगिक और आधुनिक नज़र आते हैं। भुवनेश्वर आने वाली पीढ़ियों के लेखक हैं।
Swayam Prakash ki Lokpriya Kahaniyan
- Author Name:
Swayam Prakash
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
The Wings of Age
- Author Name:
Keshari Nath Tripathi
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Stritva Se Hindutva Tak
- Author Name:
Charu Gupta
- Book Type:

- Description: प्रस्तुत पुस्तक का विषय है औपनिवेशिक उत्तर भारत में हिन्दू संगठनों, प्रचारकों और विचारों के सांस्कृतिक जगत में लिंग की केन्द्रीय भूमिका, यौनिकता का संकीर्ण विमर्श और साम्प्रदायिक उभार से इसके अन्तर्सम्बन्ध। अभिलेखागारों और प्रचलित साहित्य विधाओं के विशद शोध के ज़रिए यह दर्शाया गया है कि किस प्रकार मुख्यतः मध्यवर्गीय हिन्दू प्रचारकों ने हिन्दी के प्रिंट-पब्लिक माध्यमों के इस्तेमाल से नए सामाजिक और नैतिक प्रतिमान गढ़ने, और एक विविध आबादी को एकरूप, आधुनिक हिन्दू समुदाय बनाने की कोशिश की। पुस्तक के पहले भाग में हिन्दू प्रचारकों की नैतिक और यौनिक चिन्ताएँ हैं। बाज़ारू साहित्य, कामोत्तेजक इश्तहार, लोकप्रिय संस्कृति, अश्लीलता, महिलाओं के मनोरंजन, शिक्षा और घरेलू परिदृश्यों की पड़ताल के ज़रिए लेखिका ने स्पष्ट किया है कि किस प्रकार एक ‘सम्माननीय’, ‘सुसंस्कृत’ हिन्दू सामाजिक और राजनैतिक पहचान बनाने के लिए इन सारे क्षेत्रों को पुनर्परिभाषित करने की कोशिशें हुईं। साथ ही इन प्रयासों के विरोध भी हुए, जिनसे हिन्दी साहित्य और हिन्दू पहचान की जटिलताओं और विषमताओं का भान होता है। दूसरे भाग में लिंग के प्रिज़्म से रोज़मर्रा की ज़िन्दगी में बढ़ता हुआ साम्प्रदायिककरण देखा गया है। लेखिका ने हिन्दू पुरुषत्व की चिन्ताओं, मुस्लिम मर्द की साँचेदार तस्वीर, अपहरण-विरोधी अभियान, गाज़ी मियाँ की आलोचना और विधवा-विवाह के बदलते विमर्श पर ध्यान देते हुए बताया है कि हिन्दू प्रचारक हिन्दू औरत और मुस्लिम मर्द के बीच मेल-जोल कैसे रोकना चाहते थे। इन सबके बीच, यह पुस्तक महिलाओं के हस्तक्षेप—नकार और प्रतिकार—की भी चर्चा करती है, जिससे हिन्दू पहचान की तस्वीर खंडित होती है।
Shiksha Ki Sanskriti "शिक्षा की संस्कृति" Book in Hindi- Kalraj Mishra
- Author Name:
Kalraj Mishra
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
NTA CUET UG 2024 Exam | Chemistry | 2000+ NCERT Based Topic-wise MCQs | Useful for DU JNU Jamia Milia BHU AMU CHS and All Other Central University
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Hathyoga : Swaroop evam Sadhna
- Author Name:
Yogi Adityanath
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Chanakya Neeti
- Author Name:
R.P. Jain
- Book Type:

- Description: Chanakya was an Indian teacher, philosopher and royal advisor. He managed the first Maurya emperor Chandragupta's rise to power at a young age. He is widely credited for having played an important role in the establishment of the Maurya Empire, which was the first empire in archaeologically recorded history to rule most of the Indian subcontinent.Chanakya is traditionally identified as Kautilya or Vishnu Gupta, who authored the ancient Indian poltical treatise called Arthasastra. As such, he is considered as the pioneer of the field of economics and political science in India, and his work is thought of as an important precursor to Classical Economics.Chanakya Neeti is a treatise on the ideal way of life, and shows Chanakya�s deep study of the Indian way of life. Chanakya also developed Neeti-Sutras (aphorisms�pithy sentences) that tell people how they should behave. Of these well-known 455 sutras, about 216 refer to rajaneeti (the do,s and don�ts of running a kingdom). Apparently, Chanakya used these sutras to groom Chandragupta and other selected disciples in the art of ruling a kingdom.
STRAY WRITINGS (PB)
- Author Name:
Raj Kumar Bhatia
- Book Type:

- Description: the author is a respected social activist in Delhi belonging to RSS school of thought. In over six decades of his public life, he wrote on several subjects which are compiled in this book. He spent over four decades in Akhil Bharatiya Vidyarthi Parishad and was it’s top office bearer and ideologue. Several of his writings relate to that phase of his life. It’s a thought provoking collection of author’s writings on diverse subjects.
Born to win
- Author Name:
Zig Ziglar +1
- Rating:
- Book Type:

- Description: “If I could recommend only two books to help you become more, do more, and have more the first would be the Bible; the second is Born to Win. This masterpiece makes it clear why Zig Ziglar has been the world’s great motivator for five decades.” Dave Anderson, President, Learn To Lead, author How to Lead by THE BOOK. In eighty-five years of living and over fifty years of giving, Zig Ziglar, the icon of motivational and inspirational speaking, a man many call the Father of Motivation and Balanced Life Living, presents his last extensive and most comprehensive book ever! Born to Win – Find Your Success Code. Zig Ziglar’s ultimate book compresses over four and one-half decades of life changing tools and practices into an inspiring, concise, easy to use format for bottom line people who want to grow and improve the whole spectrum of their life “right now!” Readers will learn that when you have the hope that things can change, and a plan to make that change possible, then you can and will take action. Zig Ziglar’s whole person, balanced living approach to life has inspired millions to enjoy good health, a new depth of love and gratitude for family and friends, financial security and independence, and spiritual peace of mind. His instruction on how to live a life that leaves no room for regret or worry is the starting point for a joy filled, exciting, vibrant, life. It is true that when you have prepared yourself to be the right kind of person, you can do what you need to do to expect success. When you truly understand that you were Born to Win, you can change the world!
Sangram
- Author Name:
Premchand
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
MADHUR BALGEET
- Author Name:
KOYAL
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Upanyaskar Ka Safarnama
- Author Name:
Udyan Vajpeyi
- Book Type:

- Description: “शम्सुर्रहमान फ़ारूक़ी इस समय न सिर्फ़ उर्दू बल्कि समूचे भारतीय साहित्य में एक बड़ी और आकर्षक हस्ती हैं। उनमें गहरी विद्वत्ता और अथक सृजनशीलता का जो संयोग है, वह अनोखा है। अपनी पारम्परिक बहुलता, जो कई बार आधुनिकता की झोंक में इकहरी देखी-समझी जाने लगती है, इस चिन्तक-लेखक के यहाँ जीवन्त गतिशीलता में प्रगट होती है। उनके संवाद से हमारी स्थिति के, हमारी सांस्कृतिक धरोहर के ऐसे कई पहलू सामने आते हैं जिन्हें हम भूल गए हैं। किसी उर्दू लेखक का हिन्दी में शायद यह सबसे लम्बा संवाद है। रज़ा पुस्तक माला में इस अनूठी और कई सिम्तों को रोशन करती बातचीत को पुस्तकाकार प्रस्तुत करते हमें हर्ष है।" —अशोक वाजपेयी
Vedik Vichar
- Author Name:
Chitranjan Savant
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
The Social Capital of Sisterhood: Stories Of Leisure And Mobility of Women Through Self Help Groups In Kerala
- Author Name:
Sreesoorya Thiruvoth
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Prem Aur Sazish
- Author Name:
Sanjay Kumar Paul
- Book Type:

- Description: ‘प्रेम और साजिश’ कहानी माधव और अंकिता के प्रेम-प्रसंग से शुरू होकर बहुत से अदभुत मोड़ों से गुजरकर खत्म होती है। अंकिता की शादी की खबर सुनकर माधव का दिल टूट जाता है और वह सुसाइड करने की सोचता है। माधव का ममेरा भाई उसको प्रतियोगिता परीक्षा में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करता है। दो साल के अंदर एस.एस.सी. की प्रतियोगिता परीक्षा पास कर माधव सी.बी.आई. में सब इंस्पेक्टर बन जाता हैं। माधव की पोस्टिंग कोलकाता में होती है। माधव को बंगाली लडक़ी अन्नू से प्यार हो जाता है। इस बीच माधव को टॉलीवुड (बांग्ला फिल्म इंडस्ट्री) की मशहूर अभिनेत्री लीना डे, जिसकी लाश श्रीनगर के एक होटल में पानी से भरे टब में मिलती है, का केस दिया जाता है। केस की छानबीन से पता चलता है कि लीना सपरिवार जम्मू में अपने किसी रिश्तेदार की शादी में शामिल हुई थी। शादी के बाद लीना कश्मीर घूमना चाहती थी, पर उसका पति प्रसेनजित, जो एक फिल्म डायरेक्टर है, कश्मीर से कोलकाता आकर अभिनेत्री स्वास्तिका बनर्जी, जिसके साथ प्रसेनजित का अफेयर है, का जन्मदिन मनाता है। चूँकि घटना दूसरे राज्य में हुई थी, इसलिए पुलिस इसे नैसर्गिक मौत मानकर केस को रफा-दफा कर देती है। माधव असली अपराधी की तलाश में दिन-रात एक कर देता है। अपराधी कितना ही शातिर क्यों न हो, एक न एक दिन जरूर कानून के शिकंजे में फँस जाता है। कहानी कई पड़ाव पार करते हुए अंत में अपने अंजाम तक पहुँच ही जाती है।
Bhautiki Ki Rochak Baaten
- Author Name:
Sheo Gopal Misra
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
UPSC Sookti Kosh - Key to Success in IAS Mains and Interview (UPSC Quotes Handbook Hindi Edition)
- Author Name:
Piyush Rohankar +1
- Book Type:

- Description: प्रस्तुत पुस्तक 'UPSC सूक्ति कोश' विशेष रूप से सिविल सेवा अभ्यर्थियों के लिए तैयार की गई है। सिविल सेवा अभ्यर्थी द्वारा किसी प्रश्न का उत्तर देते समय किसी सूक्ति को उद्धृत करना और प्रश्न के परिप्रेक्ष्य में उसकी व्याख्या करना उसके उत्तर को नया आयाम देता है तथा भाषा पर उसके अधिकार और विषय की समझ को प्रकट करता है। सूक्तियाँ विद्वानों, महापुरुषों और नीतिज्ञों के अनुभव और विचारों का सार हैं। आज के समय में UPSC, अभ्यर्थियों से यही अपेक्षा करता है कि वे सही समय पर सही निर्णय या सही विचार जनता तक पहुँचा सकें। विषय का उचित विश्लेषण और तार्किक क्षमता UPSC के अभ्यर्थियों के लिए सर्वोपरि है। ऐसे में सूक्तियाँ उनके लिए सफलता पाने का सशक्त माध्यम बन सकती हैं। प्रस्तुत पुस्तक में धार्मिक, सामाजिक, समकालिक सभी प्रकार की सूक्तियों का समावेश किया गया है ताकि अभ्यर्थी कम समय में अधिक विद्वानों के गूढ़ विचारों से अवगत हो सकें। आशा है यह पुस्तक न केवल UPSC की परीक्षा देने वाले अभ्यर्थियों के लिए अपितु आम पाठक के लिए भी उपयोगी सिद्ध होगी।
Bharat Ka Samvidhan
- Author Name:
Dr. Pramod Kumar Agrawal
- Book Type:

- Description: "भारत का संविधान संविधान का राष्ट्रीय लोक-विमर्श आज भी लगभग पूरी तरह अंग्रेजी भाषा का मुखापेक्षी है। इस विमर्श में आम आदमी की छवि एवं उनके सरोकार तो नजर आते हैं, किंतु आम आदमी की भाषा सुनाई नहीं देती। इस ग्रंथ में हिंदी में विवेकसंगत एवं संतुलित संविधान-विमर्श के साथ ही आम आदमी की समझ में आनेवाली भाषा प्रयोग की गई है। संविधान-रचना की पृष्ठभूमि और व्याख्या की दृष्टि से यह ग्रंथ हिंदी भाषा में संविधान-साहित्य को एक अमूल्य और बेजोड़ उपहार है। प्रस्तुत ग्रंथ में संविधान के विविध पक्षों पर सरल एवं सुबोध भाषा में प्रकाश डाला गया है। इसमें संविधान के उलझे हुए प्रश्नों के विवेचन के साथ-साथ संविधान के विषयों का अनुच्छेद-आधारित उल्लेख भी है। संविधान की रचना की पृष्ठभूमि देते हुए बताया गया है कि कई ‘अर्धवैधानिक’ नियम भी संविधान एवं शासन प्रबंध की व्यावहारिकता में महत्त्वपूर्ण होते हैं। उन सबको लेकर एक सांगोपांग एवं सर्वतोमुखी संवैधानिक विवेचन इस ग्रंथ में समाविष्ट है, जिसमें इतिहास है, राजनीति है, समाजशास्त्र है। इस ग्रंथ की विशेषता है कि यह सरल, सुबोध एवं सुव्यवस्थित होने के साथ-साथ अध्ययनशील स्पष्टता, प्रामाणिकता एवं गुणवत्ता से भी संपन्न है। —डॉ. लक्ष्मीमल्ल सिंघवी "
Bharat Ka Amritkaal "भारत का अमृतकाल" Book in Hindi | Rangam Trivedi & Vaidyanathan Iyer
- Author Name:
Rangam Trivedi +1
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book