Time Dieting
(0)
₹
199
₹ 159.2 (20% off)
Available
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
किसी ने क्या खूब कहा है<strong>, </strong>अगर सौ जेल बंद करना हो तो एक विद्यालय खोल दो। एक किताब छपती है तो एक जीवन बदलता है<strong>, </strong>एक जीवन बदलता है तो एक दुनिया बदलती है। आलोक भाई<strong>, </strong>आप किताब नहीं लिख रहे<strong>, </strong>एक जीवन बदल रहे हैं। किताबें आदमी से आदमी को जोड़ती हैं<strong>, </strong>और आप वह काम कर रहे हैं। आप पाठकों को पुस्तक से जोड़ रहे हैं। दृष्टि को शब्दों से जोड़ रहे हैं। आप विचारों को वर्णमाला से जोड़ रहे हैं।...छपे हुए शब्दों के प्रति आपका अनुराग<strong>, </strong>आपका स्नेह<strong>, </strong>आपका समर्पण पराकाष्ठा पर है। आप बिना किसी अपेक्षा के<strong>, </strong>बिना किसी चाह के लगातार काम करते हैं ताकि लोग जान सकें कि किताब क्या चीज़ होती है<strong>, </strong>शब्द क्या चीज़ होते हैं। आप बहुत बड़ा काम कर रहे हैं। आप दुनिया में आलोक फैला रहे हैं<strong>, </strong>आपके पास तो संगम है।</p> <p><strong>—</strong>शैलेश लोढ़ा
Read moreAbout the Book
किसी ने क्या खूब कहा है<strong>, </strong>अगर सौ जेल बंद करना हो तो एक विद्यालय खोल दो। एक किताब छपती है तो एक जीवन बदलता है<strong>, </strong>एक जीवन बदलता है तो एक दुनिया बदलती है। आलोक भाई<strong>, </strong>आप किताब नहीं लिख रहे<strong>, </strong>एक जीवन बदल रहे हैं। किताबें आदमी से आदमी को जोड़ती हैं<strong>, </strong>और आप वह काम कर रहे हैं। आप पाठकों को पुस्तक से जोड़ रहे हैं। दृष्टि को शब्दों से जोड़ रहे हैं। आप विचारों को वर्णमाला से जोड़ रहे हैं।...छपे हुए शब्दों के प्रति आपका अनुराग<strong>, </strong>आपका स्नेह<strong>, </strong>आपका समर्पण पराकाष्ठा पर है। आप बिना किसी अपेक्षा के<strong>, </strong>बिना किसी चाह के लगातार काम करते हैं ताकि लोग जान सकें कि किताब क्या चीज़ होती है<strong>, </strong>शब्द क्या चीज़ होते हैं। आप बहुत बड़ा काम कर रहे हैं। आप दुनिया में आलोक फैला रहे हैं<strong>, </strong>आपके पास तो संगम है।</p>
<p><strong>—</strong>शैलेश लोढ़ा
Book Details
-
ISBN9788197927188
-
Pages124
-
Avg Reading Time4 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
Bhavadiye... Aapke Bigdail Vidyarthi
- Author Name:
Sanjiv Shah
- Book Type:

- Description: हमारे समाज में प्रतिदिन अनेक अपराध दर्ज होते हैं। हम जानते हैं कि दर्ज होनेवाले अपराधों से अनेक गुना अपराध चुपचाप होते हैं और सहन भी किए जाते हैं। पर हम उन बातों के लिए क्या करेंगे जिन्हें अपराध भी गिना नहीं जाता? अपशब्दों भरी भाषा का प्रयोग करना, बालकों का अपमान करना, बालकों को मारना, बालकों को धमकी देकर डराना...यह सब तो मानो शिक्षक के अधिकार में आ गए हैं और उनके आवश्यक साधन बन गए हैं। मुझे भयंकर त्रास होता है, जब कोई अज्ञानी माता-पिता अपने बालक को सौंपते समय शिक्षक से कहते हैं कि सर, जरूरत लगे तो एक-दो तमाचे मारकर भी इसे एकदम सीधा करना। और मूर्ख शिक्षक बालक के सामने ही इस अधिकार एवं जवाबदेही को मानो गौरव से स्वीकार करता है।
Jeevanshatak
- Author Name:
Rajesh Prakash
- Book Type:

-
Description:
आज की भागम-भाग और चमक-दमक की जिन्दगी में पैसा है, गाड़ी-घोड़ा है, बँगला है, ए.सी. है, पद-प्रतिष्ठा है, बैंक बैलेंस, फैशन और न जाने क्या-क्या है! फिर भी आँखों से रातों की नींद गायब है। मन अशान्त है। मूड खराब है। डिप्रेशन एक पैनडेमिक के रूप में मानव जाति को खुली चुनौती दे रहा है। डॉक्टरों और मनोचिकित्सकों के पास इलाज के नाम पर बहुत थोड़े बिकाऊ टिप्स और कुछ ट्रैन्कुलाइजर्स ही उपलब्ध हैं। अब लाख टके का सवाल यह है कि क्या तड़पती हुई मानव जाति को इन्हीं मनोचिकित्सकों और नींद की पेटेंट दवा देने वालों के सहारे छोड़ दिया जाए? या हमें कुछ ऐसा करना होगा कि हमारे जीवन में सुख और शान्ति अपने मूल रूप में वापस आ सकें।
दिगम्बर बन्दर से सूटेड-बूटेड मॉडर्न मानव बनने तक के करोड़ों वर्षों के सफर में हम विज्ञान, तकनीक एवं सुपर कम्प्यूटर के दम पर भस्मासुरी परमाणु बम तक बना चुके हैं। इस भूमंडल पर कुल मिलाकर जीवित प्राणियों की चौरासी लाख प्रजातियाँ बताई जाती हैं। उनमें से केवल इंसान ही इतना बलवान शैतान निकला, जिसने प्रकृति की ‘ग्रेविटी’ का शाश्वत नियम तोड़ दिया। वह पृथ्वी की कक्षा से बाहर भी छलाँग लगाने में सफल हो गया। ‘ग्रेविटी’ के अटल प्राकृतिक विधान को ध्वस्त करते हुए वह मंगल ग्रह पर भी अपनी दस्तक दे चुका है।
इतने बड़े-बड़े कारनामे करते-करते हम शायद यह भूल ही गए कि औसतन 70 किलोग्राम के मनुष्य-शरीर में लगभग 1 किलोग्राम से भी कम वजन वाले अति जटिल ब्रेन-पिंड के लिए कुछ और भी चाहिए। उसको विकास की अंधी दौड़ न तो वर्तमान में दे पा रही है और न ही भविष्य में दे पाएगी। मन व्यथित है। दिलो-दिमाग पर अवसाद के काले बादल घनघोर घटाओं के रूप में छाये हुए हैं। लोग आए दिन आत्मघात कर रहे हैं। इस अवसाद की महामारी ने भारतीय परम्परा में जन्म-जन्मान्तर तक टिकाऊ माने जाने वाले पति-पत्नी के सम्बन्धों में भी उथल-पुथल एवं टूटन मचा दी है। अब दावे के साथ कोई यह नहीं कह सकता कि आज सम्पन्न हुआ शुभ विवाह कब अशुभ तलाक में नहीं बदल जाएगा? आखिर किसी को तो आगे आना होगा, जो मनुष्य जाति के लिए असाध्य साबित हो रही मानसिक अव्यवस्था को व्यवस्थित करने का मार्ग प्रशस्त कर सके।
दुनिया में सर्वकाल और सर्वसमाज में मानव व्यथा को निवारित करने के लिए विद्वान एवं एकेडेमिया रास्ता दिखाते रहे हैं। इसी कड़ी में ‘जीवनशतक’ नामक इस पुस्तक में आज की दुनिया में मानव जीवन के समक्ष खड़ी चुनौतियों का सामना करने एवं सद्जीवन का शतक पूरा करने के लक्ष्यार्थ कथ्य को 100 अध्यायों में समाहित किया गया है।
Murder Procrastination
- Author Name:
Sanjay Kumar Agarwal
- Rating:
- Book Type:

- Description: This is a unique book of its kind dealing with Procrastination at its core. This book revolves around understanding the brain’s mechanism behind ‘why’ & ‘where’ we procrastinate and how we can use the power of our subconscious mind to overcome inner procrastination — the silent killer. The author has also shared how to use the ‘GOPTA Mindset’ to overcome the unresourceful tendency of procrastination and install the anti-virus of 3 Stage ‘Prioritisation System’ in your subconscious mind so that you enhance your productivity and boost your profitability in whatever you do. The author has explained the chemistry of the brain related to procrastination and how you can utilize the power of your subconscious mind to overcome procrastination so that you move towards the life of your dreams at a faster pace. He has dealt in detail with the factors behind procrastination and strategy to overcome each of them separately.
Jindagi Ki Pich Par
- Author Name:
Vijay Chitale
- Book Type:

-
Description:
‘ज़िन्दगी की पिच पर’ जीवन-प्रबन्धन की तार्किक और सुरुचिपूर्ण पुस्तक है। जीवन का प्रबन्धन अनेक छोटी-छोटी बातों से होता है। अध्ययन के उपरान्त विभिन्न क्षेत्रों में कार्य करनेवाले व्यक्तियों के लिए अनुभवी लेखक विजय चितले ने इस पुस्तक की रचना की है।
लेखक का मानना है कि यदि निर्णय लेना, सन्देश वाहन, प्रेरणा, संघर्ष का हल, उत्पादक कार्य, समय प्रबन्धन आदि विषयों को लेकर विद्यार्थियों के भीतर बुनियादी समझ विकसित हो सके तो आगे की राह सुगम व सफल हो जाएगी।
पुस्तक के हर अध्याय में एक केन्द्रीय विचार है। विचार का वर्णन काव्यात्मक शैली में है जो सीधे हृदय में उतर जाता है। आज के व्यस्त और स्पर्धा से भरे समय में जीने की कला सिखलाती एक सरल और विरल पुस्तक।
Bheetar ki goonj
- Author Name:
Vikas Chandra
- Book Type:

- Description: यह किताब पढ़ने के बाद एक बात साफ़ महसूस होती है - 'भीतर की गूंज' सिर्फ़ पढ़ी नहीं जाती, जी ली जाती है। लेखक ने किसी समाधान का दावा नहीं किया, बस मन के छिपे कमरों में रोशनी जलाई है। रोज़मर्रा के थकान भरे जीवन, झूठी “मैं ठीक हूँ” वाली मुस्कान, और अपने ही भीतर दबे सवालों को जिस सादगी और ईमानदारी से शब्द दिए गए हैं, वह कम ही देखने को मिलता है। एक पाठक के रूप में, यह किताब बताती है कि मनुष्य की सबसे बड़ी लड़ाई बाहर से नहीं, अपने भीतर से होती है। इसमें कहानियाँ नहीं, हमारे ही जीवन के प्रतिबिंब हैं। लेखक ने कहीं भी उपदेश नहीं दिया, बल्कि धीरे से यह एहसास करवाया है कि शांति बाहर नहीं, सिर्फ़ खुद को सुनने में है । जो भी इंसान दिन भर दुनिया को जवाब देता हो, पर रात में खुद से भाग जाता हो - उसके लिए यह किताब एक शांत, सच्चा, भरोसेमंद साथी है।
Karmayogi Banen
- Author Name:
Dr. Vikrant Singh Tomar
- Book Type:

- Description: मनुष्य के जीवन का अंतिम लक्ष्य मोक्ष है, मनुष्य स्वयं साधक है एवं जो मार्ग साधक को साध्य तक पहुँचाता है, वही योग है। कर्मयोग मनुष्य का चित्त शुद्ध करता है, उपासना योग चित्त स्थिर करता है, राजयोग एवं ज्ञानयोग ज्ञान-प्राप्ति में सहायता करता है एवं भक्तियोग, जो कि इन सभी योगों का आधार है, इन योगों को पूरी निष्ठा एवं समर्पण से करने की प्रेरणा देता है। भले ही प्रत्येक योग लक्ष्य-प्राप्ति के लिए आवश्यक है और उनका अपना महत्व है, परंतु इस साधना की शुरुआत किसी भी सामान्य व्यक्ति को कर्मयोग से करनी चाहिए। इसलिए इस पुस्तक का शीर्षक ‘कर्मयोगी बनें’ रखा गया है। हम इस पुस्तक के माध्यम से अपने आध्यात्मिक सफर को कर्मयोग से प्रारंभ करें और उपासना, ज्ञान व भक्तियोग को अपनी यात्रा में समाहित करते हुए अपने जीवन के उद्देश्य को प्राप्त करने की ओर अग्रसर हों। प्रस्तुत पुस्तक वेदांत दर्शन पर केंद्रित है। इसको सामान्य बोलचाल की भाषा में लिखा गया है, साथ ही कई क्लिष्ट विषयों को आसानी से समझाने के लिए चित्रों का उपयोग किया गया है, जिससे पाठक न केवल इन योगों को समझ सकें बल्कि अपने जीवन में भी उतार सकें।
Jaisa Manushya Sochta Hai
- Author Name:
James Allen
- Book Type:

- Description: "जैसा मनुष्य सोचता है" (As a Man Thinketh) - जेम्स एलन द्वारा लिखित, एक अद्भुत सोचने की शक्ति के महत्वपूर्ण ग्रंथ। यह पुस्तक एक व्यक्ति की मानसिक अवस्था को उसके सोचने के तरीके द्वारा व्यक्त करती है और विश्वास करती है कि मनुष्य की सोच उसके भविष्य को निर्मित करती है। इस पुस्तक में जेम्स एलन अपने सिद्धांतों के माध्यम से प्रदर्शित करते हैं कि एक व्यक्ति के विचारों में समझदारी और सकारात्मकता भरे अनुभवों का संग्रह होता है, जिससे वह अपने जीवन को समृद्ध और सफल बना सकता है। यह पुस्तक साधारण भाषा में लिखी गई है, जिससे पाठक आसानी से इसके सिद्धांतों को समझ और अपने जीवन में उन्हें अमल कर सकते हैं। "जैसा मनुष्य सोचता है" एक अनमोल पुस्तक है जो समझदार और सकारात्मक सोच के महत्व को साझा करती है, जिससे पाठक अपने जीवन के रूपरेखा में सकारात्मक परिवर्तन ला सकते हैं। यह उन व्यक्तियों के लिए एक आवश्यक पठन है जो अपने सपनों को प्राप्त करने और सफलता के मार्ग में अग्रसर होना चाहते हैं।
Jeevan-Darshan
- Author Name:
Ravindranath Prasad Singh
- Book Type:

- Description: दुनिया का हर व्यक्ति इस जीवन को अनमोल मानता है, लेकिन सिर्फ वे ही जीवन की अनमोलता साकार कर पाते हैं, जिन्हें खुद पर विश्वास होता है। जो निहित शक्तियों का सदुपयोग सकारात्मक दिशा एवं रचनात्मक कार्यो में करते हैं। ठीक इसके विपरीत जो व्यक्ति खुद पर विश्वास नहीं करते और निहित शक्तियों को नहीं जानते, वे भाग्य को अनमोल मानते हैं। उनकी नजर में विविध सुख-सुविधाओं से परिपूर्ण, ऊँचे पदों पर सुशोभित व्यक्ति तथा अमीर घराने में जन्म लेने वाले व्यक्ति अनमोल हैं। यही कारण है कि वे खुद की अनमोलता साबित नहीं कर पाते हैं। आप खुद सोचें—अनमोल जीवन है, धन और पद नहीं।
Chintaon Se Aage
- Author Name:
Sanskriti Sharma Singh
- Book Type:

- Description: चिंताओं से आगे चिंता आपकी कमज़ोरी नहीं है- यह एक संकेत है कि कुछ ज़रूरी है। इसे समझ सकते हैं, संभाल सकते हैं और इससे आगे बढ़ सकते हैं। यह किताब इसकी तरक़ीबें सिखाती है और रखती है- क्या मन में बार-बार कोई बात घूमती रहती है? क्या परीक्षा, दोस्ती या भविष्य की चिंता आपको परेशान करती है ? क्या कभी-कभी ऐसा लगता है कि आप अपनी चिंताओं में अकेले हैं? अगर हाँ, तो यह किताब आपके लिए है। यह किताब बच्चों और किशोरों के तनाव प्रबंधन की हैंडबुक है। यह आपको सिखाएगी- अपनी भावनाओं को पहचानना और स्वीकार करना तनाव से निपटने के व्यावहारिक तरीके सकारात्मक सोच और आत्मविश्वास कैसे बढ़ाएँ माइंडफुलनेस, साँस लेने की तकनीकें और हेल्दी आदतें
Secrets of Relationship
- Author Name:
Pradeep Thakur
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Smart Phone Ka Smart Istemal
- Author Name:
Sushrut Kulkarni
- Book Type:

- Description: श्री मान और श्रीमती देशमुख ने अपने बेटे की जिद की खातिर स्मार्ट फोन ले तो लिया, पर वे इसका पूरा उपयोग इस डर से नहीं कर पा रहे थे कि कहीं उनका फोन खराब न हो जाए। लेकिन थोड़े ही दिनों में श्रीमती और श्री देशमुख न केवल स्मार्ट फोन चलाने में माहिर हो गए, बल्कि आत्मविश्वास के साथ फोटो खींचकर वाट्सअप भी करने लगे। और तो और, मनचाहे गेम्स, ऐप्स भी डाउनलोड करने लगे। दोस्तो, यह कमाल कर दिखाया ‘स्मार्ट फोन का स्मार्ट इस्तेमाल’ पुस्तक ने! इस पुस्तक ने उन्हें नीचे दी हुई जानकारियाँ सचित्र समझाईं— • बॉक्स में मिला हुआ नया स्मार्ट फोन कैसे चालू करें? • कॉण्टेक्ट कैसे सेव करें और ग्रुप कैसे बनाएँ? • एस.एम.एस., ग्रुप एस.एम.एस. कैसे किए जाएँ? • किसी कार्यक्रम को देखने से पूर्व फोन सायलेंट कैसे करें? • इ-मेल कैसे भेजें? उससे फाइल कैसे जोड़ी जाए? • वीडियो या फोटो कैसे खींचें, और शेयर कैसे करें? • वॉलपेपर, थीम्स कैसे बदलें? • ऑनलाइन शॉपिंग कैसे करें? और भी बहुत कुछ... इस पुस्तक में दी हुई छोटी-छोटी पर महत्त्वपूर्ण बातें सीख-जानकर देशमुख दंपती बेझिझक अपने स्मार्ट फोन की सारी सुविधाओं का उपयोग करने लगे। तो आइए, आप भी उनके जैसे ही ‘स्मार्ट फोन का स्मार्ट इस्तेमाल’ की उँगली पकड़कर स्मार्ट बनिए! स्टीफन नैप एक साहित्यकार, लेखक, दार्शनिक, अध्यात्मविद्, देशाटन-प्रेमी, फोटोग्राफर और लेक्चरर हैं। उन्होंने वैदिक दर्शन के गहन और सच्चे आध्यात्मिक ज्ञान का प्रसार करने के लिए निरंतर रूप से कार्य किया है। उनके कार्यों का मुख्य उद्देश्य भारत के आध्यात्मिक दर्शन और वैदिक संस्कृति के उत्कृष्ट ज्ञान को सरल और सटीक तरीके से समझाकर उनकी व्याख्या उपलब्ध कराना है, जिसके पास मानवता को देने के लिए बहुत कुछ है। अपने इस इरादे में वह अब तक सफल दिख रहे हैं। अनेक पाठकों ने इस बात के लिए उनकी प्रशंसा कि है कि जो बात समझ से परे और असीम लगती है, उनकी जटिलताओं को वह बड़ी सरलता से समझा देते हैं।
50 Safaltam Vyaktiyon Ke Success Secrets
- Author Name:
Mahesh Dutt Sharma
- Book Type:

- Description: संकल्प • हारने से कैसा डरना • जिंदादिली • लक्ष्य की ओर यात्रा का आनंद • काम में लगे रहें • पूरे मन से काम करें • अपनी प्रतिभा को निखारें • असफलताओं से सीख • अपने मूल्यों को उन्नत करें • जितना हो सके, उतनी मेहनत करें • अपनी टीम को प्रेरित रखें • जो लक्ष्य तय करें, वही करें • खुद पर विश्वास रखें • नकारात्मक न हों • अपना सर्वश्रेष्ठ प्रयास करें • खूब सपने देखें • धैर्य एवं दृढ़ता • कृतज्ञता • करुणा • आत्मविश्वास • अनुशासन • एकाग्रता • गिरकर हर बार उठना • जिंदगी में प्रतिबद्धता • सही राह पर चलना • मितव्ययिता • कृतज्ञता गुणकारी • सत्य • कुछ भी असंभव नहीं है • दूसरों से सबक लेने से कभी न चूकें • डर और संदेह का सामना करें • सिर्फ पैसा बनाने के लिए कारोबार नहीं • सुनो, बेस्ट लो, बाकी छोड़ो • सकारात्मक दृष्टिकोण • इनसानियत • चीजों को देखने का तरीका बदलें • चरित्र व आचरण की महत्ता • दोष नहीं, उपाय खोजें। डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम, एलन मस्क, जिग जिगलर, जेफ बेजोस, जैक मा, दलाई लामा, बॉब प्रॉक्टर, मार्क जुकरबर्ग, रतन टाटा, वेन डायर, सुंदर पिचाई, स्टीव जॉब्स, स्वामी विवेकानंद सहित विश्व की सफलतम पचास विभूतियों के प्रेरक व्यक्तित्व से चुने हुए उपर्युक्त बिंदु जीवन में सफलता पाने के गुरुमंत्र हैं। इन्हें व्यवहार में लाकर कोई भी अपने जीवन में सकारात्मक भाव जाग्रत् करके मानवीय जीवनमूल्यों के साथ सफलता के पथ पर आगे बढ़ सकेगा।
Rajbhasha Sahuliyatkaar
- Author Name:
Dr. V. Venkateswara Rao
- Book Type:

-
Description:
राजभाषा नीति-कार्यान्वयन के महत्त्वपूर्ण कार्य में वांछित योगदान करने के लिए इस आदर्श कार्य से जुड़े राजभाषा कर्मियों को बहुआयामी प्रज्ञा और क्षमता से लैस होने की आवश्यकता है। उन्हें सफल मार्गदर्शक, पर्यवेक्षक, निरीक्षक, अनुवादक, अध्यापक, संप्रेषक, समन्वयक और प्रचारक की भूमिका एक साथ निभानी पड़ती है। यूं तो वरिष्ठ और अनुभवी राजभाषा अधिकारियों का सान्निध्य कनिष्ठ राजभाषा सहकर्मियों को मिलता ही है पर तत्काल आवश्यकता होने पर एक संकलित मार्गदर्शिका अधिक सहायक होती है।
‘राजभाषा सहूलियतकार’ ऐसी आवश्यकता को पूरा करने का एक प्रयास है। आज के ‘वन स्टॉप सॉल्यूशन’ को ध्यान में रखकर राजभाषा एवं इसके कार्यान्वयन सम्बन्धी सभी पहलुओं को एक ही स्थान पर सहेजा गया है ताकि सभी श्रेणियों के राजभाषा कार्यान्वयनकार इससे लाभान्वित हो सकें।
राजभाषा नीति, समारोहों, पुरस्कार-योजनाओं, हिन्दी सेवी संगठनों, तकनीकी उपकरणों इत्यादि पर उपलब्ध कराई गई जानकारी राजभाषा कार्यान्वयनकारों के अतिरिक्त हिन्दी भाषा-प्रयोग से जुड़े सभी भाषाकर्मियों के लिए भी समान रूप से सहायक होगी।
निस्सन्देह ‘राजभाषा सहूलियतकार’ के प्रत्येक अध्याय के प्रत्येक शीर्षक की विषयवस्तु से हर पाठक लाभान्वित होंगे।
Sakaratmak Soch
- Author Name:
C. S. Mishra
- Book Type:

-
Description:
इस पुस्तक के मूल स्वरूप में ‘आत्मवत् सर्वभूतेषु’ की संजीवनी से जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में सफलता हेतु परस्परता की कड़ी को ‘प्रबन्धन’ की चाबी से जोड़ने का अभूतपूर्व सोपान तैयार किया गया है।
आप पर सदैव के लिए, आपके अतीत का बोझ नहीं लादा जा सकता है। आपको यह विकल्प उपलब्ध है कि आप नकारात्मकता को पीछे छोड़ दें और सकारात्मकता को अपने साथ लेकर आगे चलें और यह अच्छा ही है कि कड़वी स्मृतियों को पीछे छोड़ दिया जाए। बोझ का नकारात्मक आकार असुरक्षा, निम्न आत्मसम्मान, भय, क्रोध, संशय आदि है। कभी-कभी वे आपके अवचेतन मन में इतने गहरे दबे हुए होते हैं कि उन्हें समूल उखाड़ फेंकना बड़ा कठिन होता है। यदि आप नकारात्मक दृष्टिकोण का बोझ उठाए चलते हैं, तो आपके ऐसा सोचने की प्रबल सम्भावना है कि अतीत में जो कुछ आपके साथ हुआ है, भविष्य में भी वैसा ही होगा। आज के चुनौती-भरे संसार में यह महत्त्वपूर्ण है कि आप में उत्साह हो और इससे भी ऊपर अपने जीवन के सभी पहलुओं के विषय में आपमें सकारात्मक चिन्तन हो। विचार-प्रबन्धन, अपने नकारात्मक चिन्तन को सकारात्मक चिन्तन में बदल देने के अलावा और कुछ नहीं है। यदि आपने नकारात्मक भावों और विचारों पर विजय पाने के लिए स्वयं को तैयार करने का निर्णय कर लिया है, तो इसके लिए समझो, आपने एक सही पुस्तक का चयन कर लिया है।
यह पुस्तक आपको अपने विचारों को नकारात्मक से हटकर सकारात्मक विचारों में परिवर्तित करने और उनका अच्छा प्रबन्धन करने के अनेक तरीक़े एवं भरपूर साधन प्रदान करती है।
Suno Vidyarthiyo
- Author Name:
Mahatma Gandhi
- Book Type:

- Description: This book does not have any description.
PK Ka Funda English
- Author Name:
Sumit Awasthi +1
- Book Type:

- Description: Carrying a Soul into a New Language To be present during the creation of a book is a rare privilege. To witness a lifetime of experience, wisdom, and conviction being poured onto its pages is a transformative one. During the months Shri Praveen Kakkar was writing PK Ka Funda, I had the profound honor of being that witness. Day after day, I saw that this was not merely a collection of articles being compiled. It was a dialogue—a living, breathing conversation between a seasoned police officer, a dedicated public servant, and the soul of modern India. It was the distillation of a life spent navigating the complex corridors of power while remaining deeply connected to the simple, timeless values of our shared humanity. I didn't just read the words; I felt the spirit behind them as they came into being. When PK Ka Funda was released in Hindi, its impact was immediate and immense. Readers from all walks of life—students, professionals, parents, and leaders—found in its pages not just advice, but a reflection of their own questions and a compass for their own lives. The book became a phenomenon, celebrated for its clarity, practicality, and profound wisdom.
Har Pal Sukha Aur Khushi Payen
- Author Name:
Stephen Knapp
- Book Type:

- Description: यह पुस्तक खुशी की राह दिखाती है, जो जीवन के प्रमुख उद्देश्यों में से एक है। स्वाभाविक रूप से सभी खुश रहना चाहते हैं। नहीं तो हमारे जीने और काम करने का मतलब क्या है? कई लोग खुशी को सुख-सुविधाओं में वृद्धि के तौर पर देखते हैं। कुछ लोग पद, या जीने में आसानी, रोमांच, या अधिक पैसा और उसके कुछ भी खरीदने की ताकत से इसका अंदाजा लगाते हैं। हालाँकि, पूरब से मिले ज्ञान का इस्तेमाल करने और इसमें जो कहा गया है, उसके अनुसार वैकल्पिक दृष्टिकोण को अपनाने से हमें अपनी सच्ची स्थिति और उस खुशी तक पहुँचने के आवश्यक साधनों की जानकारी मिलती है जिसके लिए हम हमेशा तरसते रहते हैं। यह जानकारी निश्चित रूप से आपको अधिक-से-अधिक संभावनाओं का एहसास करा देगी। इससे आप उस स्वाभाविक प्रसन्नता की अनुभूति करेंगे, जो सदैव आपकी आत्मा में ही रहती है। जीवन के सच्चे सुख को परिभाषित करने की व्यावहारिक जानकारी और दृष्टि देनेवाली अनुपम पुस्तक।
How to Add 1000 Productive Hours A Year to Your Life
- Author Name:
Sanjay Kumar Agarwal
- Book Type:

- Description: This is the unique book of its kind, dealing with ‘Time Management’ and ‘Goal Setting’ in great depth. This book revolves around three major concepts. The first concept is about moving from ‘negatives’ to ‘positives’, whether at the level of your thoughts, actions, behaviour, language, time utilisation patterns, etc. The second concept is about understanding the power of sub-conscious mind and effectively using it to move towards the life of your dreams. And the third concept is about understanding & tapping into the benefits of the Law of Cause & Effect (i.e., the Law of Karma) towards the achievement of your life purpose. The author has revealed how 3 productive hours can be gained per day by using GOPTA – ‘Goals Oriented Positive Thinking & Actions’ – translating to about 1000 productive hours a year, which you can utilise to achieve your goals across different walks of life and strike a balance therein. A practical handbook for effective time management leading to attaining success in life.
Don't leave anything for later: Stop Waiting, Start Living
- Author Name:
Various Authors
- Rating:
- Book Type:

- Description: All the knowledge in the world won’t help you if you don’t decide to help yourself first. If you change nothing, nothing will change. Your life will not change unless you decide to change it. The goal of this book is to make you aware of the time you have left and how to spend that time to live a better life. The book is divided into three parts: Death Mindset How to Live a Good Life Each section is filled with stories, anecdotes, quotes and direct action that you can take to improve your life and ensure you don’t leave anything for later.
School of Dreamers
- Author Name:
Ashish Mishra
- Book Type:

- Description: "If you dream, you know what you want from life." Kerem and his schoolmates are surprised to hear their teacher's request. She wants all of them to dream for five minutes at the beginning of the lesson. She encourages them to dream without any fear and limits. So they start dreaming... And the adventure starts as they travel back and forth in time.
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book