Garbha Sanskar - The Amazing Journey of Pregnancy
Author:
A Happy Thoughts InitiativePublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
EnglishCategory:
Self-help0 Ratings
Price: ₹ 400
₹
500
Available
"खुशी, आश्चर्य और सराहना के साथ नए मेहमान का स्वागत कैसे करें ‘गर्भ संस्कार’ ऐसा संस्कार है, जिसे हमने अपने पूर्वजों से प्राचीन सांस्कृतिक विरासत के रूप में प्राप्त किया था लेकिन धीरे-धीरे समझ के अभाव में उसका महत्त्व कम होता गया। आज जब वैज्ञानिकों ने भी मान लिया कि संतान का मानसिक और व्यवहारिक विकास भी गर्भ में ही आरंभ हो जाता है और उसे उचित गर्भ संस्कार देकर बेहतर बनाया जा सकता है तो फिर से गर्भ संस्कार की उपयोगिता और महत्त्व को आधुनिक पीढ़ी द्वारा स्वीकारा गया है।
ऐसे में ज़रूरत उभरती है एक ऐसी ‘गर्भ संस्कार’ समझ की, जो आज के समय की बात करे, आज की भाषा में बात करे, आज के उदाहरणों, चैलेंजेस् को सामने रखते हुए माता-पिता को सही रास्ता दिखाए। प्रस्तुत पुस्तक ऐसे ही उद्देश्य को लेकर लिखी गई है, जिसमें गर्भ संस्कार की प्राचीन मूल समझ को आधुनिक परिवेश के ढालकर प्रस्तुत किया गया है। यह पुस्तक हमें सिखाती है- • अपने साथ-साथ अपने गर्भस्थ शिशु का भावनात्मक, मानसिक और शारीरिक विकास कैसे करें, उसे संत संतान कैसे बनाएँ?
• गर्भावस्था में हमारा आहार, विचार, व्यवहार कैसा होना चाहिए।
• गर्भस्थ शिशु में अच्छे गुणों का कैसे विकास करें, उसे बुरी आदतों और दुर्गुणों से कैसे दूर रखें।
• गर्भस्थ शिशु को ऐसा वातावरण कैसे दें, जिसमें उसका हर तरह से सर्वोत्तम विकास हो।
• गर्भस्थ शिशु के मन में परिवारजनों के प्रति प्रेम, विश्वास और सुरक्षा का भाव कैसे जगाएँ।
• प्रसव की पूर्व तैयारी कैसे करें।
ये सब आप सीखनेवाले हैं एक रोचक कहानी और उसके पात्रों के ज़रिए, जिनके सवालों में और समस्याओं में आपको अपने सवालों और समस्याओं की झलक मिलेगी, साथ ही मिलेगा उन्हें सुलझाने का सरल एवं उत्तम मार्गदर्शन।"
ISBN: 9789390132584
Pages: 196
Avg Reading Time: 7 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
Recommended For You
Adarsh Life Management Ke 9 Sootra
- Author Name:
Vinod Malhotra
- Book Type:

- Description: आधुनिक युग में विज्ञान एवं तकनीकी में अभूतपूर्व विकास तथा नई-नई सुविधाओं का सृजन होने के कारण सभी की आकांक्षाएँ आकाश को छूने लगी हैं। प्रत्येक व्यक्ति अपने जीवन को सर्वोत्तम शैली में बिताना चाहता है। वैसे तो ‘सर्वोत्तम शैली’ की परिभाषा प्रत्येक व्यक्ति के लिए भिन्न होगी, परंतु इसके सामान्य आधार में ऐसे बिंदु अवश्य सम्मिलित होंगे, जिनसे व्यक्ति विशेष स्वस्थ हो, प्रसन्न मन का हो, समृद्धि प्राप्त करे एवं समाज का एक महत्त्वपूर्ण अंग बनकर अपना जीवन बिताए। प्रस्तुत पुस्तक में जीवन जीने के लिए आवश्यक बिदुंओं का बड़ा सरल विश्लेषण किया गया है। इसमें संकलित नौ सूत्र आपकी जिंदगी को बेहतर तरीके से जीने में आपकी मदद करेंगे और आप तनावरहित, संतोषपूर्ण, समृद्ध, सुखद और सार्थक जीवन जी पाएँगे। आदर्श जीवन जीने की राह दिखाती एक अत्यंत रोचक पठनीय पुस्तक।
51 Vigyan Prayog
- Author Name:
Shyam Sunder Sharma
- Book Type:

- Description: "प्रयोग हमेशा बड़े ही नहीं होते और न ही हमेशा वे सुसज्जित प्रयोगशालाओं में, जिनमें सब प्रकार की सुविधाएँ उपलब्ध होती हैं, किए जाते हैं। अनेक प्रयोग घरों में भी आसानी से, उपलब्ध सामानों से, किए जा सकते हैं। हम इस पुस्तक में कुछ ऐसे प्रयोग बता रहे हैं, जिन्हें तुम अपने घरों में भी, आसानी से उपलब्ध चीजों की सहायता से, कर सकते हो। प्रयोगों के बाद उनमें निहित सिद्धांतों को समझाने का भी प्रयत्न किया गया है। आशा है, तुम रुचि लेकर ये प्रयोग करोगे और उनसे कुछ सीखोगे। हो सकता है कि तुममें से कुछ बच्चों को इन प्रयोगों से वैज्ञानिक बनने की प्रेरणा मिल जाय। यदि ऐसा हो जाए तो हम सबको बहुत खुशी होगी। "
Aao Prayog Karen
- Author Name:
Shyam Sunder Sharma
- Book Type:

- Description: "प्रयोग हमेशा बड़े ही नहीं होते और न ही हमेशा वे सुसज्जित प्रयोगशालाओं में, जिनमें सब प्रकार की सुविधाएँ उपलब्ध होती हैं, किए जाते हैं। अनेक प्रयोग घरों में भी आसानी से, उपलब्ध सामानों से, किए जा सकते हैं। हम इस पुस्तक में कुछ ऐसे प्रयोग बता रहे हैं, जिन्हें तुम अपने घरों में भी, आसानी से उपलब्ध चीजों की सहायता से, कर सकते हो। प्रयोगों के बाद उनमें निहित सिद्धांतों को समझाने का भी प्रयत्न किया गया है। आशा है, तुम रुचि लेकर ये प्रयोग करोगे और उनसे कुछ सीखोगे। हो सकता है कि तुममें से कुछ बच्चों को इन प्रयोगों से वैज्ञानिक बनने की प्रेरणा मिल जाय। यदि ऐसा हो जाए तो हम सबको बहुत खुशी होगी"
Teachers
- Author Name:
Sanjay Rai Sherpuria
- Book Type:

- Description: ‘टीचर’ मतलब—शिक्षक! यह शब्द ही हमें मनुष्य को सांस्कारिक और बौद्धिक राह पर ले जानेवाला दिखता है। शिक्षक सिर्फ तनख्वाह लेकर विषयों को पढ़ानेवाला कोई व्यक्तित्व नहीं है, बल्कि व्यक्ति के जीवन की हर समस्या का समाधान एवं मनुष्यत्व का पाठ पढ़ानेवाला एक महान् व्यक्तित्व है। इस पुस्तक में प्रसिद्ध समाजधर्मी संजय राय ‘शेरपुरिया’ ने एक शिक्षक के जीवन में आवश्यक साकारित गुणों का विवरण दिया है, जो व्यक्ति को एक श्रेष्ठ व्यक्तित्व में बदल सकते हैं।
Steve Jobs Ke Management Sootra
- Author Name:
Pradeep Thakur
- Book Type:

- Description: "एप्पल व पिक्सर के संस्थापक स्टीव जॉब्स प्रौद्योगिकी के महान् नेतृत्वकर्ता थे, जिन्होंने जनसाधारण हेतु मैकिनटोश व्यक्तिगत कंप्यूटर (पीसी) का आविष्कार किया था। फिर उन्होंने आईपॉड नामक ऐसे क्रांतिकारी संगीतवादन उपकरण (म्यूजिक प्लेयर) की रचना की, जिसने विश्व संगीत उद्योग को हमेशा के लिए बदल दिया। इसी आईपॉड ने आईफोन के विकास का रास्ता साफ किया। जॉब्स ने आईफोन में मोबाइल फोन व कंप्यूटर की विशेषताओं को समाहित कर सूचना-प्रौद्योगिकियों की संपूर्ण शक्तियों को जनसाधारण को सर्वसुलभ करवा दिया। सफल उद्यमी होने के साथ-साथ स्टीव जोब्स परोपकारी व मानव कल्याण के लिए भी तत्पर रहते थे। उन्होंने अपने अनुकरणीय और सहज-सुलभ व्यवहार से अपनी कंपनी की टॉप मैनेजमेंट और कर्मियों तथा ग्राहकों को ऐसे सूत्र दिए, जिनमें मानवीयता, उत्तरदायित्व, गुणवत्ता के सभी तत्त्व समाहित थे। इसलिए वे एक विश्वविख्यात व्यवसायी होने के साथ ही एक सर्वग्राह्य मैनेजमेंट गुरु भी कहे जा सकते हैं। इस पुस्तक में संकलित हैं स्टीव जॉब्स के प्रेरणाप्रद जीवन के मैनेजमेंट सूत्र, जिन्हें पढ़कर आप अपने जीवन को ठीक दिशा में मोड़कर सफल होने के लिए उद्यत होंगे। "
Man Ke Rahasya
- Author Name:
Dr.Abrar Multani
- Book Type:

- Description: This Books doesn’t have a description
Amazon Success Story
- Author Name:
Sanjay Bhola 'Dheer'
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
KALAM SIR KE SUCCESS PATH
- Author Name:
Surekha Bhargava
- Book Type:

- Description: कलाम सर प्रेरणा और सम्मान की प्रतिमूर्ति थे। इस पुस्तक में शिक्षाओं व उनकी प्रार्थनाओं को शब्दों में पिरोने की कोशिश की गई है। एक ऐसी माला बनाई गई है, जिसके मन के आपके मन को अंदर से छूने की कोशिश करेंगे। और अगर आप इजाजत देंगे, तो ये आपके मन-मस्तिष्क में ऐसा मंथन शुरू करेंगे, जिसके अंत में आप अपनी पसंद की सफलता का माखन चख ही लेंगे। कलाम सर के ये पाठ हर उस व्यक्ति के लिए हैं, जो सपने देखता है, उन सपनों के लिए कुछ करना चाहता है, कठिनाइयों से ऊपर उठना चाहता है, कुछ बनना चाहता है और कुछ कर गुजरना चाहता है। ये कविताएँ उसी मन को उठाने का प्रयास है, जो सक्षम है, और ‘जो’सिर्फ ‘जो’ कलाम सर के भारत को विकसित देशब नाने के स्वप्न को पूरा कर सकता है। ये कविताएँ आह्वान हैं कि आइए, कलाम सर के इस सपने को हम सब व्यक्तिगत रूप से लें और न केवल अपनी सफलता के लिए सतत प्रयास करें बल्कि यदि अपने आस-पास किसी को कोई भी सपना बुनते देखें और उसको कुछ करते देखें तो उसको प्रोत्साहित करें, उसका साथ दें। कुछ ऐसा करें कि हर दिल में तिरंगा लहराने की बात, कलाम सर जिस शान से किया करते थे, उसका मान रह जाए। सफलता पर जब हमारा ध्यान हो तो हमें कैसा बनना है, कैसे अपने मूल्यों से कोई समझौता नहीं करना है और कैसे कठिन परिस्थितियों व परिश्रम के बीच भी खुद को कोमल बनाए रखना है, ये सब बातें ही डॉ. कलाम लगातार सिखाते थे। इसके अंदर आई कविताएँ संक्षेप में उनके नजरिए को पेश करने की छोटी सी कोशिश है। आइए, इसी अग्नि को हम भी अपने-अपने दिलों में प्रज्वलित करें और अपने आपसे यह वादा करें कि इन पाठों को सीखकर, सिखाकर और सफलता का जिम्मा उठाकर हम भी अपने जीवन को सार्थक करेंगे और देश को एक विकसित देश बनाने में योगदान देंगे।
Badlav Ke Real Hero
- Author Name:
N. Raghuraman
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
How to Improve Your Selling Skills
- Author Name:
Anuj Mahajan
- Rating:
- Book Type:

- Description: Unlock the Path to Sales Mastery! In a world where selling is an art, mastering the craft is your key to success. Say hello to your shortcut to becoming a sales guru—a pocket-sized powerhouse brimming with proven techniques and insider tips that will skyrocket your sales game. Delve into the psychology of persuasion, refine your communication prowess, and conquer the art of negotiation. No fluff, just actionable wisdom—this concise guide is perfect for busy professionals and aspiring sellers alike.
Thalua Club and Phir Nirasha Kyon?
- Author Name:
Babu Gulab Rai
- Book Type:

- Description: साहित्यकारों के विचार ‘‘पहली ही भेंट में उनके प्रति मेरे मन में जो आदर उत्पन्न हुआ था, वह निरंतर बढ़ता ही गया। उनमें दार्शनिकता की गंभीरता थी, परंतु वे शुष्क नहीं थे। उनमें हास्य-विनोद पर्याप्त मात्रा में था, किंतु यह बड़ी बात थी कि वे औरों पर नहीं, अपने ऊपर हँस लेते थे।’’ —राष्ट्रकवि मैथिलीशरण गुप्त ‘‘बाबूजी ने हिंदी के क्षेत्र में जो बहुमुखी कार्य किया, वह स्वयं अपना प्रमाण है। प्रशंसा नहीं, वस्तुस्थिति है कि उनके चिंतन, मनन और गंभीर अध्ययन के रक्त-निर्मित गारे से हिंदी-भारती के मंदिर का बहुत सा भाग प्रस्तुत हो सका है।’’ —पं. उदयशंकर भट्ट ‘‘आदरणीय भाई बाबू गुलाब रायजी हिंदी के उन साधक पुत्रों में से थे, जिनके जीवन और साहित्य में कोई अंतर नहीं रहा। तप उनका संबल और सत्य स्वभाव बन गया था। उन जैसे निष्ठावान, सरल और जागरूक साहित्यकार बिरले ही मिलेंगे। उन्होंने अपने जीवन की सारी अग्नि परीक्षाएँ हँसते-हँसते पार की थीं। उनका साहित्य सदैव नई पीढ़ी के लिए प्रेरक बना रहेगा।’’ —महादेवी वर्मा ‘‘गुलाब रायजी आदर्श और मर्यादावादी पद्धति के दृढ समालोचक थे। भारतीय कवि-कर्म का उन्हें भलीभाँति बोध था। विवेचना का जो दीपक वे जला गए, उसमें उनके अन्य सहकर्मी बराबर तेल देते चले जा रहे हैं और उसकी लौ और प्रखर होती जा रही है। हम जो अनुभव करते हैं—जो आस्वादन करते हैं, वही हमारा जीवन है।’’ —पं. लक्ष्मीनारायण मिश्र ‘‘अपने में खोए हुए, दुनिया को अधखुली आँखों से देखते हुए, प्रकाशकों को साहित्यिक आलंबन, साहित्यकारों को हास्यरस के आलंबन, ललित-निबंधकार, बड़ों के बंधु और छोटों के सखा बाबू गुलाब राय को शत प्रणाम!’’ —डॉ. रामविलास शर्मा
Facebook Success Story
- Author Name:
Pradeep Thakur
- Book Type:

- Description: फेसबुक सबसे बड़ा सामाजिक जनसंचार माध्यम (सोशल मीडिया) ब्रांड है। फेसबुक संभवतः ऐसा ब्रांड है, जो सोशल मीडिया शब्दावली सुनते ही अधिकांश ग्राहकों के दिमाग में सबसे पहले आता है। अपनी स्थापना के ठीक आठ वर्षों बाद, फेसबुक इंकॉरपोरेटेड ने 1 फरवरी, 2012 को प्रारंभिक सार्वजनिक प्रस्ताव (इनिशियल पब्लिक ऑफर/आई.पी.ओ.) दाखिल किया था। याद रहे कि 2012 में फेसबुक की आय 5 अरब डॉलर थी, लेकिन 17 मई को नैस्डेक में उसे 38 डॉलर प्रति शेयर मूल्य पर पर सूचीबद्ध किया गया था, अर्थात् फेसबुक इंकॉरपोरेटेड का बाजार मूल्य 105 अरब डॉलर आँका गया था, जो बिल्कुल नई सूचीबद्ध सार्वजनिक कंपनी के लिए उस तिथि का सबसे बड़ा मूल्यांकन था। अगले दिन जब सार्वजनिक कारोबार शुरू हुआ था, तब शेयर भाव 45 डॉलर तक उछले थे, लेकिन बाजार बंद होने तक 38.23 डॉलर पर आ टिका था। कंपनी ने आई.पी.ओ. से 16 अरब डॉलर की पूँजी हासिल की थी और मार्क जुकेरबर्ग की व्यक्तिगत स्वामित्व-हिस्सेदारी का बाजार मूल्य 19 अरब डॉलर हो गया था।
Relativity the Special General Theory
- Author Name:
Albert Einstein
- Book Type:

- Description: How better to learn the Special Theory of Relativity and the General Theory of Relativity than directly from their creator, Albert Einstein himself? In Relativity: The Special and the General Theory, Einstein describes the theories that made him famous, illuminating his case with numerous examples and a smattering of math. This book is not a casual reading, but for those who appreciate his work without diving into the arcana of theoretical physics, it will prove a stimulating read. "The present book is intended," Einstein wrote in 1916, "as far as possible, to give an exact insight into the theory of Relativity to those readers who, from a general scientific and philosophical point of view, are interested in the theory, but who are not conversant with the mathematical apparatus of theoretical physics."
Lekhak Kaise Banein
- Author Name:
Ruskin Bond
- Book Type:

- Description: क्या आप लेखक बनना चाहते हैं ? यह किताब विश्वप्रसिद्ध भारतीय लेखक रस्किन बॉण्ड के सुदीर्घ लेखकीय अनुभवों का सार है, जो आपके लिए मददगार हैंडबुक बन सकती है। बॉण्ड यह जानते हैं कि लेखकीय जीवन की शुरुआती दुश्वारियां कौन-सी हैं। समाधान में अपने अनुभवों के साथ दूसरे महान लेखकों के कारगर तरीके सुझाते हैं। वह भी ऐसी आत्मीयता से कि सामने वाला भूल जाए कि किसी महान लेखक से मुख़ातिब है। यह किताब उन सारे प्रश्नों का जवाब देगी जो आपके मन में उठते होंगे; लेखक में किन गुणों की आवश्यकता होती है, विषय का चुनाव कैसे करें, अपनी कथा को मनचाहे परिवेश में कैसे विकसित करें, यादगार चरित्रों का निर्माण कैसे करें और सबसे महत्त्वपूर्ण, इस सब को एक जीवंत अनुभव में बदलने वाली सक्षम भाषा के लिए क्या करें। यदि आपके भीतर एक छिपा हुआ लेखक है, तो यह किताब आपकी अनंत संभावनाओं की दिशा में प्रस्थानकारी अनुभव बन सकती है।
Classroom ki Prerak Kahaniyan
- Author Name:
N. Raghuraman
- Book Type:

- Description: मेरी बेटी बेहतर विकल्पों के लिए बाहर चली गई है, मेरी पत्नी अपने कॅरियर में व्यस्त है तो खाना अब पहले की तरह ‘स्वादिष्ट’ नहीं रहा, जिसमें प्रेम, लगाव, देखभाल करनेवाले शब्दों के साथ पूछताछ होती थी। सबसे बढ़कर वह वात्सल्य होता, जो इस धरती पर तो केवल माँ ही दे सकती है, खासतौर पर अपने बच्चों को। जब भी किसी दिन मैं अकेला भोजन के लिए बैठता हूँ तो मेरे कानों में माँ के शब्द गूँजते, ‘क्या तुम कुछ और खाओगे,’ ‘आज तुमने क्या खाया है,’ और मैं मूर्खों की तरह चारों ओर देखता हूँ, जबकि मुझे अच्छी तरह मालूम है कि ऐसे पूछनेवाला आस-पास कोई नहीं है। भीतर कहीं हूक सी उठती है कि कोई यह पूछनेवाला नहीं है। साफ कहूँ तो अब उन शब्दों में संगीत सुनाई देता है, फिर चाहे आँखें भीग ही क्यों न आई हों। कभी-कभी तो मैं अकेले खाने से घबराने लगता हूँ। शायद इसलिए बडे़-बुजुर्ग कहते हैं कि पूरे परिवार को कम-से-कम एक बार भोजन साथ लेना चाहिए। —इसी पुस्तक से क्लासरूम की ये प्रेरक कहानियाँ हमारे आस-पास तथा दैनिक जीवन से संबंधित हैं। कुछ नया करने की प्रेरणा देनेवाली कहानियाँ।
Kaise Banain balak Sanskari Aur Swasth
- Author Name:
Prem Bhargav
- Book Type:

- Description: जिज्ञासा मानव-विकास की आदि एवं मूलभूत आवश्यकता है। उसकी रक्षा से ही हम समाज को विकसित, सम्पन्न एवं उन्नत बना सकते हैं। पर प्रायः देखा जाता है कि व्यस्त माता-पिता बच्चों के प्रश्नों से खीज जाते हैं और उनको सदैव अपने काम में बाधा उपस्थित करनेवाले प्राणी समझते हैं। उनको उद्दंड और मूर्ख ठहराकर उन्हें चुप करा देते हैं और उनकी जिज्ञासा प्रवृत्ति को कुचल देते हैं। ऐसे बालक ख़ुद को उपेक्षित, अनभीष्ट और प्रेमवंचित महसूस करते हैं। इसका परिणाम बहुत ही भयावह होता है। बालक संसार में सुरक्षा और स्थिरता चाहता है। बालक के भावनात्मक विकास के लिए पिता के अधिकार, माँ के ममत्व और भाई-बहन की उदारता एवं सौहार्द की बहुत आवश्यकता है। ऐसा न होने पर उसके मन में भाँति-भाँति की ग्रन्थियाँ पड़ जाती हैं, जो भविष्य में उसके सारे व्यवहारों को प्रभावित करती हैं। कई बार देखा गया है कि पिता के बढ़ते वर्चस्व को देखकर माँ में असुरक्षा की भावना घर करने लगती है। अपना वर्चस्व बनाए रखने के लिए वह अपनी ही बात मनवाना चाहती है, पिता के बीच में बोलने पर रोक देती है, ऐसी स्थिति में बच्चे उद् दंड और बदतमीज़ हो जाते हैं। पिता को अहमियत नहीं देते। इसके विपरीत माँ के डाँटने-मारने के समय यदि पिता बच्चों का पक्ष लेता है तब भी बच्चे बिगड़ जाते हैं और माँ का सम्मान नहीं करते। वास्तव में होना यह चाहिए कि यदि माँ किसी ग़लत बात पर डाँट रही है, तो पिता को चाहिए कि बीच में न बोले और पिता कुछ कह रहा है, तो माँ उस समय चुप रहे।
Jai Hind
- Author Name:
Shrikrishna 'Saral'
- Book Type:

- Description: "यह सुनकर कि अंग्रेजी सेनाएँ मीकतिला और पोपा की ओर बढ़ रही हैं, नेताजी भयभीत नहीं हुए । खतरे के क्षेत्र मीकतिला में तो वे थे ही, उन्होंने पोपा पहुँचकर अपनी लड़ती हुई सेना का साथ देने का निर्णय कर डाला । जिस स्थान पर अपने कुछ साथियों के साथ बैठकर वे विचार-विमर्श कर रहे थे, वहाँ उन्हें बार- बार बिजली की चमक जैसी दिखाई दे जाती थी । यह चमक अंग्रेजी तोपों के चलने से उत्पन्न हो रही थी । शत्रु उस स्थान पर किसी समय भी पहुँच सकता था । नेताजी पोपा पहुँचने की अपनी जिद पर अड़े हुए थे । नेताजी की जिद देखकर मेजर जनरल शहनवाज खाँ ने एक चुभती हुई बात उनसे कही- '' नेताजी, अब स्वयं अपने जीवन पर आपका अधिकार नहीं है । वह राष्ट्र की अमूल्य निधि बन चुका है । जरा सोचिए तो कि यदि आपको कुछ हो गया तो आजाद हिंद फौज और आजाद हिंद अभियान का क्या होगा?'' बात अपनी जगह ठीक थी, पर नेताजी पर उसका कोई असर नहीं हुआ । वे मुसकराकर बोले- '' शहनवाज, मुझसे बहस करने से कोई फायदा नहीं है; मैंने पोपा पहुँचने का निश्चय कर लिया है और मैं वहाँ जा रहा हूँ । तुम्हें मेरी सुरक्षा के लिए चिंतित होने की कोई आवश्यकता नहीं है, क्योंकि मैं यह जानता हूँ कि इंग्लैड अभी वह बम नहीं बना पाया जो सुभाषचंद्र बोस के प्राण ले सके । '' -इसी पुस्तक से
Adhiktam Safalata
- Author Name:
Napoleon Hill
- Book Type:

- Description: डॉ. नेपोलियन हिल के लेखन को जानने के बाद यह जानना आसान हो जाता है कि ज्यूडिथ विलियमसन ने जीवन की संपदाओं से भरपूर पुस्तक के लिए ‘अधिकतम सफलता’ नाम यों चुना? डॉ. हिल ने तेरह वर्ष की अल्पायु में, दक्षिण-पश्चिम वर्जीनिया के पर्वतों पर रहते हुए अपना लेखन आरंभ किया और आनेवाले सात दशकों तक अपनी लेखन प्रतिभा का शानदार परिचय दिया। उन्होंने अपने प्रमुख लेखन में जिन व्यतियों पर अध्ययन और शोध किया, मानो उनके जीवन में से सोना प्राप्त करने के लिए खदानें खोद दीं। उनके प्रमुख कार्यों में ‘लॉ ऑफ ससेस और थिंक ऐंड ग्रो रिच’ को शामिल कर सकते हैं। उनके संपूर्ण लेखन से उनके पाठकों ने यह अनमोल विरासत पाई। अगर आप ‘नेपोलियन हिल : अधिकतम सफलता’ में सुश्री विलियमसन द्वारा दिए गए लेखों को पढ़ेंगे तो निश्चित रूप से इनका लाभ पा सकेंगे। इनमें से कुछ नियम आपकी सफलता की यात्रा में काम आनेवाले हैं। अगर आपको पूरी पुस्तक को पढ़कर लगे कि आपके गुणों में किसी एक गुण विशेष, जैसे लोच आदि की कमी आ रही है तो आपको उस अध्याय को एक बार फिर से पूरी तरह पढ़ना चाहिए, ताकि आप अपने व्यवहार में वांछित बदलाव ला सकें और आप भी सोने की इस खदान से अपने लिए संपदा चुन सकें। अधिकतम सफलता के लिए प्रेरित करने वाली एक पठनीय पुस्तक।
Transformation through ‘Thinking’ Positive
- Author Name:
Dr. Ashutosh Karnatak
- Book Type:

- Description: Positive is one of the basic requisites for living a good and fulfilling life. With this book, I have tried to touch upon the idea of Thinking Positive and how it may lead to the development of a positive society, positive India and a positive universe as a whole. The book is intended to help employ a positive approach, not only in professional life but in day-to-day life as well. The intention to bring out this book is to disseminate positive thinking among the masses so that they can face the challenges of this competitive world happily and without stress. The book intends to take the reader to a journey to reinvent self to think in a positive manner in all circumstances. ‘A time has come to develop Generation (P3) i.e. Positive, Proactive & Progressive required for sustainable development of the country.’ —Dr. Ashutosh Karnatak
Khud Ko Motivate Karen
- Author Name:
Ravindra Nath Prasad Singh
- Book Type:

- Description: हर व्यक्ति अपने जीवन में सफल होना चाहता है और वह सफल हो भी सकता है । सफलता का बीज आपकी सोच में छुपा होता है। अगर आप सोचते हैं कि मैं सफल होकर रहूँगा, मैं दूसरों से बेहतर करके दिखाऊँगा, गरीबी से बाहर निकलकर रहूँगा तो आपके अंदर अतिरिक्त ऊर्जा एवं उत्साह का संचार होता है, जो उत्प्ररक काकार्य करता है। यह प्रेरणा आपकी सोचको मूर्त रूप में बदलने हेतु इच्छाशक्ति एवंआत्म-विश्वास को जाग्रत करती है । नतीजा आप सफलता की राह पर चल पढ़ते हैं । इस अध्याय में सफलता क्या है और सफलता प्राप्ति के लिए लक्ष्य का निर्धारण कैसे करें? लक्ष्य निर्धारित करते समय किन-किन बिंदुओं पर ध्यान दें? सफलता की राह में क्या रुकावटें आती हैं और उन रुकावटों को हम कैसे दूर करें ? इसके लिए क्या करने की जरूरत है आदि बातों की विस्तृत चर्चा की गई है। जिसे पढ़कर और आत्मसात कर कोई भी व्यक्ति सफल हो सकता है। पूर्ण विश्वास है कि आप इस पुस्तक को पूरे मनोयोग से पढ़ें और उसकी मीमांसा करें। उद्धृत बातें, उल्लेखित उदाहरण आपके अंदर उत्प्ररेक का कार्य करेंगे। आपके मनोबल को बढ़ाने में सहायक होगें। आप गरीबी, समस्या एवं असफलता की बात भूलकर स्व के अंदर छुपी शक्तियों को बाहर निकालने में सफल होंगे तथा आप जिस क्षेत्र में इतिहास रचना चाहते हैं, उसमें सफल होंगे।
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book