Wah Zindagi
Author:
Ramesh Pokhriyal 'Nishank'Publisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
HindiCategory:
Other0 Ratings
Price: ₹ 119.68
₹
149.6
Unavailable
‘तुम यहाँ हो! मैं तो तुम्हें अंदर ढूँढ़ रही थी।’ इतने में कृतिका मुझे ढूँढ़ती बाहर चली आई।
‘यह क्या हाल बना रखा है तुमने अपना?’ और वह खिलखिलाकर हँस दी।
तभी दोनों बच्चे भी स्कूल जाने के लिए बाहर आए और कृतिका को हँसते देख वे भी मुझे देख हँसने लगे।
‘मजा आ गया आज तो?’
‘अरे पिताजी! रोज ऐसा किया करिए, छुट्टी के दिन हम भी आपके साथ भीगेंगे...।’ कहकर वे हाथ हिलाते हुए स्कूल निकल पड़े।
कुहासा छँट रहा था। मैं अपने आपको बेहद हल्का महसूस कर रहा था। ऐसा लग रहा था, जैसे मैं आकाश में उड़ रहा हूँ।
जिंदगी बहुत खूबसूरत है, बस जरूरत है तो उसे इस नजरिए से देखने की।
‘वाह जिंदगी!।’ मैंने मन ही मन उस जिंदगी को धन्यवाद दिया, जो कल ही मेरे पास कुछ समय के लिए आकर मुझे जीना सिखा गई थी।
—इसी पुस्तक से
साहित्य-सृजन के प्रति सचेत राजनीतिज्ञ एवं लेखक रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ की कलम से निकला कहानी-संग्रह ‘वाह जिंदगी!’ जीवटता एवं जीवंतता का अद्भुत उदाहरण है। जीवन के विविध रंग उकेरता मनोरंजक और प्रेरणाप्रद कहानी-संग्रह।
ISBN: 9789351867203
Pages: 176
Avg Reading Time: 6 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
Recommended For You
Shaurya-Parakram ki Kahaniyan
- Author Name:
Acharya Mayaram 'Patang'
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Purushottam Parashuram
- Author Name:
Pt. Vijay Shankar Mehta
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Acharya Chatursen Ki Lokpriya Kahaniyan
- Author Name:
Acharya Chatursen
- Book Type:

- Description: आज के युग की भौतिकता और यंत्रवतता से यदि आप बेजार हो गए हों तो हिंदी के यशस्वी रचनाकार आचार्य चतुरसेन की ये कहानियाँ आपको मानवीय स्वाभाविकता व संवेदनशीलता, त्याग, समर्पण एवं सेवा के सुखद संसार में ले जाएँगी। सामान्य जीवन से और जमीनी वास्तविकता से जुड़े रहना आचार्यजी की रचनाओं की अपनी ही विशेषता है, इसी कारण आप उनकी रचनाओं के पात्रों को न केवल हर रूप में पसंद करते हैं, अपितु उनको प्यार भी करते हैं। यही कारण है कि ये कहानियाँ जीवन के प्रति आपके दृष्टिकोण में न केवल परिवर्तन लाएँगी, बल्कि जीवन और जीवन की घटनाओं को देखने तथा समझने का आपका नजरिया भी बदल जाएगा। इन कहानियों के पठन, चिंतन व मनन के बाद आप स्वयं को एक नए इनसान के रूप में पाएँगे, जिसका दुनिया में कोई वैरी नहीं होगा।
Dwandwa
- Author Name:
Smt. Sudha Murty
- Book Type:

- Description: This book does not have any description.
Talking To The Self!
- Author Name:
Durgadas Uikey
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
BPSC TRE 3.0 Bihar Teacher Recruitment Class 9-10 "हिंदी भाषा" Hindi | 20 Practice Sets (Hindi)
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh, IAS (AIR-49)
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
How I Made $2,000,000 In The Stock Market
- Author Name:
Nicolas Darvas
- Book Type:

- Description: This book spells out exactly how Nicolas Darvas made more than two million dollars in the stock market. A must-read for anyone considering entering the market or for anyone who is already in the market and wishes to hone their stock-selecting skills. At the age of 39, after accumulating his fortune, Darvas documented his techniques in the book, "How I Made $2000,000 in the Stock Market". The book describes his unique “Box System”, which he used to buy and sell stocks. Darvas' book remains a classic stock market text to this day.
D.H. Lawrence Ki Lokpriya Kahaniyan
- Author Name:
D.H. Lawrence
- Book Type:

- Description: ‘डी. एच. लॉरेंस की लोकप्रिय कहानियाँ’ साहित्य के विविध रस समेटे हुए हैं। इस कहानी-संकलन में उनके इस वैशिष्ट्य को परखा जा सकता है। भाग्य और वैभव की लोलुपता मनुष्य को किस त्रासदी तक ले जाती है, इसका साक्ष्य ‘काठ का अनाम घोड़ा’ कहानी है। उनकी चर्चित कहानी ‘अंतर्ध्वनि’ स्त्री-पुरुष के मानवीय संबंध के संदर्भ में धार्मिक अवधारणा के सापेक्ष सहज स्वातंत्र्य को वरीयता देती है। ‘वन मानुष’ कहानी आज भी पुरुष के आदिमानव जैसी पाशविकता वाले स्वभाव की ओर संकेत करती है। लॉरेंस की कहानियाँ मनोविज्ञान और दार्शनिकता का कलेवर लिये जिस तरह पाठक तक सहजता से पहुँचती हैं, वह विरल है। पैंतालीस वर्ष से भी छोटे जीवन में उन्होंने साहित्य-जगत् को जो दिया, वह विपुल तो है ही, गुणात्मक स्तर पर भी अद्भुत कहा जाता है।
Rochak Bal Kathayen
- Author Name:
Shriramvriksha Benipuri
- Rating:
- Book Type:

- Description: "रोचक बाल कथाएँ स्वागत-समिति के अध्यक्ष महाराज रोहूजी की आज्ञा लेकर मंत्री श्रीमती पोठिया देवी ने कार्य आरंभ किया। सबसे पहले संगीताचार्य श्री मेढकजी खड़े होकर मृदंग बजाने और अपनी सुरीली आवाज में स्वागत-गीत गाने लगे— टर्र! टर्र! टर्र! आओ-आओ जलचर-भाई। हिलें-मिलें सब फूट बिहाई। दुश्मन-मुँह पर उड़े हवाई। टर्र! टर्र! टर्र! यह बगुला जो भगत बना है। रूप श्वेत मन श्याम घना है। बिना हटाए चैन मना है।। टर्र! टर्र! टर्र! —इसी पुस्तक से ‘रोचक बाल कथाएँ’ पुस्तक को बेनीपुरीजी ने अपनी पहली संतान—पुत्री—को भेंट किया था यह लिखते हुए—“जिसका मुख देखने का सौभाग्य भी मुझे प्राप्त नहीं हुआ था, अपनी उसी प्रथम स्वर्गीय संतान की शिशु-आत्मा के पारलौकिक मनोरंजन के लिए यह सस्नेह समर्पित है।” यह अपने समय की सबकी लोकप्रिय व प्रशंसित बाल-पुस्तक मानी जाती है।
Deendayal Upadhyaya Sampoorna Vangmaya (Set 15 Vol.)
- Author Name:
Deendayal Upadhyay
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Ethics For Civil Services With 100 Case Studies
- Author Name:
Alok Ranjan
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Lala Hardaul (Hindi)
- Author Name:
Hemant Verma
- Book Type:

- Description: जब दिल्ली की गद्दी पर शाहजहाँ का शासन था, उस समय बुंदेलखंड की गद्दी पर राजा जुझार सिंह आसीन थे। राजा जुझार सिंह के छोटे भाई थे—कुँवर हरदौल। यह उपन्यास कुँवर हरदौल के जीवन पर आधारित है। कुँवर हरदौल को उनकी माँ मरते समय जुझार सिंह की पत्नी रानी चंपावती को सौंपकर गई थीं। रानी चंपावती ने हरदौल को अपने पुत्र की तरह पाला था और हरदौल भी अपनी माँ की तरह ही उनका सम्मान करते थे, लेकिन राजनैतिक षड्यंत्र के चलते शाहजहाँ के बहकावे में आकर राजा जुझार सिंह ने माँ-बेटे के इस पवित्र संबंध पर कालिमा पोत दी और अपनी पत्नी को उसके ही हाथों हरदौल को विष देने पर मजबूर कर दिया था।
Utter-Oudhyogik Samaj Evem Sanskriti : Vimarsh Ke Aayam
- Author Name:
Ed. Hemant Kumar Jha
- Book Type:

- Description: Discourse
Khari-Khari
- Author Name:
Dr. Nand Kishore Garg
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Be Your Own Chanakya
- Author Name:
Renu Saini
- Book Type:

- Description: Chanakya, through his monumental work 'Arthashastra" and his various policies, has attempted to convey the concept to everyone that agility, ingenuity, education, and good behavior are essential for any kind of life. Whether one is a warrior or a householder, a student or a ruler, or even a common man or a soldier, these qualities are important. An educated and intelligent person can make even an impossible thing possible and transform an unfavourable situation into a favourable one. It is generally said that time changes everything. but Chanakya believes that such a person changes time by transforming themselves, demolishing old records, and making new ones. A learned and intelligent person knows how to achieve their goals by giving them positive, rapid, concrete, long-term, and distinct forms. The purpose of writing this book shall be accomplished even if a single reader can use it as a medium to uplift their life and attain their desired goals.
Business Impacted by Various Pandemic (Series-3)
- Author Name:
Dr.Sanjay Rout
- Book Type:

- Description: The impact of various pandemics on businesses is well documented. But, what about the ripple effect these events have on other aspects of our daily lives? In this fourth part of a series on how business is affected by international and health issues, In the book Business Impacted by Various Pandemic (Series-3) Dr Sanjay Rout sheds light on the circumstances that lead to business disruptions around the world and in India.
Kabeer Dohawali
- Author Name:
Neelotpal
- Book Type:

- Description: सामान्य तरीके से जन्म लेकर और एक अति सामान्य परिवार में पलकर कैसे महानता के शीर्ष को छुआ जा सकता है, यह महात्मा कबीर के आचार, व्यवहार, व्यक्तित्व और कृतित्व से सीखा जा सकता है। कबीर ने कोई पंथ नहीं चलाया, कोई मार्ग नहीं बनाया; बस लोगों से इतना कहा कि वे अपने विवेक से अपने अंतर्मन में झाँकें। कबीर मूर्ति या पत्थर को पूजने की अपेक्षा अंतर में बसे प्रभु की भक्ति करने पर बल देते थे। 1 4 वीं सदी में कबीर दलितों के सबसे बड़े मसीहा बनकर उभरे और उच्च वर्गों के शोषण के विरद्ध उन्हें जागरूक करते रहे। वह निरंतर घूम-घूमकर जन-जागरण चलाते और लोगों में जागृति पैदा करते थे। ‘रमैनी’, ‘सबद’ और ‘साखी’ में उन्होंने अंधविश्वास, वेदांत तत्त्व, धार्मिक पाखंड, मिथ्याचार, संसार की क्षणभंगुरता, हृदय की शुद्धि, माया, छुआछूत आदि अनेक प्रसंगों पर बड़ी मार्मिक उक्तियाँ कही हैं। महात्मा कबीर अपनी कालजयी रचनाओं के कारण युगों-युगों तक हमारे बीच उपस्थित रहेंगे। उनकी वाणी का अनुसरण करके हम अपना वर्तमान ही नहीं, भविष्य भी सँवार सकते हैं। कबीर आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं जितने उस काल में थे। प्रस्तुत पुस्तक में, वर्तमान प्रासंगिकता को ध्यान में रखकर ही, संत कबीर की जीवनी और काव्य-रचना के विभिन्न पहलुओं को प्रस्तुत किया गया है, जिससे कि पाठकों को कबीर को समझने और उनके दरशाए मार्ग पर चलने की प्रेरणा मिल सके।
Kailash Satyarthi Ke Jeevan Ke Prerak Prasang (PB)
- Author Name:
Shiv Kumar Sharma
- Book Type:

- Description: पुरस्कारों से ऊपर भी व्यक्ति की एक छवि होती है, उल्लेखनीय प्रयास होते हैं, अनगिनत सराहनीय उपलब्धियाँ होती हैं। बाल अधिकार कार्यकर्ता के रूप में नोबेल पुरस्कृत कैलाश सत्यार्थीजी की उपलब्धियों पर न जाने कितना कुछ लिखा जा चुका है; लेकिन जब हम उनके जीवन को गहराई से देखेंगे तो पाएंगे कि वे जितने जुझारू बाल अधिकार कार्यकर्ता हैं, उतने ही संवेदनशील और भावुक व्यक्ति भी हैं । उनके जीवन में बचपन से ही इतने रंग, इतने कलेवर दिखते हैं, जो अविश्वसनीय लगते हैं लेकिन सत्य हैं और किसी के लिए भी प्रेरणा के स्रोत हो सकते हैं। मशीनीकरण के इस युग में हम इनसान मशीनों के हाथ की कठपुतलियाँ बनते जा रहे हैं। मानवीय संवेदनाएँ गौण होती जा रही हैं। हमारे अंदर मशीन ने इतनी घुसपैठ कर ली है कि हम खुद मशीन बनते जा रहे हैं | संवेदनाए, करुणा, अपनत्व जैसे गुण इनसान को मशीनों से अलग करते हैं । हमें इनकी बड़ी जरूरत है। सत्यार्थीजी के जीवन के कुछ चुनिंदा प्रसंगों से तैयार यह पुस्तक पाठकों को मानवीय मूल्यों और करुणा के भाव से भर देगी। छोटी-छोटी घटनाओं को पिरोकर प्रेरक प्रसंगों की एक पुस्तक के रूप में प्रस्तुत करने के पीछे उद्देश्य एक ऐसी नर्सरी तैयार करना है, जहाँ समाज को सँवारने वाले भविष्य के कई कैलाश सत्यार्थी तैयार हो सकें ।
Premvallari
- Author Name:
Malik Rajkumar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Nibandh Sagar
- Author Name:
Prithvi Nath Pandey
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Customer Reviews
0 out of 5
Book
Be the first to write a review...