Mere Sankalp (Hindi Translation of Promises To Keep)
₹
350
₹ 280 (20% off)
Available
राष्ट्रपति जो बाइडन बराक ओबामा के प्रिय और एक प्रभावशाली उपराष्ट्रपति के रूप में उभरने से पूर्व की अपनी जीवन-यात्रा की चर्चा कर रहे हैं। जो बाइडन ने अमेरिकी इतिहास का एक प्रभावशाली युग देखा है और उसका अंग भी रहे हैं। ‘मेरे संकल्प’ पुस्तक में उन्होंने अपने अनुभवों से अपने व्यक्तित्व, अपने सहयोगियों तथा सरकारी संस्थाओं से जो कुछ सीखा है, उसका रहस्योद्घाटन किया है। अपनी परंपरागत ईमानदारी एवं सद्बुद्धि के साथ बाइडन बेहद मर्मस्पर्शी व प्रेरक ढंग से स्क्रैंटन, पेंसिलवेनिया व विल्मिंगटन, डेलावेयर के रूढि़वादी कैथोलिक परिवार में अपनी परवरिश, व्यक्तिगत त्रासदियों पर विजय, जानलेवा बीमारियों, व्यावसायिक असफलताओं, राष्ष्ट्रपतियो, वैश्विक नेताओं और विधायकों के साथ अपने संबंधों तथा सीनेट कमेटियों पर अपने दमदार नेतृत्व को याद कर रहे हैं। अपनी स्मृतियों के माध्यम से बाइडन अपने आरंभिक जीवन में प्राप्त उन प्रेरणादायक सिद्धांतों की चर्चा करना भी नहीं भूलते, जिससे उन्होंने दूसरे व्यक्तियों के जीवन को बेहतर बनाकर परिवार और भरोसे का सम्मान कर, संकल्प, स्पस्टवादिता तथा ईमानदारी की कद्र कर इस नींव के सहारे अपने जीवन में पति, पिता एवं जन-सेवक की भूमिका को बखूबी निभाया है। ‘मेरे संकल्प’ पुस्तक राजनेता के चिंतन-मनन की एक अंतरंग शृंखला है, जिसने अमेरिका के सर्वाधिक प्रभावशाली नेताओं में स्थान बनाने के लिए कई चुनौतियों का सामना किया, लेकिन राजनीति के दाँव-पेंच से दूरी बनाकर रखी। यह संयुक्त राज्य अमेरिका के प्रति संकल्प का भी एक जीवंत साक्ष्य है।
Read moreAbout the Book
राष्ट्रपति जो बाइडन बराक ओबामा के प्रिय और एक प्रभावशाली उपराष्ट्रपति के रूप में उभरने से पूर्व की अपनी जीवन-यात्रा की चर्चा कर रहे हैं।
जो बाइडन ने अमेरिकी इतिहास का एक प्रभावशाली युग देखा है और उसका अंग भी रहे हैं। ‘मेरे संकल्प’ पुस्तक में उन्होंने अपने अनुभवों से अपने व्यक्तित्व, अपने सहयोगियों तथा सरकारी संस्थाओं से जो कुछ सीखा है, उसका रहस्योद्घाटन किया है। अपनी परंपरागत ईमानदारी एवं सद्बुद्धि के साथ बाइडन बेहद मर्मस्पर्शी व प्रेरक ढंग से स्क्रैंटन, पेंसिलवेनिया व विल्मिंगटन, डेलावेयर के रूढि़वादी कैथोलिक परिवार में अपनी परवरिश, व्यक्तिगत त्रासदियों पर विजय, जानलेवा बीमारियों, व्यावसायिक असफलताओं, राष्ष्ट्रपतियो, वैश्विक नेताओं और विधायकों के साथ अपने संबंधों तथा सीनेट कमेटियों पर अपने दमदार नेतृत्व को याद कर रहे हैं। अपनी स्मृतियों के माध्यम से बाइडन अपने आरंभिक जीवन में प्राप्त उन प्रेरणादायक सिद्धांतों की चर्चा करना भी नहीं भूलते, जिससे उन्होंने दूसरे व्यक्तियों के जीवन को बेहतर बनाकर परिवार और भरोसे का सम्मान कर, संकल्प, स्पस्टवादिता तथा ईमानदारी की कद्र कर इस नींव के सहारे अपने जीवन में पति, पिता एवं जन-सेवक की भूमिका को बखूबी निभाया है।
‘मेरे संकल्प’ पुस्तक राजनेता के चिंतन-मनन की एक अंतरंग शृंखला है, जिसने अमेरिका के सर्वाधिक प्रभावशाली नेताओं में स्थान बनाने के लिए कई चुनौतियों का सामना किया, लेकिन राजनीति के दाँव-पेंच से दूरी बनाकर रखी। यह संयुक्त राज्य अमेरिका के प्रति संकल्प का भी एक जीवंत साक्ष्य है।
Book Details
Customer Reviews
Be the first to write a review...
