All India Sainik School Entrance Exam-2024 Study Guide with Solved Papers For Class 6
Author:
Team PrabhatPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
EnglishCategory:
Other0 Ratings
Price: ₹ 292
₹
365
Available
Awating description for this book
ISBN: 9789354885457
Pages: 352
Avg Reading Time: 12 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
Recommended For You
Saral Chitrakala
- Author Name:
Avantika
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Meghdoot (Kalidas Krit Poetry Book)
- Author Name:
Moolchandra Pathak
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Basic English Grammar Learn By Doing
- Author Name:
Dr. Arun Jee
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Maati Ki Moorten
- Author Name:
Ramvriksh Benipuri
- Book Type:

- Description: "माटी की मूरतें—श्रीरामवृक्ष बेनीपुरी जब कभी आप गाँव की ओर निकले होंगे, आपने देखा होगा, किसी बड़ या पीपल के पेड़ के नीचे, चबूतरे पर कुछ मूरतें रखी हैं—माटी की मूरतें! ये मूरतें—न इनमें कोई खूबसूरती है, न रंगीनी। किंतु इन कुरूप, बदशक्ल मूरतों में भी एक चीज है, शायद उस ओर हमारा ध्यान नहीं गया, वह है जिंदगी! ये माटी की ब नी हैं, माटी पर धरी हैं; इसीलिए जिंदगी के नजदीक हैं, जिंदगी से सराबोर हैं। ये देखती हैं, सुनती हैं, खुश होती हैं; शाप देती हैं, आशीर्वाद देती हैं। खुश हुईं—संतान मिली, अच्छी फसल मिली, यात्रा में सुख मिला, मुकदमे में जीत मिली। इनकी नाराजगी—बीमार पड़ गए, महामारी फैली, फसल पर ओले गिरे, घर में आग लग गई। ये मूरतें जिंदगी के नजदीक ही नहीं, जिंदगी में समाई हुई हैं। इसलिए जिंदगी के हर पुजारी का सिर इनके नजदीक आप-ही-आप झुक जाता है। ये कहानियाँ नहीं, जीवनियाँ हैं! ये चलते-फिरते आदमियों के शब्दचित्र हैं। सुप्रसिद्ध लेखक श्रीरामवृक्ष बेनीपुरी कहते हैं—‘मानता हूँ, कला ने उन पर पच्चीकारी की है; किंतु मैंने ऐसा नहीं होने दिया कि रंग-रंग में मूल रेखाएँ ही गायब हो जाएँ। मैं उसे अच्छा रसोइया नहीं समझता, जो इतना मसाला रख दे कि सब्जी का मूल स्वाद ही नष्ट हो जाए।’ जिंदगी के विविध रंगों को रेखांकित करतीं बेनीपुरीजी की सशक्त लेखनी से निकली रोचक, मार्मिक व संवेदनशील रेखाचित्र। "
Echoes of Aspirations – JNU To IAS : Love, Dream & The Mussoorie Odyssey
- Author Name:
Asif Jalal
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Pandey Bechan Sharma ‘Ugra’ Ki Lokpriya Kahaniyan
- Author Name:
Pandey Bechan Sharma 'Ugra'
- Book Type:

- Description: पांडेय बेचन शर्मा ‘उग्र’ असाधारण रचनाकार और सृजक थे। सारा हिंदी जगत् एक अरसे तक ‘उग्र’ की उग्रता से काँपता रहा, उनसे लोहा लेने में डरता रहा; मगर ‘उग्र’ जी का बाह्य व्यक्तित्व देख हिंदी जगत् ने उन्हें जीते जी उपेक्षा के गर्त में और विरोध की खाइयों में ढकेल दिया। यह उनके जीवन की सबसे बड़ी त्रासदी व विडंबना थी। उनके अंतरंग कोमल पक्ष को, जो नारियल की तरह बाहर से कठोर और अंदर से मृदु व कोमल था, कोई नहीं जान पाया। ‘उग्र’ के संपूर्ण व्यक्तित्व पर विगत 44 वर्षों से अनथक अनवरत परिश्रम करते हुए उनके कृतित्व के अनछुए पहलुओं पर कार्य किया है। अब तक ‘उग्र’ पर, उनके साहित्य पर मेरी 24 से अधिक कृतियाँ प्रकाशित हो चुकी हैं, जिनका हिंदी जगत् ने सम्यक् स्वागत किया है। हाँ, समीक्षकों से अवश्य हमेशा की तरह जैसा ‘उग्र’ के साथ हुआ, ‘उग्र’ के साहित्य को भी उपेक्षा और अवमूल्यन मिला है। खैर— मेरे लबों पे दुआ उसके लबों पे गाली, जिसके अंदर जो था वही तो बाहर निकला। इस क्रम में निवेदित है ‘उग्र’ की कलम से निःसृत मार्मिक और हृदयस्पर्शी लोकप्रिय कहानियों का संग्रह।
Vyaktitva Ka Sampoorna Vikas
- Author Name:
Swami Vivekanand
- Book Type:

- Description: हमारी मातृभूमि भारतवर्ष का मेरुदंड धर्म केवल धर्म ही है। धर्म के आधार पर, उसी की नींव पर हमारी जाति के जीवन का प्रासाद खड़ा है। भारत के राष्ट्रीय आदर्श हैं-- त्याग और सेवा। आप उसकी इन धाराओं में तीव्रता उत्पन्न कीजिए और बाकी सब अपने आप ठीक हो जाएगा। संसार में सत्संग से पवित्र और कुछ भी नहीं है, क्योंकि सत्संग से ही शुभ संस्कार चित्त रूपी सरोवर की तली से ऊपरी सतह पर उठ आने के लिए उन्मुख होते हैं । मान लो, किसी में दोष है तो केवल गाली- गलौज से कुछ नहीं होगा; हमें उसकी जड़ में जाना होगा। पहले पता लगाओ कि दोष का कारण क्या है ? फिर उस कारण को दूर करो और वह दोष अपने आप ही चला जाएगा। हमारा प्रत्येक कार्य, हमारा प्रत्येक अंग-संचालन, हमारा हर विचार हमारे चित्त पर इसी प्रकार का एक संस्कार छोड़ जाता है और यद्यपि ये संस्कार ऊपरी दृष्टि से स्पष्ट न हों, तथापि इतने प्रबल होते हैं कि ये अवचेतन मन में अज्ञात रूप से कार्य करते रहते हैं । - इसी पुस्तक से स्वामी विवेकानंद एक आध्यात्मिक विभूति, मानवधर्मी और समाजधर्मी भी थे। वे जीवन को उन्नत, त्याणमय, सत्यनिष्ठ और मानव-मूल्यों से प्रदीप्त करने के प्रबल पक्षधर थे। उनके संपूर्ण व्यक्तित्व का पठन-चिंतन हर भारतवासी के लिए आत्म-विकास, सफलता, संतोष और सुख के द्वार खोलेगा |
Uttar Pradesh (UP) Police Constable (Male and Female) Aarkshi Nagarik Police, Recruitment Exam 2024 (15 Solved Papers) Book in Hindi
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Power Of Intelligent Thinking "पावर ऑफ इंटेलिजेंट थिंकिंग" (Hindi Translation Of Intelligent Thinking) Book - Som Bathla
- Author Name:
Som Bathla
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Gyanyoga
- Author Name:
Swami Vivekanand
- Book Type:

- Description: No Description Available for this Book
Sensex Of Regional Parties
- Author Name:
Aaku Shrivastava
- Book Type:

- Description: This book by eminent journalist Aaku Srivastava, delves deep into the history of the politics of independent India with an aim to study the ups and downs of the regional parties arising with the contradictions and conflicts between the states against the ‘Centre’. These ‘contradictions’ first appeared in the early 1970s when local political forces in 7 to 8 states formed their own ‘united governments’ and offered localist alternatives to the ‘Centrist’ Congress policies. Linguistic and local cultural identities made this change possible. In the Centre too, two non-Congress parties and local parties formed governments. In the era of globalisation, this tendency of decentralisation became even more forceful and compelling. Perhaps that is why even now that Congress ‘centralism’ has been replaced by BJP, many localist identities keep clashing with BJP’s centralism as well. Aaku Srivastava critically examines the various dimensions of this fundamental contradiction of Indian politics. And they tell that this contradiction is due to ‘internal contradiction’ of our contemporary politics, which apparently appears to be a ‘curse for democracy’ but indirectly it seems to keep democracy alive. In my view, this book is a perfect read to understand the pulse of contemporary and future politics. —Sudhiesh Pachouri
Batein Hain Baton Ka Kya
- Author Name:
Kashinath Singh
- Book Type:

- Description: पिछले पचास साल की हिन्दी कहानी में अनेक बड़े लेखकों के साथ जिन कहानीकारों का नाम अग्रणी रहा और जिन्हें पाठकों ने लगातार पसन्द किया उनमें काशीनाथ सिंह प्रमुख हैं। काशीनाथ सिंह अपने लेखन के लिए लोक से ऊर्जा ग्रहण करते हैं। वे जीवन का महत्त्व समझने वाले कथाकार हैं। सीधी-सच्ची बात कहने के लिए कला की कृत्रिमता उन्हें कभी पसन्द न आई और तभी उनकी कलम से काशी का अस्सीजैसी कालजयी कृति भी सम्भव हुई। लेखक के संसार को जानने-समझने के लिए ही नहीं वरन् उसकी कला के रहस्य को भी समझने के लिए उससे किए गए संवादों का महत्त्व है। काशीनाथ सिंह से समय-समय पर किए गए संवादों के इस संग्रह को वस्तुत: बतकही की संज्ञा अधिक समीचीन होगी क्योंकि काशीनाथ सिंह उस लोक के कथाकार हैं जो विचारों की आवाजाही में विश्वास रखता है। यहाँ संकलित लगभग दो दर्जन संवाद काशीनाथ सिंह के व्यक्तित्व और उनके सृजन सरोकारों को उजागर करने वाले हैं। विचारधारा, राजनीति और समाज की व्यापक बहसें और सवाल इन संवादों को धार देते हैं तो गद्य की कला का मर्म भी इन संवादों को उल्लेखनीय बनाता है। उनके लेखन के उत्तरार्ध में आई अनेक कृतियों यथा रेहन पर रग्घू, महुआ चरित और उपसंहार पर यहाँ अनेक संवाद हुए हैं। इन सबसे अलहदा और ऊपर है बनारस की बोली-बानी में काशीनाथ सिंह की बतकही। सीधी-सच्ची बातें और न हुआ तो दरेरा देकर कह देने का आत्मविश्वास। यह बतकही हमारे संवादहीनता से भरे समय में आत्मीय गपशप का विरल सुख है। इस गपशप में कथाकार अपने साथ पाठक को वैसे ही साथ लिए बैठा है जैसे गाँव में बर्फीली हवाओं में अलाव तापते हुए लोग सुख-दुःख की बात करते हैं। आइए, इस बतकही में शामिल होते हैं और बातों का आनन्द लेते हैं।
Aalochak Ke Mukh Se
- Author Name:
Namvar Singh
- Book Type:

- Description: डॉ. नामवर सिंह हिन्दी आलोचना की वाचिक परम्परा के आचार्य कहे जाते हैं। जैसे बाबा नागार्जुन घूम-घूमकर किसानों और मजदूरों की सभाओं से लेकर छात्र-नौजवानों, बुद्विजीवियों और विद्वानों तक की गोष्ठियों में अपनी कविताएँ बेहिचक सुनाकर जनतांत्रिक संवेदना जगाने का काम करते रहे, वैसे ही नामवर जी घूम-घूमकर वैचारिक लड़ाई लड़ते रहे; रूढ़िवादिता, अन्धविश्वास, कलावाद, व्यक्तिवाद आदि के खिलाफ चिन्तन को प्रेरित करते रहे; नई चेतना का प्रसार करते रहे हैं। इस वैचारिक, सांस्कृतिक अभियान में नामवर जी एक तो विचारहीनता की व्यावहारिक काट करते रहे, दूसरे वैकल्पिक विचारधारा की ओर से लोक शिक्षण भी करते रहे। नामवर जी ने मार्क्सवाद को अध्ययन की पद्धति के रूप में, चिन्तन की पद्धति के रूप में, समाज में क्रान्तिकारी परिवर्तन लानेवाले मार्गदर्शक सिद्धान्त के रूप में, जीवन और समाज को मानवीय बनानेवाले सौन्दर्य-सिद्धान्त के रूप में स्वीकार किया था। एक मार्क्सवादी होने के नाते वे आत्मालोचन को भी स्वीकार करके चलते रहे। वे आत्मालोचन करते भी रहे। उनके व्याख्यानों और लेखन में भी इसके उदाहरण मिलते हैं। आलोचना को स्वीकार करने में नामवर जी का जवाब नहीं। यही कारण है कि हिन्दी क्षेत्र की शिक्षित जनता के बीच मार्क्सवाद और वामपंथ के बहुत लोकप्रिय नहीं होने के बावजूद नामवर जी उनके बीच प्रतिष्ठित और लोकप्रिय रहे। इस पुस्तक में नामवर जी के पाँच व्याख्यान संकलित हैं जो उन्होंने पटना में प्रगतिशील लेखक संघ के मंच से विभिन्न अवसरों पर दिए थे। इन व्याख्यानों को सम्पादित करते हुए भी व्याख्यान के रूप में ही रहने दिया गया है, ताकि पाठक नामवर जी की वक्तृत्व कला का आनन्द भी ले सकें। नामवर जी हिन्दी के सर्वोत्तम वक्ता रहे और माने भी गए। उनके व्याख्यान में भाषा के प्रवाह के साथ विचारों की लय है। इस लय का निर्माण विचारों के तारतम्य और क्रमबद्धता से होता है। अनावश्यक तथ्यों और प्रसंगों से वे बचते थे और रोचकता का भी ध्यान हमेशा रखते थे। आज के साहित्य, विचारधारा, सौन्दर्य, राजनीति और आलोचना से जुड़े तथा उनके अन्तरसम्बन्धों के बारे में महत्त्वपूर्ण बातें इन व्याख्यानों में कही गई हैं। हिन्दी आलोचना की यह एक महत्त्वपूर्ण किताब मानी जाएगी।
NTA CUET UG 2024 Exam | Physics | 2000+ NCERT Based Topic-wise MCQs | Useful for DU JNU Jamia Milia BHU AMU CHS and All Other Central University
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Mere Aasaan Jhooth "मेरे आसान झूठ" Book in Hindi
- Author Name:
Dwarika Uniya
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Saral Ganit
- Author Name:
Shriniwas Rao
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Doraha Tatha Anya Kahaniyan
- Author Name:
Mamta Mehrotra
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Madhya Pradesh Uchch Madhyamik Shikshak Patrata Pareeksha Grah Vigyan Practice MCQs (MPTET Higher Secondary Teacher Home Science Practice Sets Hindi)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
NTA CUET UG 2024 Exam | Mathematics | 2000+ NCERT Based Topic-wise MCQs | Useful for DU JNU Jamia Milia BHU AMU CHS and All Other Central University
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Doctor, Main Kya Karoon?
- Author Name:
Dr. Binda Singh
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book