21 Baal Kahaniyan (Hindi Translation of Collected Short Stories)
About the book
शामली कितनी दूर है? मैंने पूछा। “क्यों दोस्त, यही तो शामली है।'' उसने उत्तर दिया। मैंने आस-पास देखा, परंतु जीवन का कहीं नामोनिशान नहीं था। एक धूलभरी सड़क थी, जो स्टेशन से जंगल में गायब हो जाती थी। “कोई रहता है यहाँ?” मैंने प्रश्न किया। ''मैं रहता हूँ।'' उसने मुसकराते हुए जवाब दिया। वह एक खुश और भाग्यशाली व्यक्ति लग रहा था। उसने सूती अँगरखा और गंदा सफेद पैजामा पहना हुआ था। “कहाँ ?''मैंने पूछा। “अपने ताँगे में, और कहाँ ?”' उसने उत्तर दिया। —इसी संग्रह से सुप्रसिद्ध किस्सागो रम्किन बॉण्ड ने बड़ों के लिए बड़ी ही मनोरंजक कहानियाँ लिखी हैं; साथ ही बच्चों के लिए भी उनकी कहानियाँ खूब सराही गई हैं। प्रस्तुत संग्रह की 21 बाल कहानियाँ एक से बढ़कर एक हैं, जिनमें बच्चों के मनोविज्ञान, कल्पना लोक और वास्तविक धरातल की मिली-जुली कहानियाँ हैं, जो शिक्षाप्रद तो हैं ही, मनोरंजन और पठनरस से भरपूर भी हैं।
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About the Book
शामली कितनी दूर है? मैंने पूछा।
“क्यों दोस्त, यही तो शामली है।'' उसने उत्तर दिया।
मैंने आस-पास देखा, परंतु जीवन का कहीं नामोनिशान नहीं था। एक धूलभरी सड़क थी, जो स्टेशन से जंगल में गायब हो जाती थी।
“कोई रहता है यहाँ?” मैंने प्रश्न किया।
''मैं रहता हूँ।'' उसने मुसकराते हुए जवाब दिया। वह एक खुश और भाग्यशाली व्यक्ति लग रहा था। उसने सूती अँगरखा और गंदा सफेद पैजामा पहना हुआ था।
“कहाँ ?''मैंने पूछा।
“अपने ताँगे में, और कहाँ ?”' उसने उत्तर दिया। —इसी संग्रह से
सुप्रसिद्ध किस्सागो रम्किन बॉण्ड ने बड़ों के लिए बड़ी ही मनोरंजक कहानियाँ लिखी हैं; साथ ही बच्चों के लिए भी उनकी कहानियाँ खूब सराही गई हैं। प्रस्तुत संग्रह की 21 बाल कहानियाँ एक से बढ़कर एक हैं, जिनमें बच्चों के मनोविज्ञान, कल्पना लोक और वास्तविक धरातल की मिली-जुली कहानियाँ हैं, जो शिक्षाप्रद तो हैं ही, मनोरंजन और पठनरस से भरपूर भी हैं।
Book details
- Format
- Paperback
- Publisher
- Prabhat Prakashan
- Weight
- 225 grams
- ISBN-13
- 9789355214157
- Pages
- 192
- Reading time
- ~6 hrs
- Age
- 18+
- Country of origin
- India
- Dimensions
- 14 × 21.5 cm
- Language
- Hindi
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