Bharat ki Yaadgaar Ghatnayen
(0)
Author:
Manisha MathurPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
HindiCategory:
Academics-and-references₹
300
₹ 240 (20% off)
Available
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
Awating description for this book
Read moreAbout the Book
Awating description for this book
Book Details
-
ISBN9789352660971
-
Pages288
-
Avg Reading Time10 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
GS SCORE Concept Mapping Workbook Geography: The Ultimate Guide to Cover Concepts through MCQs for Civil Services, State PCS & Other Competitive Examinations
- Author Name:
Manoj K. Jha
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Jhatpat English Seekhen
- Author Name:
S. Bhushan +1
- Book Type:

- Description: आज English ग्लोबल संपर्क भाषा बन चुकी है। अदालतों, दफ्तरों, अस्पतालों इत्यादि सब जगह संवाद का माध्यम English ही है। पत्र-व्यवहार, कार्यालयों इत्यादि में अधिकतर काम English भाषा में ही किए जाते हैं। बड़े-बड़े अंतरराष्ट्रीय कार्यालयों में तो संवाद का एकमात्र माध्यम English ही है। इसलिए आज जीवन के हर क्षेत्र में अच्छी English बोलना सफलता की गारंटी माना जाता है। चाहे आप Student हों, मैनेजर हों, क्चक्कहृ में काम करते हों या Businessman हों—हर जगह आप कितने आत्मविश्वास के साथ श्वठ्ठद्दद्यद्बह्यद्ध बोल सकते हैं, वही आपकी सफलता के लिए एक महत्त्वपूर्ण कारक है। यही नहीं, अच्छी English बोलना सीखकर आप कॉल सेंटर, टेलीमार्केटिंग में अच्छी नौकरी पा सकते हैं—भले ही आपके पास कोई तकनीकी ज्ञान न हो। अगर आपको आधुनिक परिवेश में स्वयं के लिए जगह बनानी है तो English का ज्ञान होना नितांत आवश्यक है। ‘झटपट English सीखें’ ऐसी पुस्तक है, जो बहुत आसानी से और बहुत जल्दी किसी को भी English बोलना, लिखना व पढ़ना सिखा सकती है। लेखक ने अपने 25 वर्षों के Teaching अनुभव और 7 वर्षों के अथक परिश्रम के बाद इस कोर्स को 60 दिन के रूशस्रह्वद्यद्ग के रूप में तैयार किया है। English रटने की भाषा नहीं है, यह तो समझकर अधिकारपूर्वक बोलने व लिखने की भाषा है। यह पुस्तक Step by Step शैली में तैयार की गई है। इसलिए इसके अध्ययन से आप झटपट श्वठ्ठद्दद्यद्बह्यद्ध सीखकर सफलता के शिखर को छू सकते हैं।
Kainchi Dham Ke Baba Shri Neeb Karauri Maharaj "कैंची धाम के बाबा श्री नीब करौरी महाराज" | Daily Rituals, Satsang And Spiritual Practices Teachings of Maharajji Make It The Center of Giving Meaning To Human Life.
- Author Name:
Mahesh Dutt Sharma
- Book Type:

- Description: Awaiting description
UTTAR PRADESH POLICE (FIREMAN, JAIL WARDER EVAM ARAKSHI GHUDSAWAR) BHARTI PARIKSHA-2020
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: उत्तर प्रदेश पुलिस (फायरमैन, जेल वार्डर, आरक्षी घुडसवार) भर्ती परीक्षा
Tweet Kahaniyan
- Author Name:
Dr. Lata Kadambari Goel
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Kalam Ko Teer Hone Do
- Author Name:
Vidya Bhooshan
- Book Type:

- Description: देश-देशांतर तक पसरे हिंदी-संसार में सृजनशीलता का जो केंद्रीय प्रवाह है, उसमें दूरस्थ अंचलों और दिशाओं की लेखकीय ऊर्जा भी विसर्जित होती है, किंतु उस विराट संगम में जानी-मानी नदियों की जलधाराएँ तो यथेष्ट मान-पहचान पाती हैं, मगर अनगिनत प्रपातों और अंत:सलिलाओं के अंशदान की लगातार अनदेखी होती आई है। हिंदी सर्जना के आंचलिक परिदृश्य को अगर समग्रता में परखें तो कई बुनियादी सवाल सिर उठाते हैं; जैसे क्या श्रेष्ठ और प्रभावी कृतियों की अंतर्वस्तु का कोई स्थानिक पहलू नहीं होता? क्या कोई आंचलिक या स्थानीय प्रेरणा अभिव्यक्ति के आकार-प्रकार को निर्धारित नहीं करती? क्या कृति और परिवेश के जैविक संबंधों की अनदेखी से रचना का संदेश संदर्भ रहित होकर अमूर्त नहीं रह जाता? सच तो यह भी है कि राजधानियों का लेखक सिर्फ अपने निकट परिवेश से उत्प्रेरित नहीं होता। अपने मूल और गुमनाम स्त्रोतों से सुलभ हो रही दिशा-दृष्टि भी उसे उच्चतर जीवनमूल्यों से जोड़ती है। प्रस्तुत पुस्तक सृजन और विचार के प्रसंग में, केंद्र और हाशिए के बीच के फासलों पर खोजी नजर डालती है। पुस्तक-संसार में झारखंड की सांस्कृतिक परंपरा पर अधीत सामग्री की कमी नहीं है, लेकिन उसके साहित्य की हिंदी परंपरा के विविध पहलुओं पर समग्र विचार अभी तक प्रतीक्षारत है। निश्चय ही इस पुस्तक में सम्मिलित आलेख सूचनाओं के नए क्षितिजों से निकट परिचय कराएँगे।
Agni Raag
- Author Name:
Usha Yadav
- Book Type:

- Description: ‘अग्नि-राग’ समकालीन संदर्भों में नारी-सशक्तीकरण की कहानी है। धधकती अग्नि-ज्वाला में जलती-झुलसती दीपिका की कहानी। विवाह का झाँसा देकर एक डॉक्टर वर्षों उसका यौन-शोषण करता है। जब युवती को डॉक्टर का विवाह अन्यत्र तय हो जाने की सूचना मिलती है, तो वह किस प्रकार प्रतिशोध लेती है—इसका उपन्यास में चित्रण है। बलात्कार-पीडि़ता के प्रति समाज की प्रतिक्रिया, मीडिया की प्रतिक्रिया, कानून की प्रतिक्रिया आदि का यह ऐसा विश्वसनीय आख्यान है, जिसमें अनुरंजन और चिंतन दोनों मौजूद हैं। बलात्कार के आँकड़े बताते हैं कि औरत दिनोदिन असुरक्षित हुई है। घर, स्कूल, सड़क, खेत-खलिहान—कहाँ पर ‘निर्भयाकांड’ नहीं होते? देह-शोषण की शिकार औरत अमूमन लोक-लाज अथवा ग्लानि के चलते अपना मुँह बंद रखती है या फाँसी के फंदे पर झूल जाती है। किंतु जब किसी रेप-पीडि़ता के भीतर आग धधक उठती है, तो वह अपने अर्धनारीश्वर रूप में एक मिसाल बन जाती है। नारीगत कोमलता और पौरुषेय कठोरता की धूपछाँही द्युति एक विलक्षण आलोक-लोक सिरज देती है। यही अग्नि-राग है। पंचतत्त्वों से बने हर मानव शरीर में अग्नि का वास है, कहीं कम, कहीं ज्यादा। इसलिए यदि ‘अग्नि-राग’ की दीपिका अपनी नन्ही सी लौ से अन्य रेप-पीडि़ताओं के अँधेरे जीवन को प्रकाशमान करने का उद्यम करती है, तो उसके इस संकल्प और साहस को नमन करने का जी चाहता है। ‘अग्नि-राग’ इसी संवेदना का उपन्यास है।
Hindustan Ke 100 Kavi
- Author Name:
Kumar Mukul
- Book Type:

- Description: This book doesn’t have description
Persian Hindi Dictionary : Vols. 2
- Author Name:
Chandrashekhar
- Book Type:

- Description: फ़ारसी भाषा, हिन्दी की ही तरह, भारतीय आर्य भाषा उपकुल का एक भाग है। ईरान एवं भारत, दोनों कृषि–प्रधान देश रहे हैं। दोनों की संस्कृतियों में अनेक समानताएँ आज भी विद्यमान हैं। मुग़ल–पूर्व, मुग़ल और मुग़लोत्तर शासन के दौरान हिन्दुस्तान में फ़ारसी भाषा का प्रसार एवं प्रचार अपनी चरम सीमा पर था। कबीरदास, सूरदास, मलिक मुहम्मद जायसी जैसे हिन्दी के कालजयी महान कवियों ने फ़ारसी भाषा के अनेक शब्दों को अपनी भावाभिव्यक्ति का साधन बनाया और उनका रचनात्मक प्रयोग किया। इस प्रकार कहा जा सकता है कि फ़ारसी ने हिन्दी साहित्य की रचनाधर्मिता पर भी अपनी अमिट छाप छोड़ी है। फ़ारसी के अनेक शब्द ऐसे भी हैं, जिनका चलन आज ईरान में लगभग समाप्त हो चला है, लेकिन हिन्दी में वे अब भी जीवित हैं और साहित्य में ही नहीं, आम बोलचाल की भाषा में प्रयोग किए जा रहे हैं। फ़ारसी के अनेक मुहावरे अनूदित होकर हिन्दी की निधि बन चुके हैं। प्रस्तुत ‘फ़ारसी–हिन्दी शब्दकोश’ हज़ारों वर्षों में फैले भारत–ईरान के सांस्कृतिक सम्बन्धों को रेखांकित करनेवाला प्रथम शब्दकोश है। विभिन्न विषयों एवं अलग–अलग परिप्रेक्ष्यों से सम्बन्धित लगभग 25,000 शब्द–प्रविष्टियों से सम्पन्न यह शब्दकोश, जिसमें पुरातन और नवीन दोनों प्रकार की अर्थ–परम्पराओं का समावेश है, प्राचीन और अर्वाचीन शब्दों का सुन्दर मिश्रण है। आशा है, यह शब्दकोश विभिन्न प्रकार के अध्ययनकर्ताओं तथा सामान्य पाठकों के लिए समान रूप से उपयोगी सिद्ध होगा।
BHARTIYA VAYU SENA AIRMEN GROUP Y GAIR TAKNIKI TRADES PARIKSHA-2021 30 PRACTICE SETS (REVISED 2021)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Vayam Rakshamah
- Author Name:
Acharya Chatursen
- Book Type:

- Description: मेरे हृदय और मस्तिष्क में भावों और विचारों की जो आधी शताब्दी की अर्जित प्रज्ञा- पूँजी थी, उस सबको मैंने 'वय॑ रक्षाम: ' में झोंक दिया है। अब मेरे पास कुछ नहीं है। लुटा-पिटा सा, ठगा सा श्रांत-क्लांत बैठा हूँ। चाहता हूँ--अब विश्राम मिले। चिर न सही, अचिर ही परंतु यह हवा में उड़ने का युग है। मेरे पिताश्री ने बैलगाड़ी में जीवन-यात्रा की थी, मेरा शैशव इक्का टाँगा-घोड़ों पर लुढ़कता तथा यौवन मोटर पर दौड़ता रहा। अब मोटर और वायुयान को अतिक्रांत कर आठ सहख मील प्रति घंटा की चालवाले रॉकेट पर पृथ्वी से पाँच सौ मील की ऊँचाई पर मेरा वार्धक्य उड़ा चला जा रहा है। विश्राम मिले तो कैसे ? इस युग का तो विश्राम से आचूड़ बैर है। बहुत घोड़ों को, गधों को, बैलों को बोझा ढोते-ढोते बोच राह मरते देखा हैं। इस साहित्यकार के ज्ञानयज्ञ की पूर्णाहुति भी किसी दिन कहीं ऐसे ही हो जाएगी। तभी उसे अपने तप का संपूर्ण पुण्य मिलेगा।
IERT Allahabad Pravesh Pariksha-2018
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Patan
- Author Name:
Ravindra Kant Tyagi
- Book Type:

- Description: उपन्यास “पतन' एक कहानी के साथ- साथ भारत की राजनीति में घटनेवाली बड़ी घटनाओं को सही समय और काल के साथ व प्रामाणिकता के साथ प्रस्तुत करता है। देश के राजनीतिक पटल पर बदलते दृश्यों को लेकर लेखक के रूप में मेरी एक राय हो सकती है, एक दृष्टिकोण हो सकता है, किंतु घटनाओं के तथ्य, काल, चाल और चरित्र को हू-ब-हू प्रस्तुत करने का प्रयास किया गया है। फिर चाहे वह 1975 की इमरजेंसी के भीतर का सच हो, जनता पार्टी की सतबेझडी हाँड़ी का फूटकर बिखरना उसकी स्वाभाविक परिणति हो, इंदिरा गांधी के द्वारा जनता पार्टी को तोड़ने का सफल षड़्यंत्र हो, मंडल आयोग के कारण पूरे देश के उपद्रव हों, लालकृष्ण आडवाणी की रथयात्रा हो, नरसिम्हा राव का हवाला हो, अटल बिहारी की सरकार का बहुमत साबित न कर पाने के कारण तेरह दिन में और फिर तेरह महीने में सत्ता से बेदखल होना हो या छह साल के सफल नेतृत्व के बाद भी अटल सरकार को जनता के द्वारा नकारकर आर्थिक घोटालों के कारण चर्चा में रहे सोनिया गांधी के नेतृत्ववाली मनमोहन सरकार की स्वीकार्यता के दस वर्ष हों। उपन्यास पतन में स्वतंत्र भारत में नेहरू- काल के बाद के इतिहास की नकारात्मकता और सकारात्मकता को उल्लेखित किया गया है। 'पतन' में एकात्म मानवतावाद, साम्यवाद, समाजवाद और नक्सलवाद को गहन चिंतन और वार्त्ताओं के माध्यम से खँगालने का भी सफल प्रयास किया गया है।
Ramnagari
- Author Name:
Ram Nagarkar
- Book Type:

- Description: ‘रामनगरी’ मराठी के सुपरिचित लेखक और लोकनाट्यकर्मी राम नगरकर का आत्मकथात्मक उपन्यास है। उपन्यास इन अर्थों में कि इसकी शैली उपन्यासधर्मी है और ‘आत्मकथात्मक’ इन अर्थों में कि इसके स्थान–काल–पात्र, सब वास्तविक हैं और ‘मैं’ अर्थात् ‘रामचन्द्र्या’ (बकौल बाप के ‘भड़वे’!) अर्थात् लेखक राम नगरकर के आसपास घूमते हैं। चूँकि इस उपन्यास के लेखक जाति से नाई हैं, और चूँकि यह ‘आत्मकथात्मक’ रचना है, इसलिए इसके पहले पृष्ठ से अन्तिम पृष्ठ तक एक ऐसे ‘हज्जाम’ की उपस्थिति पंक्ति–दर–पंक्ति महसूस होती रहती है, जो एक ओर तो सवर्ण समाज द्वारा पग–पग पर अपमानित–प्रताड़ित होता रहता है, और दूसरी ओर अपनी ‘कूढ़मग़ज़ी’ में क़ैद रहने को भी विवश है। लेकिन इस विरोधाभास के प्रति ‘रामनगरी’ के लेखक का रुख़ आत्मदया–प्रधान नहीं, बल्कि व्यंग्य–प्रधान है, और व्यंग्य भी इतना तीखा कि तेज़ चाकू की तरह चीरता चला जाए। बेबाकी इस हद तक कि जहाँ सारी हदें टूट जाएँ; मतलब, जहाँ मौक़ा मिला, ख़ुद को भी गिरफ़्त में लेने से बाज़ नहीं आए। इसके बावजूद, चूँकि इसके लेखक की मुख्य हिस्सेदारी लोक–नाटकों के क्षेत्र में रही है, इसलिए लोकरंजन की बात वे एक क्षण के लिए भी नहीं भूलते यानी चुटकी तो तिलमिला देनेवाली काटते हैं, लेकिन ‘उफ़’ नहीं करने देते और माहौल में ठहाके–ही–ठहाके गूँजते रहते हैं।
Belakigintha Bellage
- Author Name:
M.S. Asha Devi
- Rating:
- Book Type:

- Description: discriptation awaited
NVS NAVODAYA VIDYALAYA SAMITI PGT HINDI 14 PRACTICE PAPERS
- Author Name:
Suman Mishra
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
UPSC CSAT Samanya Adhyayan Paper-Ii Solved Papers 2011-2023
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Chhayavadi Kavya-Kosh
- Author Name:
Suchita Verma +1
- Book Type:

-
Description:
छायावाद हिन्दी कविता का एक समृद्ध कालखंड है। प्रसाद, निराला, पंत और महादेवी की इस दौर की कविताओं से प्रविष्टियाँ लेकर इस कोश का निर्माण किया गया है। शब्द और पदबंध के साथ काव्य-पंक्तियाँ दी गयी हैं ताकि छायावादी काव्य-प्रयोगों को व्यवस्थित रूप दिया जा सके। शब्द और पदबंध के प्रासंगिक अर्थ-निर्धारण का प्रयास किया गया है ताकि काव्यार्थ की दिशा को समझने में मदद मिल सके। प्रयुक्त शब्द और पदबंध से जुड़ी काव्य-पंक्तियों के सन्दर्भों को रचनावली/ग्रंथावली की पृष्ठ संख्या के साथ दर्शाया गया है। यह भी दर्ज किया गया है कि काव्य-पंक्ति किस कविता या पुस्तक से ली गयी है।
छायावाद शतायु को प्राप्त कर चुका है। इसकी काव्य-भाषा आकर्षक भी है और शास्त्रीय भी! बदलते दौर में इस काव्य-भाषा को समझने के लिए काव्य-कोश की आवश्यकता बढ़ती जाएगी। छायावादी काव्य के पाठकों, अध्यापकों, विद्यार्थियों और शोधार्थियों के लिए ‘छायावादी काव्य-कोश’ मददगार होगा।
कोश का निर्माण वर्णानुक्रम से तो किया ही जाता है, इस कोश में काव्य-प्रयोगों को यथासंभव कालानुक्रम से भी रखने का प्रयास किया गया है। छायावादी कवियों के काव्य-प्रयोगों को तुलनात्मक रूप से समझने की प्रभूत सामग्री यह कोश प्रदान करता है।
इस कोश की भूमिका और परिशिष्ट में कई तरह की सूचियाँ दी गयी हैं जिनकी मदद से छायावाद को नये ढंग से समझने में मदद मिलेगी।
Maharaas (Hindi Novel)
- Author Name:
Usha Yadav
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
BPSC Bihar Shikshak Bahali Bhugol Bhag-1 (Geography) 15 Practice Sets
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh, IAS (AIR-49)
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book