Yashasvi Bharat (PB)
Author:
Mohan BhagwatPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
HindiCategory:
Other0 Ratings
Price: ₹ 320
₹
400
Available
"राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ एक ऐसा सांस्कृतिक संगठन है, जिसके लाखों समर्पित स्वयंसेवक राष्ट्र-निर्माण में लगे हैं और भारत को परम वैभव संपन्न बनाने के लिए कृतसंकल्पित हैं। परम पूज्य सरसंघचालक डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार ने सन् 1925 की विजयादशमी को इसी उद्देश्य से संघ की स्थापना की। समर्पित भाव से व्यक्ति-निर्माण के महती कार्य को लक्षित कर संघ के स्वयंसेवक देश-समाज के प्रायः सभी क्षेत्रों—सेवा, विद्या, चिकित्सा, छात्र, मजदूर, राजनीति—में ‘राष्ट्र सर्वोपरि’ के मूलमंत्र को जीवन का ध्येय मानकर प्राणपण से जुटे हैं। संघ दुनिया में अपनी तरह का अकेला संगठन है। पिछले कुछ समय में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ को निकट से जानने और गहराई से समझने की जिज्ञासा बढ़ी है। संघ के छठे और वर्तमान सरसंघचालक डॉ. मोहनराव भागवत के विचारों पर आधारित यह पुस्तक इस दिशा में दीपशिखा का काम करेगी।
यह पुस्तक अलग-अलग अवसरों पर दिए उनके व्याख्यानों का संग्रह है। ‘हिंदुत्व का विचार’, ‘भारत की प्राचीनता’, ‘हमारी राष्ट्रीयता’, ‘समाज का आचरण’, ‘स्त्री सशक्तीकरण’, ‘विकास की अवधारणा’, ‘अहिंसा का सिद्धांत’, ‘बाबा साहेब आंबेडकर’ और ‘भारत का भवितव्य’ जैसे विषयों पर दिए गए उनके व्याख्यान संघ को समझना आसान बना देते हैं।
वैसे अपने व्याख्यानों में मोहनराव भागवत बार-बार कहते हैं कि ‘संघ को समझना हो तो
संघ में आइए’। यह पुस्तक पाठक के विचारों
को परिष्कृत करेगी और समाज में ऐसे राष्ट्रभाव जाग्रत् करेगी, जिससे ‘यशस्वी भारत’ का लक्ष्य सिद्ध होगा।
ISBN: 9789390378210
Pages: 288
Avg Reading Time: 10 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
Recommended For You
KOOTU KA VRAKSHA
- Author Name:
Kiran
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Ganit Mein Payen 100/100
- Author Name:
D.D. Sharma
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Share Bazar Secrets
- Author Name:
Soma Valliappan
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Shivprasad Singh Ki Lokpriya Kahaniyan
- Author Name:
Shivprasad Singh
- Book Type:

- Description: नई कहानी आंदोलन के समय में डॉ. शिवप्रसाद सिंह की चर्चा ‘नन्हों’ और ‘दादी माँ’ जैसी कहानियों के कारण हुई। कहानियों से उन्हें भरपूर प्रतिष्ठा मिली। इन दोनों कहानियों के साथ ही ‘धरातल’ और ‘बेहया’, ‘कर्मनाशा की हार’, ‘मुर्दासराय’, ‘आर-पार की माला’, ‘इन्हें भी इंतजार है’, ‘वृंदा महाराज’ आदि कहानियाँ भी काफी चर्चित हुईं। डॉ. शिवप्रसाद सिंहजी की कहानियाँ प्रायः ग्रामीण पृष्ठभूमि पर आधारित हैं। उन्होंने लिखा भी है— ‘‘मेरी जिंदगी में गाँव एक ऐसी हकीकत है, जिसे मैं चाहकर भी काट नहीं सकता। गाँव की अछोर हरियाली में डूबे सीमांत, फसलों के रंग-बिरंगे गलीचे बिछाकर किसी अनागत की प्रतीक्षा में डूबी धरती, सरसों, जलकुंभी और झरबेरी के जंगली फूलों से मदहोश वातावरण के बीच अपनी सामान्य जिंदगी के लिए संघर्षरत किसान मेरी कहानियों के अविभाज्य अंग हैं। शहर के जीवन ने जहाँ एक ओर मेरे आधुनिकता-बोध को निरंतर तीन और सक्रिय बनाया है, वहीं गाँव के जीवन की धड़कनें, जो अब भी सड़ी-गली परंपरा और कूटस्थ रूढि़यों का कचरा ढोती हुई कराह रही हैं, मेरे कहानीकार के लिए सदा एक चुनौती रही हैं।’’ वरिष्ठ कथाकार डॉ. शिवप्रसाद सिंह की संवेदनशील, मार्मिक तथा युग-प्रर्वतक लोकप्रिय कहानियों का पठनीय संकलन।
Adbhut Ganitajan Srinivas Ramanujan
- Author Name:
Narendra Kumar Govil
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Bharat Ki Mahan Rashtriya Vibhootiyan | India's Great National Leader Book in Hindi
- Author Name:
Dr. Govind Singh Rathore
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Teachers are Shapers: Unlock Your Teaching Excellence The GOPTA NLP Way
- Author Name:
Dr. Sanjay Kumar Agarwal
- Book Type:

- Description: This is a unique book of its kind helping teachers to unlock their teaching excellence and become a highly influential teacher. Have you ever wondered how to unlock and maximize your teaching excellence hidden within you; how to cope up with newer challenges each day due to ever changing curriculums; how to handle the ever-increasing expectations of parents’ & students; how to help your students and prepare them for the day when they will eventually join any job or profession; and how to distinguish yourself as a highly influential teacher? This book revolves mainly around the topics of creating an enriching learning environment for the students; making them goals-oriented; helping them to utilize their time in goals-oriented manner; understanding the internal representation system of the students; building rapport with the students so that you could easily communicate with them and suitably guide them; etc. The author has also shared how to use the ‘GOPTA Mindset’ to overcome day-to-day challenges in dealing with students and how to become a highly influential teacher. A Practical Handbook For All The Teachers Who Want To Connect With Students in More Enriching Ways Than Ever Before.
Notam Namami
- Author Name:
Yashwant Kothari
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
P. Vidyaniwas Mishra Sanchayita
- Author Name:
Vidhyaniwas Mishra
- Book Type:

- Description: पंडित विद्यानिवास मिश्र के साहित्य का बहुआयामी विस्तार मुख्यत: निबन्ध-विधा में ही फलीभूत हुआ है। इस विधा में जितना काम उन्होंने किया है और इस विधा से जितना बड़ा काम उन्होंने लिया है, उतना हिन्दी में शायद ही किसी और से सम्भव हुआ हो। देश-दुनिया, सभ्यता-समाज, धर्म-संस्कृति, इतिहास, राजनीति, भाषाशास्त्र, साहित्यशास्त्र, कला समेत सभी कुछ को उन्होंने निबन्ध में समेटा है। एक लेखक के रूप में उन्होंने अपनी निष्ठा सदैव पाठक के प्रति रखी। वह पाठक जिसे उन्होंने बल-विद्या-बुद्धि किसी भी मामले में अपने से घटकर नहीं माना। उनका पाठक उन्हीं की तरह उनके गाँव-घर का है, और अपनी व्याप्ति में पूरे संसार का। उनके निबन्धों में जो व्यक्तित्व व्यंजित हुआ है, वह जितना अपना है, उतना ही उनके पाठक का भी। एक नितान्त गँवई व्यक्तित्व जिसके लिए जीव-जन्तु, नदी, पेड़, पहाड़ ऋतु का भी अपना व्यक्तित्व है। विद्या बोझ न बन जाए, इसके प्रति उनकी प्रतिश्रुति इतनी प्रबल है कि समीक्षा, साहित्येतिहास और काव्यशास्त्र आदि क्षेत्रों में अत्यन्त महत्त्वपूर्ण कार्यों के बावजूद उन्होंने आग्रहपूर्वक अपनी पहचान साहित्य के एक विद्यार्थी की ही बनाए रखी। सच तो यह है कि साहित्य में सैद्धान्तिक ही नहीं, व्यावहारिक स्तर पर भी ‘सहृदय’ को, ‘सामाजिक’ को, ‘सहृदय सामाजिक’ को जो सम्मान पं. विद्यानिवास मिश्र ने, उनके साहित्य-कर्म ने दिया, वह अभूतपूर्व है। उनके समग्र रचना-कर्म से इस संचयन में निबन्धों के अलावा उनके रचना-संसार के अल्पज्ञात और अज्ञात कोने-अँतरों का प्रतिनिधित्व करने का प्रयास भी किया गया है। पाठक यहाँ कविता, काव्यान्तर, ध्वनि-रूपक, व्यंग्य-बन्ध, साक्षात्कार, संवाद, व्याख्या, अनुवाद और उनके पत्र-व्यवहार की भी झलक पा सकेंगे। साथ ही विद्वान सम्पादकगण के अथक परिश्रम से यह भी सम्भव हुआ है कि पंडित जी की विराट निबन्ध-सम्पदा का हर रंग, हर रूप इसमें मुखर हो सके।
Aandhi
- Author Name:
Gulzar
- Book Type:

-
Description:
साहित्य में मंज़रनामा एक मुकम्मिल फ़ॉर्म है। यह एक ऐसी विधा है जिसे पाठक बिना किसी रुकावट के रचना का मूल आस्वाद लेते हुए पढ़ सके। लेकिन मंज़रनामा का अन्दाज़े-बयान अमूमन मूल रचना से अलग हो जाता है या यूँ कहें कि वह मूल रचना का इन्टरप्रेटेशन हो जाता है।
मंज़रनामा पेश करने का एक उद्देश्य तो यह है कि पाठक इस फ़ॉर्म से रूबरू हो सकें और दूसरा यह कि टी.वी. और सिनेमा में दिलचस्पी रखनेवाले लोग यह देख-जान सकें कि किसी कृति को किस तरह मंज़रनामे की शक्ल दी जाती है। टी.वी. की आमद से मंज़रनामों की ज़रूरत में बहुत इज़ाफ़ा हो गया है।
कथाकार, शायर, गीतकार, पटकथाकार गुलज़ार ने लीक से हटकर शरतचन्द्र की-सी संवेदनात्मक मार्मिकता, सहानुभूति और करुणा से ओत-प्रोत कई उम्दा फ़िल्मों का निर्देशन किया, जिनमें ‘मेरे अपने’, ‘अचानक’, ‘परिचय’, ‘आँधी’, ‘मौसम’, ‘ख़ुशबू’, ‘मीरा’, ‘किनारा’, ‘नमकीन’, ‘लेकिन’, ‘लिबास’, और ‘माचिस’ जैसी फ़िल्में शामिल हैं।
अपने समय की बेहद चर्चित फ़िल्म ‘आँधी’ का यह मंज़रनामा वरिष्ठ साहित्यकार कमलेश्वर के उपन्यास ‘काली आँधी’ से कुछ अलग भी है और नहीं भी। फ़िल्म में किरदारों के एटिट्यूड उपन्यास से अलग हैं। इसमें राजनीति के छल-छद्मों से भरी कथावस्तु के बीच दो दिलों के प्रेम की अन्तःसलिल धारा भी बह रही है जो पाठकों की संवेदना को छू लेती है।
यह पुस्तक पूरी फ़िल्म की एक तरह से औपन्यासिक प्रस्तुति है जो पाठकों की अपेक्षाओं पर खरा उतरेगी।
Indian Perspective
- Author Name:
Ed. Anil Joshi and Rajendra Arya
- Book Type:

- Description: When our army was winning, what was the need for a ceasefire? What was the need to halt the attack? Had it not been done at that time, the whole of Kashmir would have been an integral part of India today. Pakistan-occupied Kashmir would not have come into existence. Regrettably, it was never brought into the discussion as to why an untimely ceasefire was declared? What was the compulsion? In no history has it been written that the war-winning army declares a ceasefire at a time when a large part of its territory is occupied by foreign forces! Then the United Nations was approached on 1st January, 1948. This decision was also a personal decision of Prime Minister Jawaharlal Nehru. It was a big mistake; the country bore the brunt of it for years. —Amit Shah Union Home Minister We saw that the Leftist, elite society, the power system, the media had already established their narrative over the last several decades. These widely propagated narratives were the so-called truth. It was about our society, nationality, Ramjanmabhoomi, the inalienability and inevitability of Article 370 in Kashmir, social harmony, the role model of the country, the Western model of development, the imperative of English, etc. These were in relation to the beliefs and faith in so-called values which developed an inferiority complex about our history and past at the cost of our history and glorious knowledge tradition. —Anil Joshi Vice Chairman, Kendriya Hindi Shikshan Manda
BHARAT KE MAHAN VAIGYANIK
- Author Name:
SHEKHAR
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
BPSC TRE 3.0 Bihar Teacher Recruitment Class 11-12 "Bhugol" Geography | 20 Practice Sets (Hindi)
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh, IAS (AIR-49)
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Corporate Guru Narayan Murthy
- Author Name:
N. Chokkan
- Book Type:

- Description: "इन्फोसिस की विस्मयजनक उन्नति का श्रेय श्री एन.एम. नारायण मूर्ति की कल्पनाशीलता और दूरदृष्टि को जाता है। उन्होंने बीस वर्षों तक कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी की हैसियत से अपनी प्रतिभा, लगन, परिश्रम से सींचकर इसे पुष्पित-पल्लवित किया। सन् 1981 में अपनी पत्नी श्रीमती सुधा मूर्ति से दस हजार रुपए लेकर जब उन्होंने इस कंपनी की स्थापना की थी, तब कोई स्वप्न में भी कल्पना नहीं कर सकता था कि वर्ष 1999 आते-आते ही इसकी ख्याति अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुँच जाएगी तथा कंपनी नास्डैक (Nasdaq) में सूचीबद्ध होगी। किन विपरीत परिस्थितियों में नारायण मूर्ति ने अपनी कंपनी का विकास किया, उसका थोड़ा सा अनुमान इससे लगाया जा सकता है कि एक टेलीफोन कनेक्शन के लिए उन्हें पूरे साल प्रतीक्षा करनी पड़ी। फोन करने के लिए उन्हें एस.टी.डी. की दुकान पर जाना पड़ता था। उन दिनों कंप्यूटर आयात होते थे। इंफोसिस को अपने काम के लिए विदेश से कंप्यूटर मँगवाने में ही तीन साल लग गए। कंपनी को परेशानियों के भँवर से निकालकर सफलता के उत्कर्ष तक पहुँचाने का हौसला नारायण मूर्ति का ही था। सात लोगों के साथ उन्होंने जिस कंपनी की स्थापना की थी, आज उसमें एक लाख से अधिक कर्मचारी हैं। जो कंपनी मात्र दस हजार रुपए की पूँजी से शुरू हुई थी, उसका वार्षिक राजस्व (वित्तीय वर्ष 2009) बीस हजार करोड़ रुपए से अधिक है। क्या कुछ और कहने की आवश्यकता है? उद्यमी ही नहीं, जनसामान्य के लिए भी एक प्रेरणादायी पुस्तक। "
Desh, Dharma Aur Sahitya
- Author Name:
Vidhyaniwas Mishra
- Book Type:

-
Description:
साहित्य वास्तव में मनुष्य धर्म को रेखांकित करनेवाला वह रूप है, जो अपने देश के समाज के परिदृश्य को उसके बहुआयामी रंगों में कैनवस पर फैला हुआ दिखलाता है। साहित्य ही देश को गति भी देता है और उसे जीवंत बनाने का प्रयत्न करता है।
धर्म से साहित्य का रिश्ता एक ख़ास मायने में परिलक्षित होता है। साहित्य द्वारा ही धर्म का परिचालन होता है, लेकिन वह धर्म से तटस्थ रहकर अपनी बात कह सकने में समर्थ है।
इसीलिए ये तीनों लेखक को परस्पर ओत-प्रोत दिखाई पड़े हैं। ये अन्दर या बाहर रहते हुए भी एक-दूसरे के पूरक होने का आभास देते हैं।
संग्रह के निबन्धों में आज का समय कहीं भी ओझल नहीं हुआ, बल्कि ठोस धरातल पर क़दम जमाए खड़ा है, परन्तु कालातीत से ग्रहण करने की पूरी क्षमता भी रखता है।
Mera Akash, Mere Dhoomketu
- Author Name:
Harish Pathak
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
KAHAT KABIR
- Author Name:
Suresh Patel
- Book Type:

- Description: Based on Kabir ke Dohe
UPSSSC Junior Assistant Main Exam-2025 (Kanishth Sahayak) 20 Practice Sets With Latest Solved Papers
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
The Book Of English Grammar Tenses
- Author Name:
Mamta Mehrotra
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Bharat-Pak Sambandh
- Author Name:
Jn Dixit
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book