Key To Happiness: Unlock Yourself | True Victory Lies in Preserving Your Sweetness Amid All The Bitterness of Life By Era Tak
Publisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
EnglishCategory:
Other0 Ratings
Price: ₹ 240
₹
300
Available
Awating description for this book
ISBN: 9789355622464
Pages: 100
Avg Reading Time: 3 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
Recommended For You
Biwi Kesi Honi Chahiye
- Author Name:
Chaudhary Mohammed Ali Rudaulvi
- Book Type:

- Description: इस किताब में चौधरी मोहम्मद अली रुदौलवी की मज़ाहिया तहरीरें हैं जिनमें तंज़ का पहलू भी छुपा हुआ है जो आपको बेसाख़्ता हँसने पर मजबूर करता है। इनके ख़ुतूत जहाँ आपको गुदगुदाने का काम करते हैं वहीं अपनी नुमायाँ ज़बान की लताफ़त से अपने सेह्र में ले लेते हैं।
BPSC Bihar Shikshak Bahali Class 9 To 10 Samajik Vigyan 20 Practice Sets
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh, IAS (AIR-49)
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Adhai Akhar (How To Get Rid of Old Thinking And How To Create New Ideas) Book in Hindi
- Author Name:
Vinita Chandak +1
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Captain Manoj Kumar Pandey
- Author Name:
Risshi Raj
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Dastambu
- Author Name:
Mirza Ghalib
- Book Type:

- Description: मिर्ज़ा असद-उल्लाह ख़ाँ ग़ालिब का नाम भारत ही नहीं, बल्कि विश्व के महान कवियों में शामिल है! मिर्ज़ा ग़ालिब ने 1857 के आन्दोलन के सम्बन्ध में अपनी जो रूदाद लिखी है, उससे उनकी राजनीतिक विचारधारा और भारत में अंग्रेज़ी राज के सम्बन्ध में उनके दृष्टिकोण को समझने में काफ़ी मदद मिल सकती है! अपनी यह रूदाद उन्होंने लगभग डायरी की शक्ल में प्रस्तुत की है। और फ़ारसी भाषा में लिखी गई इस छोटी-सी पुस्तिका का नाम है—‘दस्तंबू’। फ़ारसी भाषा में 'दस्तंबू' शब्द का अर्थ है पुष्पगुच्छ, अर्थात् बुके (Bouquet)। अपनी इस छोटी-सी किताब 'दस्तंबू' में ग़ालिब ने 11 मई, 1857 से 31 जुलाई, 1857 तक की हलचलों का कवित्वमय वर्णन किया है। 'दस्तंबू' में ऐसे अनेक चित्र हैं जो अनायास ही पाठक के मर्म को छू लेते हैं। किताब के बीच-बीच में उन्होंने जो कविताई की है, उसके अतिरिक्त गद्य में भी कविता का पूरा स्वाद महसूस होता है। जगह-जगह बेबसी और अन्तर्द्वन्द्व की अनोखी अभिव्यक्तियाँ भरी हुई हैं। इस तरह 'दस्तंबू' में न केवल 1857 की हलचलों का वर्णन है, बल्कि ग़ालिब के निजी जीवन की वेदना भी भरी हुई है। ‘दस्तंबू’ के प्रकाशन को लेकर ग़ालिब ने अनेक लम्बे-लम्बे पत्र मुंशी हरगोपाल ‘तफ़्त:’ को लिखे हैं। अध्येताओं की सुविधा के लिए सारे पत्र पुस्तक के अन्त में दिए गए हैं। भारत की पहली जनक्रान्ति, उससे उत्पन्न परिस्थितियाँ और ग़ालिब की मनोवेदना को समझने के लिए ‘दस्तंबू’ एक ज़रूरी किताब है। इसे पढ़ने का मतलब है सन् 1857 को अपनी आँखों से देखना और अपने लोकप्रिय शाइर की संवेदनाओं से साक्षात्कार करना। —भूमिका से
Dweetiyonasti
- Author Name:
Hemant Sharma
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Choose Your Beliefs : Mastering Beliefs Blueprint for Infinite Success | Sanjay Kumar Agarwal
- Author Name:
Sanjay Kumar Agarwal
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Yeh Ram Kaun Hai?
- Author Name:
Neerja Madhav
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Stella
- Author Name:
Neelam Saxena Chandra
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Amir Khusro
- Author Name:
Dr. Bholanath Tiwari
- Book Type:

- Description: अमीर खुसरो फरसी, अरबी, तुर्की, संस्कृत तथा हिंदी के विद्वान् थे। उनका मूल नाम अबुल हसन था। 'खुसरो' उनका उपनाम था, जो आगे चलकर इतना चर्चित हुआ कि लोग उनका असली नाम ही भूल गए |जलालुद्दीन खिलजी ने उनकी कविता से प्रसन्न होकर उन्हें 'अमीर' का खिताब दिया, तब से वे 'अमीर खुसरो' कहे जाने लगे । खुसरो ने दस वर्ष की उम्र में ही काव्य-रचना शुरू कर दी थी। उन्होंने दर्शन, धर्मशास्त्र, इतिहास, युद्धविद्या, व्याकरण, ज्योतिष, संगीत आदि का गहन अध्ययन किया। उनकी पुस्तक 'लैला मजनू' से पता चलता है कि उनकी एक पुत्री तथा तीन पुत्र थे। खुसरो में देशप्रेम कूट-कूटकर भरा था। उन्हें अपनी मातृभूति भारत पर बड़ा गर्व था। उन्होंने एक स्थान पर कहा है-'मैं हिंदुस्तान की तूती हूँ। अगर तुम वास्तव में मुझसे जानना चाहते हो तो हिंदवी में पूछो, मैं तुम्हें अनुपम बातें बता सकूँगा।' खुसरो ने कई लाख शेर लिखे । इनकी कृतियों की संख्या ९९ बताई जाती है, परंतु अभी तक ४५ कृतियों का ही पता चला है। अमीर खुसरो एक बहुत अच्छे गायक और संगीतशास्त्री भी थे। संगीत के वाद्य और गेय दोनों ही क्षेत्रों में इनका योगदान रहा है। कई भाषाओं के प्रकांड विद्वान् और आपसी सद्भाव के प्रतीक अमीर खुसरो के जीवन-प्रसंग और उनके रचनासंसार से परिचित करानेवाली अनुपम पुस्तक।
Mandala Tear Out Sheet Colouring Book for Adults
- Author Name:
Namaskar Kids
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Network Marketing Kitna Sach, Kitna Jhooth
- Author Name:
Dr. Ujjwal Patni
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Apane Chanakya Swayam Banen
- Author Name:
Renu Saini
- Book Type:

- Description: चाणक्य ने अपने पिता की हत्या के बाद बचपन से ही जीवन का उद्देश्य बना लिया था मगध को एक नेक, सुशील, ईमानदारी और प्रतापी राजा प्रदान करना। अपने इस संकल्प को पूर्ण करने के लिए उन्होंने दिन-रात एक कर दिया। उन्होंने सदाचारी और पराक्रमी युवराज खोजने के लिए एड़ी-चोटी का जोर लगा दिया और चंद्रगुप्त को ढूँढ़ निकाला। चंद्रगुप्त का पूरा व्यक्तित्व चाणक्य के द्वारा ही गढ़ा गया था। उन्होंने अपने अनेक शिष्यों को जीवन के पाठ पढ़ाए। वे यहीं तक नहीं रुके अपितु अपने ज्ञान को ‘अर्थशास्त्र’ पुस्तक में समेट दिया। अर्थशास्त्र का ग्रंथ आज अनेक रूपों में समाज के पास उपलब्ध है; बस आवश्यकता है तो उस ग्रंथ को गहनता से पढ़ने की, समझने की और जानने की। चाणक्य ने अपने बुद्धि-कौशल से हर तरह की बाधा से पार पाने के उपाय निकाले हुए थे, जो आज भी उपयोगी हैं। सफलता पाने के लिए यथेष्ट है कि व्यक्ति चाणक्य के व्यक्तित्व को पढ़ें, समझें, जानें और फिर खुद को पहचानें। ऐसा करके प्रत्येक व्यक्ति अपने जीवन को एक नए बिंदु पर ले जा सकता है। वह नया बिंदु संतुष्टि, सुख, खुशी, स्वास्थ्य, समृद्धि सबकुछ प्रदान करता है। यह पुस्तक आचार्य चाणक्य के जीवन से प्रेरणा लेकर अपने को उनके अनुरूप ढालकर सफलता के शिखर छूने का एक प्रबल माध्यम है।
Uttar Pradesh Police Sub Inspector ("उपनिरीक्षक")/Assistant Sub Inspector (सहायक उपनिरीक्षक) 12 Practice Sets Hindi | UP Police SI/ASI 2024
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Likhaan Niyam: Law of Right Writing | The Magic of Writing - Write to Heal, Transform, and Transcend Book in Hindi
- Author Name:
Sirshree
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Igniting 37 Crore Growth Engines
- Author Name:
Pradeep S. Chauhan +1
- Book Type:

- Description: The book strives to bring focus to the enormous significance of Youth power in the Bharat’s growth story. Bharat is the youngest nation in the world and this is Her greatest comparative advantage in terms of resources. However, the challenge is to recognise and utilise this potential for fast tracking the country into league of the most developed nations. This book takes an in-depth look at various aspects connected to the youth like demographic dividend, entrepreneurship, technology, rural development, skilling and employment. The book advocates a focused policy for the youth in order to ignite these 37 crore growth engines and make Bharat the biggest global economic power.
Dekhal-Parekhal
- Author Name:
Kirtinath Jha
- Book Type:

- Description: अलग अलग समय पर विभिन्न विषय पर लिखल लेख सभ मे सँ बिछल-चुनल किछु महत्वपूर्ण आलेखक संग्रह
Jihad in My Saffron Garden
- Author Name:
Roxy Arora
- Book Type:

- Description: �Undoubtedly, My Saffron Garden was a playground for Farishtey and Djinns. The tiny flora in the lush meadow tiptoed upwards as lithe as ballet dancers while they hobnobbed with the tinted winged butterflies�.......... Year 1988, the two Superpowers of the world, U.S.A. and U.S.S.R., embroiled in their cold war. Each vying to outdo the other in its quest for terrain, a terrain saturated with oil. As the Soviet troops leave Afghanistan.............. Our Indian borders bleed at their most breathtaking yet strategic point..... Kashmir. Jihad unleashes its angst. Roshina Kapoor, headstrong and feisty, born and bred in Kashmir. Aafaq Qazmi, principled Muslim elitist, reciprocates Roshina�s love for him with unbridled ardour. Heena Qazmi, Aafaq�s sister and Roshina�s best friend. All three young adults fiercely possessive of each other as well as their beautiful state and the Kashmiriyat they symbolise. The �Saffron Garden� was theirs. Why in 2015 does Roshina return to Sopore without her lover and best friend? Why does the Saffron Garden scare her? Is it because she is a Kafir? Will Roshina ever find closure and love or will her past catch up with her and wreak havoc in her life yet again?
Miraculous Power of Subconscious Mind
- Author Name:
Dr. N.K. Sharma
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Bhartiya Dalit Andolan Ka Itihas : Vols. 1-4
- Author Name:
Mohandas Naimisharay
- Book Type:

-
Description:
अतीत कभी सम्पूर्ण रूप से व्यतीत नहीं होता। बहुआयामी समय के साथ वह भिन्न–भिन्न रूपों में प्रकट होता रहता है। इतिहास अतीत का उत्खनन करते हुए उसमें व्याप्त सभ्यता, संस्कृति, नैतिकता, अन्तर्विरोध, अन्त:संघर्ष, विचार एवं विमर्श आदि के सूत्रों को व्यापक सामाजिक हित में उद्घाटित करता है। कारण अनेक हैं किन्तु इस यथार्थ को स्वीकारना होगा कि भारतीय समाज का इतिहास लिखते समय ‘दलित समाज’ के साथ सम्यक् न्याय नहीं किया गया। भारतीय समाज की संरचना, सुव्यवस्था, सुरक्षा व समृद्धि में ‘दलित समाज’ का महत्त्वपूर्ण योगदान होते हुए भी उसकी ‘योजनापूर्ण उपेक्षा’ की गई। ‘भारतीय दलित आन्दोलन’ का इतिहास (चार खंड) इस उपेक्षा का रचनात्मक प्रतिकार एवं वृहत्तर भारतीय इतिहास में दलित समाज की भूमिका रेखांकित करने का ऐतिहासिक उपक्रम है।
सुप्रसिद्ध दलित रचनाकार, सम्पादक एवं मनीषी मोहनदास नैमिशराय ने प्राय: दो दशकों के अथक अनुसन्धान के उपरान्त इस ग्रन्थ की रचना की है। दलित समाज, दलित अस्मिता–विमर्श तथा दलित आन्दोलन का प्रामाणिक दस्तावेज़ीकरण एवं तार्किक विश्लेषण करता यह ग्रन्थ एक विरल उपलब्धि है। आधुनिक भारतीय समाज की समतामूलक संकल्पना को पुष्ट और प्रशस्त करते हुए मोहनदास नैमिशराय स्वतंत्रता, समता, न्याय और बन्धुत्व जैसे शब्दों का यथार्थवादी परीक्षण भी करते हैं।
वस्तुत: भारतीय दलित आन्दोलन का इतिहास हज़ारों वर्ष पुराने भारतीय समाज की सशक्त सभ्यता–समीक्षा है। ग्रन्थ का प्रथम भाग ‘पूर्व आम्बेडकर भारत’ में निहित सामाजिक सच्चाइयों को उद्घाटित करता है। मध्यकालीन सन्तों के सुधारवादी आन्दोलन से प्रारम्भ कर दलित देवदासी प्रश्न, भंगी समाज, जाटव, महार, दुसाध, कोली, चांडाल और धानुक आदि जातियों के उल्लेखनीय इतिहास; ईसाइयत और इस्लाम से दलित के रिश्ते; आम्बेडकर से पहले बौद्ध धर्म एवं दक्षिण भारत में जातीय संरचना आदि का प्रामाणिक विवरण–विश्लेषण है। दलित आन्दोलन में अग्रणी व्यक्तित्वों, सामाजिक कार्यकर्ताओं व संस्थाओं का वर्णन है। पंजाब और उत्तराखंड में दलित आन्दोलन की प्रक्रिया और उसके परिणाम रेखांकित हैं।
पाठकों, लेखकों, अनुसन्धानकर्ताओं, मीडियाकर्मियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं सजग नागरिकों के लिए पठनीय–संग्रहणीय। गाँव से लेकर महानगर तक प्रत्येक पुस्तकालय की अनिवार्य आवश्यकता।
Customer Reviews
0 out of 5
Book
Be the first to write a review...