I Am Simran
(0)
₹
300
₹ 240 (20% off)
Available
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
Destiny tossed her from one tragedy to another. Pushed into the dark lanes of hatred and neglect, love came not from known but from unknown. Happiness occasionally peeped in her life through small slits of life-window only to wither soon and make way for perpetual pain. Death, she thought, would have been more sympathetic than the cruelty of life but she was determined to live for a mission. Destiny defied even her noble thoughts and deeds. Lured by the charms of green pastures, love and trust were sacrificed by one who promised to be her life-partner. She finally discovered peace, tranquility and eternal bliss in the service of the destitute and in search of enlightenment. She lived for others. She discovered herself.
Read moreAbout the Book
Destiny tossed her from one tragedy to another. Pushed into the dark lanes of hatred and neglect, love came not from known but from unknown. Happiness occasionally peeped in her life through small slits of life-window only to wither soon and make way for perpetual pain. Death, she thought, would have been more sympathetic than the cruelty of life but she was determined to live for a mission. Destiny defied even her noble thoughts and deeds. Lured by the charms of green pastures, love and trust were sacrificed by one who promised to be her life-partner. She finally discovered peace, tranquility and eternal bliss in the service of the destitute and in search of enlightenment. She lived for others. She discovered herself.
Book Details
-
ISBN9789390900145
-
Pages232
-
Avg Reading Time8 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
Katra-Katra Zindagi
- Author Name:
Anup Kochhar Dewan
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Pragya Parmita
- Author Name:
Rangnath Tiwari
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Shaheed Udham Singh
- Author Name:
Poonam Yadav
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Vigyan Ki Baaten
- Author Name:
Akhilesh Srivastava
- Book Type:

- Description: इस निबंध संकलन में न सिर्फ प्रकृति के अवयव; जैसे- आकाश, सूर्य पृथ्वी, पानी आदि के बारे में प्रामाणिक सूचनाएँ दी गई हैं, बल्कि मानव के विकास, शरीर की बनावट व विभिन्न अंगों के कार्य-व्यापार के बारे में भी आवश्यक जानकारी संकलित की गई है। निबंधों की रचना में इस बात का बराबर ध्यान रखा गया है कि ये उबाऊ और नीरस न होने पाएँ। पुनः निवेदन है कि इन निबंधों में किसी भी विषय पर दी गई जानकारी पूर्ण और अंतिम नहीं है, बल्कि सिर्फ उतनी ही सूचनाओं का समावेश किया गया है जितना किशोर पाठक आसानी से ग्रहण कर सकें। आशा है ये निबंध किशोर वर्ग के पाठकों के लिए उपयोगी सिद्ध होंगे। -अखिलेश श्रीवास्तव 'चमन'
Tumhara Namvar
- Author Name:
Namvar Singh
- Book Type:

-
Description:
नामवर सिंह आधुनिक हिन्दी के सबसे बड़े संवादी थे। इस पुस्तक में संकलित पत्र उनके संवादी-भाव को समझने की एक नई दृष्टि देते हैं।
‘तुम्हारा नामवर’ के पहले खंड में परिजनों को लिखे पत्र हैं। मझले भाई रामजी सिंह को सम्बोधित पत्र अनेक दृष्टियों से विशिष्ट हैं। इन पत्रों में आधुनिक एवं पारम्परिक जीवन के द्वन्द्वों के दबावों की अनेक झलकें संकेत रूप में मौजूद हैं। सबसे छोटे भाई काशीनाथ सिंह को लिखे पत्र उन स्थितियों और जीवन-प्रसंगों पर रोशनी डालते हैं जिनमें नामवर सिंह का निर्माण हुआ। व्यक्तिगत पत्रों में बेटी समीक्षा को दार्जिलिंग से लिखे गए दस पत्रों का एक अलग ही महत्त्व है। अठहत्तर वर्ष की अवस्था में गहन भावनाओं से भरे हुए ये पत्र ‘चिट्ठी भी हैं और डायरी भी’। इन्हें हिन्दी की हँसमुख और दिलख़ुश गद्य परम्परा में सम्मान के साथ रखा जा सकता है।
दूसरे खंड में साहित्य-सहचरों—केदारनाथ अग्रवाल, मुक्तिबोध, राजेन्द्र यादव, विश्वनाथ त्रिपाठी, रवीन्द्र कालिया, कमला प्रसाद, नंदकिशोर नवल और महेन्द्रनाथ राय—को लिखे गए पत्र संकलित हैं। इन पत्रों में एक पाठक के रूप में नामवर जी अपने समय-साहित्य के विभिन्न मुद्दों पर न सिर्फ़ बातचीत की एक वृहद् ज़मीन तैयार करते दिखते हैं, बल्कि लेखक व सम्पादक के रूप में अपनी ज़िम्मेदारी भी निभाते नज़र आते हैं। तीसरे खंड में श्रीनारायण पांडेय के नाम लिखे गए पत्रों को व्यक्तिगत-पारिवारिक पत्रों की शृंखला में ही रखा जा सकता है। पांडेय जी 1952-1954 में काशी हिन्दू विश्वविद्यालय में नामवर जी के छात्र रहे हैं। ये पत्र काशीनाथ सिंह के नाम पत्रों की ही तरह महत्त्वपूर्ण हैं। नामवर जी के व्यक्तित्व के छिपे हुए रूपों के साथ ही उनके राजनीतिक, सामाजिक और साहित्यिक विचारों की गम्भीर झलक इन पत्रों में मौजूद है।
इस पुस्तक से बाहर भी अभी हज़ारों पत्र लोगों के निजी संग्रह में मौजूद होंगे। उन्हें भी प्राप्त होने के बाद अगले संस्करण में शामिल कर लिया जाएगा। बावजूद इसके ‘तुम्हारा नामवर’ में संकलित पत्र हिन्दी आलोचना में ‘दूसरी परम्परा की खोज’ करनेवाले नामवर सिंह के जीवन-अनुभव से निकला वह जीवन-दर्शन हैं जिनके आलोक में केवल अतीत, वर्तमान ही नहीं बल्कि भविष्य का भी बहुत कुछ पढ़ा, समझा और रचा जा सकता है।
Rajyoga : Swaroop evam Sadhna
- Author Name:
Yogi Adityanath
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
70th BPSC Mains Exam (Bihar Public Service Commission) Solved Papers 1&2 Years wise & Topicwise Detailed Solution 69th To 48th Combined Competitive & CDPO Exams
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh, IAS (AIR-49)
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Modi's Vision to Empower Women (Story of Hardworking Extra-Ordinary Girls (Women Empowerment) from Sukanya Samridhi Yojna by Prof. Punam Kumari
- Author Name:
Ed. Punam Kumari
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Main Warren Buffett Bol Raha Hoon
- Author Name:
Mahesh Sharma
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Hindi Patrakarita Ke Shikhar Purush Ramvriksh Benipuri
- Author Name:
Hemant
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
BPSC Bihar Secondary School (Special) Teacher Eligibility Test Sakshamta Pariksha | Class 9 to 10 Social Science "सामाजिक विज्ञान" 20 Practice Sets (Hindi)
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh, IAS (AIR-49)
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Bharat Ka Samvidhan (Constitution of India)
- Author Name:
Dr. Pramod Kumar Agrawal
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Samay Ka Lekh
- Author Name:
Saryu Roy
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Dostoevsky Ka Ghoda
- Author Name:
Shachinder Arya
- Rating:
- Book Type:

- Description: शचींद्र आर्य की किताब 'दोस्तोएवस्की का घोड़ा' से गुज़रते कुछ ऐसा एहसास हुआ कि कोई अपने मन के अंतरंग कोनों अतरों को परत दर परत उधेड़ रहा है बिना हिचक के, ज़रा निस्संग हुये और एक जगह जहाँ वो लिखते हैं, कुछ ऐसी जगहें होती हैं जहाँ हम खुद होते हैं अपने आप में बिलकुल नंगे, तो इन्हीं गलियों में शचींद्र हमें लिये चलते हैं, बहुत ईमानदारी से, बहुत हौसले से। बहुत सरलता से। इन पन्नों में हम उनके बचपन, उनके परिवार, उनकी दुनिया और दोस्त अहबाब, जि़ंदगी के तमाम ज़द्दोज़हद और रंगीनी, जीवन के दुलार और मीठेपन को उनकी नज़र से देखते चलते हैं, उनके पढऩे और उन पढ़े का उनपर असर को देखते हैं और धीरे-धीरे उनकी दुनिया हमारे भीतर सहजता से प्रवेश करती जाती है। एक किस्म के ठहराव और संजीदगी के साथ। तब उनकी दुनिया सिर्फ उनकी नहीं रह जाती, कुछ कुछ हमारी भी होती जाती है। कथेतर के इस कथ्य में उन्होंने जो पारदर्शिता दिखाई है, जो बुनावट और कहन का हुनर दिखाया है, जो परिपक्वता दिखाई है वो खुशी और उम्मीद जगाने वाली बात है। इसलिये भी कि वो पारंपरिक विधा से अपने को अलग करते दिखते हैं। डायरी की विधा ऐसी नहीं कि नई है पर शुरुआती दौर में इस तरह की दुनिया में प्रवेश कर लेने की साध सुखद है। ये सचमुच 'याद की किताब' है' और उनकी याद में हमारी याद भी घुलती मिलती चलती है, इसकी उन्हें बहुत बधाई और अशेष शुभकामनायें। —प्रत्यक्षा
JSSC CGL Book Jharkhand 2023 Guide Solved Papers Paper I and Paper III Practice Sets Book In Hindi
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
The Roar of Ranthambore
- Author Name:
Batti Lal Gurjar
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
MILKHA SINGH
- Author Name:
Kumkum Khanna
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Ikkisvin Sadi : Aupniveshik Mansikta Aur Bhasha
- Author Name:
Harsh Bala Sharam
- Book Type:

- Description: भारत एक महत्त्वपूर्ण शक्ति है—लोकतंत्रात्मक सत्ता के माध्यम से प्रजा की ताकत को स्वीकार भी करता है पर 'भाषा' के खत्म होते जाने के खतरे से बाखबर होते हुए भी बेखबर रह रहा है। क्या यह कोई राजनीतिक षडयंत्र है अथवा अज्ञानता कि भारत की महत्त्वपूर्ण भाषा हिंदी ही नहीं, अन्य भारतीय भाषाएँ भी अपने अस्तित्व के संकट से जूझ रही हैं। पूरे विश्व में केंद्रीय सत्ता का केंद्र बना प्रथम दुनिया का सिरमौर अपनी भाषा में प्राथमिक से उच्च शिक्षा तक देता है, पर भारत जैसे देश के विद्यार्थी को प्राथमिक शिक्षा भी अपनी भाषा में प्राप्त करने का हक नहीं। मजे की बात तो यह कि जाने अनजाने कोई यह हक लेना भी नहीं चाहता! रिक्शेवाले से लेकर उच्चतम स्तर पर रहनेवाला अंग्रेजी में पगी शिक्षा का आनन्द लेना चाहता है! यह स्थिति औपनिवेशिक मानसिकता की दासता की है जहाँ अपना सब कुछ त्यागकर उस बाजारवादिता के 'स्टैच्यू' में फिट होने की होड़ ही महत्त्वपूर्ण रह गई है। अंग्रेजी को भी भारतीय भाषा मानने की कवायद शुरू हो गई है!
Dhuno Ki Yatra
- Author Name:
Pankaj Raag
- Book Type:

- Description: ‘धुनों की यात्रा’ हिन्दी फ़िल्म के संगीतकारों पर केन्द्रित ऐसी पहली मुकम्मिल और प्रामाणिक पुस्तक है, जिसमें सन् 1931 से लेकर 2005 तक के सभी संगीतकारों का श्लाघनीय समावेश किया गया है। संगीतकारों के विवरण और विश्लेषण के साथ उनकी सृजनात्मकता को सन्दर्भ सहित संगीत, समाज और जनाकांक्षाओं की प्रवृत्तियों से गुज़रते पहली बार इस पुस्तक के माध्यम से रेखांकित किया गया है। ‘धुनों की यात्रा’ में मात्र संगीत की सांख्यिकी को ही नहीं देखा गया है, वरन् संगीत रचनाओं के तत्कालीन जैविक और भौतिक अनुभूतियों के साथ ही संगीत के राग, ताल, प्रभाव, बारीकी और उसकी विशिष्टताओं के साथ सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक परिवेश, चेतना और उसके पुराने एवं नए ढहते और बनते रूपाकारों को उसके उल्लास, आवेश-आवेग, संघर्षों एवं संयोजनों को भी सूक्ष्मता के साथ विवेचित किया गया है। आम तौर पर फ़िल्मी संगीत के बारे में धारणा और प्रारम्भिक आकर्षण रोमान का ही होता है। ‘धुनों की यात्रा’ इस मिथकीय भ्रम को तोड़ती है। स्वातंत्र्य चेतना के प्रादुर्भाव, स्वतंत्रता आन्दोलन, रूढ़ सामाजिक विसंगतियों के प्रति अलगाव, विभिन्नता, बहुलता और बहुमत के प्रति लगाव, जनाकांक्षा की तीव्र अभिव्यक्ति, धर्म और बाज़ार के खंड-खंड पाखंड, युवा और युवतर चेतना की सशक्त वैश्विक दृष्टि, उनकी शैलियों और उनके समय की पड़ताल के सन्दर्भ में यह पुस्तक फ़िल्मी संगीत पर सर्वथा नए दृष्टि पथ का निर्माण करती है। स्वतंत्रता के पूर्व की चेतना से लेकर आज के भूमंडलीकरण के दौर तक, संगीत की सन्दर्भों के साथ बदलती प्रवृत्तियों की यह यात्रा आम पाठकों और संगीत रसिकों के लिए तो उपयोगी है ही; साथ ही भारतीय फ़िल्म संगीत के इतिहास, सांगीतिक धुनों की छवि और छाप, शैलियों की विविधता और विशिष्टता, राग और तालों के विवरण और विस्तार तथा फ़िल्म संगीत के क्रमिक विस्तार के तत्त्वों और सन्दर्भों के कारण फ़िल्म संगीत के विद्यार्थियों के लिए भी यह अनिवार्य सन्दर्भ पुस्तक के रूप में महत्त्वपूर्ण और उपयोगी होगी।
Why I Am An Atheist And Other Letters
- Author Name:
Bhagat Singh
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book