BHARTIYA VAYU SENA AIRMEN GROUP Y GAIR TAKNIKI TRADES PARIKSHA-2021 30 PRACTICE SETS (REVISED 2021)
Author:
Team PrabhatPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
HindiCategory:
Academics-and-references0 Ratings
Price: ₹ 116
₹
145
Unavailable
Awating description for this book
ISBN: 9789353225483
Pages: 156
Avg Reading Time: 5 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
Recommended For You
UPPSC KHAND SHIKSHA ADHIKARI PRARABHIK PARIKSHA-2020 (21 PRACTICE SETS)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Complete Study Guide for NTSE (MAT+SAT) for Class 10
- Author Name:
Subhash Jain, Dr Rajesh Thakur, Dr S R Singh +1
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
MPPEB MADHYA PRADESH SHIKSHAK PATRATA PARIKSHA-2020 VASTUNISTH BAL VIKAS EVAM SHIKSHAN SHASTRA (80 PRACTICE SETS)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Pyar Hua, Ikraar Hua
- Author Name:
Preeti Shenoy
- Book Type:

- Description: This book doesn’t have any description
BSF Seema Surksha Bal Constable Tradesman (Mahila Evam Purush) Bharti Pariksha 20 Practice Sets
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
UTTAR PRADESH POLICE (FIREMAN, JAIL WARDER EVAM ARAKSHI GHUDSAWAR) BHARTI PARIKSHA-2020
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: उत्तर प्रदेश पुलिस (फायरमैन, जेल वार्डर, आरक्षी घुडसवार) भर्ती परीक्षा
Sarokar (Samasaamayik Aalekhon Ka Sankalan)
- Author Name:
Chander Sonane
- Book Type:

- Description: जब मैं म.प्र. शासन के सूचना और जनसंपर्क विभाग में पदस्थ था, तब 1989-93 और बाद में 2004-2006 के बीच चंदर सोनाने ने मेरे साथ काम किया था। मैंने उन्हें गरीबों और दलितों को प्रभावित करनेवाले मुद्दों पर तेज नजर रखनेवाला एक बहुत ही संवेदनशील व्यक्ति पाया। जनसंपर्क अधिकारी के पद पर रहते हुए उन्होंने कठिन परिश्रम कर अपने कार्य के प्रति पूर्ण न्याय किया। सेवानिवृत्ति के बाद भी वे निरंतर रचनाशील रहे तथा जनसामान्य, समाज, गरीबों को सीधे प्रभावित करनेवाली शासन की नीतियों और कार्यक्रमों के विषयों पर चिंतनपूर्वक लिखते रहे हैं। ‘सरोकार’ उनका नियमित स्तंभ है। इन लेखों का एक संकलन पहले ही प्रकाशित हो चुका है, जो अति रोचक और ज्ञानवर्धक है। इस दूसरे संकलन में सामयिक विषयों, जैसे कश्मीरी पंडितों की समस्या, शासन द्वारा कोविड से निपटने का तरीका, न्याय प्रणाली, उज्जैन की स्थानीय समस्याओं, महाकाल मंदिर और श्रद्धालुओं के दर्शन की व्यवस्था, शिप्रा नदी की स्वच्छता, किसान आंदोलन, किसान संबंधी तीन कानूनों की वापसी, राजनीति, सामाजिक, व्यक्तित्व, देश व प्रदेश से संबंधित अन्य विषयों पर गहन चिंतन और लेखन किया गया है। यदि नीति-निर्माता और प्रशासक अपने दिन-प्रति-दिन के कार्य के दौरान ऐसे अच्छे ब्लॉगों और पुस्तकों का उपयोग करते हैं, तो मुझे यकीन है कि वे किसी विशेष क्षेत्र से संबंधित मुद्दों पर गहन अंतर्दृष्टि का भारी लाभ प्राप्त करेंगे। —ओ.पी. रावत भारत के पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त
Sant Ravidas
- Author Name:
Mahesh Dutt Sharma
- Book Type:

- Description: संत रविदास प्रसिद्ध भारतीय संत, कवि और समाज सुधारक थे। उनका प्रेरक जीवन सामाजिक न्याय और समानता के प्रति असीम प्रतिबद्धता का प्रतीक था। उनकी रचनाएँ आध्यात्मिकता, नैतिकता और सामाजिक न्याय की पैरवी करती हैं और सभी मनुष्यों के लिए करुणा तथा प्रेम की गहरी भावना से ओत-प्रोत हैं। संत रविदास कबीरदास के समकालीन थे। वे कबीर की तरह स्वामी रामानंदजी के शिष्य थे। गुरु ग्रंथसाहिब में संत रविदास की वाणियों का भी संकलन है। उनकी योग्यता एवं महत्ता से प्रभावित होकर मीराबाई ने उन्हें अपना गुरु बनाया और उनसे दीक्षा ली। वे मूल रूप से एक भक्त और साधक थे। उनकी वाणियों और पदों में दैन्य भावना, शरणागत, ध्यान की तल्लीनता तथा आत्मनिवेदन की भावना प्रमुखता से पाई जाती है। भक्ति के सहज एवं सरल मार्ग को उन्होंने अपनाया था; सत्संग को भी महत्त्व दिया है। जात-पाँत के भेदभाव को मिटाने का महत्त्वपूर्ण कार्य उनके सरल काव्य ने किया और मानव को जीवन जीने की कला तथा मानवता का पाठ पढ़ाया। अधिक पढ़े-लिखे न होते हुए भी उन्होंने समाज को जाग्रत् करने का अद्भुत कार्य किया। समरसता और समभाव का अमर संदेश देनेवाले शिरोमणि संत रविदास की प्रेरक जीवनगाथा ।
KARYALAYEEYA HINDI AUR COMPUTER (PB)
- Author Name:
P. Bisaria +2
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Shrikant (Vol.-1)
- Author Name:
Sarat Chandra Chattopadhyay
- Book Type:

- Description: अपने इस खानाबदोश से जीवन की ढलती हुई बेला में खड़े होकर इसी का अध्याय जब कहने बैठा हूँ तो जाने कितनी ही बातें याद आती हैं। छुटपन से इसी तरह तो बूढ़ा हुआ। अपने-बिराने सबके मुँह से लगातार छिह-छिह सुनते-सुनते आप भी अपने जीवन को एक बहुत बड़ी छिह-छिह के सिवाय और कुछ नहीं सोच सका, लेकिन जिंदगी के प्रात:काल ही में छिह-छिह कौ यह लंबी भूमिका कैसे अंकित हो रही थी, काफी समय के बाद आज उन भूली-बिसरी कहानियों कौ माला पिरोते हुए अचानक ऐसा लगता है कि इस छिह-छिह को लोगों ने जितनी बड़ी करके दिखाया, वास्तव में उतनी बड़ी नहीं थी। जी में होता है, भगवान् जिसे अपनी विचित्र सृष्टि के ठीक बीच में खींचते हैं, उसे अच्छा लड़का बनकर इम्तहान पास करने की सुविधा भी नहीं देते; गाड़ी-पालकी पर सवार हो बहुत लोग, लश्कर के साथ घूमने और उसे “कहानी ' के नाम से छपाने की अभिरुचि भी नहीं देते। शायद हो कि थोड़ी-बहुत अकल उसे देते हैं, लेकिन विषयी लोग उसे सुबुद्धि नहीं कहते। इसलिए प्रवृत्ति ऐसों की ऐसी असंगत और बेतुकी होती है और देखने की वस्तु तथा तृष्णा स्वाभाविकतया ऐसी आवारा हो उठती है कि उसका वर्णन कौजिए तो सुधीजन शायद हँसते-हँसते बेहाल हो उठें। उसके बाद वह बिगड़े दिल लड़का अनादर और उपेक्षा से किस तरह बुरों के खिंचाव से बुरा होकर, धक्के खाकर, ठोकरें खाकर अनजाने ही एक दिन बदनामी की झोली कंधे से झुलाए कहाँ खिसक पड़ता है, काफी अरसे तक उसकी कोई खोज-खबर ही नहीं मिलती।
Modern Gurukul
- Author Name:
Sonali Bendre Behl
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Vaishali Ki Nagar Vadhu
- Author Name:
Acharya Chatursen
- Book Type:

- Description: अपने जीवन के पूर्वाह्न में--सन् 1909 में, जब भाग्य रुपयों से भरी थेलियाँ मेरे हाथों में पकड़ाना चाहता था--मैंने कलम पकड़ी। इस बात को आज 40 वर्ष बीत रहे हैं। इस बीच मैंने छोटी-बड़ी लगभग 84 पुस्तकें विविध विषयों पर लिखीं तथा दस हजार से अधिक पृष्ठ विविध सामयिक पत्रिकाओं में लिखे। इस साहित्य-साधना से मैंने पाया कुछ भी नहीं, खोया बहुत-कुछ, कहना चाहिए, सब कुछ--धन, वैभव, आराम और शांति। इतना ही नहीं, यौवन और सम्मान भी। इतना मूल्य चुकाकर निरंतर चालीस वर्षों की अर्जित अपनी संपूर्ण साहित्य-संपदा को मैं आज प्रसन्नता से रदृद करता है और यह घोषणा करता हूँ कि आज मैं अपनी यह पहली कृति विनयांजलि सहित आपको भेंट कर रहा हूँ। यह सत्य है कि यह उपन्यास है, परंतु इससे अधिक सत्य यह है कि यह एक गंभीर रहस्यपूर्ण संकेत है, जो उस काले परदे के प्रति है, जिसकी ओट में आर्यों के धर्म, साहित्य, राजसत्ता और संस्कृति की पराजय और मिश्रित जातियों की प्रगतिशील संस्कृति की विजय सहस्राब्दियों से छिपी हुई है, जिसे संभवत: किसी इतिहासकार ने आँख उषधाड़कर देखा नहीं है।
Radhakrishna Nobel Puraskar Kosh : 1901-2016
- Author Name:
Ashok Maheshwari
- Book Type:

-
Description:
'मेरा डायनामाइट दुनिया में शान्ति के लिए होनेवाले हज़ारों सम्मेलनों से भी जल्दी शान्ति ला देगा।'
—अल्फ़्रेड नोबेल
डायनामाइट का आविष्कार करनेवाले 'पागल वैज्ञानिक' ने जब अपनी वसीयत में एक ऐसी संस्था स्थापित करने की बात कही, जिससे 'उन लोगों को पुरस्कार (राशि) बाँटे जाएँ, जिन्होंने मानव जाति के लिए अपनी सेवाएँ प्रदान की हों', तो यक़ीनन उनका सपना विश्व शान्ति ही था। लेकिन इसके बावजूद विवाद लगातार सामने आते रहे। सोवियत रूस की सरकार ने सखारोव को 'शान्ति पुरस्कार' दिए जाने का विरोध जताया, तो चीन ने दलाई लामा को पुरस्कार दिए जाने पर। फिर भी नोबेल पुरस्कारों की स्वीकार्यता या इनके महत्त्व को नकारा नहीं जा सकता। सौ वर्षों से भी अधिक समय से इन पुरस्कारों की निरन्तरता अपने-आपमें एक अद्भुत करिश्मा है।
'नोबेल पुरस्कार कोश' का उद्देश्य है नोबेल पुरस्कारों के सम्बन्ध में पाठकों को पर्याप्त और प्रामाणिक जानकारी उपलब्ध कराना। इस कोश में नोबेल पुरस्कारों के संस्थापक अल्फ़्रेड नोबेल की वसीयत के साथ ही उससे जुड़े विवादों व अन्य तथ्यों पर भी प्रकाश डाला गया है। रसायन व भौतिकी, साहित्य, चिकित्सा, शान्ति और अर्थशास्त्र के लिए दिए जानेवाले ‘नोबेल पुरस्कार’ के 1901 से 2016 तक के विजेताओं के नाम, परिचय के साथ पुरस्कार के मद्देनज़र उनके कार्य का विस्तृत ब्यौरा इस कोश में संकलित हैं। पुरस्कार विजेताओं की सूची के साथ ही पुरस्कृत संस्थाएँ, ‘नोबेल पुरस्कार’ से सम्मानित महिलाएँ, दो बार पुरस्कार प्राप्त व्यक्तियों, एक ही परिवार के पुरस्कृत विजेताओं, मरणोपरान्त पुरस्कार प्राप्त करनेवालों, पुरस्कार लेने से मना करनेवालों इत्यादि की भी विस्तृत व प्रामाणिक जानकारी इस कोश में उपलब्ध कराई गई है।
इससे पहले ‘नोबेल पुरस्कार’ के बारे में इतनी अधिक और परिपूर्ण जानकारी देनेवाला कोई कोश हिन्दी में उपलब्ध नहीं था। इस दिशा में यह अपने-आपमें बहुत बड़ा प्रयास है। 116 वर्षों के अनूठे इतिहास को सँजोए यह कोश पाठकों के लिए संग्रहणीय है।
Kainchi Dham Ke Baba Shri Neeb Karauri Maharaj "कैंची धाम के बाबा श्री नीब करौरी महाराज" | Daily Rituals, Satsang And Spiritual Practices Teachings of Maharajji Make It The Center of Giving Meaning To Human Life.
- Author Name:
Mahesh Dutt Sharma
- Book Type:

- Description: Awaiting description
B.Sc. Nursing Samanya Nursing Evam Midwifery (GNM) Prashikshan Chayan Pareeksha (B.Sc. GNM Hindi)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
GS SCORE Concept Mapping Workbook Indian Economy: the Ultimate Guide to Cover Concepts through MCQs for Civil Services, State PCS & Other Competitive Examinations
- Author Name:
Manoj K. Jha
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
MEDITATION AND ITS METHODS
- Author Name:
Swami Vivekanand
- Book Type:

- Description: This book is a collection of the writings of Swami Vivekananda on the theory and practice of meditation. It is more of an introductory book with plenty of inspiration passages to motivate a reader to adopt meditation for a better and peaceful life. In meditation, for a moment, you can change this nature. Now, if you had that power in yourself, would not that be heaven, freedom? That is the power of meditation.
Super Cracker Series NTA CUET (UG) Ganit (CUET Mathematics in Hindi 2022)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Maharani (Hindi Translation Of Maharani)
- Author Name:
Ruskin Bond
- Book Type:

- Description: वास्तव में नीना दूसरी महारानी थी। पहली की मृत्यु रहस्यमय हालात में हुई। मैं पहली रानी से कभी नहीं मिला। उस वक्त मैं एक छोटा लड़का था; लेकिन मैंने माँ और उनकी सहेली डोरीन को अकसर उनके बारे में, खासतौर पर कम उम्र में उनकी मौत पर अटकलें लगाते सुना था। वह एक खूबसूरत लड़की थी, जो एक छोटी सी पहाड़ी रियासत के राजा की बेटी थी। उसने अपने पति को वारिस के तौर पर एक बेटा दिया, इसलिए उस लिहाज से तो उससे कोई शिकायत नहीं हो सकती थी। हालाँकि वह सबके साथ घुलने-मिलनेवाली और बिंदास नहीं थी। उसे पार्टी करना पसंद नहीं था, शिकार पर जाना तो बिल्कुल भी नहीं; जबकि महाराजा को इन सबका शौक था। वे अपने चेले-चमचों को लेकर शिकार पर चले जाते, लेकिन महारानी घर पर ही रहना पसंद करती थी। --इसी उपन्यास से एच.एच. मस्तीपुर के महाराजा की एक बिगड़ैल, स्वार्थी और सुंदर विधवा है। वह मसूरी में अपने कुत्तों और चौकीदार हंस के साथ एक बहुत बड़े घर में रहती है। अपने बेपरवाह बेटों को पास फटकने नहीं देती, जो उसकी संपत्ति पर नजरें गड़ाए रहते हैं । उसका दोस्त रस्किन उसके कारनामों को अकसर नापसंदगी से देखता है, लेकिन चाहकर भी अपने आपको उससे अलग नहीं कर पाता। ऐसी बिगड़ैल महारानी की कथा, जो पाठकों की जीवन-दृष्टि ही बदल देगी।
Shribhagwati Seeta Mahashakti-Sadhna
- Author Name:
Paramhans Pujya Sandipendra ji Maharaj
- Book Type:

- Description: माता सीताजी लक्ष्मी स्वरूपा साक्षात् भगवती की अवतार हैं। यह पुस्तक एक संकलन है, जिसके माध्यम से कोई साधक माँ सीताजी की साधना कर सकता है। जिस घर में इसका पाठ अथवा श्रवण होगा, वहाँ धन- धान्य की पूर्णता रहेगी, सुख-शांति व्याप्त होगी, पद-प्रतिष्ठा की वृद्धि होगी तथा साधक कैसी भी परेशानी में हो, वह बाधा-मुक्त हो सकेगा। आप साधकों को इस पुस्तक से माँ सीताजी की पूजा आसान हो सके एवं उससे मनोवांछित लाभ प्राप्त हों, इसके लिए शुभकामनाएँ। जय माई! जय सीता राम!
Customer Reviews
0 out of 5
Book
Be the first to write a review...