Madhya Pradesh Aabkari Arakshak (Karyapalik) Bharti Pariksha
(0)
Author:
Team PrabhatPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
HindiCategory:
Academics-and-references₹
345
₹ 276 (20% off)
Available
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
Awating description for this book
Read moreAbout the Book
Awating description for this book
Book Details
-
ISBN9789354885532
-
Pages328
-
Avg Reading Time11 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
The Punjab Story | Kahani Ghayal Punjab Ki Hindi Edition
- Author Name:
K.P.S. Gill
- Book Type:

- Description: 6 जून, 1984 भारतीय सेना ने अमृतसर के स्वर्ण मंदिर पर काररवाई करके 'ऑपरेशन ब्लूस्टार' कहलाने वाली ऐतिहासिक और अभूतपूर्व घटना में चरमपंथी सिख नेता जरनैल सिंह भिंडरावाले और उसके अनुयायियों द्वारा किए जा रहे आतंकवाद के बढ़ते खतरे को हमेशा के लिए खत्म कर दिया। लेकिन इसने अपने पीछे कुछ अनसुलझे राजनीतिक सवाल छोड़ दिए जो आने वाले कई सालों तक पंजाब की स्थिरता के लिए खतरा बने रहे। कैसे. तीन साल की छोटी सी अवधि में, भारत का गतिशील सीमावर्ती राज्य एक राष्ट्रीय समस्या बन गया ? इसके लिए कौन जिम्मेदार है-चेतावनियों के बावजूद संकट को बढ़ने देने वाली केंद्र सरकार या लंबे समय से चल रहा अकाली आंदोलन या आतंकवादियों का कुख्यात गिरोह जिसने एक पवित्र मंदिर को आतंकवादियों के लिए शरणस्थली बना दिया ? ऑपरेशन ब्लूस्टार के दो महीने बाद पहली बार प्रकाशित हुई 'द पंजाब स्टोरी' भारत के कुछ सबसे प्रतिष्ठित सार्वजनिक हस्तियों और पत्रकारों की नजर से पंजाब की जटिल पहेली को एक साथ जोड़ती है। नाटक से जुड़े लोगों के जुनून और दृढ़ विश्वास के साथ लिखते हुए वे पंजाब की उलझन के अतीत, वर्तमान और भविष्य पर एक व्यापक दृष्टिकोण प्रस्तुत करते हैं। उनके कई निष्कर्षों की सच्चाई समय के साथ सामने आई है।
Kashi Ki Golakdhandhari : Evam Anya Jasoosi Kahaniyan
- Author Name:
Gopalram Gahmari
- Book Type:

- Description: गोपाल राम गहमरी हिंदी के पहले जासूसी कथाकार थे। उन्होंने हिंदी कथा को कल्पना, रहस्य-रोमांच, चमत्कार, ऐयारी से हटाकर जमीनी धरातल प्रदान किया। जीवन, घटनाएँ, अपराध, रोजमर्रा की जिंदगी की समस्याओं को वे कथा-जगत में लेकर आए। कथा के माध्यम से जीवन की जीवंत कहानियाँ उन्होंने पेश कीं। वे न केवल उम्दा कथाकार थे, बल्कि संपादक, कविता में खड़ी बोली के हिमायती भी थे। उनके संस्मरणों में हिंदी साहित्य के बनते इतिहास को पढ़ सकते हैं। हिंदी की पहली आलोचना पत्रिका 'समालोचक' का संपादन उन्होंने सन 1902 में किया। उनकी कहानियाँ अपने भूगोल और विषय के साथ भाषा का बर्ताव करती हैं। हिंदी, उर्दू, अरबी, फारसी, संस्कृत, बांग्ला भाषा में वे समर्थ थे। बांग्ला से ढेरों उपन्यासों का अनुवाद किया। मंडला नरेश के साथ श्रीलंका की यात्रा की और यात्रा-वृत्तांत भी लिखा। आइए, उनकी इन कहानियों से गुजरें, जो आज से सौ साल पहले लिखी गई थीं।
BPSC PRARAMBHIK PARIKSHA-2021 SAMANYA ADHYAYAN 30 DINON MEIN
- Author Name:
Jha Evam Mishra
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Kritrim Upgrahon Ki Sanrachnatmak Abhikalpana
- Author Name:
Purushottam Gupta
- Book Type:

- Description: प्रकृति के रहस्यों को सुलझाने की मानवीय प्रवृत्ति के कारण अनेक आविष्कार और खोजें हुई हैं। कृत्रिम उपग्रह इनमें से एक है। कृत्रिम उपग्रह और इनके उपयोगों से आज की दुनिया अपरिचित नहीं है। यह सामान्य सी बात है कि जब हमें किसी बड़े क्षेत्र का निरीक्षण करना हो तो हम उस क्षेत्र में स्थित सबसे ऊँचे स्थल पर खड़े होकर करते हैं। इसी प्रकार कृत्रिम उपग्रह पर दूरबीन और अन्य उपकरण स्थित पर हम पृथ्वी और अन्य ग्रहों का निरीक्षण करते हैं। इस उपग्रह रूपी प्लैटफार्म पर उपकरणों की अंतरिक्ष यात्रा अत्यंत कठिन होती है। जिस प्रकार हमें वाहनों में यात्रा के दौरान विभिन्न प्रकार के कंपनों का सामना करना पड़ता है, उसी प्रकार उपग्रह एवं उस पर स्थित उपकरणों पर कंपन का प्रभाव होता है। इस पुस्तक में उपग्रह एवं उस पर स्थित उपकरणों को अंतरिक्ष यात्रा एवं कार्यकाल के दौरान आने वाली विकट परिस्थितियों से बचाने के लिए किए जाने वाले उपायों की चर्चा की गई है। यह पुस्तक मुख्यतः, विज्ञान एवं तकनीकी के महाविद्यालयीन छात्रों के लिए लिखी गई है, तथापि यह उच्चतर माध्यमिक कक्षा के विद्यार्थियों एवं विज्ञान में रुचि रखने वाले सामान्य जन के लिए भी उपयोग होगी।
Vayam Rakshamah
- Author Name:
Acharya Chatursen
- Book Type:

- Description: मेरे हृदय और मस्तिष्क में भावों और विचारों की जो आधी शताब्दी की अर्जित प्रज्ञा- पूँजी थी, उस सबको मैंने 'वय॑ रक्षाम: ' में झोंक दिया है। अब मेरे पास कुछ नहीं है। लुटा-पिटा सा, ठगा सा श्रांत-क्लांत बैठा हूँ। चाहता हूँ--अब विश्राम मिले। चिर न सही, अचिर ही परंतु यह हवा में उड़ने का युग है। मेरे पिताश्री ने बैलगाड़ी में जीवन-यात्रा की थी, मेरा शैशव इक्का टाँगा-घोड़ों पर लुढ़कता तथा यौवन मोटर पर दौड़ता रहा। अब मोटर और वायुयान को अतिक्रांत कर आठ सहख मील प्रति घंटा की चालवाले रॉकेट पर पृथ्वी से पाँच सौ मील की ऊँचाई पर मेरा वार्धक्य उड़ा चला जा रहा है। विश्राम मिले तो कैसे ? इस युग का तो विश्राम से आचूड़ बैर है। बहुत घोड़ों को, गधों को, बैलों को बोझा ढोते-ढोते बोच राह मरते देखा हैं। इस साहित्यकार के ज्ञानयज्ञ की पूर्णाहुति भी किसी दिन कहीं ऐसे ही हो जाएगी। तभी उसे अपने तप का संपूर्ण पुण्य मिलेगा।
Uttar Pradesh Shikshak Patrata Pariksha Samajik Adhyayan Visheshank
- Author Name:
Sinha Evam Mathur
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Bhojpuri-Hindi-English Shabdkosh
- Author Name:
Arunesh Neeren
- Book Type:

-
Description:
हिन्दी भाषा पर विचार करते समय हम उसकी सहभाषाओं के अवदान को नहीं भुला सकते, क्योंकि हिन्दी की असली शक्ति उसकी तद्भव सम्पदा में है। इन तद्भवों का एक बड़ा स्रोत उसकी सहभाषाएँ और बोलियाँ हैं। इन जनपदीय भाषाओं में रचे साहित्य ने भक्ति आन्दोलन और देश के स्वतंत्रता-संग्राम में विशेष योगदान किया था।
यह कहना अतिशयोक्ति नहीं होगी कि तुलसी, कबीर, सूर, रैदास, मीरा जैसी विभूतियों को लेकर ही हिन्दी ‘हिन्दी’ है। ये सभी महान रचनाकार अपनी रचनाएँ हिन्दी की सहभाषाओं अवधी, ब्रज, भोजपुरी और राजस्थानी में रच रहे थे। इस तथ्य की सार्थकता हेतु जनपदीय भाषाओं के शब्दकोशों की आवश्यकता स्वयंसिद्ध है।
औपचारिक भाषा के रूप में आज खड़ी बोली हिन्दी ही अधिक प्रचलित हो रही है, इसलिए जनपदीय भाषाएँ अतिरिक्त ध्यान की अपेक्षा करती हैं। आज नगरीकरण और वैश्वीकरण से सब कुछ एकसार हुआ जा रहा है और भाषाओं की विविधता पर ख़तरा मँडराने लगा है। ऐसे में हिन्दी भाषा का दायित्व बढ़ जाता है।
भोजपुरी भारत के उत्तर प्रदेश और बिहार क्षेत्र में प्रचलित एक जीवन्त भाषा है। साथ ही मारीशस, सूरीनाम, त्रिनिदाद, गुयाना, फ़िजी आदि देशों में भारतवंशियों के बीच भी भोजपुरी का प्रयोग प्रचलित है। इस तरह भोजपुरी हिन्दी के अन्तरराष्ट्रीय परिप्रेक्ष्य का एक विशेष हिस्सा है जिसकी उपेक्षा नहीं की जा सकती।
भोजपुरी की वैश्विक भूमिका, लोकप्रियता, हिन्दी के बढ़ते अन्तरराष्ट्रीय महत्त्व तथा अंग्रेज़ी की सार्वदेशिक उपस्थिति के परिप्रेक्ष्य में यह त्रिभाषी 'भोजपुरी-हिन्दी-अंग्रेज़ी शब्दकोश’ निश्चित रूप से कोशकला का एक अनुपम प्रमाण सिद्ध होगा। विस्मृति के गर्भ में चले गए शब्दों को पुनर्जीवित करने का प्रयत्न यहाँ नहीं किया गया है और फूहड़, एकांगी और विवादास्पद शब्दों से परहेज़ करके कोश को भारी-भरकम और बोझिल होने से बचाया गया है।
आशा है पाठकों को यह शब्दकोश उपयोगी लगेगा।
General Nursing Evam Pre-Nursing Prashikshan Chayan Pareeksha GNTST & PNST
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
JPSC JHARKHAND LOK SEVA AAYOG SAMANYA ADHYAYAN PRARAMBHIK PAREEKSHA
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: 20 PRACTICE SETS PAPER-I EVAM PAPER-II
SSC CHSL (10+2) Combined Higher Secondary Level LDC/DEO/PSA Computer Based Examination (Tier-1) 20 Practice Sets in English
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Bharatiya Sainya Patniyon Ki Sahasik Kahaniyan (Hindi Translation of The Force Behind The Forces)
- Author Name:
Swapnil Pandey
- Book Type:

- Description: भारतीय सैन्य बलों के पराक्रमी; शूरवीर, जाँबाज और निर्भीक सैनिक अपना सर्वस्व मातृभूमि पर समर्पित कर देते हैं। होम कर देते हैं अपना यौवन, अपने सपने, ताकि हमारे तिरंगे की आनबान अक्षुण्ण रहे और हमारी सीमाएँ सुरक्षित। पर इनके साथ ही इनका परिवार और स्वयं भी उनकी इस साधना में बराबर के साझेदार होते हैं। प्रस्तुत पुस्तक में लेखिका ने सात वीर नारियों और उनके परिवारों के जीवन पर प्रकाश डाला है। व्यक्तिगत हानि, घर चलाने की जिम्मेदारी, भविष्य की चिंता, बच्चों के पालन-पोषण जैसी समस्याओं से निपटने और जिंदगी की सच्चाई का सामना करती पत्नियों के चित्रण में काफी कुछ अनूठापन है। वीर नारी को खुद भी यह समझने की जरूरत है कि कैसे उसके छोटे-छोटे बच्चे भविष्य की उन चुनौतियों से निपटेंगे, जिनका उन्हें भान तक नहीं है। सैन्य पत्नियों से भविष्य के लिए मजबूत होने, छोटे बच्चों की देखभाल करने और दयालु होने की अपेक्षा की जाती है। पर अपेक्षाओं का बोझ उठाना आसान नहीं होता है। एक सैनिक के न रहने पर सैनिक की पत्नियों को किन कठिनाइयों और चुनौतियों का सामना करना पड़ता है, साथ ही उनके परिवारवालों और समाज को उनके क्या- क्या अपेक्षाएँ होती हैं, इन सब ज्वलंत प्रश्नों पर इस पुस्तक में गंभीरता से विचार किया है। हमारे बलिदानी सैनिकों की उतनी ही त्यागी पत्नियों के समर्पण, संघर्ष और साहस की प्रेरक गाथा हैं ये कहानियाँ।
Ghar Ka Doctor
- Author Name:
Prempal Sharma
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Jaiprakash, Tum Laut Aao
- Author Name:
Smt. Mamta Mehrotra
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Sampoorna Sawasthya ke Liye Yoga
- Author Name:
Dr. Vinod Verma
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Teri-Meri Kahani (Hindi translation of A thing beyond forever)
- Author Name:
Novoneel Chakraborty
- Book Type:

- Description: कुछ प्रेम कहानियाँ...अंतरात्मा की कहानियाँ होती हैं। हर लड़की डॉ. राधिका शर्मा जैसी बनना चाहती है—शिक्षित, आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर और सशक्त। इन सबके बावजूद राधिका आहत है। वह अपने पहले प्यार रायन की मौत के सदमे से उबरने में असफल है। उसके जीवन में नौ साल का एक बीमार बच्चा अपने इलाज के लिए आता है, जो न सिर्फ उसपर मोहित है, बल्कि उससे लगातार सवाल-जवाब करते रहता है। उसके एक प्रश्न पर राधिका को रायन की व्यक्तिगत डायरी के पन्ने पलटने पड़ते हैं। डायरी पढ़कर उसे यह अनुभव होता है कि रायन और उस नन्हे मरीज में रहस्यमयी समानताएँ हैं। वह अपने आप को एक असामान्य स्थिति में घिरा पाती है। एक के बाद एक चौंका देनेवाले सच सामने आते हैं, जो यह सोचने पर विवश कर देते हैं कि कहीं दोनों अंतरात्माओं के बीच अनजाने आकर्षण की कोई खोई हुई कड़ी तो नहीं। 'तेरी-मेरी कहानी' ऐसी प्रेम-कहानी है, जो मानवीय संवेदनाओं की जड़ तक जाती है और इसकी जटिलता का हल निकालने में आत्मा को झकझोर देती है।
Chaitanya Mahaprabhu Aur Gaudiya Sampraday
- Author Name:
Dr. Deepka Vijayvargiya
- Book Type:

- Description: मध्यकाल के विषम और त्रासपूर्ण समय में विदेशी सत्ता के प्रभुत्व, स्वदेशी व्यभिचार के समावेश के कारण धार्मिक विकृति व धरमहारश तथा सामाजिक-सांस्कृतिक विखंडन का दंश झेल रही जनता के तारणहार बने मध्यकाल में अवतरित चैतन्य महाप्रभु, जिन्होंने न केवल विकृत व पतित होते वैष्णव धर्म को बचाया, वरन् जन-जन को सरल व सरस भक्ति तथा संकीर्तन स्वरूप युगधर्म का वह उपहार दिया, जो ज्ञान की दुरूहता, दर्शन की रहस्यमयता तथा कर्मकांड व पाखंडों की प्रबलता से सर्वथा रहित था। महाप्रभु की जन्मभूमि बंगाल के गौड़ प्रदेश से नवभक्ति-उन्मेष के साथ प्रवाहित हुए धर्म-साधना व भक्ति के स्वरूप ने 'गौड़ीय वैष्णव संप्रदाय' के रूप में एक नवीन संप्रदाय स्थापित कर दिया। प्रेम को सर्वोत्तम पुरुषार्थ रूप घोषित कर मानवधर्म के श्रेष्ठत्व को श्रीमहाप्रभु ने प्रतिपादित किया। मानव को परस्पर जोड़कर विश्वात्मक बनाने की प्रेरणा दी। चैतन्य-संकीर्तन तपित विश्व को जीवन के मधुर संगीत में रूपांतरित करने का प्रबल माध्यम है। प्रस्तुत पुस्तक 'चैतन्य महाप्रभु और गौड़ीय संप्रदाय' द्वारा गौड़ीय संप्रदाय से अवगत कराते हुए चैतन्य महाप्रभु के आदर्शों को आत्मसात् करने तथा चैतन्य की प्रेम शारदीया को आज की क्षत-विक्षत धरा पर उतारने की महती युगीन आवश्यकता को पूर्ण करने की ओर एक प्रयास है। श्रीचैतन्य महाप्रभु का जीवन कल, आज और कल के सुनहले संदर्भों का सुंदर समीकरण है।
Prerak Vachan Dadi Janki Ke
- Author Name:
Neville Hodgkinson
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
SBI PO Prelim Online Bharti Pareeksha Phase-I Prarambhik Pareeksha 15 Practice Sets
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Tishnagi (Diwan-A-Hafeez)
- Author Name:
Gaurav Krishna Bansal ‘Hafiz’
- Book Type:

- Description: तिश्नगी महज़ एक किताब नहीं है। यह आपकी दोस्त है। अगर आपके दिल में कोई जज़्बा है—प्यार, मसर्रत, अफसोस, गुस्सा या और भी कुछ—तो आप उसे इस दीवान में ज़रूर पाएँगे। कई बार ऐसा होता है कि हम अपने जज़्बे को लफ्ज नहीं दे पाते। अगर आपके अंदर जज़्बात हैं, तो बहुत मुमकिन है कि दीवान-ए-हाफज़ आपके जज़्बात को अल्फाज़ दे दे। अगर आप किसी से कुछ कहना चाहते हैं तो शायद ये किताब बड़ी तहज़ीब से, तरीके से अपनी बात कहने में आपकी मददगार साबित हो। ऐसा भी हो सकता है कि जो नए शोअरा अदब की दुनिया में कदम रख रहे हैं, उन्हें इस दीवान से कुछ सीखने को मिल जाए। इस किताब में उर्दू शायरी की तीनों सिनफें हैं—गज़ल, रुबाई और नज़्म। आप इस किताब के पन्ने पलटिए और बहुत मुमकिन है कि आपको किसी पन्ने पर आपकी खुशी बाँटती हुई कोई गज़ल, या आपके बिछड़े दोस्त को बुलाती हुई कोई नज़्म, या फिर आपकी उदासी को साझा करती हुई कोई रुबाई मिल जाए। दीवान-ए-हािफज़ एक तोहफा है उन सबके लिए, जिन्हें अच्छी शायरी पसंद है और उर्दू अदब से मुहब्बत है।
Samay Vachal Hai
- Author Name:
Devanshu Kumar Jha
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book