Prem Aur Shanti ka Marg
(0)
₹
125
₹ 100 (20% off)
Available
Ships within 48 Hours
Free Shipping in India on orders above Rs. 1100
Awating description for this book
Read moreAbout the Book
Awating description for this book
Book Details
-
ISBN9789351866992
-
Pages104
-
Avg Reading Time3 hrs
-
Age18+ yrs
-
Country of OriginIndia
Recommended For You
Rigvediya Shrisooktam
- Author Name:
Shrimad wishvaksenacharya tridandiswami virachita
- Book Type:

- Description: "हे भूदेव! जिनकी शुचिता गंगा को विलज्जित करती हो! तत्त्व-बोध में क्षीरसिंधु का गांभीर्य हो! आदेशोपदेश में ब्रह्मरात शुक्र शौनकादि की मधुरता हो! बहुआयामी अर्थबाहुल्य में सत्य वती नंदन की सतर्कता हो! ऐसे समाधिसिंधु अवगाहन विचक्षण क्रियायोग निष्णात् अनंत श्रीसमलंकृत अस्मर्द-दीक्षाचार्य पूज्य श्रीपाद स्वामीजी प्रणीत श्रीसूक्त एवं पुरुषसूक्त की मर्मबोधिनी व्याख्या के पंचम संस्करण को महाभागवतों की समाराधना में प्रस्तुत करते हुए श्रीविजयराघव मंदिर ट्रस्ट (रजि . ४५१०) को अत्यंत आह्लद हो रहा है। पूर्व में ये दोनों सूक्त दो खंडों में छपा था, जो अब एक ही आवरण में प्रस्तुत है। विष्णुपादोदकी सम पावन इस ग्रंथ -ग्रथन के संदर्भ में एक सहज वाणी स्फुटित हो साकांक्ष हो जाती है—" श्रीसूक्त और पुरुषसूक्त ग्रंथ की यह टीका मर्मबोधिनी और फलदायिनी है। इसमें श्रीसूक्त ऋचाओं की मार्मिक व्याख्या के साथ महालक्ष्मी पूजा-विधि, सचित्र श्रीचक्रम् सीतोपनिषद एवं सौभाग्यलक्ष्मी उपनिषद के वर्णन सहित पुरुष सूक्त मंत्र प्रयोगार्थ श्रीचक्राब्जमंडल की रचना एवं पूजा-विधि, विभांडक चरुविधि, ऋष्यशृंगोक्त संतानयाग विधि, उत्तर नारायणानुवाक् तैत्तिरीय पुरुषसूक्त, नारायणोपनिषद एवं मुदलोपनिषद का भी वर्णन है। हे देव! इस पंचम संस्करण का प्रकाशन आप श्रीपादपद्मो की सेवा कर जिन्होंने अन्वर्थ नाम 'श्रीपादसेवक' पाया, ऐसे 'श्री विजयराघव मंदिर ट्रस्ट' अध्यक्ष (डिहरीआनसोन रोहिताश्व, बिहार) वैकुंठवासी श्री सुदर्शनाचार्य ब्रह्मचारजी की पुण्य स्मृति में कराया गया है।
ANM Prashikshan Chayan Pariksha (Auxiliary Nurse Midwife Entrance Exam Hindi)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Paryavaran Shabdakosh
- Author Name:
Dr. Sudhir Kumar Mishra +1
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Uttar Pradesh Madhyamik Shiksha Seva Chayan Board Pravakta (PGT) Chayan Pareeksha, Shiksha Shastra Practice Sets in Hindi (UPSESSB PGT Education Book Hindi)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Madhya Pradesh Madhyamik Shikshak Patrata Pareeksha Ganit (MPTET Maths Guide Book)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Living With Type 1 Diabetes (The Complete Handbook Of Managing Type 1 Diabetes And Its Complications)
- Author Name:
Dr. Ashok Jhingan +1
- Book Type:

- Description: This book doesn’t have any desciption.
Civil Services Mein Safal Kaise Hon IAS IPS Kaise Bane
- Author Name:
Deepak Anand +1
- Book Type:

- Description: सिविल सेवाएँ देश की सबसे प्रतिष्ठित और महत्त्वपूर्ण सेवाएँ हैं। पढ़े-लिखे युवाओं में इनके प्रति विशेष आकर्षण रहता है। हर युवा इस मुकाम को पाना चाहता है। डेढ़ सौ करोड़ की जनसंख्या में से प्रति वर्ष करीब एक हजार सिविल सेवक चुने जाते हैं, जिनके लिए कई लाख उम्मीदवार आवेदन करते हैं। इन आँकड़ों से इन सेवाओं के प्रति आकर्षण और महत्ता को सहज ही समझा जा सकता है। इन सेवाओं के लिए उम्मीदवारों को त्रिस्तरीय कसौटी पर कसा जाता है। जो उम्मीदवार तीव्र आग सी तप्त इन कसौटियों पर खरा उतरता है, वही चुना जाता है और अपनी अनुपम आभा से देशसेवा का प्रण लेता है। प्रस्तुत पुस्तक सिविल सेवा में तैयारी की मार्गदर्शिका है। इसमें बताया गया है कि इन परीक्षाओं की तैयारी कैसे करें, अध्ययन के दौरान किन बिंदुओं को विशेषतः ध्यान में रखना है। कुल मिलाकर यह पुस्तक परीक्षार्थियों की ज्यादातर मुश्किलें आसान कर देती है। पुस्तक के लेखक स्वयं एक आई.ए.एस. हैं और सिविल सेवा परीक्षा में टॉपर रहे हैं।. यह पुस्तक उनके विस्तृत व गहन अनुभव का सार है, जो पाठकों के सामने है। प्रतियोगी परीक्षाओं के परीक्षार्थियों, अभ्यर्थियों और अपने करियर में सफल होने के लिए प्रबल इच्छाशक्ति रखनेवाले विद्यार्थियों के लिए एक अत्यंत उपयोगी पुस्तक ।
UP TGT Sanskrit 14 Practice Sets Uttar Pradesh Madhyamik Shiksha Sewa Chayan Board (UPSESSB TGT Sanskrit Practice Book)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Ram Sahitya Kosh : Vols. 1-2
- Author Name:
Yogendra Pratap Singh
- Book Type:

-
Description:
यह कोश केवल एक सन्दर्भ कोश मात्र नहीं है। यह समग्र भारत की राष्ट्रीय रागात्मक एकता का स्वयं में बृहत्तर तथा व्यापक साक्ष्य है। आप कल्पना करें, उस कालखंड की, जब भारत की समृद्धि एवं अखंडता पर विदेश हमले शुरू हुए। प्रारम्भिक स्थिति में शक, हूण, किरात, खास आभीर, यूनानी शक्तियों के भारत पर हमले हुए, जिनमें से कुछ तो भाग गए और कुछ हम भारतीयों के बीच रहते हुए पूरी तरह से भारतीय बन गए। इन सबके बावजूद, हमारा अपना भारत अभी तक अपनी इसी सांस्कृतिक अडिगता का साक्ष्य है।
लोकतांत्रिक व्यवस्था के बाद, हमारी सांस्कृतिक धरोहर देश की अस्मिता के ध्वज को एक बार फिर विश्वमंच पर फहराने लगी है और इसी आशा के साथ, आज समग्र भारत में शतियों-शतियों से सांस्कृतिक धरोहर बनी यह रामकथा 'राम साहित्य कोश' के रूप में आपके सामने रखी जा रही है। इस साहित्य कोश का उद्देश्य केवल भारतीयों के सामने समीक्षा कोश की प्रस्तुति का लक्ष्य नहीं है, अपितु इसके द्वारा यह सिद्ध करना लक्ष्य है कि राष्ट्रीय स्तर पर यह भारतीय संस्कृति, त्याग एवं शीलवादी आस्था बनकर हज़ारों-हज़ारों वर्षों से संचित आर्य संस्कारों की थाती हमें गहन-से-गहन संकटों में कैसे जीवित रहने के लिए संजीवनी शक्ति देती आ रही है। राम साहित्य कोश की इस प्रस्तुति का मन्तव्य भी यही है कि हम एक बार फिर अपनी भारतीय संस्कृति के त्यागवाद, परोपकारवाद, आस्थावादी अस्मिता को सबके सामने प्रस्तुत करके उन्हें इन मूल्यों से जोड़ने के लिए पुनः प्रेरित करें।
Super Cracker Series NTA CUET (UG) Sanskrit (CUET Sanskrit in Hindi 2022)
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Jawahar Navodaya Vidyalaya Book for Class 9 Entrance Exam -2024 JNV Book in Hindi
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
History of Indian English Literature
- Author Name:
M.K. Naik
- Rating:
- Book Type:

- Description: Indian English literature began as an interesting by-product of an eventful encounter in the late eighteenth cntury between a vigorous and enterprising Britain and a stagnant and chaotic India, and is now nealy twi hundred years old. It is literature written originally in English by authors Indian by birth, ancestry or nationality. It is no part of English literature any more than American literature or Australian lterature can be said to be branch of British literature. It is legitimatly a part of Indian literature, since its differntia is the expression in it of an Indian ethos.
BPSC TRE 4.0 Bihar Shikshak Bahali Class 11 To 12 Hindi Higher Secondary School Teacher | 20 Practice Sets with Latest Solved Papers | Based on NCERT & SCERT Syllabus - Book in Hindi
- Author Name:
Dr. Ranjit Kumar Singh
- Book Type:

- Description: BPSC TRE 4.0 Bihar Shikshak Bahali Class 11 To 12 Hindi Higher Secondary School Teacher किताब विशेष रूप से बिहार पब्लिक सर्विस कमीशन (BPSC) द्वारा आयोजित शिक्षक भर्ती परीक्षा के लिए तैयार की गई है। यह किताब कक्षा 11 और 12 के हिंदी विषय के लिए है और इसमें 20 प्रैक्टिस सेट्स शामिल हैं। इस किताब की प्रमुख विशेषताएँ निम्नलिखित हैं: Based on NCERT & SCERT Syllabus : किताब में दी गई जानकारी एनसीईआरटी और एससीईआरटी के पाठ्यक्रम के अनुरूप है, जिससे यह पाठ्यक्रम के सभी आवश्यक पहलुओं को कवर करती है। Latest Solved Papers : किताब में पिछले वर्षों के हल किए गए पेपर शामिल हैं, जो उम्मीदवारों को परीक्षा के पैटर्न को समझने और तैयारी को बेहतर बनाने में मदद करते हैं। 20 Practice Sets : इन सेट्स के माध्यम से छात्र अपनी तैयारी को टेस्ट कर सकते हैं और अपनी कमजोरियों को पहचान सकते हैं।
Prasad Kavya-Kosh
- Author Name:
Suchita Verma +1
- Book Type:

-
Description:
जयशंकर प्रसाद ने ब्रजभाषा और हिन्दी में कविताएँ रची थीं। छायावाद के वे श्रेष्ठ कवि और नाटककार हैं; मगर उनकी रचना-यात्रा छायावाद से एक दशक पहले से प्रारंभ हो चुकी थी। प्रसाद का देहांत और छायावाद का ‘युगांत’ लगभग एक साथ घटित हुआ था। छायावाद का अधिकतम प्रतिनिधित्व प्रसाद की रचनाएँ करती हैं।
‘कामायनी’, ‘आँसू’, ‘लहर’, ‘झरना’ आदि काव्य-पुस्तकों के साथ उनके नाटकों के गीतों को मिलाकर उनके कवि-व्यक्तित्व का मूल्यांकन किया जाता रहा है। प्रसाद का ब्रजभाषा काव्य उनके काव्य-संस्कार की बुनियाद को बनाता है और नाटकों के गीतों में इतिहास-सम्मत भावजगत बिखरा हुआ है। इस प्रभूत काव्य-संसार में शब्दों और पदबंधों की विविधता भरी-सजी है।
जयशंकर प्रसाद की समस्त काव्य-कृतियों में प्रयुक्त शब्दों और पदबंधों के आधार पर 'प्रसाद काव्य-कोश' का निर्माण किया गया है। प्रसाद के शब्द-प्रयोगों से जुड़ी काव्य-पंक्तियों को एक साथ पढ़कर अलग ढंग का आनंद आता है और उसके अर्थ की विभिन्न छायाओं को जानकर महसूस होता है कि हिन्दी की काव्य-भाषा कितनी समृद्ध है! प्रसाद के शब्द-संसार का सम्बन्ध संस्कृत, ब्रज और हिन्दी से भाषिक स्तर पर तो है ही, उनके ज्ञान का दायरा न जाने कितने ढंग के लोक और शास्त्र से जुड़ा है। उनके साहित्य में आया हुआ लोक अनेक कालखंडों से सम्बद्ध है। इन सब का प्रभाव उनके शब्द-संसार के वैविध्य और विस्तार पर पड़ा है।
गहरी साहित्यिक रुचि को आज भी प्रसाद का काव्य आकर्षित करता है। प्रसाद के पाठकों, अध्यापकों, विद्यार्थियों और शोधार्थियों को यह कोश अर्थ तक पहुँचने में मददगार होगा।
8000+ Objective Questions Objective Jharkhand with Budget 2025-2026
- Author Name:
Dr. Manish Rannjan
- Book Type:

- Description: Latest Current Affairs— for JPSC, JSSC, JTET, JSERC, SI, and all other Jharkhand competitive exams | Chapter-wise MCQs including solved papers from previous exams. The presented book, written by Dr. Manish Rannjan (IAS), provides all the information about Jharkhand in an objective questions format. The book is divided into three parts. Part-I compiles objective questions related to the state of Jharkhand, covering History, Literature, Educational Institutions, Sports, Land Laws, Economic Development, Industrial Development, Plans, Policies, Forests, Wildlife, Art & Culture, Environment, Disaster Management, Personalities of Jharkhand, Economy, Census, and Budget (2023-24), etc. Current affairs are included in a separate chapter for the convenience of candidates. Part-II provides 115 practice sets, allowing candidates to continuously evaluate their knowledge by practicing before the real exams. Part-III of the book includes solved papers from previous years that were part of various competitive examinations conducted since the formation of the state. The book contains a compilation of more than 7500 objective questions, making it special. The book is extremely useful for candidates preparing for various competitive exams and wishing to pursue their new careers with high aspirations.
1947 Ke Zakhma
- Author Name:
Rajeev Shukla
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
SSC CHSL COMBINED HIGHER SECONDARY LEVEL (10 + 2) TIER-I, ONLINE RECRUITMENT EXAMINATION, 2020 GENERAL INTELLIGENCE 46 CHAPTERWISE SOLVED PAPERS
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: SSC CHSL (10+2) Combined Higher Secondary Level TIER-I GENERAL INTELLIGENCE Online Recruitment Examination-2020 Based on the Latest Syllabus 46 Chapterwise Solved Papers (2017–19) Quick Revision
UPSC CSAT Samanya Adhyayan Paper-Ii Solved Papers 2011-2023
- Author Name:
Team Prabhat
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
UGC NET/JRF/SET PAPER-II SHIKSHASHASTRA 10 PRACTICE SETS
- Author Name:
Rakesh Sinha
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Virus Se Vaccine Tak
- Author Name:
Aditya Shrivastava
- Book Type:

- Description: कोरोना के साथ बीते शुरुआती एक साल की यादें, सबक़, सब याद रखा जाना चाहिए। इसलिए मेरे प्रिय अनुज, सहयोगी आदित्य की किताब ‘वायरस से वैक्सीन तक' की उपयोगिता आज तो है ही, पर जैसे-जैसे साल बीतेंगे इसकी उपयोगिता और बढ़ती जाएगी। -अशोक श्रीवास्तव, वरिष्ठ टीवी पत्रकार एवं लेखक ये किताब न सिर्फ़ कोरोनाकाल को देखने वाले बल्कि आने वाली पीढ़ी को उस दौर को जानने और समझने का सबसे सशक्त दस्तावेज़ है। पुस्तक में जिस संवेदना के साथ घटनाओं का वर्णन किया गया है वो पाठकों को उद्दवेलित करेगा, हमें स्वार्थी होने से रोकेगा। -सईद अंसारी, जाने-माने टीवी न्यूज़ एंकर कोरोना के आने से लेकर कोरोना के पैर पसारने और फिर वैक्सीनेशन तक के सारे कभी न भुलाये जाने वाले अनुभवों को पत्रकार और लेखक आदित्य ने हम सबके लिए सरल भाषा में संजोया है, इस समझाइश के साथ की इतिहास भूलने की नहीं सबक़ लेने की चीज़ है। -डॉ ब्रजेश राजपूत, वरिष्ठ टीवी पत्रकार एवं लेखक लेखक आदित्य श्रीवास्तव की तीसरी किताब है "वायरस से वैक्सीन तक"... पेशे से टीवी पत्रकार आदित्य श्रीवास्तव की ये तीसरी किताब साहित्य की ‘रिपोर्ताज’ विधा में प्रकाशित हुई है। आदित्य श्रीवास्तव ने इससे पहले जहाँ युवा पीढ़ी के जीवन के अंदर झाँककर उसके अंदर चलने वाले द्वंद्व को अपने एक उपन्यास 'द्वंद्व कहाँ तक पाला जाए' में लिखा तो वहीं एक कविता संग्रह 'तुम ही मैं हूँ' में हर व्यक्ति के अंदर के दूसरे और अदृश्य चेहरे को पाठकों के बीच रखा है। एक संवेदनशील पत्रकार होने की वजह से आदित्य के लेखन में मानव जीवन की संवेदनाएं बहुत सरल भाषा में महसूस की जा सकती हैं
Customer Reviews
Be the first to write a review...
0 out of 5
Book