Sewa Paramo Dharmah : Sant Ishwar Sadhako Ki Gaurav Gatha
Author:
Vrinda KhannaPublisher:
Prabhat PrakashanLanguage:
HindiCategory:
Self-help0 Ratings
Price: ₹ 320
₹
400
Available
समाज के प्रति अगाध समर्पण के क्रम में संत ईश्वर फाउंडेशन की स्थापना 22 नवंबर, 2013 को स्मृतिशेष श्री खैरातीलालजी के द्वारा हुई। खैरातीलालजी ने इस फाउंडेशन का नामकरण उस मूल आधार पर किया, जहाँ से उनमें समाज व राष्ट्र की सेवा के भावों का बीजारोपण हुआ था। खैरातीलालजी के पिताजी का नाम श्री संतराम खन्ना व माताजी का नाम श्रीमती ईश्वरी देवी था, जिनके नाम पर ही फाउंडेशन का नामकरण संत ईश्वर फाउंडेशन के रूप में सार्थक हुआ है।
'संत ईश्वर फाउंडेशन' सामाजिक एकता, सामाजिक समरसता, सार्वभौम शिक्षा, महिला एवं बाल कल्याण के साथ ही गाँवों और दुर्गम क्षेत्रों में निवासरत शिक्षा से वंचित साधनहीन गरीब लोगों के विकास के लिए एक संकल्पित न्यास है।
उपर्युक्त संकल्पों को सहज रूप से पूर्ण करने के लिए संत ईश्वर फाउंडेशन, राष्ट्रीय सेवा भारती से संबद्ध होकर 'संत ईश्वर सम्मान' कार्यक्रम तथा “विद्या भारती' के साथ संबद्ध होकर जम्मू एवं कश्मीर में शिक्षण संस्थानों के कार्यों द्वारा अपने सेवा अभियानों को और अधिक गति प्रदान करने हेतु निरंतर प्रयत्नशील है।
ISBN: 9789355214355
Pages: 344
Avg Reading Time: 11 hrs
Age: 18+
Country of Origin: India
Recommended For You
Ghogho Rani Kitta Paani
- Author Name:
Shaligram
- Book Type:

- Description: प्रस्तुत रचना रिपोर्ताजीय शैली की कलात्मक कृति है, जो अपनी कथा तथा उपकथाओं के छोटे-छोटे द्वीप बनाती आधुनिक तथा पौराणिक बिंबों का आदर्शोन्मुख वृत्त-चित्र उपस्थित करती है। रचना के अंतिम भाग में लोककथाओं के नायक अपने-अपने सुकर्मों की ध्वजा उठाए समाज के सिरमौर बने हुए हैं, जिसमें लोकनायक, लोरिक तथा लोकदेवता विशुराउत, कारूखिरहरि एवं दीनाभदरी के नाम शुमार में आते हैं, जिन्हें लेखक ने अपनी भाषिक पकड़ से बेहद रोचक बना दिया है। प्रस्तुत रचना में किस्सागोई तो है ही, लोकजीवन के विविध रंगों के साथ-साथ रागात्मक संवेदना भी उपस्थित है। रचना के प्रथम भाग में कोसी नदी के उद्गम, जल-ग्रहण क्षेत्र, प्रवाह मार्ग, इसकी विध्वंसक परिवर्तनशीलता, विभिन्न धाराएँ, गंगा में संगमन इत्यादि भौगोलिक, ऐतिहासिक, सांस्कृतिक एवं सामाजिक स्थितियों के रेखांकन के साथ-साथ इसकी विनाशलीला का भी विस्तार से वर्णन है। कोसी क्षेत्र संगीत-कला का भी गढ़ रहा है, जो सहरसा के अंतर्गत पंचगछिया घराने के नाम से जाना जाता है। मांगन कामति पंचगछिया राजदरबार के बेजोड़ ठुमरी गायक थे। उनकी प्रसिद्धि बिहार से बाहर तक फैली हुई थी। पं. ओंकारनाथ ठाकुर, विनायकराव पटवर्द्धन, पं. जशराज, फैयाज खाँ जैसे दिग्गज संगीतज्ञों ने उनकी प्रशंसा की है। कहा जाता है कि एक महफिल में सुप्रसिद्ध गायिका अखतरीबाई फैजाबादी (बेगम अख्तर) ने जब मांगन के बोल सुने तो बोल पड़ीं—‘‘अरे भाई, जिंदा रहने दोगे या नहीं!’’ क्या मधुर एवं जादुई आवाज थी उनकी। तभी तो वे पंचगछिया राजदरबार के तानसेन कहलाते थे।
Mobile & Computer Ke 100 Smart Tips
- Author Name:
Ankit Fadia
- Book Type:

- Description: "मारे फोन, कंप्यूटर और टैबलेट अधिक शक्तिशाली होते जा रहे हैं। लेकिन हम में से कितने उनका अधिक-से-अधिक और बेहतर उपयोग करने के तरीकों को जानते हैं? Best Selling लेखक अंकित फाडिया आपको बताएँगे कैसे— ज़् भविष्य में इ-मेल भेजें। ज़् अपने मोबाइल फोन पर आनेवाली अनावश्यक इनकमिंग कॉल को कैसे बाधित करें। ज़् धोखा देते हुए साथी को रँगे हाथों पकड़ें। ज़् आप अपनी कार पार्क की गई जगह याद रें। ज़् बच्चों के लिए अनुपयुक्त वेबसाइटों को कैसे ब्लॉक करें। ज़् अपने मोबाइल फोन पर कार्यों को ठीक से निर्धारित करें। सरल-सुंदर उदाहरण और सैकड़ों स्क्रीनशॉट्स से सज्जित यह पुस्तक आपकी एक सच्ची मित्र और साथी बनकर आज की कंप्यूटर-इंटरनेट की दुनिया में आपका विशिष्ट स्थान बनाने में सहायक होगी। इ-मेल, कंप्यूटर, सोशल नेटवर्क, वीडियो साइट्स और कंप्यूटर मोबाइल की दुनिया की सभी चीजों का सर्वश्रेष्ठ उपयोग करने के सरल और व्यावहारिक तरीके, टिप्स और ट्रिक्स बताती अत्यंत उपयोगी पुस्तक।
Dheeraj ka Jadu
- Author Name:
Sirshree Tejparkhi
- Book Type:

- Description: "धीरज के जादू से जुबान, कान, आँख, नाक और हाथ सब असली खुशी पाने का साधन बन जाते हैं। बिना धीरज यही इंद्रियाँ रोग और विकार का कारण बन जाती हैं। जैसे... जुबान - धीरज = साँप का जहर, गाली, बद्दुआ। जुबान + धीरज = विकास की सीढ़ी, रिश्तों में मिठास कान - धीरज = युद्ध का मैदान, शोर कान + धीरज = सत्य श्रवण का द्वार आँख - धीरज = माया का विज्ञापन आँख + धीरज = करुणा की लहरों का महासागर नाक - धीरज = डर, यम का बैल, कम साँसें नाक + धीरज = प्राणायाम, लंबा स्वस्थ जीवन हाथ - धीरज = पाप कर्म हाथ + धीरज = महानिर्वाण निर्माण का साधन धीरज में ताकत है, धीरज में जादू है। धीरज निरंतर प्रयास है, प्रहार है, जो हर मुसीबत से आपको निकाल सकता है। हर कार्य के साथ यदि धीरज जुड़ जाए तो जीवन सीधा, सहज, सरल बन सकता है। इसलिए जरूरी है कि आप धीरज पाने के लिए धीरज के साथ प्रयत्नशील रहें। कुछ नहीं करना, केवल इंतजार करना धीरज नहीं है। तो सवाल आ सकता है कि यह कैसे करें? जवाब बिल्कुल आसान है। इसके लिए आपको केवल यह पुस्तक पढ़कर इसमें दिए गए मार्गदर्शन को अपने दैनिक जीवन में उतारना है। www.watchwaitandwonder.com यानी थोड़ा देखें, थोड़ा इंतजार करें, मगर आश्चर्य के साथ!"
Champion Hain Hum
- Author Name:
Devendra Tak +1
- Book Type:

- Description: ध्यान से देखो, हर बच्चे के ख़्वाब में पंख फड़फड़ाता एक पंक्षी है; उसे पहचानों, उसकी क़द्र करो। वह तुम्हारे लिए असमान रचने वाला है। ये उन बच्चों की सच्ची और प्रेरक कहानियाँ हैं, जिनसे यह अपेक्षा भी नहीं की जा सकती थी कि वे अपने परिवार और परिवेश में कोई बदलाव ला सकते हैं। मगर यही बात तो इन्हें ख़ास बनाती है। इनकी कहानियाँ बताती हैं कि हर बच्चे के भीतर सौन्दर्य, प्रेम और न्याय की चेतना मौजूद होती है। इसलिए वे परम्परा से चली आ रही बुराइयों को ज्यों का त्यों स्वीकार नहीं कर लेते, कुछ इनके ख़िलाफ़ खड़े भी होते हैं। ऐसा हमेशा होता आया है। और होता रहेगा। एक जीवंत समाज को चाहिए कि अपने बच्चों को सिर्फ़ सिखाये ही नहीं, उनसे सीखे भी।
Jaisa Manushya Sochta Hai
- Author Name:
James Allen
- Book Type:

- Description: "जैसा मनुष्य सोचता है" (As a Man Thinketh) - जेम्स एलन द्वारा लिखित, एक अद्भुत सोचने की शक्ति के महत्वपूर्ण ग्रंथ। यह पुस्तक एक व्यक्ति की मानसिक अवस्था को उसके सोचने के तरीके द्वारा व्यक्त करती है और विश्वास करती है कि मनुष्य की सोच उसके भविष्य को निर्मित करती है। इस पुस्तक में जेम्स एलन अपने सिद्धांतों के माध्यम से प्रदर्शित करते हैं कि एक व्यक्ति के विचारों में समझदारी और सकारात्मकता भरे अनुभवों का संग्रह होता है, जिससे वह अपने जीवन को समृद्ध और सफल बना सकता है। यह पुस्तक साधारण भाषा में लिखी गई है, जिससे पाठक आसानी से इसके सिद्धांतों को समझ और अपने जीवन में उन्हें अमल कर सकते हैं। "जैसा मनुष्य सोचता है" एक अनमोल पुस्तक है जो समझदार और सकारात्मक सोच के महत्व को साझा करती है, जिससे पाठक अपने जीवन के रूपरेखा में सकारात्मक परिवर्तन ला सकते हैं। यह उन व्यक्तियों के लिए एक आवश्यक पठन है जो अपने सपनों को प्राप्त करने और सफलता के मार्ग में अग्रसर होना चाहते हैं।
Jeene Ki Jid
- Author Name:
Dr. Ramesh Agarwal
- Book Type:

- Description: खुशियों का एक बड़ा फॉर्मूला हमारे प्राचीन दर्शन और संस्कृति में बार-बार दोहराया गया है। यह सच है कि प्रतिस्पर्धा के नए दौर में प्राचीन दर्शन में कही गई इच्छाओं के दमन, त्याग और सन्यास की बातें बेमानी-सी लगती हैं, मगर इसका यह अर्थ कतई नहीं कि पूर्व में कही गई इन बातों का कोई महत्त्व नहीं। समय की कसौटी पर कसी हुई ये प्राचीन शिक्षाएँ आज भी उतनी ही तर्कसंगत और उपयोगी हैं जितनी कि पहले कभी हुआ करती थीं। इच्छाओं की अनियंत्रित उड़ान एक सीमा के बाद निराशा, दु:ख और अवसाद का कारण बनती ही है, मगर दूसरी तरफ इच्छाओं का कुशल प्रबन्धन सफलता के सफर का शक्तिशाली ईंधन बन सकता है। खुशी और सफलता, दोनों का साथ मिले, इसके लिए जरूरी है कि हम अपने लक्ष्य और इच्छाओं की सीमा स्वयं ही तय करें।
Power Of Mind Mastery With NLP
- Author Name:
Manmohan Dutt
- Book Type:

- Description: इस पुस्तक में विशेष रूप से आध्यात्मिक शक्ति, मैत्रीपूर्ण संबंध बनाने और पेरेंटिंग की चर्चा है। यह आध्यात्मिकता, आध्यात्मिक शक्ति और दैनिक अनुष्ठानों के प्रति समर्पित है। व्यावहारिक सोच और दैनिक अभ्यास से कुशाग्र मन को जाग्रत् करना और आशा के अनुरूप असाधारण परिणामों को प्राप्त करना संभव होगा। यह पुस्तक व्यक्तित्व के समग्र विकास का साधन है जिससे इच्छाओं को वास्तविकता में बदला जा सकता है। यह पुस्तक उन समस्याओं के समग्र समाधान के ताले को खोलनेवाली ऐसी मास्टर कुंजी है, जिनका सामना आज के छात्र करते हैं। इसकी सहायता से वे तुरंत सीखने, याद रखने, और पढ़ने में लगनेवाले समय को कम करने में सक्षम होते हैं, जिसका इस्तेमाल वे नए-नए कौशल सीखने और रुचियों को विकसित करने में कर सकते हैं। इस पुस्तक में मस्तिष्क और याददाश्त की मौलिक बातों को मूल तरीकों के साथ बताया गया है। साथ ही, मस्तिष्क की अच्छी सेहत के लिए बेहद आसान याददाश्त के व्यायाम भी दिए हैं। NLP के माध्यम से अपने मस्तिष्क पर नियंत्रण करके व्यावहारिक तकनीकें अपनाकर जीवन में सफलता पाने के लिए हर आयु वर्ग के व्यक्ति के लिए एक आवश्यक पुस्तक।
Spoken English Digest
- Author Name:
Rashmeet Kaur
- Book Type:

- Description: भाषा संवाद का माध्यम है। बोलियाँ क्षेत्र-विशेष तक सीमित रहती हैं, वहीं भाषाएँ बढ़ते संचार माध्यम के सहारे अपनी क्षेत्रीय सीमाएँ तोड़कर प्रांतीय, देशीय और अंतरराष्ट्रीय बन जाती हैं। आज अंग्रेजी भाषा को इसी श्रेणी में रखा जा सकता है। यह न केवल अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लोगों को परस्पर जोड़ रहीं है, बल्कि बैंक, अस्पताल, स्कूल, कोर्ट, हवाईअड्डों इत्यादि स्थानों पर संचार और संवाद की प्रमुख भाषा के रूप में प्रयुक्त होती है। इतना ही नहीं अंग्रेजी आज रोजगार की भी प्रमुख भाषा बन गई है। अच्छी अंग्रेजी के ज्ञान के लिए अंग्रेजी बोलने की शुरुआत अपने घर से ही की जाए तो सबसे बढ़िया है, क्योंकि यहाँ बोलचाल का अभ्यास बेझिझक किया जा सकता है। प्रस्तुत पुस्तक में इसी तरह के अभ्यास से अंग्रेजी सिखाने की शुरुआत की गई है, जो बोलने, सीखने और व्यवहार में बेहद सरल है। छोटे-छोटे सरल वाक्यों द्वारा बैंक, घर, अस्पताल, रेलवे पूछताछ, हवाई अड्डों, दुकानों आदि पर किए जानेवाले संवाद को अंग्रेजी के सरल वार्त्तालाप द्वारा समझाया गया है। इसके नियमित अभ्यास से आप कुछ ही दिनों में ही अंग्रेजी बोलने में सक्षम हो सकते हैं।
Beemar Hona Bhul Jaiye
- Author Name:
Dr.Abrar Multani
- Book Type:

- Description: अगर हम केवल साँस लेने की सही विधि का पालन कर लें तो सैकड़ों बीमारियों से बच सकते हैं। कुछ देर योग एवं व्यायाम करके यदि हम अपनी रीढ़ और जोड़ों को सही स्थिति में ले आते हैं तो आठ से दस घंटे रोज़ाना गलत स्थिति में सो कर इन्हें कितना विकृत कर देते होंगे। यदि हम सोने की स्थिति सही कर लें तो यक़ीन कीजिए यह उतना ही लाभदायक होगा जितना कि आठ से दस घंटे का व्यायाम। वास्तविक व्यायाम वह है जिसमंे किसी भी उपकरण जैसे डंबल्स या मशीन आदि की आवश्यकता न पड़े, क्योंकि सभी जानवर बिना किसी उपकरण के प्राकृतिक व्यायाम और दिनचर्या से ही स्वयं को स्वस्थ और शक्तिशाली बनाकर रखते हैं। यदि रुपयों से शरीर के अंग मिलजाते तो क्या स्टीव जॉब्स अपने लिए एक लिवर और पैंक्रियाज नहीं ख़रीद लेते? इसलिए हमेशा याद रखें कि यदि आपके पास एक स्वस्थ लिवर और पैंक्रियाज हैं तो आप एप्पल के संस्थापक स्टीव जॉब्स से ज़्यादा धनी हैं। कुछ वर्ष पहले ही हमने हमारे भोजन में 4 स्वादिष्ट, सुंगंधित और सुंदर ज़हर मिलाए हैं और अब भी रोज़ाना इन्हें खा रहे हैं। इनके मिलाने के बाद हमारे शरीर में कई घातक परिवर्तन हुए हैं।
As A Man Thinketh
- Author Name:
James Allen
- Book Type:

- Description: जेम्स एलन का जन्म 1864 में लीसेस्टर, इंग्लैंड में हुआ। अपनी पहली किताब, 'फ्रॉम पॉवर्टी टू पॉवर' पूरी करने के बाद वे इल्फ्राकूम्ब में रहने चले गए। जहाँ उन्होंने अपनी यह अमर कृति जैसा मनुष्य सोचता है (Asa Man Thinketh)' लिखी जो कि उनकी कालजयी रचना है। यह पुस्तक 1902 में प्रकाशित हुई और इसे सेल्फ हेल्प किताबों की क्लासिक माना जाता है। इस पुस्तक को जेम्स एलन की पत्नी लिली ने प्रकाशित करवाया था। एलन का लेखक जीवन काफी छोटा रहा सिर्फ़ 9 साल का। 1912 में 48 वर्ष की उम्र में एलन इस दुनिया को छोड़ कर चले गए।
Jeene Ke Nuskhe, Buddy Se Seekhen
- Author Name:
Manjeet Hirani
- Book Type:

- Description: आकर्षक ढंग से बताया गया और खूबसूरती से सचित्र वर्णित हुआ मनजीत हिरानी अपनी बात पर एकदम अटल थीं कि कोई कुत्ता उनके घर के अंदर नहीं आएगा; लेकिन यह प्रण तब तक ही था, जब तक बड्डी उनके दरवाजे पर नहीं आया था। एक दिन दरवाजे की घंटी बजी। उनके पति राजकुमार हिरानी, जिन्होंने अभी बस ‘पी.के.’ की शूटिंग खत्म ही की थी, ने अपने बेटे के लिए एक पार्सल भेजा। वह एक बहुत ही प्यारा पिल्ला था—वह जिसने फिल्म ‘पी.के.’ में निराशाग्रस्त कुत्ते का रोल निभाया था। मनजीत को बड्डी को अपनाने और प्यार करने में ज्यादा वक्त नहीं लगा। इस पुस्तक में उन्होंने लगाव, अभिभावकता और कर्म के बारे में लिखा है—काफी और बातों के साथ। उन्होंने दिखाया है कि किस तरह घर में एक कुत्ते के आगमन से जिंदगी जीने का हमारा नजरिया और हमारी सोच बदल सकती है। यह आकर्षक और दिल को छू जानेवाली पुस्तक है—अपने हलके-फुलके तथ्यों के साथ, जो जिंदगी के प्रति हमारे उदासीन दृष्टिकोण को कम करेगी। प्रेम, करुणा, परोपकार तथा मानवीयता जैसे जीवन-तत्त्वों को सरलता से सिखाने की अद्भुत क्षमतावाली अत्यंत प्रेरक व पठनीय पुस्तक।
Jeevanshatak
- Author Name:
Rajesh Prakash
- Book Type:

-
Description:
आज की भागम-भाग और चमक-दमक की जिन्दगी में पैसा है, गाड़ी-घोड़ा है, बँगला है, ए.सी. है, पद-प्रतिष्ठा है, बैंक बैलेंस, फैशन और न जाने क्या-क्या है! फिर भी आँखों से रातों की नींद गायब है। मन अशान्त है। मूड खराब है। डिप्रेशन एक पैनडेमिक के रूप में मानव जाति को खुली चुनौती दे रहा है। डॉक्टरों और मनोचिकित्सकों के पास इलाज के नाम पर बहुत थोड़े बिकाऊ टिप्स और कुछ ट्रैन्कुलाइजर्स ही उपलब्ध हैं। अब लाख टके का सवाल यह है कि क्या तड़पती हुई मानव जाति को इन्हीं मनोचिकित्सकों और नींद की पेटेंट दवा देने वालों के सहारे छोड़ दिया जाए? या हमें कुछ ऐसा करना होगा कि हमारे जीवन में सुख और शान्ति अपने मूल रूप में वापस आ सकें।
दिगम्बर बन्दर से सूटेड-बूटेड मॉडर्न मानव बनने तक के करोड़ों वर्षों के सफर में हम विज्ञान, तकनीक एवं सुपर कम्प्यूटर के दम पर भस्मासुरी परमाणु बम तक बना चुके हैं। इस भूमंडल पर कुल मिलाकर जीवित प्राणियों की चौरासी लाख प्रजातियाँ बताई जाती हैं। उनमें से केवल इंसान ही इतना बलवान शैतान निकला, जिसने प्रकृति की ‘ग्रेविटी’ का शाश्वत नियम तोड़ दिया। वह पृथ्वी की कक्षा से बाहर भी छलाँग लगाने में सफल हो गया। ‘ग्रेविटी’ के अटल प्राकृतिक विधान को ध्वस्त करते हुए वह मंगल ग्रह पर भी अपनी दस्तक दे चुका है।
इतने बड़े-बड़े कारनामे करते-करते हम शायद यह भूल ही गए कि औसतन 70 किलोग्राम के मनुष्य-शरीर में लगभग 1 किलोग्राम से भी कम वजन वाले अति जटिल ब्रेन-पिंड के लिए कुछ और भी चाहिए। उसको विकास की अंधी दौड़ न तो वर्तमान में दे पा रही है और न ही भविष्य में दे पाएगी। मन व्यथित है। दिलो-दिमाग पर अवसाद के काले बादल घनघोर घटाओं के रूप में छाये हुए हैं। लोग आए दिन आत्मघात कर रहे हैं। इस अवसाद की महामारी ने भारतीय परम्परा में जन्म-जन्मान्तर तक टिकाऊ माने जाने वाले पति-पत्नी के सम्बन्धों में भी उथल-पुथल एवं टूटन मचा दी है। अब दावे के साथ कोई यह नहीं कह सकता कि आज सम्पन्न हुआ शुभ विवाह कब अशुभ तलाक में नहीं बदल जाएगा? आखिर किसी को तो आगे आना होगा, जो मनुष्य जाति के लिए असाध्य साबित हो रही मानसिक अव्यवस्था को व्यवस्थित करने का मार्ग प्रशस्त कर सके।
दुनिया में सर्वकाल और सर्वसमाज में मानव व्यथा को निवारित करने के लिए विद्वान एवं एकेडेमिया रास्ता दिखाते रहे हैं। इसी कड़ी में ‘जीवनशतक’ नामक इस पुस्तक में आज की दुनिया में मानव जीवन के समक्ष खड़ी चुनौतियों का सामना करने एवं सद्जीवन का शतक पूरा करने के लक्ष्यार्थ कथ्य को 100 अध्यायों में समाहित किया गया है।
Apni Personality Ko Pehchane
- Author Name:
Dr. Ashutosh Karnatak
- Book Type:

- Description: व्यक्ति की पर्सनैलिटी और व्यक्तित्व की पहचान कराती है उसकी राशि, सूर्य चिह्न, अंक विज्ञान, हस्ताक्षर तथा मुखाकृति। वर्गों के आधार पर समुचित विश्लेषण के पश्चात् अपनी पहचान पाठक कर सकते हैं कि उनका व्यक्तित्व एवं जीवनक्रम किस तरह का रहेगा। उसी आधार पर वे अपने जीवन का प्रबंधन कर सकते हैं। यदि व्यक्ति विशेष सामाजिक, सफल व प्रबंधन में सक्षम है तो उस गुण के अनुसार कार्य में लगाने से सफलता मिल सकती है। यदि कोई कर्मचारी नेतृत्व क्षमता रखता है तो उसके गुण का प्रयोग ऐसे समय में किया जा सकता है, जिस समय उसकी आवश्यकता हो। अभिभावकगण अपनी संतानों के गुणों के आधार पर उनकी शिक्षा इत्यादि की व्यवस्था कर सकते हैं, जबकि पति-पत्नी अपने जीवनसाथी के गुणों को जानकर अपना जीवनयापन कर सकते हैं। कर्मचारी अपने अफसर के गुणों को जानकर अपनी कार्यप्रणाली नियत कर सकते हैं। किसी संस्था का प्रबंध निदेशक अपने सहयोगियों के गुणों के आधार पर उनको समुचित स्थान दे सकता है। विश्वास है, इस पुस्तक का अध्ययन कर पाठक अपने गुणों का समुचित विश्लेषण कर, उसका समुचित लाभ उठाकर इस छोटी सी जीवन-अवधि को सफल बनाएँगे तथा समाज में अपनी पहचान बनाएँगे।
KALAM SIR KE SUCCESS PATH
- Author Name:
Surekha Bhargava
- Book Type:

- Description: कलाम सर प्रेरणा और सम्मान की प्रतिमूर्ति थे। इस पुस्तक में शिक्षाओं व उनकी प्रार्थनाओं को शब्दों में पिरोने की कोशिश की गई है। एक ऐसी माला बनाई गई है, जिसके मन के आपके मन को अंदर से छूने की कोशिश करेंगे। और अगर आप इजाजत देंगे, तो ये आपके मन-मस्तिष्क में ऐसा मंथन शुरू करेंगे, जिसके अंत में आप अपनी पसंद की सफलता का माखन चख ही लेंगे। कलाम सर के ये पाठ हर उस व्यक्ति के लिए हैं, जो सपने देखता है, उन सपनों के लिए कुछ करना चाहता है, कठिनाइयों से ऊपर उठना चाहता है, कुछ बनना चाहता है और कुछ कर गुजरना चाहता है। ये कविताएँ उसी मन को उठाने का प्रयास है, जो सक्षम है, और ‘जो’सिर्फ ‘जो’ कलाम सर के भारत को विकसित देशब नाने के स्वप्न को पूरा कर सकता है। ये कविताएँ आह्वान हैं कि आइए, कलाम सर के इस सपने को हम सब व्यक्तिगत रूप से लें और न केवल अपनी सफलता के लिए सतत प्रयास करें बल्कि यदि अपने आस-पास किसी को कोई भी सपना बुनते देखें और उसको कुछ करते देखें तो उसको प्रोत्साहित करें, उसका साथ दें। कुछ ऐसा करें कि हर दिल में तिरंगा लहराने की बात, कलाम सर जिस शान से किया करते थे, उसका मान रह जाए। सफलता पर जब हमारा ध्यान हो तो हमें कैसा बनना है, कैसे अपने मूल्यों से कोई समझौता नहीं करना है और कैसे कठिन परिस्थितियों व परिश्रम के बीच भी खुद को कोमल बनाए रखना है, ये सब बातें ही डॉ. कलाम लगातार सिखाते थे। इसके अंदर आई कविताएँ संक्षेप में उनके नजरिए को पेश करने की छोटी सी कोशिश है। आइए, इसी अग्नि को हम भी अपने-अपने दिलों में प्रज्वलित करें और अपने आपसे यह वादा करें कि इन पाठों को सीखकर, सिखाकर और सफलता का जिम्मा उठाकर हम भी अपने जीवन को सार्थक करेंगे और देश को एक विकसित देश बनाने में योगदान देंगे।
Thalua Club and Phir Nirasha Kyon?
- Author Name:
Babu Gulab Rai
- Book Type:

- Description: साहित्यकारों के विचार ‘‘पहली ही भेंट में उनके प्रति मेरे मन में जो आदर उत्पन्न हुआ था, वह निरंतर बढ़ता ही गया। उनमें दार्शनिकता की गंभीरता थी, परंतु वे शुष्क नहीं थे। उनमें हास्य-विनोद पर्याप्त मात्रा में था, किंतु यह बड़ी बात थी कि वे औरों पर नहीं, अपने ऊपर हँस लेते थे।’’ —राष्ट्रकवि मैथिलीशरण गुप्त ‘‘बाबूजी ने हिंदी के क्षेत्र में जो बहुमुखी कार्य किया, वह स्वयं अपना प्रमाण है। प्रशंसा नहीं, वस्तुस्थिति है कि उनके चिंतन, मनन और गंभीर अध्ययन के रक्त-निर्मित गारे से हिंदी-भारती के मंदिर का बहुत सा भाग प्रस्तुत हो सका है।’’ —पं. उदयशंकर भट्ट ‘‘आदरणीय भाई बाबू गुलाब रायजी हिंदी के उन साधक पुत्रों में से थे, जिनके जीवन और साहित्य में कोई अंतर नहीं रहा। तप उनका संबल और सत्य स्वभाव बन गया था। उन जैसे निष्ठावान, सरल और जागरूक साहित्यकार बिरले ही मिलेंगे। उन्होंने अपने जीवन की सारी अग्नि परीक्षाएँ हँसते-हँसते पार की थीं। उनका साहित्य सदैव नई पीढ़ी के लिए प्रेरक बना रहेगा।’’ —महादेवी वर्मा ‘‘गुलाब रायजी आदर्श और मर्यादावादी पद्धति के दृढ समालोचक थे। भारतीय कवि-कर्म का उन्हें भलीभाँति बोध था। विवेचना का जो दीपक वे जला गए, उसमें उनके अन्य सहकर्मी बराबर तेल देते चले जा रहे हैं और उसकी लौ और प्रखर होती जा रही है। हम जो अनुभव करते हैं—जो आस्वादन करते हैं, वही हमारा जीवन है।’’ —पं. लक्ष्मीनारायण मिश्र ‘‘अपने में खोए हुए, दुनिया को अधखुली आँखों से देखते हुए, प्रकाशकों को साहित्यिक आलंबन, साहित्यकारों को हास्यरस के आलंबन, ललित-निबंधकार, बड़ों के बंधु और छोटों के सखा बाबू गुलाब राय को शत प्रणाम!’’ —डॉ. रामविलास शर्मा
Murder Procrastination
- Author Name:
Sanjay Kumar Agarwal
- Rating:
- Book Type:

- Description: This is a unique book of its kind dealing with Procrastination at its core. This book revolves around understanding the brain’s mechanism behind ‘why’ & ‘where’ we procrastinate and how we can use the power of our subconscious mind to overcome inner procrastination — the silent killer. The author has also shared how to use the ‘GOPTA Mindset’ to overcome the unresourceful tendency of procrastination and install the anti-virus of 3 Stage ‘Prioritisation System’ in your subconscious mind so that you enhance your productivity and boost your profitability in whatever you do. The author has explained the chemistry of the brain related to procrastination and how you can utilize the power of your subconscious mind to overcome procrastination so that you move towards the life of your dreams at a faster pace. He has dealt in detail with the factors behind procrastination and strategy to overcome each of them separately.
Motape Se Breakup
- Author Name:
Dr.Abrar Multani
- Book Type:

- Description: This Books doesn’t have a description
Satya-Vrat Katha
- Author Name:
Pt. Vijay Shankar Mehta
- Book Type:

-
Description:
यह प्रबन्धन का युग है। हर क्षेत्र में हर बात में प्रबन्धन है। जीवन में सफलता अर्जित करने के जितने सूत्र हैं, उनमें से एक प्रमुख है सत्य और सत्य का भी अपना प्रबन्धन होता है। वैसे तो ‘श्रीसत्यनारायणव्रतकथा’ बहुत प्राचीन है लेकिन इसमें प्रबन्धन के जो सूत्र आए हैं, वे बिलकुल नवीन हैं, आज के लिए उपयोगी हैं और हर क्षेत्र में सफलता को सुनिश्चित करते हैं। इस कथा में पाँच अध्याय हैं और प्रत्येक में प्रबन्धन के गूढ़ सूत्र हैं। पहले अध्याय में सेवा प्रबन्धन, दूसरे में सम्पत्ति प्रबन्धन, तीसरे में सन्तान प्रबन्धन, चौथे में संघर्ष प्रबन्धन और पाँचवें में संस्कार प्रबन्धन को देखा जा सकता है।
हम देख रहे हैं कि वर्षों से अनेक परिवारों में, कई स्थानों पर ‘श्रीसत्यनारायणव्रतकथा’ हो रही है। हमने ही इसको एक पारम्परिक, पारिवारिक और सामान्य-सा धार्मिक आयोजन बना दिया है। या तो हम स्वयं कथा करते हैं या किसी विद्वान् से करवाते हैं। पंडित जी आते हैं, संस्कृत या हिन्दी में कथा करते हैं। घर की महिलाएँ रसोईघर में प्रसाद बनाने में व्यस्त रहती हैं। बच्चे इस दिन जितना हो सके उपद्रव कर लेते हैं। यजमान या तो फ़ोन सुनेंगे या कौन आया, कौन नहीं आया यह सब देखने में ही उनका समय बीत जाता है। कथा आरम्भ होती है, कथा समाप्त हो जाती है। हमने इसको एकत्र साधारण-सा आयोजन बना दिया है। यह कथा ऐसी सामान्य कथा नहीं है। इस कथा के पीछे भाव यह है कि जीवन में ‘सत्य’ उतरे। इस कथा में दो प्रमुख विषय हैं। एक है संकल्प की विस्मृति और दूसरा है प्रसाद का अपमान। संकल्प की विस्मृति और प्रसाद का अपमान ये दो थीम हैं, जिनके आसपास यह कथा चलती है। संकल्प, जीवन में सत्य उतारने का। इसका प्रसाद क्या है? क्या पंजीरी या शुद्ध घी में बना हुआ हलवा...? वास्तव में ‘श्रीसत्यनारायणव्रतकथा’ का प्रसाद है ‘सत्य’।
तो जीवन में जो भी सत्य को विस्मृत करेगा, जब-जब भी उसको भूल जाएगा, तब-तब परेशानी में पड़ेगा। जीवन में जब-जब भी हम सत्य के प्रसाद का अपमान करेंगे यानी सत्य का अपमान करेंगे, तब-तब हम अपने-आप को संकट में पाएँगे। इस कथा में जो प्रसंग आए हैं यदि उनके भाव को ठीक से समझा जाए तो स्पष्ट सन्देश निकलकर आता है कि यह सत्य के अन्वेषण की कथा है। इसमें विशेषता है कि सत्य के साथ नारायण जोड़े गए हैं। सत्य को नारायण का भगवान् का टेका, सहारा, आधार और बल दिया गया है।
Safalta 360 Degree | Easy Way To Live Life Motivational Book in Hindi
- Author Name:
Rajesh Yadav
- Book Type:

- Description: जीवन में सभी सफल होना चाहते हैं और सबके लिए अपनी-अपनी सफलता के अलग-अलग मायने होते हैं, जो उचित अनुचित भी हो सकते हैं। अगर सफलता के सही मायने, सही तरीके अपनाए जाएँ तो ही जीवन सार्थक हो सकेगा- नहीं तो बहती नदी की धारा और बीते समय को कोई नहीं रोक सकेगा। इस पुस्तक का उद्देश्य अपने पाठकों से अपने अनुभव, अपनी समझ और अपनी विचारधारा से जोड़ने का है। भाषा बिल्कुल सामान्य और साधारण भाषा में होने के कारण पुस्तक की विषयवस्तु सीधे दिल में उतर जाती है। इस पुस्तक में सफलता के अनेक पहलू, उन्हें प्राप्त करने के सही तरीके, व्यक्तित्व विकास, उत्कृष्ट समाज-निर्माण और सुंदर संबंधों की प्राप्ति पर आकर्षक रूप से प्रकाश डाला गया है। आप जैसे-जैसे पृष्ठों को पढ़ते जाएँगे, समझते जाएँगे और जीवन में उतारते जाएँगे तो अवश्य ही सार्थकता, संपन्नता, सरलता और स्वास्थ्य को पा लेंगे। इस पुस्तक के कुछ ऐसे विचार पाठकों के भीतर घर कर गए तो वे विचारों की सेना का निर्माण कर सकते हैं, जो आपको आपकी अनुचित शारीरिक आदतों, अनुपयोगी मान्यताओं और निरर्थक सोच-विचारों को बाहर कर एक लक्ष्यवान, स्वाभाविक जीवन जीने के लिए प्रेरित कर सकेंगे। आप अपने भीतर आशा की चिनगारी जला लें, आत्मविश्वास का अंगारा डालें और जीवन में सफलता की ज्वाला को दहकने दें। सफलता प्राप्त करने के व्यावहारिक गुरुमंत्र देकर सकारात्मक सोच विकसित करने में सहायक एक उपयोगी पुस्तक।
Safal Manager Kaise Banen
- Author Name:
Promod Batra
- Book Type:

- Description: Awating description for this book
Customer Reviews
0 out of 5
Book
Be the first to write a review...